Category: राज्य

  • रांची के 32 पुलिस थानों में CCTV नहीं, हाईकोर्ट ने गृह सचिव और DGP से मांगी समय-सीमा

    रांची के 32 पुलिस थानों में CCTV नहीं, हाईकोर्ट ने गृह सचिव और DGP से मांगी समय-सीमा

    रांची
    झारखंड हाई कोर्ट जस्टिस एसएन प्रसाद और जस्टिस अखिल कुमार की अदालत में रांची जिले के सभी पुलिस थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाने से संबंधित मामले में सोमवार को सुनवाई हुई। खंडपीठ ने सुनवाई के दौरान मौखिक रूप से कहा कि सीसीटीवी कैमरे नहीं होने के कारण रांची में चेन छिनतई जैसी घटनाएं बढ़ रही हैं।

    सड़क दुर्घटनाओं के बाद भी वाहन चालक मौके से बचकर निकल जाते हैं। ऐसे में अपराध पर नियंत्रण और दुर्घटनाओं में शामिल वाहनों की पहचान के लिए सीसीटीवी कैमरों का चालू रहना जरूरी है। कोर्ट ने सरकार से पूछा कि रांची के जिन 32 पुलिस थानों में अब तक सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए गए हैं, वहां कब तक कैमरे लगा दिए जाएंगे।

    अदालत ने गृह सचिव, रांची के एसएसपी और डीजीपी को इस संबंध में समय-सीमा के साथ जवाब दाखिल करने को कहा है। मामले की अगली सुनवाई 30 अक्टूबर को होगी। अदालत ने रांची के सभी थानों और शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर लगे कैमरों को चालू रखने का निर्देश दिया है।

    सरकार ने दाखिल किया शपथ पत्र
    सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से शपथ पत्र दाखिल किया गया। इसमें बताया गया कि रांची शहर के आठ पुलिस थानों और ग्रामीण क्षेत्रों के 24 पुलिस थानों में अब तक सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए गए हैं। अदालत ने इन सभी थानों में कैमरे लगाने की समय-सीमा स्पष्ट करने का निर्देश दिया।

    सरकार के शपथ पत्र के अनुसार, रांची शहर के 17 पुलिस थानों और ओपी में फिलहाल 123 सीसीटीवी कैमरे काम कर रहे हैं। शहर के जिन आठ थानों और इकाइयों में कैमरे नहीं लगे हैं, उनमें हिंदपीढ़ी, पंडरा ओपी, बरियातू, धुर्वा, एयरपोर्ट, विधानसभा, एएचटीयू और साइबर पुलिस स्टेशन शामिल हैं।

    सीसीटीवी लगाने के टेंडर पर भी मांगा जवाब
    हाई कोर्ट ने राज्य सरकार से यह भी पूछा है कि पूरे राज्य में सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए जारी टेंडर की वर्तमान स्थिति क्या है। इसके अलावा अदालत ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआइ) से भी राष्ट्रीय राजमार्गों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने के संबंध में जानकारी मांगी है।

     

  • हरियाणा के सरकारी विभागों में करोड़ों का फ्रॉड, CBI ने 4 आरोपियों पर कसा शिकंजा

    हरियाणा के सरकारी विभागों में करोड़ों का फ्रॉड, CBI ने 4 आरोपियों पर कसा शिकंजा

    चंडीगढ़.

    हरियाणा के विभिन्न विभागों, चंडीगढ़ स्मार्ट सिटी और क्रेस्ट सोसायटी में 700 करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी के मामले में सीबीआई ने सोमवार को चार और आरोपितों को गिरफ्तार किया। इनमें सेक्टर-35 के बर्तन कारोबारी गौरव कांसल के अलावा सिद्धार्थ नरूला, मोहित और मनोज शामिल हैं।

    चारों को पंचकूला की सीबीआई अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें तीन दिन के रिमांड पर भेजा है।
    सीबीआई के अनुसार, गौरव ने सरकारी खातों से निकाली गई रकम को कैश में बदलने और उसे दोबारा बैंक खातों में जमा कराने में अहम भूमिका निभाई। दो वर्षों के दौरान उसने आइडीएफसी बैंक के पूर्व ब्रांच मैनेजर और मामले के कथित मास्टरमाइंड रिभव ऋषि के साथ मिलकर 94 करोड़ रुपये ठिकाने लगाए। एजेंसी का आरोप है कि आरोपितों ने गिरोह की तरह काम किया। अब जांच की जा रही है कि रकम किन लोगों तक पहुंची और उससे कहां संपत्ति खरीदी गई।

    सीबीआई के मुताबिक, छह दिसंबर 2023 से पांच दिसंबर 2025 के बीच जाली कंपनियों आरएस ट्रेडर्स, कैपको फिनटेक सर्विसेज और स्वास्तिक देश प्रोजेक्ट्स से भारत डिस्ट्रिब्यूटर्स के खाते में 82 लेन-देन के जरिए 26.78 करोड़ रुपये भेजे गए। इसके बदले 66 लेन-देन के माध्यम से 25.18 करोड़ रुपये वापस भेजे गए। एजेंसी का आरोप है कि इस लेन-देन के बदले कैश भी दिया गया। सरकारी खातों से निकाली गई रकम को सीधे खर्च करने के बजाय कई बैंक खातों से घुमाकर कैश में बदला जाता था, ताकि स्रोत और अंतिम लाभार्थियों का पता लगाना मुश्किल हो। सीबीआई के अनुसार, प्रक्रिया का संचालन रिभव ऋषि के इंडस्ट्रियल एरिया स्थित कार्यालय से होता था। गौरव कैश कन्वर्टर के तौर पर काम करता था। उसके एक चचेरे भाई की भूमिका की भी जांच हो रही है। सीबीआई के मुताबिक, गौरव ने 140 से अधिक लेन-देन के जरिए रिभव ऋषि के लिए सरकारी धन ठिकाने लगाया और कैश कन्वर्टर्स तक करीब 94 करोड़ रुपये पहुंचाए।

