Category: राज्य

  • दिल्ली में शिक्षक दिवस की धूम, 118 टीचर्स सम्मानित; MCD बनाएगी 24 निगम श्री स्कूल

    दिल्ली में शिक्षक दिवस की धूम, 118 टीचर्स सम्मानित; MCD बनाएगी 24 निगम श्री स्कूल

    नई दिल्ली
    शिक्षक दिवस पर 118 टीचर्स को 'दिल्ली स्टेट टीचर अवॉर्ड 2026' से सम्मानित किया गया। शिक्षा के क्षेत्र में खास योगदान देने वाले इन टीचर्स को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को त्यागराज स्टेडियम मैं अवॉर्ड दिए। इन 118 टीचर्स में 20 स्कूल हेड, शिक्षा निदेशालय और एमसीडी स्कूलों के 69 शिक्षक, 3 सीएम श्री स्कूलों समेत लाइब्रेरियन, स्पेशल एजुकेटर, स्पोर्ट्स टीचर सहित शिक्षा के विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले टीचर्स भी हैं।

    कार्यक्रम में क्या बोलीं सीएम रेखा गुप्ता
    कार्यक्रम में सीएम ने कहा कि यह सम्मान शिक्षकों की उपलब्धियों का ही सम्मान नहीं, बल्कि उस समर्पण, धैर्य और विश्वास का सम्मान है, जिसके माध्यम से वे हमारे बच्चों के भविष्य को आकार देते है। वहीं, शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि 10,417 शिक्षकों की भर्ती की प्रक्रिया शुरू की गई है। 613 विशेष शिक्षकों की भर्ती भी की जाएगी।

    VSPK इंटरनेशनल स्कूल की प्रिंसिपल को मिला अवॉर्ड
    रोहिणी के VSPK इंटरनेशनल स्कूल की प्रिंसिपल डॉ. संचिता गुप्ता को भी राज्य शिक्षक पुरस्कार मिला। प्रिंसिपल ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 की सिफारिशें लागू होने के बाद स्कूलों पर सकारात्मक असर पड़ा है। स्कूल के चेयरमैन एसके गुप्ता ने प्रिंसिपल संचिता गुप्ता को बधाई देते हुए कहा है कि उनके नेतृत्व में स्कूल ने अकैडमिक, स्पोर्ट्स समेत हर क्षेत्र में नई उपलब्धि हासिल की है।

    MCD शुरू करेगी 24 निगम श्री स्कूल
    शिक्षक दिवस पर केंद्रीय मंत्री और दिल्ली बीजेपी के अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने MCD स्कूलों के 4 प्रिसिपल और 83 टीचर्स को सम्मानित किया। इस दौरान मेयर प्रवेश वाही ने बताया कि निगम में 24 निगम श्री स्कूल तैयार किए जा रहे है। दिल्ली के मेयर प्रवेश वाही, डिप्टी मेयर डॉ मोनिका पंत्, नेता सदन जय भगवान यादव, स्थायी समिति की अध्यक्ष सत्या शर्मा, शिक्षा समिति के अध्यक्ष योगेश वर्मा और एमसीडी कमिश्नर संजीव खिरवार मौके पर मौजूद रहे।

  • रेलवे बोर्ड का बड़ा फैसला, SC-ST कर्मियों को पदोन्नति में मिलेगी अंकों की छूट

    रेलवे बोर्ड का बड़ा फैसला, SC-ST कर्मियों को पदोन्नति में मिलेगी अंकों की छूट

     अंबाला
     रेलवे में पदोन्नति का इंतजार कर रहे अनुसूचित जाति (एससी) और अनुसूचित जनजाति (एसटी) के रेलकर्मियों के लिए राहत है।

    आरक्षित पदों को खाली रहने से रोकने और पदोन्नति प्रक्रिया को लेकर लंबे समय से बनी स्थिति को स्पष्ट करने के लिए रेलवे बोर्ड ने अर्हता अंकों में छूट और ‘बेस्ट अमंग द फेल्ड’ योजना को लेकर नई गाइडलाइन जारी की है।

    इसका लाभ गैर-सुरक्षा श्रेणी के पदों पर होने वाली पदोन्नति में मिलेगा। रेलवे बोर्ड ने सभी जोनल रेलवे, उत्पादन इकाइयों, आरडीएसओ और अन्य संबंधित कार्यालयों को दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

    बोर्ड ने कहा है कि समय-समय पर निर्देश जारी होने के बावजूद रेलवे और उत्पादन इकाइयों में नियमों को लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई थी। इसे दूर करने के लिए मौजूदा प्रविधानों को दोहराते हुए उनकी स्थिति स्पष्ट की है।

    वरिष्ठता आधारित चयन में 10 प्रतिशत अंकों की छूट
    गैर-सुरक्षा श्रेणी में ग्रुप-सी के भीतर वरिष्ठता के आधार पर पैनल तैयार होने पर एससी-एसटी कर्मचारियों को सामान्य वर्ग के लिए निर्धारित अर्हता अंकों में 10 प्रतिशत की छूट मिलेगी।

