Category: मध्य प्रदेश

  • MP Police Recruitment 2026: पुलिस विभाग में बड़ी भर्ती को मंजूरी, जानिए किन पदों पर होगी नियुक्ति

    MP Police Recruitment 2026: पुलिस विभाग में बड़ी भर्ती को मंजूरी, जानिए किन पदों पर होगी नियुक्ति

    भोपाल 
     मध्य प्रदेश पुलिस में बंपर भर्ती निकलने वाली है। राज्य सरकार ने पुलिस विभाग में 9662 पदों पर भर्ती को मंजूरी दे दी है। इनमें सबसे ज्यादा 8500 कांस्टेबल (GD और ड्राइवर) के पद हैं। भर्ती प्रक्रिया शुरू करने के लिए मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल (ESB) जल्द विज्ञापन जारी करेगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने तीन दिन पहले पुलिस मुख्यालय में वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक में रिक्त पदों को तेजी से भरने के निर्देश दिए थे। इसके बाद गृह विभाग ने विभिन्न श्रेणी के 9662 पदों पर भर्ती की प्रशासनिक स्वीकृति जारी कर दी है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि आगामी महीनों में भी रिक्त पदों की पूर्ति और पदोन्नति की प्रक्रिया जारी रहेगी।

    कर्मचारी चयन मंडल जारी करेगा नोटिफिकेशन
    कर्मचारी चयन मंडल (ESB) इन पदों पर भर्ती के लिए विस्तृत विज्ञापन जारी करेगा। नोटिफिकेशन में आवेदन की तारीख, आयु सीमा, योग्यता, परीक्षा पैटर्न और चयन प्रक्रिया की जानकारी दी जाएगी।

    जीडी कॉन्स्टेबल के पद सबसे ज्यादा
    इस पुलिस भर्ती के लिए स्वीकृत पदों के ब्योरे के अनुसार सबसे अधिक तृतीय श्रेणी के आरक्षक (जीडी) के 7,500 पदों पर भर्ती होगी। इसके अतिरिक्त आरक्षक चालक के 1,000 पद, सूबेदार (अ) शीघ्रलेखक के 135 और सहायक उपनिरीक्षक (अ) के 520 पदों को शामिल किया गया है।

    वहीं एक अन्य आदेश के तहत अराजपत्रित सूबेदार के 81 पद, जिला पुलिस बल उपनिरीक्षक के 312 पद, विशेष सशस्त्र बल (विसबल) के 69 पद तथा फिंगरप्रिंट, आयुध और फोटो शाखा जैसी तकनीकी इकाइयों के कुल 507 पदों पर सीधी भर्ती की जाएगी। एमपी पुलिस की इस भर्ती का नोटिफिकेशन मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग द्वारा अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर जारी किया जाएगा। इसके बाद यहीं ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया भी शुरू की जाएगी।

    भरे जाएंगे 18 हजार पद
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पष्ट किया कि पुलिस बल में कुल 18 हजार पदों को भरा जाना है, जिसके तहत शेष पदों के आदेश भी जल्द जारी किए जाएंगे। इससे पूर्व भी लगभग 25 हजार पुलिसकर्मियों की पदोन्नति की जा चुकी है, जिससे पदोन्नति और नई भर्तियों का चक्र तेजी से आगे बढ़ रहा है। सरकार का मुख्य ध्येय मध्यप्रदेश पुलिस की कार्यक्षमता को बढ़ाकर उसे देश का सर्वश्रेष्ठ पुलिस बल बनाना है।
    वर्षा यादव 

    चार आदेशों में स्वीकृत किए गए 9 हजार 662 पद
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव के निर्देशों के परिपालन में गृह विभाग ने वर्ष 2026 में मध्यप्रदेश पुलिस की विभिन्न इकाइयों में तृतीय श्रेणी के सीधी भर्ती के अराजपत्रित सूबेदार (अ) शीघ्र लेखक के 135 पद और सहायक उपनिरीक्षक (अ) के 520 पद, इस तरह 655 पदों पर सीधी भर्ती के लिए प्रशासकीय स्वीकृति के लिए आदेश जारी किया है।

    इसी तरह एक अन्य आदेश में अराजपत्रित सूबेदार के 81 पद, उपनिरीक्षक (जिला पुलिस बल) के 312 पद, उपनिरीक्षक (विसबल) के 69 पद, उपनिरीक्षक (क्यूडी) के 04 पद, उपनिरीक्षक (अंगुल चिन्ह) के 22 पद, उपनिरीक्षक (आयुध) के 10 पद, उपनिरीक्षक फोटो के 09 पद, इस प्रकार 507 पदों पर सीधी भर्ती के लिए स्वीकृति प्रदान की गई है।

    – राज्य शासन द्वारा सर्वाधिक पद तृतीय श्रेणी के सीधी भर्ती के आरक्षक (जीडी) की नियुक्ति के लिए स्वीकृत किए गए हैं। इस संबंध में आदेश जारी कर 7500 पद स्वीकृत किए गए हैं।

    गृह विभाग ने एक अन्य आदेश में तृतीय श्रेणी के सीधी भर्ती के आरक्षक (चालक) के 1000 पदों के लिए प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की है।