    नगर परिषद कालका के 18 करोड़ और आइएएस के बेटे तक हवाला 
    सबसे सनसनीखेज खुलासा 20 जनवरी 2026 का है। एमसी कालका के खाते से 18.46 करोड़ रुपये उड़ाए गए। इसमें से 4 करोड़ रुपये एसआरआर प्लानिंग गुरुज के आरबीएल खाते में गए, जिसने उसी दिन 2.50 करोड़ रुपये मेगा स्टोर को भेज दिए। 21 और 22 जनवरी को स्वास्तिक ने 80 लाख और 1.10 करोड़ रुपये और भेजे। 22 जनवरी 2026 को रिभव ऋषि के कहने पर मोहित गोयल ने अपने स्टोर और अपने जानकारों के जरिए 2 करोड़ रुपये कैश का इंतजाम किया। यही 2 करोड़ रुपये उसी शाम हवाला चैनल से दिल्ली में आरोपित आइएएस आरके सिंह के बेटे तक पहुंच गए। इस तरह कालका नगर परिषद का सरकारी पैसा 48 घंटे के अंदर कैश बनकर एक लोकसेवक तक पहुंच गया।

    सरकारी खजाने के 59.50 करोड़ डकारे
    वहीं गिरफ्तार तीसरा आरोपित सेक्टर-32डी में एससीओ 357 में संचालित चंडीगढ़ मेगा स्टोर का मालिक मोहित गोयल है। आरोपित सेक्टर-37बी का रहने वाला है। सीबीआइ के मुताबिक, मोहित गोयल जानता था कि आरएस ट्रेडर्स और कैपको फिनटेक सर्विसेज, रिभव ऋषि की फर्में हैं। आइडीएफसी फर्स्ट बैंक के ब्रांच मैनेजर रिभव ऋषि ने ही उसके स्टोर का खाता खुलवाया था। 11 अक्टूबर 2023 से 28 जनवरी 2026 के बीच आरोपित फर्मों आरएस ट्रेडर्स, कैपको फिनटेक, स्वास्तिक देश और एसआरआर प्लानिंग गुरुज ने मोहित गोयल और उसकी दो फर्मों -चंडीगढ़ मेगा स्टोर और भगवती एजेंसीज को 112 बार में 59 करोड़ 50 लाख 47 हजार 515 रुपये भेजे। बदले में उसने सिर्फ 14 करोड़ 5 लाख 24 हजार रुपये ही बैंक से वापस भेजे।

  • बिहार के 3021 गांवों के विकास पर खर्च होंगे ₹634 करोड़, बुनियादी सुविधाओं पर रहेगा फोकस

    बिहार के 3021 गांवों के विकास पर खर्च होंगे ₹634 करोड़, बुनियादी सुविधाओं पर रहेगा फोकस

    पटना
    बिहार में पांच एयरपोर्ट और नौ हेलीपोर्ट का निर्माण होगा। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में सोमवार को हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। बैठक में कुल 24 प्रस्तावों को मंजूरी दी गयी। इसके तहत किशनगंज, छपरा, उलाव (बेगूसराय), फारबिसगंज (अररिया) व सबैया (गोपालगंज) में एयरपोर्ट का निर्माण होगा। जबकि, राज्य के 9 आकांक्षी जिलों औरंगाबाद, बांका, जमुई, कटिहार, खगड़िया, नवादा, शेखपुरा, बेगूसराय और सीतामढ़ी में हेलीपोर्ट का निर्माण होगा।

    राज्य सरकार परियोजना लागत का 25 प्रतिशत और उड़ानों के संचालन के दौरान सालाना 10 लाख रुपये प्रचार पर खर्च करेगी। हवाई अड्डों और हेलीपोर्ट से नजदीकी शहर तक मुफ्त पिकअप-ड्रॉप की सुविधा भी मिलेगी। इसके अलावा करों में छूट, परिचालन खर्च में सहायता और उड़ानों के लिए निर्धारित वित्तीय सहयोग भी दिया जाएगा। इससे राज्य के अधिक क्षेत्रों को हवाई सेवा से जोड़ने में मदद मिलेगी।

    अनुसूचित जाति बहुल 3021 गांवों के विकास पर खर्च होंगे 634 करोड़
    बिहार के 3021 अनुसूचित जाति बहुल गांवों के विकास पर वित्तीय वर्ष 2026-27 में 634.41 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इसके लिए मंत्रिपरिषद ने प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना के तहत राशि खर्च करने और योजना लागू करने की स्वीकृति दी है। इन गांवों में अनुसूचित जाति की आबादी 40 प्रतिशत या उससे अधिक और कुल आबादी कम से कम 500 या उससे अधिक होनी चाहिए।

    पेयजल, स्वच्छता, शिक्षा, स्वास्थ्य और पोषण, आवास, सड़क, बिजली, स्वच्छ ईंधन, कृषि पद्धतियां, वित्तीय समावेशन, डिजीटलीकरण, जीवन-यापन, सामाजिक सुरक्षा और कौशल विकास जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके लिए केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं को मिलाकर काम किया है।