    यह रियायत व्यावसायिक योग्यता और कुल अंकों दोनों में लागू होगी। यदि निर्धारित छूट और अन्य रियायतों के बावजूद आरक्षित रिक्तियों के अनुरूप पर्याप्त एससी-एसटी कर्मचारी पैनल में उपलब्ध नहीं होते हैं, तो ‘बेस्ट अमंग द फेल्ड’ योजना के तहत सामान्य अर्हता मानक पूरा नहीं कर पाने वाले कर्मचारियों पर विचार किया जा सकेगा।

    इसके लिए लिखित परीक्षा, मौखिक परीक्षा, सेवा अभिलेख आदि प्रत्येक मद में और कुल मिलाकर कम से कम 20 प्रतिशत अंक हासिल करना जरूरी होगा।

    ऐसे कर्मचारियों को आरक्षित रिक्तियों की संख्या के अनुरूप पैनल में शामिल किया जा सकेगा। इस योजना के तहत पदोन्नति तदर्थ आधार पर होगी। छह महीने बाद प्रदर्शन की समीक्षा की जाएगी और संतोषजनक प्रदर्शन होने पर सक्षम पैनल अनुमोदन प्राधिकारी द्वारा पदोन्नति नियमित की जा सकेगी।

    एलडीसीई में भी एससी-एसटी कर्मियों को राहत
    30 प्रतिशत सीमित विभागीय प्रतियोगी परीक्षा (एलडीसीई) में भी एससी-एसटी कर्मचारियों के लिए अर्हता मानकों में छूट जारी रहेगी। लिखित परीक्षा में उनके लिए अर्हता अंक सामान्य वर्ग के निर्धारित अंकों के तीन-पांचवें होंगे।

    मौखिक व सेवा अभिलेख के अंक मिलाकर एससी-एसटी उम्मीदवारों को कम से कम 18 अंक लेने होंगे, जबकि सामान्य वर्ग के लिए यह सीमा 30 अंक है। सेवा अभिलेख में न्यूनतम 15 अंक हासिल करना अनिवार्य रहेगा। एलडीसीई में पैनल योग्यता के आधार पर तैयार होता है, इसलिए इसमें ‘बेस्ट अमंग द फेल्ड’ योजना लागू नहीं होगी।

     

  • SIR नोटिस वाले मतदाताओं के लिए वैकल्पिक व्यवस्था, वंशावली से दर्ज करा सकेंगे आपत्ति

    SIR नोटिस वाले मतदाताओं के लिए वैकल्पिक व्यवस्था, वंशावली से दर्ज करा सकेंगे आपत्ति

     रांची
    मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत नोटिस पाने वाले वैसे मतदाता, जिनके पास निर्धारित 13 प्रकार के दस्तावेज उपलब्ध नहीं हैं। वैसे मतदाताओं के लिए वैकल्पिक व्यवस्था हैं। ऐसे मतदाता अपने, प्रखंड या अंचल कार्यालय में जाकर अधिकारियों से सहायता ले सकते हैं।

    वे परिवार के पुराने सदस्यों के नाम, माता-पिता अथवा अन्य पारिवारिक विवरण के आधार पर वंशावली तैयार कराकर सीओ से प्रमाणित दस्तावेज प्राप्त कर सकते हैं। जिला उपनिर्वाचन पदाधिकारी विवेक कुमार सुमन ने कहा कि वे अपने संबंधित प्रखंड एवं अंचल कार्यालय में संपर्क कर सीओ से निर्गत वंशावली, जाति प्रमाण पत्र, स्थानीय निवासी, आवासीय प्रमाण पत्र, व ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र जैसे दस्तावेज उपलब्ध कराकर अपनी आपत्ति दर्ज करा सकते हैं।

    ऐसे मतदाता आनलाइन के साथ ऑफलाइन माध्यम से भी आवश्यक प्रमाण पत्र के लिए आवेदन कर सकते हैं। प्रमाण पत्रों के लिए बड़ी संख्या में आवेदन आने को देखते हुए कार्मिक, प्रशासनिक विभाग की ओर से जाति, स्थानीय निवासी व ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र बनाने की ऑफलाइन व्यवस्था तीन माह तक रखी गई है। इससे खासकर ग्रामीण, गरीब और तकनीकी जानकारी नहीं रखने वाले मतदाताओं को सुविधा मिलेगी।

    2003 की मतदाता सूची में नाम नहीं मिल रहा तो क्या करें
    एसआईआर में प्रारंभिक स्तर पर नाम हटाए गए मतदाताओं को संबंधित निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (ईआरओ) की ओर से नोटिस जारी किया गया है। नोटिस में आधार, दसवीं का प्रमाण पत्र, माता-पिता से संबंधित प्रमाण पत्र, पासपोर्ट समेत 13 प्रकार के दस्तावेजों में से निर्धारित प्रमाण प्रस्तुत करने और नोटिस में दी गई तारीख व समय पर अंचल कार्यालय में उपस्थित होकर कर सकते है।