    18 हजार पद भरे जाएंगे, बनाएंगे देश की सर्वश्रेष्ठ पुलिस
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुलिस में 18 हजार पद भरे जाने के निर्देश दिए हैं। वर्तमान में स्वीकृत 9662 पदों के अलावा शेष आदेश भी शीघ्र जारी किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा है कि गत वर्ष 8500 पदों की स्वीकृति के पश्चात् इस वर्ष पदों की स्वीकृति का महत्वपूर्ण कार्य संपन्न हुआ है। मध्यप्रदेश पुलिस को देश की सर्वश्रेष्ठ पुलिस बनाने की दिशा में प्रयास जारी रहेंगे। प्रदेश से नक्सलवाद खत्म होने के बाद विकास के कार्यों में भी पुलिस बल की रचनात्मक भूमिका सुनिश्चित की जाएगी।

  • मध्य प्रदेश प्रशासन में बड़ा बदलाव, अशोक बर्णवाल नए मुख्य सचिव नियुक्त, अनुराग जैन नीति आयोग के CEO बने

    मध्य प्रदेश प्रशासन में बड़ा बदलाव, अशोक बर्णवाल नए मुख्य सचिव नियुक्त, अनुराग जैन नीति आयोग के CEO बने

    भोपाल
     मध्य प्रदेश के लिए प्रशासनिक दृष्टि से बुधवार का दिन महत्वपूर्ण रहा। मुख्य सचिव अनुराग जैन की नियुक्ति प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता वाले नीति आयोग के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) के रूप में हुई तो वहीं 1991 बैच के आइएएस अधिकारी अशोक बर्णवाल को प्रदेश का नया मुख्य सचिव बनाया गया।

    बेदाग छवि के बर्णवाल को लक्ष्य की पूर्ति करने वाले और तेजतर्रार अधिकारी के रूप में माना जाता है। वे वर्तमान में अपर मुख्य सचिव लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा हैं। नियुक्ति के बाद उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से सौजन्य भेंट की।

    देश में नीति निर्धारण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले नीति आयोग में मध्य प्रदेश के 1989 बैच के आइएएस अधिकारी अनुराग जैन की नियुक्ति की संभावना काफी दिनों से लगाई जा रही थी। उन्हें तीन अक्टूबर, 2024 को प्रदेश का मुख्य सचिव बनाया गया था। 31 अगस्त 2025 को वह सेवानिवृत्त होने वाले थे लेकिन भारत सरकार ने एक वर्ष का सेवा विस्तार दिया। इस अवधि के पूरा होने से पहले ही उन्हें नीति आयोग में सीईओ बना दिया गया।

    प्रदेश में नए मुख्य सचिव के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अशोक बर्णवाल का चयन किया है। वे जनवरी 2027 में सेवानिवृत्त होंगे।

    बर्णवाल की बेदाग छवि काम आई
    1991 बैच के अशोक बर्णवाल नीति आयोग के सीईओ बनाए गए अनुराग जैन के भरोसेमंद अधिकारी रहे हैं। सूत्र बताते हैं कि जैन की सिफारिश पर ही उन्हें मुख्य सचिव बनाया गया है। स्वास्थ्य, वन, पर्यावरण, कृषि, पिछड़ा वर्ग कल्याण और प्रशासन से जुड़े विभिन्न जटिल विभागों का कुशलतापूर्वक संचालन करने का 35 वर्षों का लंबा अनुभव है।

    तकनीकी और प्रबंधकीय योग्यता में भी उनकी महारत हासिल है। उन्होंने बीटेक (माइनिंग इंजीनियरिंग) के साथ-साथ पब्लिक पॉलिसी एंड मैनेजमेंट में उच्च शिक्षा प्राप्त की है। उनकी यही पृष्ठभूमि नीतिगत चुनौतियों को तकनीकी और रणनीतिक दृष्टिकोण से हल करने में मददगार साबित होती है।

    जटिल क्षेत्रों में पीपुल-फर्स्ट अप्रोच के चलते वर्तमान में वे अपर मुख्य सचिव (लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा) जैसे महत्वपूर्ण पद पर कार्यरत हैं। स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे के आधुनिकीकरण, खाद्य सुरक्षा आयुक्त और भोपाल गैस त्रासदी राहत कार्यों जैसे संवेदनशील मामलों में उनके जनहित-प्रथम कार्यशैली के रिकॉर्ड को देखते हुए सरकार ने उन पर भरोसा जताया है।

    दो मुख्यमंत्रियों के प्रमुख सचिव रह चुके हैं बर्णवाल
    अशोक बर्णवाल उन अधिकारियों में से हैं जो दो मुख्यमंत्रियों के प्रमुख सचिव रहे हैं। अगस्त 2016 में शिवराज सिंह चौहान ने उन्हें अपना प्रमुख सचिव बनाया तो 2018 में जब कमल नाथ के नेतृत्व में कांग्रेस की सरकार बनी तब भी वे प्रमुख सचिव थे।

    डॉ. राजेश राजौरा की मंत्रालय से होगी विदाई
    अनुराग जैन के बाद प्रदेश में सबसे वरिष्ठ अधिकारी 1990 बैच के अपर मुख्य सचिव (जल संसाधन) डॉ. राजेश कुमार राजौरा हैं। चूंकि, बर्णवाल 1991 बैच के अधिकारी हैं इसलिए डॉ. राजौरा की मंत्रालय से विदाई होगी। अब तक ऐसा ही होता आया है ताकि कार्य संचालन में मुख्य सचिव को कोई परेशानी न हो।