    पटना में बनेगा राज्य का पहला टेक पार्क
    बिहार का पहला टेक पार्क पटना के गर्दनीबाग में बनेगा। इसका निर्माण और विकास एनबीसीसी करेगा। राज्य मंत्रिमंडल की सोमवार को हुई बैठक में सूचना प्रावैधिकी विभाग और एनबीसीसी के बीच समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर करने की स्वीकृति प्रदान की गई। टेक पार्क परियोजना में 100 से अधिक कंपनियों के निवेश की संभावना है, जिससे पांच हजार से अधिक प्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे।

    सीएम सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में सोमवार को हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में टेक पार्क की स्थापना समेत 24 प्रस्तावों को मंजूरी दी गयी। राज्य सरकार का मानना है कि टेक पार्क बिहार आइटी नीति-2024 और बिहार जीसीसी नीति-2026 के तहत निवेश आकर्षित करने में भी अहम भूमिका निभाएगा। इससे राज्य के युवाओं को अपने ही प्रदेश में रोजगार मिलने और दूसरे राज्यों में उनका पलायन रोकने में मदद मिलेगी। विभाग का दावा है कि राज्य की राजधानी में एक विश्वस्तरीय संरचना का स्थापित होना युवाओं, उद्यमियों और कार्यशील वर्ग की आकांक्षाओं के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दिखाता है।

  • दिवाली पर पटाखे बेचने के लिए करें आवेदन, फरीदकोट में 23 को लकी ड्रॉ से मिलेगा लाइसेंस

    फरीदकोट.

    फरीदकोट में दिवाली, गुरुपर्व, क्रिसमस और नए साल के लिए पटाखा लाइसेंस के आवेदन 13 से 19 अक्टूबर 2026 तकअस्थायी लाइसेंस के लिए 23 अक्टूबर 2026 को ड्रॉदिवाली, गुरुपर्व, क्रिसमस और नए साल के अवसर पर पटाखे बेचने के लिए अस्थायी लाइसेंस लेने के इच्छुक व्यक्ति 13 अक्टूबर से 19 अक्टूबर 2026 तक आवेदन जमा करवा सकते हैं।

    यह जानकारी जिला मजिस्ट्रेट राहुल चाबा ने दी। उन्होंने बताया कि पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट, चंडीगढ़ के आदेशों और पंजाब सरकार के विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पर्यावरण विभाग के निर्देशों का पालन करते हुए पटाखों की बिक्री के लिए अस्थायी लाइसेंस जारी किए जाएंगे। इसके लिए इच्छुक आवेदकों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवेदन करना होगा।आवेदन के साथ आधार कार्ड की कॉपी और निर्धारित फीस के चालान की प्रति जमा करवाना अनिवार्य है। आवेदन मिनी सचिवालय, फरीदकोट स्थित सेवा केंद्र में 13 अक्टूबर से 19 अक्टूबर 2026 को शाम 4 बजे तक जमा करवाए जा सकते हैं।जिला मजिस्ट्रेट ने बताया कि प्राप्त आवेदनों में से योग्य आवेदकों को अस्थायी लाइसेंस जारी करने के लिए 23 अक्टूबर 2026 को दोपहर 3 बजे ड्रॉ निकाला जाएगा।

    निर्धारित तारीख और समय के बाद प्राप्त होने वाले आवेदनों पर कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि लाइसेंस प्राप्त करने वाले सभी व्यक्तियों को राष्ट्रीय हरित अधिकरण , पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट और पंजाब सरकार की ओर से समय-समय पर जारी निर्देशों का पूरी तरह पालन करना अनिवार्य होगा। फरीदकोट में दिवाली, गुरुपर्व, क्रिसमस और नए साल के लिए पटाखा लाइसेंस के आवेदन 13 से 19 अक्टूबर 2026 तकअस्थायी लाइसेंस के लिए 23 अक्टूबर 2026 को ड्रॉदिवाली, गुरुपर्व, क्रिसमस और नए साल के अवसर पर पटाखे बेचने के लिए अस्थायी लाइसेंस लेने के इच्छुक व्यक्ति 13 अक्टूबर से 19 अक्टूबर 2026 तक आवेदन जमा करवा सकते हैं। यह जानकारी जिला मजिस्ट्रेट राहुल चाबा ने दी। उन्होंने बताया कि पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट, चंडीगढ़ के आदेशों और पंजाब सरकार के विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पर्यावरण विभाग के निर्देशों का पालन करते हुए पटाखों की बिक्री के लिए अस्थायी लाइसेंस जारी किए जाएंगे। इसके लिए इच्छुक आवेदकों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवेदन करना होगा।

    आवेदन के साथ आधार कार्ड की कॉपी और निर्धारित फीस के चालान की प्रति जमा करवाना अनिवार्य है। आवेदन मिनी सचिवालय, फरीदकोट स्थित सेवा केंद्र में 13 अक्टूबर से 19 अक्टूबर 2026 को शाम 4 बजे तक जमा करवाए जा सकते हैं।जिला मजिस्ट्रेट ने बताया कि प्राप्त आवेदनों में से योग्य आवेदकों को अस्थायी लाइसेंस जारी करने के लिए 23 अक्टूबर 2026 को दोपहर 3 बजे ड्रॉ निकाला जाएगा। निर्धारित तारीख और समय के बाद प्राप्त होने वाले आवेदनों पर कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि लाइसेंस प्राप्त करने वाले सभी व्यक्तियों को राष्ट्रीय हरित अधिकरण , पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट और पंजाब सरकार की ओर से समय-समय पर जारी निर्देशों का पूरी तरह पालन करना अनिवार्य होगा।