    लेकिन बड़ी संख्या में ऐसे मतदाता हैं जो कम पढ़े-लिखे हैं, मजदूरी करते हैं, गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करते हैं, व दूसरे राज्य से आकर यहां बसे हैं। ऐसे मतदाता अपने , प्रखंड या अंचल कार्यालय में जाकर अधिकारियों से मदद ले सकते हैं।

    सहायता ले सकते हैं। परिवार के पुराने सदस्यों के नाम, माता-पिता अथवा अन्य पारिवारिक विवरण के आधार पर वंशावली तैयार कराकर सीओ से प्रमाणित दस्तावेज प्राप्त किया जा सकता है।

    10 दिनों में अब तक 30 हजार मतदाताओं सुनवाई हो चुकी
    एसआईआर के तहत 24 अगस्त से प्रखंड व अंचल कार्यालयों में मतदाताओं की सुनवाई जारी है। 24 अगस्त से 5 सितंबर तक अंचल कार्यालयों में 30 हजार से अधिक मतदाताओं की सुनवाई हो चुकी है। रोजाना करीब 200 मतदाताओं को सुनवाई के लिए तारीख दी जा रही है, लेकिन करीबन 70 से 80 मतदाता ही पहुंच रहे हैं।

    बता दे कि पांच अगस्त को ड्राफ्ट मतदाता सूची प्रकाशित होने के बाद रांची जिले की सात विधानसभा सीटों के करीब 6.44 लाख मतदाताओं को अलग-अलग कारणों से नोटिस जारी किया गया था।

  • दलीप ट्रॉफी फाइनल में वैभव सूर्यवंशी ने दिखाया दम, 5 चौके-एक छक्के से बनाए 44 रन

    दलीप ट्रॉफी फाइनल में वैभव सूर्यवंशी ने दिखाया दम, 5 चौके-एक छक्के से बनाए 44 रन

    नई दिल्ली
    दलीप ट्रॉफी 2026-27 के फाइनल में ईस्ट जोन का सामना साउथ जोन से है. चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में खेले जा रहे इस मुकाबले में सबकी निगाहें वैभव सूर्यवंशी पर हैं, जो ईस्ट जोन की टीम का हिस्सा हैं. ईस्ट जोन की ओर से वैभव ने पहली पारी में 5 चौके और एक छक्के की मदद से 37 बॉल पर 44 रन बनाए l  

    वैभव सूर्यवंशी को तेज गेंदबाज चामा मिलिंद ने सब्स्टीट्यूट प्लेयर तनय त्यागराजन के हाथों कैच आउट किया. वैभव शॉर्ट पिच गेंद पर छक्का लगाकार अर्धशतक पूरा करना चाहते थे. वैभव सूर्यवंशी और अभिमन्यु ईश्वरन के बीच पहले विकेट के लिए 100 रनों की साझेदारी हुई l

    वैभव सूर्यवंशी ने नजरें जमाने में देर नहीं लगाई. पारी के तीसरे ओवर में मोहम्मद सिराज की पहली गेंद पर उन्होंने शानदार चौका लगाया. वहीं छठे ओवर में एमडी निधीश को दो चौके जड़े. अगले ओवर में वैभव ने सिराज के खिलाफ आक्रामक रुख अख्तियार किया और कुल 14 रन (2 छक्का और एक चौका) बटोरे l

    खिताबी मुकाबले में टॉस ईस्ट जोन के कप्तान ईशान किशन ने जीता और पहले बल्लेबाजी का निर्णय लिया. ईस्ट जोन ने अपनी प्लेइंग-11 में सिर्फ एक बदलाव किया. जबकि साउथ जोन ने चार परिवर्तन किए. तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज और युवा बैटर देवदत्त पडिक्कल भी साउथ जोन की प्लेइंग-11 का हिस्सा हैं l

    वैभव सूर्यवंशी नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ क्वार्टर फाइनल में 8 रन बना पाए थे. हालांकि उन्होंने तब गेंदबाजी में जरूर दो विकेट झटके. इसके बाद सेंट्रल जोन के खिलाफ सेमीफाइनल में वैभव का बल्ला जमकर गरजा. वैभव ने पहली पारी में 92 और दूसरी पारी में 40 रन बनाए. वैभव ने इस दौरान एक बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम किया. वैभव दलीप ट्रॉफी में अर्धशतक जड़ने वाले सबसे कम उम्र के बल्लेबाज बन गए थे l