    प्रशासनिक कौशल, नीतिगत विशेषज्ञता के कारण नीति आयोग के सीईओ बने अनुराग जैन
    1989 बैच के मध्य प्रदेश कैडर के वरिष्ठ आइएएस अधिकारी अनुराग जैन केंद्रीय मंत्रालयों में सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के सचिव, उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग के सचिव और प्रधानमंत्री कार्यालय में संयुक्त सचिव जैसे कई महत्वपूर्ण पदों पर जिम्मेदारी संभाली है। जनधन योजना के सूत्रधार जैन ही थे।

    बुनियादी ढांचे के विकास, औद्योगिक विकास, लॉजिस्टिक्स और शासन सुधारों में उनके बेहतरीन ट्रैक रिकॉर्ड को देखते हुए सरकार ने उन्हें देश के इस शीर्ष नीति नियामक थिंक-टैंक की कमान सौंपी है। 31 अगस्त 2025 को वे मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव पद से सेवानिवृत्त होने वाले थे लेकिन केंद्र सरकार ने उन्हें एक वर्ष की सेवावृद्धि दे दी थी। पिछले कुछ महीनों से कयास लगाए जा रहे थे कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की पसंद के चलते उन्हें नीति आयोग या पीएमओ में पदस्थ किया जा सकता है।

    इधर आदेश, उधर टी पार्टी
    इसे संयोग कहा जाए या फिर पूर्वानुमान, अनुराग जैन को नीति आयोग में सीईओ बनाने का जब आदेश सार्वजनिक हुआ, उससे ठीक पहले उन्होंने टी पार्टी आयोजित की। इसमें सभी अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव और विभागाध्यक्षों को आमंत्रित किया गया।

     

  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव बोले— क्रांति की उपलब्धि हर युवा के लिए प्रेरणा, देश का बढ़ाया मान

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव बोले— क्रांति की उपलब्धि हर युवा के लिए प्रेरणा, देश का बढ़ाया मान

    क्रांति ने अपनी प्रतिभा के दम पर दुनिया में बढ़ाया भारत का मान: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    हमारी बेटियां किसी से कम नहीं, क्रांति लेकर आईं हैं प्रदेश में खेल क्रांति
    लार्ड्स के प्रतिष्ठित टेस्ट ऑनर्स बोर्ड पर नाम दर्ज कराने वाली पहली महिला क्रिकेटर हैं सुक्रांति गौड़
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मप्र की स्टार क्रिकेटर सुक्रांति गौड़ को दी 5 लाख रुपए सम्मान राशि
    मुख्यमंत्री निवास में हुआ क्रिकेटर सुक्रांति का भव्य सम्मान समारोह

    भोपाल

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश सरकार खेलों को बढ़ावा देने के लिए स्पोर्ट्स इन्फ्रास्ट्रक्चर, खिलाड़ियों की ट्रेनिंग और उन्हें सभी सुविधाएं उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दे रही है। राज्य में 'खेलो बढ़ो अभियान' के अंतर्गत सांसद कप, विधायक कप के माध्यम से प्रदेश के हर विधानसभा और तहसील स्तर पर खेल प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही हैं। राज्य सरकार के इसी संकल्प का परिणाम है कि आज प्रदेश के खिलाड़ी क्रिकेट टूर्नामेंट्स, ओलिम्पिक गेम्स, खेलो इंडिया गेम्स में पदक जीत कर राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर मध्यप्रदेश का नाम रोशन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि बेटों के साथ-साथ हमारी बेटियां भी किसी से कम नहीं है। मध्यप्रदेश की बेटी सुक्रांति गौड़ ने अपनी प्रतिभा और कौशल के दम पर पूरे देश और प्रदेश का मान बढ़ाया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव बुधवार को मुख्यमंत्री निवास स्थित संवाद भवन में आयोजित सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश की सुप्रसिद्ध अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेटर सुक्रांति गौड़ और उनके पिता नरसिंह एवं भाई महेन्द्र सिंह को भी सम्मानित किया।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने क्रिकेटर सुगौड़ को बधाई देते हुए कहा कि मध्यप्रदेश की लाड़ली बिटिया और हमारी छोटी बहन सुक्रांति प्रदेश में नई खेल क्रांति लेकर आईं हैं।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने खेल एवं युवा कल्याण विभाग, मप्र शासन की ओर से लार्ड्स के 'टेस्ट ऑनर्स बोर्ड' पर अपना नाम दर्ज कराने वाली देश की पहली महिला क्रिकेटर सुक्रांति गौड़ को तीन लाख रुपए का चेक और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने लार्ड्स के ऐतिहासिक क्रिकेट ग्राउंड पर बुंदेलखण्ड की गौरव सुक्रांति गौड़ के सात विकेट लेकर बेहतरीन प्रदर्शन की मुक्तकंठ से सराहना की तथा क्रांति को इस बड़ी उपलब्धि के लिए अपनी ओर से दो लाख रूपये की सम्मान राशि का चेक भी सौंपा।