  • 68 हजार ग्राम प्रहरियों को कैशलेस इलाज के साथ अब 3500 रुपये मानदेय

    68 हजार ग्राम प्रहरियों को कैशलेस इलाज के साथ अब 3500 रुपये मानदेय

    बरेली
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को प्रदेश के 68 हजार ग्राम प्रहरियों का मानदेय एक हजार रुपये बढ़ाने के साथ ही उनके परिवारों को पांच लाख रुपये सालाना कैशलेस इलाज की सौगात दी। मानदेय में एकमुश्त 40 प्रतिशत की वृद्धि से अब उन्हें 2500 के बजाय 3500 रुपये प्रतिमाह मिलेंगे। प्रत्येक ग्राम प्रहरी को सालाना 12 हजार रुपये अतिरिक्त मिलेंगे। मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि वर्ष 2017 में ग्राम प्रहरियों को महज 1500 रुपये मानदेय मिलता था। वर्ष 2019 में इसे बढ़ाकर 2500 रुपये किया गया था। अब जिम्मेदारी के साथ उनकी सुविधाएं भी बढ़ाई जा रही हैं।
     
    बरेली की रिजर्व पुलिस लाइन में ग्राम प्रहरी सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि वर्ष 2017 से पहले उत्तर प्रदेश में पर्व-त्योहार आते ही उपद्रव शुरू हो जाते थे। मुट्ठी भर अराजक तत्वों की करतूतों का खामियाजा 25 करोड़ प्रदेशवासियों को भुगतना पड़ता था। दूसरे राज्यों में यूपी के लोगों को अपनी पहचान छिपानी पड़ती थी। अब स्थिति बदल चुकी है। जो लोग पहले सौ कदम दूर रहते थे, आज यूपी का नाम सुनकर गले मिलने आते हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में डबल इंजन सरकार ने प्रदेश के प्रति देश-दुनिया की धारणा बदल दी है।
     
    शहर में सीसीटीवी, गांव में ग्राम प्रहरी
    मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि शहरों में सीसीटीवी कैमरे जिस तरह अपराधियों पर नजर रखते हैं, गांवों में ग्राम प्रहरी वही भूमिका निभाएं। संदिग्ध गतिविधियों, अपराध और जमीन कब्जाने वालों की सूचना तत्काल पुलिस तक पहुंचाएं। थानाध्यक्ष अथवा हलके के दारोगा सप्ताह में कम से कम एक दिन ग्राम प्रहरियों के साथ बैठक करें। इससे सूचना तंत्र मजबूत होगा और छोटी घटनाओं को बड़ा विवाद बनने से रोका जा सकेगा। मुख्यमंत्री योगी ने गृह विभाग को रिक्त पदों पर स्थानीय स्तर से नियुक्तियां करने के निर्देश भी दिए।
     
    पहले सत्ता में बैठे लोग ही कराते थे लूटपाट
    मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि वर्ष 2017 से पहले सत्ता में बैठे लोग ही लूटपाट कराते थे। पुलिस भी कार्रवाई करने में असहाय रहती थी। अब अपराधियों के मन में कानून का भय है। शहरों में सीसीटीवी और एआई तकनीक से संदिग्ध गतिविधियों की निगरानी हो रही है। बेटियों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वालों को कठोर परिणाम भुगतने पड़ेंगे। मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि माफिया मिट्टी में मिल गए हैं। प्रदेश में अब दंगा और उपद्रव नहीं होता। कानून-व्यवस्था बेहतर होने से निवेश, व्यापार और रोजगार बढ़े हैं।
     
    शक्तिपीठों पर भीड़ बदली व्यवस्था का प्रमाण
    मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि पहले नवरात्र और दूसरे पर्वों पर उपद्रव की आशंका रहती थी। अब नवरात्र के प्रथम दिन से ही गांव-गांव में दुर्गा प्रतिमाएं स्थापित हो रही हैं। विंध्यवासिनी धाम में पिछले दिनों सवा दो से ढाई लाख श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। मंगलवार सुबह छह बजे तक डेढ़ लाख श्रद्धालु दर्शन कर चुके थे। देवीपाटन धाम में भी डेढ़ लाख से अधिक श्रद्धालु पहुंचे। सीतापुर के ललिता देवी मंदिर और सहारनपुर की शाकंभरी पीठ पर भी श्रद्धालुओं की भीड़ है। यह भयमुक्त वातावरण का परिणाम है।
     
    ग्राम प्रहरी की सूचना टाल सकती है अनहोनी
    मुख्यमंत्री योगी ने ग्राम प्रहरियों से वन्यजीवों के खतरे, अफवाहों और भू-माफिया की गतिविधियों की सूचना भी प्रशासन को देने को कहा। मुख्यमंत्री योगी ने पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, बहराइच और बिजनौर का उल्लेख करते हुए कहा कि समय पर मिली सूचना बड़ी अनहोनी रोक सकती है। बिजनौर में 40 से अधिक तेंदुओं का रेस्क्यू किया गया है। प्रदेश की 57,600 से अधिक ग्राम पंचायतों और लगभग 1.05 लाख राजस्व गांवों में ग्राम प्रहरियों की सजगता महत्वपूर्ण है। गांव सुरक्षित होंगे तो आत्मनिर्भर बनेंगे। इससे विकसित उत्तर प्रदेश और विकसित भारत का संकल्प मजबूत होगा।
     