    ईस्ट जोन की प्लेइंग-11: अभिमन्यु ईश्वरन, वैभव सूर्यवंशी, कुमार कुशाग्र, सुदीप कुमार घरामी, ईशान किशन (विकेटकीपर/कप्तान), शिखर मोहन, अनुकूल रॉय, मोहम्मद कौनैन कुरैशी, मोहम्मद शमी, अभिजीत के सरकार और मुकेश कुमार l

    साउथ जोन की प्लेइंग-11: रिकी भुई, नारायण जगदीशन (विकेटकीपर), देवदत्त पडिक्कल, शेख रशीद, तिलक वर्मा (कप्तान), स्मरण रविचंद्रन, श्रेयस गोपाल, त्रिपुराना विजय, मोहम्मद सिराज, चामा मिलिंद और एमडी निधीश l

  • सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर झारखंड में राजकीय शोक, सरकारी कार्यक्रम और कई आयोजन स्थगित

    सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर झारखंड में राजकीय शोक, सरकारी कार्यक्रम और कई आयोजन स्थगित

    रांची
     झारखंड में कैबिनेट मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर 6 और 7 सितंबर को राजकीय शोक की घोषणा की गई है। मंत्रिमंडल एवं समन्वय विभाग ने इसको लेकर आदेश जारी किया है। राजकीय शोक के दौरान जिन भवनों नियमित रूप से राष्ट्रीय ध्वज फहराए जाते हैं, वहां राष्ट्रीय ध्वज आधे झुके रहेंगे।

    इस दौरान सात सितंबर को राज्य सरकार के सभी कार्यालय, स्कूल आदि बंद रहेंगे। छह एवं सात सितंबर को कोई राजकीय समारोह आयोजित नहीं होगा।

    सुदिव्य कुमार का देहांत रविवार सुबह हार्ट अटैक से 56 साल की उम्र में अस्पताल में हुआ। उनके पास पर्यटन, कला एवं संस्कृति, खेलकूद और युवा कार्य विभाग के साथ नगर विकास और उच्च तकनीकी शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी थी।

    JMM पार्टी का झंडा भी झुका
    झारखंड के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के सम्मान में JMM ने अपने कैंप ऑफिस में पार्टी का झंडा झुका दिया। इसके अलावा पार्टी ने अपने सारे प्रस्तावित कार्यक्रम स्थगित कर दिया है। मंत्री सुदिव्य सोनू का पार्थिव शरीर विधानसभा नहीं लाया जाएगा। गृह क्षेत्र गिरिडीह में आज ही उनका दाह संस्कार होगा।

    कांग्रेस ने रद किया लोकभवन मार्च
    झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू जी के आकस्मिक निधन के कारण उत्पन्न शोक की घड़ी को देखते हुए 7 सितंबर को प्रस्तावित लोकभवन मार्च-प्रदर्शन कार्यक्रम एवं 8 सितम्बर को SIR पर आयोजित बैठक को भी स्थगित किया जाता है।

    उन्होंने कहा कि इस दुःख की घड़ी में कांग्रेस पार्टी शोकाकुल परिवार के साथ खड़ी है। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें एवं शोक संतप्त परिजनों को इस अपार दुःख को सहने की शक्ति दें।

    जिला ओलंपिक एसोसिएशन का सम्मान समारोह टला
    झारखंड के कैबिनेट मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के असामयिक निधन से पश्चिमी सिंहभूम जिले में शोक की लहर है। इसके चलते पश्चिमी सिंहभूम जिला ओलंपिक एसोसिएशन ने खिलाड़ी एवं प्रशिक्षक सम्मान समारोह को स्थगित कर दिया है।

    इसके साथ ही 7 सितंबर को पश्चिमी सिंहभूम के सभी प्रखंड मुख्यालयों में आयोजित होने वाला धरना-प्रदर्शन भी स्थगित रहेगा। आयोजकों के अनुसार इन सभी कार्यक्रमों की नई तिथियों की घोषणा बाद में की जाएगी।

  • पंजाब में किसान मोर्चा 6वें दिन भी जारी, दोपहर तक मांगें नहीं मानीं तो बड़े आंदोलन की चेतावनी

    पंजाब में किसान मोर्चा 6वें दिन भी जारी, दोपहर तक मांगें नहीं मानीं तो बड़े आंदोलन की चेतावनी

     मोहाली
     संयुक्त किसान मोर्चे की ओर से अपनी मांगों को लेकर 1 से 7 सितंबर तक मोहाली-चंडीगढ़ बार्डर पर मोहाली से चंडीगढ़ जाने वाली मुख्य सड़क की एक साइड मोर्चा लगाने का आज 6वां दिन है। इन 6 दिनों के दौरान सरकार की ओर से किसान नेताओं से किसी प्रकार की बातचीत नहीं की गई है जिससे किसान नेता गुस्से में।

    सरकार और किसान नेताओं के बीच तालमेल बैठाने के लिए चंडीगढ़ की एसएसपी और रोपड़ रेंज के डीआईजी नानक सिंह की ओर से मीटिंग की गई थी। जिसके बाद प्रशासन ने शुक्रवार को एक दिन का समय मांगा था।