    परिवार के सपोर्ट के बिना संभव नहीं था ब्लू जर्सी पहनना : सुगौड़

    क्रिकेटर सुक्रांति गौड़ ने क्रिकेट खिलाड़ियों एवं मप्र खेल अकादमी के युवा खिलाड़ियों से संवाद भी किया। अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट खिलाड़ी सुगौड़ ने कहा कि उन्होंने बचपन में अनेक संघर्षों के बीच यह तय कर लिया था कि उन्हें टीम इंडिया की ब्लू जर्सी पहननी है। बुंदेलखंड के एक छोटे से गांव से क्रिकेट के अंतर्राष्ट्रीय मंच तक की यात्रा माता-पिता और परिवार के सहयोग एवं समर्थन के बिना पूरी नहीं हो सकती थी। सुक्रांति ने कहा कि उनके सपने को पूरा करने के लिए परिवार ने बारिश के मौसम में भी टपकते मकान के नीचे और रसोई में राशन नहीं होने जैसे मुश्किल दिन भी गुजारे हैं। अपना लक्ष्य हासिल करने के लिए उन्होंने ठान लिया था कि अब कुछ भी हो देश और अपनों के लिए कुछ कर गुजरना है।

    कार्यक्रम में खेल एवं युवक कल्याण तथा सहकारिता मंत्री विश्वास कैलाश सारंग, खेल सचिव संजीव सिंह, संचालक खेल एवं युवक कल्याण अंशुमान सिंह यादव सहित खेल विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एवं बड़ी संख्या में खिलाड़ी भी उपस्थित थे।

     

  • ‘आइए, मध्यप्रदेश में निवेश कीजिए’, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उद्योग जगत को दिया भरोसा

    ‘आइए, मध्यप्रदेश में निवेश कीजिए’, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उद्योग जगत को दिया भरोसा

    मध्यप्रदेश की धरती पर निवेशकों का स्वागत : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    मुख्यमंत्री से मिले श्याम सेल एंड पॉवर कम्पनी के पदाधिकारी
    पीथमपुर में दूसरी यूनिट लगाने के लिए अतिरिक्त भूमि आवंटित करने का किया अनुरोध

    भोपाल

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश प्रत्येक क्षेत्र में निरंतर प्रगति कर रहा है। प्रसन्नता व्यक्त की है कि उद्योगपति और निवेशक प्रदेश में निवेश करने में रूचि दर्शा रहे है। उन्होंने कहा कि समृद्धशाली देश के दिल में निवेश करने के इच्छुक प्रत्येक निवेशक का दिल से स्वागत है। मुख्यमंत्री से मंगलवार को मप्र विधानसभा स्थित मुख्यमंत्री कक्ष में श्याम सेल एंड पावर कम्पनी लिमिटेड के पदाधिकारियों ने सौजन्य भेंट की। कम्पनी के ज्वाइंट मैनेजिंग डायरेक्टर संजय अग्रवाल एवं चीफ आपरेटिंग आफिसर दीपक कुमार गौर ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को अपनी कम्पनी की भावी परियोजनाओं की जानकारी दी।

    पॉवर कंपनी के निवेशकों ने बताया कि उनकी कंपनी स्टेनलेस स्टील बनाती है। धार जिले के औद्योगिक प्रक्षेत्र पीथमपुर में उनकी एक निर्माण इकाई पहले से ही संचालित है। इस निर्माण इकाई में कंपनी ने 550 करोड़ रुपए का निवेश कर 1300 लोगों को रोजगार दिया है। कंपनी पीथमपुर में ही अपनी दूसरी उत्पादन इकाई प्रारंभ करना चाहती है। कंपनी इसमें करीब 1000 करोड़ रुपए का निवेश कर 1000 हजार से अधिक लोगों को रोजगार देने की मंशा रखती है। इसके लिए उन्हें पीथमपुर में ही अतिरिक्त भूमि की आवश्यकता है। कंपनी पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री से उन्हें अतिरिक्त भूमि आवंटित करने का अनुरोध किया।

    प्रमुख सचिव, औद्योगिक नीति एवं निवेश संवर्धन राघवेन्द्र कुमार सिंह ने बताया कि कम्पनी को प्रदेश की सभी नवीन औद्योगिक नीतियों की जानकारी दी गई है। कम्पनी ने अपनी दूसरी निर्माण इकाई की स्थापना के लिए भी पीथमपुर को ही चुना है। कम्पनी को इस दूसरी निर्माण इकाई के लिए 25 एकड़ भूमि पहले ही दी जा चुकी है। परंतु कंपनी को इससे भी अधिक भूमि की आवश्यकता है। इस अवसर पर म.प्र. औद्योगिक विकास निगम लिमिटेड के प्रबंध निदेशक चन्द्रमौली शुक्ला एवं अन्य विभागीय वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।

     

  • समानता के विचार से समाज को नई दिशा मिली, डॉ. हेडगेवार के योगदान को मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया याद

    समानता के विचार से समाज को नई दिशा मिली, डॉ. हेडगेवार के योगदान को मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया याद

    डॉ. हेडगेवार ने दिया था समानता का विचार : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    राष्ट्र, आज समान नागरिक संहिता का महत्व समझ रहा है
    रविंद्र भवन में हुआ डॉ. हेडगेवार के जीवन और कार्यों पर केंद्रित महानाट्य का मंचन