    11 ग्राम प्रहरियों को साफा पहनाकर किया सम्मानित
    मुख्यमंत्री योगी ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले 11 ग्राम प्रहरियों को मंच पर साफा पहनाकर और गिफ्ट हैम्पर देकर सम्मानित किया। इनमें बरेली के फरीदपुर से राजवीर सिंह, सिरौली से कुंवर पाल सिंह, बहेड़ी से राम राठौर, पीलीभीत के सुनगढ़ी से राजेंद्र बाल्मीकि, शाहजहांपुर के पुवायां से कमलेश, मुरादाबाद के कांठ से कमलेश सिंह सैनी, बिजनौर की शहर कोतवाली से राजेश सैनी, संभल के हजरतनगर गढ़ी से अनिल बाल्मीकि, रामपुर के टांडा से ध्यान सिंह चौहान, शाहबाद से प्रकाश और अमरोहा के नौगावां सादात से तेजपाल प्रजापति शामिल रहे। समारोह में ग्राम प्रहरियों के योगदान पर लघु फिल्म भी दिखाई गई।
     
    सुरेश खन्ना बोले- ग्राम प्रहरियों का बढ़ाया सम्मान
    वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी ने मानदेय बढ़ाकर ग्राम प्रहरियों के प्रति संवेदनशीलता दिखाई है। ग्रामीण शांति व्यवस्था में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। मुख्यमंत्री योगी के नेतृत्व में प्रदेश की तस्वीर बदली है। उन्होंने छह करोड़ से अधिक लोगों को गरीबी से बाहर निकालने का दावा किया।
     
    धर्मपाल सिंह बोले- सपा का पीडीए फेल
    पशुधन मंत्री धर्मपाल सिंह ने कहा कि गांवों में अब चोरी और गुंडागर्दी का भय नहीं है। सरकार की आलोचना करने वालों को ग्रामीण स्वयं जवाब देते हैं। उन्होंने अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि उनका पीडीए फेल हो चुका है। भाजपा के पीडीए का अर्थ पहली बार 2017, दूसरी बार 2022 और अगली बार 2027 बताया।
     
    डीजीपी बोले- गांव और थाने के बीच महत्वपूर्ण कड़ी
    अपने संबोधन से पहले पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण ने मुख्यमंत्री योगी को मां दुर्गा की प्रतिमा भेंट की। वहीं संबोधन के दौरान उन्होंने कहा कि ग्राम प्रहरी गांव और थाने के बीच सूचना एवं संवाद की महत्वपूर्ण कड़ी हैं। अपराध, भूमि विवाद और शांति भंग की आशंका की सूचना तत्काल पुलिस को दें। साइबर ठगी और सोशल मीडिया की अफवाहों के प्रति ग्रामीणों को जागरूक करें। डिजिटल वालंटियर्स और व्हाट्सऐप समूहों से सूचना तंत्र मजबूत होगा।
     
    कार्यक्रम में ये रहे मौजूद
    समारोह में मंत्री जयेंद्र प्रताप सिंह राठौर, अरुण कुमार सक्सेना, संजय सिंह गंगवार, सांसद छत्रपाल सिंह गंगवार, राज्यसभा सदस्य श्रुति गंगवार, महापौर डॉ. उमेश गौतम और अपर मुख्य सचिव गृह संजय प्रसाद मौजूद रहे।

  • UP Board Time Table 2027: फरवरी से शुरू होंगी 10वीं-12वीं की परीक्षाएं, जानें विषयवार पूरा शेड्यूल

    UP Board Time Table 2027: फरवरी से शुरू होंगी 10वीं-12वीं की परीक्षाएं, जानें विषयवार पूरा शेड्यूल

    लखनऊ 
    उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा बोर्ड यानी यूपी बोर्ड ने 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं के लिए तारीखों का ऐलान कर दिया है. सोमवार को बोर्ड के सचिव ने परीक्षाओं को लेकर विषयवार शेड्यूल जारी कर दिया है. सचिव की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, यूपी की बोर्ड परीक्षा 5 फरवरी, 2027 से शुरू होंगी जो , 24 फरवरी, 2027 तक चलेंगी. एग्जाम का आयोजन दो पालियों में किया जाएगा. पहली शिफ्ट सुबह 8.30 बजे से 11.45 तक होगी. वहीं, दूसरी शिफ्ट दोपहर 2 से शाम के 5.15 बजे तक चलेगी. ऐसे चलिए जानते हैं इससे जुड़ा शेड्यूल। 

    10वीं बोर्ड परीक्षा का शेड्यूल

    परीक्षा की तारीख

    5 फरवरी, शुक्रवार हिंदी, प्रारंभिक हिंदी
    8 फरवरी, सोमवार सामाजिक विज्ञान
    9 फरवरी, मंगलवार मानव विज्ञान
    10 फरवरी, बुधवार अंग्रेजी, इलेक्ट्रॉनिक शिल्प
    12 फरवरी, शुक्रवार   होम साइंस 
    13 फरवरी, शनिवार गणित
    15 फरवरी, सोमवार संस्कृत
    16 फरवरी, मंगलवार गुजराती, तमिल, पंजाबी, बंगला, मराठी
    17 फरवरी, बुधवार विज्ञान, संगीत वादन
    18 फरवरी, गुरुवार कंप्यूटर, सिलाई
    19 फरवरी, शुक्रवार वाणिज्य
    20 फरवरी, शनिवार

    उर्दू

    22 फरवरी, सोमवार चित्रकला, रंजन कला
    23 फरवरी, मंगलवार संगीत गायन, पालि, अरबी, फारसी
    24 फरवरी, बुधवार कृषि

     