    किसानों की ओर से अमेरिका के साथ ट्रेड डील न करने, पानी के मुद्दे को लेकर सेक्शन 78,79,80 रद्द करने, किसानों का पूरा कर्ज माफ करने, फसलों का दाम स्वामीनाथन रिपोर्ट के हिसाब से तय करने, बिजली बिल 2025 और बीज बिल 25 वापस लेने, गन्ने का दाम 500 रुपये प्रति क्विंटल करने, लैंड पुलिंग स्कीम रद्द करने सहित कई अन्य मांगों को लेकर मोहाली में पक्का मोर्चा लगाया गया है।

    रविवार 2 बजे तक करेंगे प्रशासन के जवाब का इंतजार
    पक्के मोर्चे से रोजाना स्टेज पर किसान नेता अपनी बातों को किसानों के सामने रख रहे है। सुबह 11 से 2 बजे तक स्टेज पर किसान नेता अपनी बात रखने के बाद रोजाना शाम को अपनी मीटिंग कर रहे है और अगली रणनीति तैयार कर रहे है।

    रविवार को दोपहर 2 बजे तक किसान नेता प्रशासन के जवाब का इंतजार कर रहे है अगर इस दौरान कोई संदेशा प्रशासन की ओर से नहीं आया तो किसान नेता शाम 5 बजे अपनी मीटिंग करने के बाद अगले संघर्ष का ऐलान कर देंगे।

    किसान नेताओं की ओर से 7 सितंबर तक मोर्चा लगाने की बात कही गई थी लेकिन आज कोई बात नहीं बनी तो हो सकता है किसान इस मोर्चे को और आगे बढ़ा सकते है। वैसे किसान नेताओं की बातों से लगता है कि वे इस मोर्चे से अपनी मांगों को मनवाने के बाद ही यहां से वापसी करेंगे।

    किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल ने कहा कि माहिरों की एक रिपोर्ट के अनुसार पंजाब से 2039 में पानी खत्म हो जाएगा ऐसे में लोगों के सामने विकट स्थिति बन जाएगी। इस विकट स्थिति बनने से पहले पंजाब के लोग सरकारों से अपनी मांगों को मांग रहे है।

    उन्होंने कहा कि पानी के मुद्दे को सुलझाने के लिए पिछले काफी समय से सरकारों को मांग पत्र दिए जा रहे है और अपना विरोध जताया जा रहा है लेकिन सरकारों को पंजाब के किसानों की तरफ कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।

    उन्होंने कहा कि प्रशासन की ओर से एक दिन का समय मांगा गया था अब रविवार को प्रशासन जैसी जानकारी देगा उसके बाद वैसा संघर्ष का ऐलान किया जाएगा।
    भारी बारिश के बाद भी किसान मोर्चे पर डटे हुए

    पिछले दिनों हुई बारिश के बाद किसानों पूरी तरह से मोर्चे पर डटे हुए है। शनिवार शाम को बारिश में भीगने के बाद भी एयरपोर्ट रोड के चौकों पर हाथों में झंडे लेकर अपनी बात लोगों के सामने रखी। किसानों का कहना है कि सरकारों को अपनी मांगें मनवाने के लिए मोर्चे में बैठे हुए है।

     

  • जस्टिस संजय के. अग्रवाल संभालेंगे राजस्थान हाईकोर्ट की कमान, सोमवार को शपथ की तैयारी

    जस्टिस संजय के. अग्रवाल संभालेंगे राजस्थान हाईकोर्ट की कमान, सोमवार को शपथ की तैयारी

    जयपुर
    राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शनिवार रात एक आधिकारिक आदेश जारी करते हुए छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के वरिष्ठ न्यायाधीश जस्टिस संजय के. अग्रवाल को राजस्थान हाईकोर्ट का नया मुख्य न्यायाधीश (Chief Justice) नियुक्त करने का वारंट जारी कर दिया है। राष्ट्रपति के वारंट के तुरंत बाद केंद्र सरकार के कानून एवं न्याय मंत्रालय ने भी उनकी आधिकारिक नियुक्ति की अधिसूचना जारी कर दी है। इस महत्वपूर्ण नियुक्ति के साथ ही राजस्थान हाईकोर्ट को करीब 11 महीने के लंबे इंतजार के बाद आखिरकार अपना नियमित और स्थायी मुख्य न्यायाधीश मिल गया है।

    हाईकोर्ट प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार, सोमवार सुबह साढ़े नौ बजे शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया जा सकता है। राज्यपाल हरिभाऊ बागडे राजभवन में आयोजित होने वाले एक गरिमामय समारोह में जस्टिस संजय के. अग्रवाल को राजस्थान हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे।

    सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिश, केंद्र की मुहर
    राजस्थान हाईकोर्ट में मुख्य न्यायाधीश का पद काफी समय से कार्यवाहक व्यवस्था के तहत चल रहा था। इस प्रशासनिक शून्यता को खत्म करने के लिए सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने इसी सप्ताह जस्टिस संजय के. अग्रवाल को राजस्थान हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने की औपचारिक सिफारिश केंद्र सरकार को भेजी थी।

    केंद्र सरकार और राष्ट्रपति भवन से त्वरित मंजूरी मिलने के बाद शनिवार देर रात अधिसूचना जारी कर दी गई। कॉलेजियम की इस सिफारिश के तहत देशभर के कई अन्य हाईकोर्ट में भी नए मुख्य न्यायाधीशों की नियुक्तियां की गई हैं, जिसमें राजस्थान हाईकोर्ट के जस्टिस पुष्पेंद्र सिंह भाटी को जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाया गया है।

    नए सीजे जस्टिस संजय के. अग्रवाल का सफर
    15 जुलाई 1965 को छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के ऐतिहासिक नगर रतनपुर में जन्मे जस्टिस संजय के. अग्रवाल एक बेहद सम्मानित, जमीनी और समृद्ध न्यायिक पृष्ठभूमि वाले व्यक्तित्व हैं। उनके पिता श्री वीरेंद्र अग्रवाल और माता श्रीमती चमेली अग्रवाल हैं। उन्होंने अपनी शुरुआती स्कूली शिक्षा रतनपुर से पूरी करने के बाद गुरु घासीदास विश्वविद्यालय, बिलासपुर से विज्ञान स्नातक (B.Sc.) और कानून स्नातक (LL.B.) की डिग्रियां प्राप्त कीं। इसके बाद उन्होंने पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय, रायपुर से मास्टर ऑफ लॉज (LL.M.) की उच्च शिक्षा हासिल की।

    3 जनवरी 1989 को एक अधिवक्ता के रूप में अपना करियर शुरू करने वाले जस्टिस अग्रवाल ने बिलासपुर जिला अदालत, मध्य प्रदेश हाईकोर्ट (जबलपुर) और छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में लंबे समय तक सिविल, क्रिमिनल और संवैधानिक मामलों में वकालत की। वे छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) सहित कई प्रतिष्ठित संस्थानों के स्थायी वकील रहे और न्यायाधीश बनने से पहले छत्तीसगढ़ के महाधिवक्ता (Advocate General) के शीर्ष संवैधानिक पद को भी संभाल चुके हैं।

    न्यायिक करियर में शानदार अनुभव
    जस्टिस संजय के. अग्रवाल का न्यायिक सफर बेहद प्रभावशाली रहा है। उन्हें सितंबर 2013 में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का अतिरिक्त न्यायाधीश नियुक्त किया गया था, जिसके बाद मार्च 2016 में वे स्थायी न्यायाधीश बने। हाल ही में उन्हें छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश भी बनाया गया था।

    कानूनी मामलों की गहरी समझ, निष्पक्ष कार्यशैली और स्पष्ट निर्णयों के लिए पहचाने जाने वाले जस्टिस अग्रवाल के राजस्थान हाईकोर्ट का सीजे बनने से राज्य में लंबित मुकदमों के त्वरित निस्तारण और न्यायिक प्रशासन में नई गति आने की पूरी उम्मीद जताई जा रही है।

    मुख्य न्यायाधीशों के तबादले और नियुक्तियां
    सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिशों के आधार पर देश के विभिन्न हाईकोर्ट में भी नए मुख्य न्यायाधीशों की नियुक्तियां की गई हैं:

    जस्टिस पुष्पेंद्र सिंह भाटी: जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट
    जस्टिस वी. कामेश्वर राव: पटना हाईकोर्ट

    जस्टिस रविंद्र वी. घुगे: कलकत्ता हाईकोर्ट

    जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी: बॉम्बे हाईकोर्ट

    जस्टिस अश्वनी कुमार मिश्रा: पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट

    जस्टिस कृष्ण राम महापात्र: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट

    जस्टिस अल्पेश यशवंत कोगजे: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट

     

  • यूपी चुनाव की तैयारी तेज, योगी के नेतृत्व में 2027 का चुनाव लड़ेगी भाजपा

    यूपी चुनाव की तैयारी तेज, योगी के नेतृत्व में 2027 का चुनाव लड़ेगी भाजपा

    लखनऊ
    भाजपा, सीएम योगी आदित्यनाथ की कप्तानी में ही 2027 के रण में उतरेगी। पार्टी का यूपी प्रभारी बनाए जाने के बाद पहली बार लखनऊ पहुंचे राष्ट्रीय महामंत्री विनोद तावड़े ने बीजेपी की अंदरुनी सियासत को लेकर राजनीतिक गलियारों में लगाई जाने वाली तमाम अटकलों पर विराम लगा दिया। शनिवार को उन्होंने कहा कि सीएम योगी की अगुआई में भाजपा एक बार फिर 2027 में यूपी फतेह करेगी। दो दिवसीय दौरे पर आए तावड़े ने सपा के पीडीए पर तंज भी कसा। उन्होंने कहा कि सपा के पीडीए का मतलब पराया धन अपना है। इससे पहले भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन भी योगी के नेतृत्व में 2027 का विधानसभा चुनाव लड़े जाने की बात कह चुके हैं।