    भोपाल 

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि राष्ट्रवादी विचारधारा के संगठन राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के संस्थापक डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार ने देशभक्ति के साथ समानता का दर्शन दिया था। वे भारत माता को मिलने जा रही स्वतंत्रता को कायम रखने के महत्व को पहले ही जान चुके थे, इस नाते उन्होंने राष्ट्र हित में अपनी भूमिका का निर्वाह किया। वे दूरदर्शी सोच के साथ रचनात्मक प्रकल्प संचालित करते थे। डॉ. हेडगेवार के समता के भाव को आज राष्ट्र भी अंगीकार कर रहा है। समान नागरिक संहिता लागू करने की पहल भी इस भाव को दृष्टिगत रखते हुए की गई है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रवींद्र भवन में संस्कार भारती द्वारा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्ष होने के अवसर पर हुए महानाट्य "युग प्रवर्तक डॉ. हेडगेवार" के मंचन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यह बात कही।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि ईश्वर विशेष कार्य के लिए कोई निमित्त ढूंढता है। स्वामी विवेकानंद की ये भविष्यवाणी कि आने वाली सदी भारत की होगी,आज चरितार्थ हो रही है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, डॉ. हेडगेवार जी की कल्पना के भारत के निर्माण में संलग्न हैं। राष्ट्र अपने गर्व और गौरव को प्राप्त कर रहा है।भारत की पहचान एक विधान है।हमारा मूल दर्शन समानता का है। डॉ. हेडगेवार ने स्वतंत्रता के पहले चुनौती भरे दौर में राष्ट्र प्रेम और राष्ट्र सर्वोपरि के भाव का प्रकटीकरण ही नहीं किया,लाखों लाख नागरिकों को राष्ट्र सेवा की प्रेरणा भी दी।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने संस्कार भारती को डॉ. हेडगेवार के योगदान को नाटक के माध्यम से मंचित किये जाने के लिए बधाई दी। प्रारंभ में मुख्यमंत्री डॉ. यादव को मध्यप्रदेश विधानसभा में समान नागरिक संहिता विधेयक पारित होने का उल्लेख करते हुए बधाई और शुभकामनाएं दी गईं।

    कार्यक्रम को राष्ट्रीय सेवक संघ के पदाधिकारी हेमंत मुक्तिबोध ने भी संबोधित किया। उन्होंने कहा कि डॉ. हेडगेवार ने राष्ट्र को वैभव की ओर ले जाने के भरसक प्रयास किए। यह नाटक उनके जीवन के समर्पण,राष्ट्र निष्ठा और कर्म आधारित जीवन के स्वरूप को सामने लाने का माध्यम है। इस अवसर पर मंच पर वरिष्ठ पदाधिकारी अशोक पांडे, , फिल्म अभिनेता और रंगमंच निर्देशक राजीव वर्मा उपस्थित थे। कार्यक्रम में शशि भाई सेठ, पूर्व राज्यपाल कप्तान सिंह सोलंकी, सहकारिता मंत्री विश्वास सारंग, संस्कृति संचालक एन.पी. नामदेव और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे। प्रारंभ में अतिथियों का स्वागत किया गया। आभार प्रदर्शन रविंद्र सहस्त्रबुद्धे ने किया।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने नाटक के कलाकारों को उत्कृष्ट अभिनय के लिए बधाई दी। नागपुर की नादब्रम्ह संस्था द्वारा तैयार इस नाटक का निर्देशन सुबोध सुरजीकर ने किया। नाटक के लेखक डॉ. अजय प्रधान हैं। संस्कृति विभाग मध्यप्रदेश शासन के सहयोग से हुए नाटक में दक्ष कलाकारों ने प्रभावी अभिनय कर नाट्य प्रस्तुति को सफल बनाया। देश के अनेक नगरों में नाटक का मंचन हुआ है।

     

  • मध्य प्रदेश में फिर बरसे बादल, भोपाल, जबलपुर, ग्वालियर सहित 30 से ज्यादा जिलों में बारिश का दौर

    मध्य प्रदेश में फिर बरसे बादल, भोपाल, जबलपुर, ग्वालियर सहित 30 से ज्यादा जिलों में बारिश का दौर

    भोपाल 

    मध्य प्रदेश में दो से तीन हफ्ते बाद मानसून फिर सक्रिय हो गया है। 24 घंटे में भोपाल, जबलपुर, ग्वालियर समेत 30 से ज्यादा जिलों में बारिश हुई। सबसे ज्यादा बारिश राजगढ़ में 4.1 इंच दर्ज की गई।मध्य प्रदेश में मानसून ने आखिरकार जोरदार वापसी कर ली है। सोमवार से प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का नया दौर शुरू हो गया है और मौसम विभाग (IMD) ने अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियां तेज रहने का अनुमान जताया है। सबसे बड़ी वजह यह है कि प्रदेश के ऊपर एक साथ दो प्रभावी मानसूनी सिस्टम सक्रिय हो गए हैं, जिनके असर से 29 जिलों में बारिश, जबकि कई इलाकों में भारी वर्षा की चेतावनी जारी की गई है। भोपाल में देर रात से लगातार बारिश हो रही है, वहीं छतरपुर, टीकमगढ़, सिवनी और दमोह समेत कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे किसानों और आम लोगों के लिए यह राहत की खबर है।

    राजगढ़ के अलावा रायसेन में 2.5 इंच, उमरिया में 2 इंच, नरसिंहपुर और सागर में 1.5-1.5 इंच, टीकमगढ़ में 1.1 इंच और मंडला में 1 इंच बारिश रिकॉर्ड की गई। वहीं भोपाल, जबलपुर, ग्वालियर, सीहोर, खंडवा, नर्मदापुरम, शाजापुर, विदिशा, सतना, सीधी, रीवा, छतरपुर, दतिया, दमोह, बालाघाट, शिवपुरी, छिंदवाड़ा, बैतूल, गुना, उज्जैन, आगर-मालवा और देवास समेत कई जिलों में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश हुई।