    12वीं बोर्ड परीक्षा का शेड्यूल 

    परीक्षा की तारीख   विषय 
    5 फरवरी, शुक्रवार     हिंदी, सामान्य हिंदी
    8 फरवरी, सोमवार   अंग्रेजी 
    9 फरवरी, मंगलवार काष्ठ शिल्प, ग्रंथ शिल्प, सिलाई शिल्प आदि, नागरिक शास्त्र
    10 फरवरी, बुधवार  व्यावसायिक विषय (2 पेपर), इतिहास
    12 फरवरी, शुक्रवार जीव विज्ञान, गणित
    13 फरवरी, शनिवार शस्य विज्ञान (व्यावसायिक), कृषि वनस्पति विज्ञान, कृषि अर्थशास्त्र, अर्थशास्त्र
    15 फरवरी, सोमवार संगीत गायन, संगीत वादन, नृत्यकला, नृत्य कला, रसायन विज्ञान, समाजशास्त्र
    16 फरवरी, मंगलवार कृषि भौतिक एवं जलवायु विज्ञान, कृषि जंतु विज्ञान, भूगोल
    17 फरवरी, बुधवार भौतिक विज्ञान, सैन्य विज्ञान
    18 फरवरी, गुरुवार कृषि अभियांत्रिकी, कृषि पशुपालन, चित्रकला, रंगकला
    19 फरवरी, शुक्रवार  व्यावसायिक विषय (5 पेपर),  मानव विज्ञान
    20 फरवरी, शनिवार   उर्दू, गुजराती, पंजाबी, बंगला, मराठी, आदि, मनोविज्ञान, शिक्षाशास्त्र, तर्कशास्त्र
    22 फरवरी, सोमवार सामान्य आधारिक विषय, कृषि गणित एवं सांख्यिकी, कृषि रसायन विज्ञान, व्यवसाय अध्ययन, गृह विज्ञान
    23 फरवरी, मंगलवार लेखाशास्त्र, एनसीसी, पालि, अरबी, पारसी
    24 फरवरी, बुधवार कंप्यूटर, संस्कृत
  • पंजाब-चंडीगढ़ में बढ़ेगी ठंड, 3 दिन बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट

    पंजाब-चंडीगढ़ में बढ़ेगी ठंड, 3 दिन बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट

    चंडीगढ़

    चंडीगढ़ मौसम केंद्र ने राज्य के छह प्रमुख जिलों – पठानकोट, होशियारपुर, रूपनगर, फाजिल्का, श्री मुक्तसर साहिब और बठिंडा में गरज-चमक, बिजली गिरने और आंधी को लेकर विशेष चेतावनी जारी की है। इन इलाकों में रहने वाले लोगों और किसानों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

    दूसरी ओर, चंडीगढ़ में भी आसमान में बादल छाए रहेंगे और कुछ इलाकों में एक-दो बार तेज बौछारें पड़ने का अनुमान है। चंडीगढ़ में अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किए जाने की उम्मीद है।

    तापमान का गणित और मौसम प्रणाली
    राज्य के औसतन अधिकतम तापमान में पिछले 24 घंटों के दौरान 4.4 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, हालांकि यह अब भी सामान्य से 2.4 डिग्री सेल्सियस कम बना हुआ है। प्रदेश में सबसे अधिक तापमान भाखड़ा डैम क्षेत्र में 32.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।

    मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, इस समय पाकिस्तान के ऊपर एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन (चक्रवातीय हवाओं का क्षेत्र) सक्रिय है। इसके साथ ही हिमाचल प्रदेश और उत्तरी हरियाणा के आसपास पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) बना हुआ है। इन दोनों प्रणालियों के संयुक्त प्रभाव के कारण 14 और 15 अक्टूबर को भी पंजाब और चंडीगढ़ के कई हिस्सों में तेज हवाओं के साथ ओलावृष्टि की संभावना बनी रहेगी।

    मौसम बदलते ही पंजाब में बिजली की मांग में आई गिरावट
    मौसम में आई नरमी और तापमान में गिरावट का सीधा असर राज्य की बिजली खपत पर देखने को मिला है। पंजाब में बिजली की दैनिक मांग में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है।

    मंगलवार सुबह के आंकड़ों के मुताबिक, राज्य में बिजली की कुल मांग घटकर 8,202 मेगावाट रह गई। इस दौरान राज्य के अपने स्रोतों से 4,888 मेगावाट बिजली का उत्पादन हुआ, जबकि 3,317 मेगावाट बिजली बाहरी ग्रिड से प्राप्त की गई। निर्धारित कोटे से वास्तविक ड्रॉअल 295 मेगावाट कम रहा, जिससे ग्रिड फ्रीक्वेंसी 49.98 हर्ट्ज पर स्थिर रही।

    मौसम विभाग के मुताबिक राज्य के औसत अधिकतम तापमान में 4.4 डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हालांकि, यह अभी भी सामान्य से 2.4 डिग्री नीचे है। सबसे अधिक अधिकतम तापमान 32.2 डिग्री भाखड़ा डैम में दर्ज किया गया।

    6 जिलों के लिए जारी किया अलर्ट मौसम विभाग के अनुसार आज पठानकोट, होशियारपुर, रूपनगर, फाजिल्का, मुक्तसर और बठिंडा में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की संभावना को देखते हुए अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, चंडीगढ़ में आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहने और एक-दो बार बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। चंडीगढ़ में 13 अक्टूबर को अधिकतम तापमान 30 डिग्री और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री रहने का अनुमान है।