    अगले साल होने वाले विधान सभा चुनाव के लिए भाजपा ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। तैयारियों की थाह लेने और पार्टी की चुनावी रणनीति की दिशा तय करने के लिए शनिवार को विनोद तावड़े दो दिवसीय दौरे पर राजधानी पहुंचे हैं। तावड़े ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का यूपी पर पूरा फोकस है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और अमित शाह, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी के दिशा-निर्देशन में एनडीए के कार्यकर्ता पूरी ताकत से चुनाव लड़ेंगे और यूपी में जीत हासिल करेंगे। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, प्रदेश महामंत्री (संगठन) धर्मपाल सिंह, प्रदेश महामंत्री संजय राय, मुख्यालय प्रभारी गोविन्द नारायण शुक्ला समेत वरिष्ठ नेताओं ने उनका एयरपोर्ट पर स्वागत किया।

    नारी सुरक्षा को मुद्दा बनाएगी भाजपा
    तावड़े ने पीडीए पर तंज कसते हुए जिस तरह से पराया धन अपना कहा और उसकी व्याख्या करते हुए रुपया-पैसा और जमीन-जायदाद के साथ स्त्रीधन का जिक्र किया, उससे अटकलें लगाई जा रही हैं कि भाजपा सपा शासन काल में महिला सुरक्षा की स्थिति को बड़ा मुद्दा बनाने की तैयारी में है। तावड़े ने कहा कि सपा के पीडीए का मतलब पराया धन अपना है। सूत्रों के मुताबिक भाजपा सपा सरकार के कार्यकाल में महिलाओं और बहू-बेटियों की सुरक्षा को लेकर उठे सवालों को पार्टी आगामी चुनाव में फिर जनता के बीच ले जाएगी। छेड़छाड़, महिला उत्पीड़न और दुष्कर्म जैसी घटनाओं को लेकर भाजपा पहले भी सपा सरकार पर हमलावर रही है।

    कोर कमेटी की बैठक
    यूपी दौरे के दूसरे दिन भाजपा कोर कमेटी की बैठक होगी। रविवार को मुख्यमंत्री के साथ तावड़े की मुलाकात होगी। इसमें चुनाव की रणनीति और व्यापक बातचीत करके अहम फैसले लिए जाएंगे। इसके अलावा रविवार को क्षेत्रीय प्रभारियों, क्षेत्रीय अध्यक्षों और क्षेत्रीय महामंत्रियों के साथ भी बैठक प्रस्तावित है। इस बैठक में क्षेत्रवार राजनीतिक स्थितियों का जायजा लेकर उनके मुताबिक चुनावी रणनीति पर बातचीत होगी।

    केशव और ब्रजेश पाठक से मिले तावड़े
    यूपी भाजपा के नए प्रभारी विनोद तावड़े ने शनिवार देर शाम दोनों उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक के सरकारी आवास पर जाकर उनसे मुलाकात की।सूत्रों के मुताबिक दोनों उप मुख्यमंत्रियों से प्रदेश सरकार के कामकाज और जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की पर चर्चा हुई। आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों और संगठन की भावी रणनीति को लेकर भी बातचीत हुई है।विनोद तावड़े और सह प्रभारी जगदीप भाई पटेल का बेहद सादगी से उनका स्वागत हुआ।

  • चित्रकूट में बाढ़ पीड़ितों से मिलेंगे सीएम योगी, 800 परिवारों को देंगे राहत सामग्री

    चित्रकूट में बाढ़ पीड़ितों से मिलेंगे सीएम योगी, 800 परिवारों को देंगे राहत सामग्री

    सीएम योगी रविवार को चित्रकूट पहुंचेंगे, बाढ़ प्रभावित 800 परिवारों को राहत सामग्री वितरित करेंगे

    बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण कर हालात का लेंगे जायजा

    आश्रयहीन परिवारों को देंगे भूमि आवंटन प्रमाणपत्र और राहत राशि का करेंगे वितरण

    रैन बसेरा में बाढ़ पीड़ितों से संवाद कर जानेंगे उनकी समस्याएं

    लखनऊ, 
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ रविवार को चित्रकूट जनपद के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह बाढ़ प्रभावित 800 परिवारों को राहत सामग्री वितरित करेंगे। साथ ही बाढ़ में आश्रयहीन हुए परिवारों को आवास के लिए भूमि आवंटन प्रमाण पत्र और आपदा मोचन निधि से राहत राशि भी प्रदान करेंगे।