    मौसम एक्सपर्ट बोले- सक्रिय चरण में है मानसून
    मौसम विशेषज्ञ शैलेंद्र कुमार नायक के अनुसार, मध्य प्रदेश में मानसून फिलहाल सक्रिय चरण में है। बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी मिलने के कारण प्रदेश में बारिश की अनुकूल परिस्थितियां बनी हुई हैं। वातावरण में 90 से 100 प्रतिशत तक नमी, घने बादल और सामान्य से कम तापमान इसी का संकेत हैं।

    अगले 48 घंटे इन इलाकों में भारी बारिश के आसार
    मौसम विभाग के मुताबिक अगले 24 से 48 घंटों के दौरान भोपाल, राजगढ़, रायसेन, नर्मदापुरम, सागर, विंध्य और महाकोशल के कई इलाकों में मध्यम से कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है। विभाग ने लोगों से स्थानीय मौसम अलर्ट पर नजर रखने और खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने की अपील की है।

    मंडला में पुलिया पार करते समय नाले में दो युवक बहे
    मंडला जिले के नैनपुर में तेज बारिश के बाद उफनाए नाले की पुलिया पार करते समय बाइक सवार दो युवक बह गए। एक युवक को ग्रामीणों ने रस्सी के सहारे बचा लिया, जबकि दूसरा युवक बाइक सहित बह गया। बाद में वह घटनास्थल से करीब डेढ़ से दो किलोमीटर दूर सुरक्षित मिल गया। बताया गया कि पुलिया पर निर्माण कार्य चल रहा था। अचानक पानी बढ़ने से हादसा हुआ।

    आखिर 10 दिन बाद क्यों बदला मौसम?
    9 जुलाई के बाद मध्य प्रदेश में बारिश की गतिविधियां काफी कमजोर पड़ गई थीं। इससे कई जिलों में गर्मी और उमस बढ़ गई थी, जबकि खरीफ फसलों की बुवाई और सिंचाई को लेकर किसानों की चिंता भी बढ़ रही थी। अब मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में मानसून ट्रफ और चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) से जुड़ी ट्रफ लाइन एक साथ सक्रिय हो गई हैं। यही वजह है कि प्रदेश के बड़े हिस्से में फिर से बारिश का मजबूत दौर शुरू हो गया है।

    इन 29 जिलों में बारिश का अलर्ट

    भारी बारिश की चेतावनी

    जिले
    भिंड
    मुरैना
    अनूपपुर
    बालाघाट
    छतरपुर

    टीकमगढ़

    मध्यम से भारी बारिश और गरज-चमक की संभावना

    जिले
    दतिया
    पन्ना
    निवाड़ी
    अशोकनगर
    शिवपुरी
    ग्वालियर
    श्योपुर
    सिंगरौली
    सीधी
    रीवा
    मऊगंज

    सतना
    शहडोल
    उमरिया
    डिंडौरी
    कटनी
    जबलपुर
    नरसिंहपुर
    सिवनी
    मंडला

    दमोह
    सागर
    मैहर

    दो मानसूनी सिस्टम कैसे बढ़ा रहे हैं बारिश?

    मौसम विभाग के मुताबिक इस समय प्रदेश पर एक साथ दो प्रमुख मौसमीय सिस्टम सक्रिय हैं—

    सक्रिय सिस्टम     असर
    मानसून ट्रफ     पूरे प्रदेश में नमी और बारिश बढ़ा रही है
    चक्रवाती परिसंचरण से निकली ट्रफ लाइन     मध्य और पूर्वी MP में वर्षा की गतिविधियां तेज

    इसके अलावा दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के ऊपर बना ऊपरी वायु चक्रवात पश्चिमी मध्य प्रदेश तक लगातार नमी पहुंचा रहा है।

    मालवा-निमाड़ में भी तेज बारिश के आसार

    इन जिलों में कहीं-कहीं तेज बारिश हो सकती है- 

    इंदौर
    उज्जैन
    धार
    झाबुआ
    अलीराजपुर
    रतलाम
    मंदसौर
    नीमच

    अगले 4 दिन कैसा रहेगा मौसम?

    मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि अगले चार दिनों तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहेगा।

    विशेष रूप से- 

    पूर्वी मध्य प्रदेश
    दक्षिणी मध्य प्रदेश
    नर्मदा घाटी क्षेत्र में कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है।

    हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी में नया मजबूत सिस्टम बनने के बाद ही पूरे प्रदेश में व्यापक और अत्यधिक बारिश का दौर देखने को मिल सकता है।

    भोपाल में रातभर बरसे बादल

    राजधानी भोपाल में सोमवार शाम से मौसम बदला और देर रात से लगातार बारिश हो रही है। इससे पिछले कई दिनों से पड़ रही उमस और गर्मी से लोगों को राहत मिली।

    इन जिलों में तेज हवाओं का भी अलर्ट

    बारिश के साथ 30–40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना- 

    भोपाल
    विदिशा
    रायसेन
    सीहोर
    राजगढ़
    नर्मदापुरम

    बैतूल
    हरदा

    इन जिलों में गरज-चमक के साथ मध्यम बारिश भी हो सकती है।

    किसानों के लिए राहत क्यों?

    लगातार सूखे जैसे हालात के कारण खरीफ फसलों की बुवाई और बढ़वार प्रभावित हो रही थी। अब नई बारिश से—

    धान
    सोयाबीन
    मक्का
    उड़द
    मूंग

    जैसी फसलों को पर्याप्त नमी मिलने की उम्मीद है। हालांकि, जिन क्षेत्रों में भारी बारिश होगी वहां जलभराव और फसल नुकसान की आशंका भी बनी रहेगी।

    क्या करें और क्या न करें?