    इस तरह की मौसम की स्थिति बनी मौसम विभाग के मुताबिक, पाकिस्तान में एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बन रहा है। वहीं, हिमाचल प्रदेश और उत्तरी हरियाणा के आसपास पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है। इन मौसमी प्रणालियों के प्रभाव से पंजाब व चंडीगढ़ में बादल छाने, गरज-चमक के साथ बारिश होने और तेज हवाएं चलने की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक पंजाब और चंडीगढ़ में 14-15 अक्टूबर को भी आंधी, बिजली गिरने व ओलावृष्टि की संभावना बनी हुई है।

    गर्मी कम होने से पंजाब में बिजली की मांग घटी पंजाब में गर्मी कम होने से बिजली की मांग में कमी आई है। मंगलवार सुबह 6:51 बजे बिजली की मांग 8,202 मेगावाट दर्ज की गई। राज्य में 4,888 मेगावाट बिजली पैदा हुई, जबकि 3,317 मेगावाट बिजली बाहर से ली गई। तय सप्लाई 3,612 मेगावाट थी, लेकिन वास्तविक ड्रॉअल 295 मेगावाट कम रहा। बिजली की फ्रीक्वेंसी 49.98 हर्ट्ज दर्ज की गई।

  • हरियाणा में सस्ती होगी सौर ऊर्जा, ₹5,000 में सोलर पैनल लगाने के प्रस्ताव को मंजूरी

    हरियाणा में सस्ती होगी सौर ऊर्जा, ₹5,000 में सोलर पैनल लगाने के प्रस्ताव को मंजूरी

     हिसार
    दीपावली पर्व पर अंत्योदय परिवार को खुशखबरी मिल सकती है। मात्र पांच हजार रुपये में घर की छत पर सोलर पैनल लगवा सकते हैं। बाकी खर्चा केंद्र व हरियाणा सरकार मिलकर उठाएंगे। खास बात यह है कि हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इसके लिए मंजूरी दे दी है। वित्त विभाग ने भी मुहर लगाकर फाइल को नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय को भेज दी है।

    आने वाले 20 दिन के अंदर अंत्योदय परिवार को खुशखबरी मिल सकती है। दूसरी खास बात है कि सोलर पैनल बिजली निगम की संबंधित शाखा लगाकर देगी, जिसमें वे खुद वेंडर्स से संपर्क कर अंत्योदय परिवार को योजना का लाभ दिलवाएंगे।

    अंत्योदय परिवार को सिर्फ अपने दस्तावेज पोर्टल पर अपलोड करवाने होंगे। जिसके बाद संबंधित शाखा के अधिकारी उस आवेदन की मानिटरिंग कर कार्य को गति देंगे। ताकि पोर्टल पर आवेदन का पता रहे कि आवेदन किस चरण में पहुंचा है और कितने दिन में योजना का लाभ मिलेगा।

    नॉन रिफंडेबल होंगे पांच हजार रुपये
    उपरोक्त योजना के तहत जैसे ही अंत्योदय परिवार दस्तावेज प्रक्रिया पूरी कर लेता है। तो एसडीओ व एक्सईएन की जिम्मेदारी रहेगी कि वे अंत्योदय परिवार को पीएम-सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत सोलर पैनल का लाभ पहुंचाए।

    इससे पहले अंत्योदय परिवार को मात्र पांच हजार रुपये का टोकन लेना होगा, जिसे दिखाकर बिजली निगम की विशेष टीम घर की छत पर सोलर पैनल लगाएगी। अंत्योदय परिवार को वेंडर्स से संपर्क करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

    अभी तक हिसार सर्कल में साढ़े आठ हजार उपभोक्ताओं ने उठाया लाभ
    पीएम-सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के हिसार जिले में 8150 उपभोक्ता संबंधित योजना का लाभ उठा चुके हैं। जबकि साढ़े तेरह हजार से अधिक आवेदन पहुंचे हैं। साढ़े पांच हजार से अधिक आवेदन लटके हैं। 13,200 उपभोक्ताओं ने वेंडरों को सेलेक्ट कर लिया है।

    हिसार प्रथम डिविजन में करीब 4400 व हिसार द्वितीय डिविजन में करीब 3100 उपभोक्ताओं ने उपरोक्त योजना का लाभ उठाया है।

    यह है पीएम-सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना
    भारत सरकार की एक प्रमुख योजना है जिसे 15 फरवरी 2024 को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा शुरू किया गया था। देश के एक करोड़ घरों की छतों पर सोलर पैनल (रूफटाप सोलर) लगाकर उन्हें हर महीने 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली प्रदान करना है।

    लाभार्थी को एक किलोवाट क्षमता वाले सोलर पैनल पर 30 हजार रुपये, दो किलोवाट क्षमता पर 60 हजार रुपये व तीन किलोवाट या उससे अधिक क्षमता वाले सोलर पैनल पर 78 हजार रुपये की सब्सिडी दी जाती है।

    अंत्योदय परिवार के लिए मानक
        – परिवार की वार्षिक आय 1.80 लाख से कम हो
        – जिस परिवार के पास जमीन न हो
        – विशेष रूप से पिछड़े जनजाति के लोग
        – विधवाएं, वृद्ध व्यक्ति और दिव्यांगजन, असंगठित क्षेत्र के दैनिक मजदूर (रिक्शा चालक, कुली, रेहड़ी-पटरी वाले) व पारंपरिक ग्रामीण कारीगर (कुम्हार, बढ़ई, बुनकर, लोहार) शामिल हैं।

        अंत्योदय परिवार को मात्र पांच हजार रुपये में पीएम-सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना का लाभ मिल सकेगा। सीएम ने मंजूरी दे दी है। आगामी कार्रवाई के लिए फाइल को नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय को भेजी है। अगले 25 दिन से पहले योजना जमीन पर उतर जाएगी।