    मुख्यमंत्री बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण कर हालात का जायजा लेंगे। इसके बाद रैन बसेरा में बाढ़ प्रभावित लोगों से संवाद कर उनकी समस्याएं जानेंगे।

    कार्यक्रम के दौरान मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, जिला पंचायत प्रशासक अशोक जाटव, नगर पालिका परिषद चित्रकूटधाम कर्वी अध्यक्ष नरेंद्र गुप्ता और मानिकपुर विधायक अविनाश चंद्र द्विवेदी समेत अन्य गणमान्य मौजूद रहेंगे।

  • बाढ़ प्रभावितों के लिए योगी सरकार की बड़ी मुहिम, 19 हजार से ज्यादा लोगों को सुरक्षित ठिकानों तक पहुंचाया

    बाढ़ प्रभावितों के लिए योगी सरकार की बड़ी मुहिम, 19 हजार से ज्यादा लोगों को सुरक्षित ठिकानों तक पहुंचाया

    बाढ़ में योगी सरकार का राहत अभियान तेज, 19 हजार से ज्यादा लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया

    राहत-बचाव के बीच 4.66 लाख से अधिक लंच पैकेट और 92 हजार राहत खाद्य पैकेट वितरित किए

    1,977 नाव-मोटरबोट से जारी है बचाव अभियान, अब तक शून्य जनहानि, शरणालयों में मिला सुरक्षित ठिकाना

    लोगों के स्वास्थ का ध्यान रखते हुए 6.13 लाख क्लोरीन टैबलेट और 2.17 लाख ओआरएस वितरित किए

    लखनऊ
     उत्तर प्रदेश में बाढ़ की चुनौती के बीच योगी सरकार ने राहत एवं बचाव अभियान को युद्धस्तर पर तेज कर दिया है। प्रशासन की सतर्कता, राहत दलों की तत्परता और प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी का असर साफ दिखाई दे रहा है। उत्तर प्रदेश राहत आयुक्त कार्यालय के मुताबिक प्रदेश में अब तक 19,294 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है, जबकि बाढ़ से जन व पशुहानि का आंकड़ा शून्य है। प्रभावित परिवारों तक भोजन और जरूरी राहत सामग्री पहुंचाने के साथ स्वास्थ्य सुरक्षा के भी व्यापक इंतजाम किए गए हैं।

    4.66 लाख से अधिक लंच पैकेट बांटे
    बाढ़ प्रभावित लोगों को तत्काल भोजन उपलब्ध कराने के लिए बड़े स्तर पर राहत अभियान चल रहा है। अब तक 4.66 लाख से अधिक लंच पैकेट वितरित किए जा चुके हैं। इसके अलावा 92,128 बाढ़ राहत खाद्य पैकेट भी प्रभावित परिवारों तक पहुंचाए गए हैं। इससे बाढ़ के चलते आवागमन अवरुद्ध होने से प्रभावित होने वाले परिवारों को संकट के समय भोजन की उपलब्धता सुनिश्चित हो रही है।

    रेस्क्यू अभियान में 1,977 नाव-मोटरबोट
    राहत एवं बचाव अभियान के लिए अब तक 1,977 नाव एवं मोटरबोट रेस्क्यू कार्य में लगाई जा चुकी हैं। इनके माध्यम से प्रभावित गांवों और जलभराव वाले इलाकों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने के साथ जरूरी राहत सामग्री भी पहुंचाई जा रही है।

    1,313 बाढ़ शरणालयों में सुरक्षित ठिकाना
    प्रभावित लोगों के लिए प्रदेश में अब तक 1,313 बाढ़ शरणालय स्थापित किए गए हैं। जहां 6,538 लोग रह रहे हैं। सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए गए लोगों के लिए भोजन और आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जा रही है।

    स्वास्थ्य विभाग से लगातार सक्रिय
    बाढ़ के बाद जलजनित बीमारियों की आशंका को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग भी सक्रिय है। प्रदेश में 1,072 मेडिकल टीमें गठित की गई हैं। स्वच्छ पेयजल और स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए अब तक 6.13 लाख से ज्यादा क्लोरीन टैबलेट और 2.17 लाख से अधिक ओआरएस पैकेट वितरित किए जा चुके हैं। इससे प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य संबंधी जोखिम को कम करने में मदद मिल रही है।

    शनिवार को प्रभावित जिले
    अयोध्या, आजमगढ़, बहराइच, बदायूं, बलिया, बांदा, बाराबंकी, बस्ती, चंदौली, फर्रुखाबाद, गाजीपुर, गोंडा, गोरखपुर, हरदोई, कासगंज, कानपुर नगर, लखीमपुर खीरी, मिर्जापुर, मुरादाबाद, प्रयागराज, रायबरेली, संत कबीर नगर, रामपुर, शाहजहांपुर, सीतापुर, उन्नाव और वाराणसी।