    बारिश के दौरान बिजली चमकने पर खुले स्थानों पर न रहें।
    जलभराव वाले रास्तों से बचें।
    किसानों को खेतों में जल निकासी की व्यवस्था बनाए रखने की सलाह।
    स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करें।

  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दिया लक्ष्य, मध्यप्रदेश पुलिस को देश की सर्वश्रेष्ठ पुलिस बनाने पर जोर

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दिया लक्ष्य, मध्यप्रदेश पुलिस को देश की सर्वश्रेष्ठ पुलिस बनाने पर जोर

    देश में सर्वश्रेष्ठ बने मध्यप्रदेश पुलिस : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुलिस में 25 हजार पदोन्नतियों के लिए दी बधाई
    नए कानूनों के क्रियान्वयन के लिए प्रभावी कार्य हो
    नशामुक्ति अभियान के लिए निरंतर कार्य हो
    अन्य प्रांतों की सीमाओं के निकट नशीले पदार्थों के अवैध परिवहन को रोकने के निर्देश
    आगामी त्योहारों पर बनी रहे बेहतर कानून व्यवस्था
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुलिस मुख्यालय में की वरिष्ठ अधिकारियों से चर्चा

    भोपाल 

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि हाल ही में राज्य सरकार के पदोन्नति अभियान में पुलिस में सर्वाधिक पदोन्नतियां हुई हैं। इसलिए कानून व्यवस्था की स्थिति को मजबूत बनाए रखने, अपराधों पर सख्त नियंत्रण और अधिक परिणाम लाने का कार्य किया जाए। मध्यप्रदेश पुलिस देश में सर्वश्रेष्ठ पुलिस मानी जाए, इसके लिए प्रयासों में कमी नहीं रखना है। नागरिकों में पुलिस के प्रति भरोसा है, इसे कायम रखें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुलिस में विभिन्न स्तरों के लगभग 25 हजार पदों पर की गई पदोन्नति की कार्यवाही के लिए वरिष्ठ अधिकारियों को बधाई दी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव पुलिस मुख्यालय में वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। बैठक में अपर मुख्य सचिव गृह विभाग संजय कुमार शुक्ल, अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री कार्यालय नीरज मंडलोई, पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

    नए कानूनों के क्रियान्वयन के लिए प्रभावी कार्य हो

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में केंद्र सरकार द्वारा लागू नए कानूनों के क्रियान्वयन के लिए प्रभावी कार्य हो। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निर्देश दिए कि राजधानी से लेकर जिलों तक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और पुलिस बल आने वाले त्योहारों और स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम की आवश्यक तैयारी करें। नागरिकों को बेहतर कानून व्यवस्था का लाभ मिले। पुलिस अमला त्योहारों के अवसर पर मुस्तैद रहे।

    नक्सलमुक्त क्षेत्रों में विकास में सहभागी बने पुलिस

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा नक्सलवाद के खात्मे के लिए जिस दृढ़ संकल्प और इच्छाशक्ति का परिचय देते हुए उपलब्धि प्राप्त की गई, उसमें मध्यप्रदेश के नक्सल क्षेत्र को भी सामान्य बनाने में सफलता मिली है। नक्सलवाद के खत्म होने के पश्चात विकास कार्यों की गति बढ़ानी है और ऐसे इलाकों में पुलिस अमला भी सकारात्मक कार्यों से जुड़कर अपनी महत्वपूर्ण भूमिका को निभा सकता है।

    नशा मुक्ति अभियान का निरंतर क्रियान्वयन करे

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में नशामुक्ति अभियान का निरंतर क्रियान्वयन होता रहे। हाल ही में अभियान के अंतर्गत 'नशे से दूरी है जरूरी' स्लोगन को लोकप्रियता मिली है और नागरिकों ने नशामुक्ति की शपथ ली है। केंद्रीय गृह मंत्री द्वारा निर्धारित नशामुक्ति अभियान के लक्ष्य के अनुरूप कार्य किया जाए। नक्सलवाद से मुक्ति की तरह नशा मुक्ति के लिए तय समय-सीमा के पहले ही मध्यप्रदेश अच्छा कार्य करके दिखाए। इस क्रम में पुलिस विभाग, उच्च शिक्षा विभाग से समन्वय कर शिक्षण संस्थाओं में जागरूकता बढ़ाने में सहयोगी बनें। श्रेष्ठ कार्य के लिए नशामुक्ति अभियान में योगदान देने वालों को पुरस्कृत भी करें। अन्य राज्यों से लगे सीमावर्ती क्षेत्रों में नशीले पदार्थों के अवैध परिवहन पर नियंत्रण किया जाए।

    उद्योग क्षेत्र और अन्य संस्थानों को उपलब्ध करवाएं सुरक्षा स्टाफ

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में उद्योगों का विस्तार हो रहा है, इस नाते आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था भी जरूरी हो गई है। विभिन्न संस्थानों और उद्योग क्षेत्र के लिए एसआईएसएफ से लाइसेंसधारी सुरक्षा स्टाफ प्रदान करवाने का कार्य हो। भविष्य की दृष्टि से विकास के क्षेत्रों और सामाजिक स्तर पर उत्पन्न होने वाली चुनौतियों की भी तैयारी रखें। वरिष्ठ अधिकारी हर समस्या के समाधान के प्रयास करें।