        – विक्रम सिंह, प्रबंध निदेशक, दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम

     

  • मंईयां सम्मान योजना: कई जिलों में पैसा पहुंचा, गोड्डा-लोहरदगा में जल्द होगा भुगतान

    मंईयां सम्मान योजना: कई जिलों में पैसा पहुंचा, गोड्डा-लोहरदगा में जल्द होगा भुगतान

    रांची
     राज्य सरकार ने दुर्गा पूजा को देखते हुए मुख्यमंत्री मंईयांसम्मान योजना की सितंबर माह की राशि लाभुकों के खाते में शीघ्र हस्तांतरित करने के निर्देश दिए थे। इस आलोक में अधिसंख्य जिलों में राशि लाभुकों के बैंक खाते में हस्तांतरित हो गई।

    प्रत्येक लाभुकों के खाते में ढाई हजार रुपये भेजे गए। जिन जिलों में राशि अभी तक हस्तांतरित नहीं हुई है, वहां एक-दो दिनों में यह काम पूरा होने की संभावना है। जिलों से मिली जानकारी के अनुसार, गुमला में 1.52 लाख महिला लाभुकों के खाते में राशि का भुगतान किया जा चुका है।

    चतरा में भी नौ अक्टूबर को राशि का भुगतान कर दिया गया। इसी तरह, जामताड़ा की 1,52,208, गिरिडीह की 4,56,048 तथा लातेहार की 1,29,281 महिलाओं के खाते में राशि हस्तांतरित की गई है। धनबाद में 3,46,365 लाभुकों के बीच 86.59 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है।

    गोड्डा, लोहरदगा में एक-दो दिनों में राशि जाएगी
    इसी तरह, पाकुड़, कोडरमा, पलामू, रामगढ़ में भी लाभुकों के खाते में राशि हस्तांतरित हो चुकी है। इधर, लोहरदगा की सामाजिक सुरक्षा शाखा की प्रभारी निदेशक जया शंखी मुर्मू ने बताया कि 23.13 करोड़ रुपये कोषागार से स्वीकृत होने के बाद योजना के 92,534 लाभुकों के खाते में मंगलवार तक राशि हस्तांतरित हो जाएगी। गोड्डा में भी मंइयां सम्मान योजना की राशि जारी नहीं हुई है।

    सामाजिक सुरक्षा के सहायक निदेशक ने बताया कि एक दो दिन में भुगतान खाते में जाएगा। इधर, दिवाली से पहले अक्टूबर माह की भी राशि लाभुकों के खाते में हस्तांतरित होने की संभावना है। सामाजिक सुरक्षा निदेशालय द्वारा दुर्गा पूजा के बाद जिलों केा इस संबंध में दिशा-निर्देश जारी किया जाएगा।

  • यूपी में दलित वोटों पर सियासी नजर, पासी समाज को साधने के लिए भाजपा की तैयारी तेज

    यूपी में दलित वोटों पर सियासी नजर, पासी समाज को साधने के लिए भाजपा की तैयारी तेज

     लखनऊ
    विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा अपने जातीय समीकरण की हर कड़ी मजबूत करने में जुटी है। पूर्व केंद्रीय मंत्री कौशल किशोर की नाराजगी और पासी समाज की बेचैनी दूर करने के लिए भाजपा ने गियर बदला है।

    प्रदेश प्रभारी विनोद तावड़े ने मुख्यालय पर 14 अक्टूबर को पासी समाज के जनप्रतिनिधियों एवं पदाधिकारियों की बैठक बुलाया था, जिसे फिलहाल टाला गया है। बैठक अगले सप्ताह बुलाई जाएगी।

    अनुसूचित वर्ग में जाटव के बाद सबसे बड़ी आबादी पासी समाज की है। अवध, गोरखपुर, कानपुर एवं काशी क्षेत्र में इनकी बड़ी आबादी है। भाजपाइयों का कहना है कि यह समाज प्रदेश की 85 सीटों पर निर्णायक भूमिका निभाता है, जबकि डेढ़ सौ सीटों पर असर रखता है।

    पार्टी ने हाल में भले ही प्रियंका रावत को राज्य सभा भेजकर पासी समाज में पैठ बढ़ाने का प्रयास किया, लेकिन कौशल किशोर की नाराजगी पार्टी के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। पिछले दिनों भाजपा ने कृष्णा पासवान को प्रदेश सरकार में मंत्री बनाया।

    प्रदेश संगठन में अशोक रावत, उपेंद्र रावत एवं प्रियंका रावत को शामिल किया। भाजपा के पास जयप्रकाश रावत, अशोक रावत एवं कमलेश पासवान के रूप में तीन, जबकि सपा के पास आरके चौधरी, प्रिया सरोज, दारोगा प्रसाद सरोज, पुष्पेंद्र सरोज एवं अवधेश प्रसाद के रूप में पासी समाज के पांच सांसद हैं।

    फैजाबाद के सांसद अवधेश प्रसाद के जरिए सपा बड़ा राजनीतिक संदेश दे रही है। सपा ने इंद्रजीत सरोज, आरके चौधरी, पुष्पेंद्र सरोज व प्रिया सरोज को सक्रिय कर दिया है।

    भाजपा ने 2014, 2027, 2019 एवं 2022 के चुनाव में गैर जाटव दलित राजनीति का सफल प्रयोग किया, लेकिन 2024 में सपा के पीडीए ने भाजपा के सामने खतरे की घंटी बजा दी। अब भाजपा एक बार फिर पासी समाज से अपने संबंधों के तार कसने में जुटी है।