    प्रमोशन और नियुक्ति का अभियान जारी रहे

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पुलिस के लिए आवश्यक पदों की स्वीकृति दी गई है। राज्य शासन प्रदेश में नागरिकों के लिए शांति व्यवस्था और सदभाव के वातावरण को बनाए रखने के लिए पुलिस बल में पर्याप्त वृद्धि के निरंतर प्रयास कर रहा है। इस सिलसिले में लगभग 25 हजार पदोन्नतियां हाल ही में विशेष अभियान के अंतर्गत विभिन्न पदों पर की गई हैं। आरक्षक से लेकर उपनिरीक्षक और निरीक्षक के पदों पर बरसों से पदोन्नतियां नहीं हुई थीं। अन्य विभागों के साथ पुलिस विभाग में पदोन्नतियों का लाभ आमजन को बेहतर सेवाओं के रूप में मिलेगा। आगे भी पद रिक्त होने की स्थिति में डीपीसी कर प्रक्रिया पूर्ण की जाए। इसके लिए कैलेंडर तैयार किया जाए। पद पूर्ति के लिए बैकलॉग समाप्त किया जाए। स्वीकृत पद भरने में विलंब नहीं होना चाहिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इसी तरह पुलिस में प्रत्येक स्तर पर रिक्त पदों की पूर्ति का कार्य बिना विलंब किया जाए। प्रदेश की तीन विशेष पिछड़ी जनजाति बैगा, सहरिया, भारिया की नियुक्तियों पर ध्यान दें। इन जनजातियों के रहवास के छह जिलों में योग्य युवाओं को पुलिस सहित विभिन्न सेवाओं में रुचि के अनुरूप भर्ती पर भी विचार किया जाए।

    अब हर जिले में पुलिस बैंड में पर्याप्त पद

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आगामी गणतंत्र दिवस पर प्रत्येक जिले का अपना बैंड ग्रुप तैयार हो जाए, यह सुनिश्चित करें। अधिकांश जिलों में पदों की पूर्ति की जा चुकी है। शेष‍जिलों में यह कार्य पूर्ण किया जाए। बैठक में पुलिस हाऊसिंग बोर्ड के कार्यों, वाहनों की आवश्यकता, पुलिस रिक्रूटमेंट बोर्ड, सीन ऑफ क्राइम पर जाने के लिए एफएसएल की तरह व्यवस्था पर भी चर्चा हुई।

     

  • मध्यप्रदेश पुलिस की बड़ी कार्रवाई, संपत्ति संबंधी अपराधों पर कसा शिकंजा, 70 लाख की चोरी का माल बरामद

    मध्यप्रदेश पुलिस की बड़ी कार्रवाई, संपत्ति संबंधी अपराधों पर कसा शिकंजा, 70 लाख की चोरी का माल बरामद

    मध्यप्रदेश पुलिस का संपत्ति संबंधी अपराधों पर बड़ा प्रहार: 6 दिनों में 70 लाख रुपये से अधिक की चोरी गई संपत्ति बरामद, 33 आरोपी गिरफ्तार

    अंतर्राज्यीय गिरोहों सहित शातिर चोर पुलिस गिरफ्त में, प्रदेशभर के कई चोरी प्रकरणों का सफल खुलासा

    भोपाल 
    मध्यप्रदेश पुलि
    स की विभिन्न जिलों ने विगत 6 दिनों में संपत्ति संबंधी अपराधों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करते हुए उल्लेखनीय सफलताएं अर्जित की हैं। इस दौरान लगभग 70 लाख से अधिक मूल्य की चोरी गई संपत्ति बरामद करते हुए 33 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। कई अंतर्राज्यीय एवं संगठित गिरोहों का पर्दाफाश कर चोरी के प्रकरणों का सफलतापूर्वक खुलासा किया गया।

    प्रमुख उपलब्धियां

    गुना पुलिस ने चैन चोरी के 8 प्रकरणों का खुलासा करते हुए 3 अंतर्राज्यीय संगठित गिरोहों के 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण, सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर तंत्र एवं विभिन्न राज्यों के समन्वय से 21 लाख 20 हजार मूल्य की चोरी गई 11 सोने की चेन बरामद की है।

    भोपाल जीआरपी ने ट्रेनों में चोरी करने वाले अंतर्राज्यीय गैंग का पर्दाफाश करते हुए 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया तथा लगभग 15 लाख मूल्य के स्वर्णाभूषण एवं अन्य चोरी चोरी गयी संपत्ति बरामद  की है। यह सफलता तकनीकी विश्लेषण, 250 से अधिक सीसीटीवी फुटेज के परीक्षण एवं सघन विवेचना के आधार पर प्राप्त हुई।

    शिवपुरी जिले की थाना देहात पुलिस ने मात्र 24 घंटे में शटर व ताले तोड़कर चोरी करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया तथा एक कार सहित लगभग 11 लाख 60 हजार मूल्य का चोरी गयी संपत्ति बरामद की है ।

    बड़वानी जिले की थाना सेंधवा ग्रामीण पुलिस ने चोरी करने वाली गैंग का पर्दाफाश कर सभी 5 शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया तथा 12 लाख मूल्य का शत-प्रतिशत चोरी चोरी गयी संपत्ति बरामद की हैl 

    सीहोर जिले की थाना कोतवाली पुलिस ने दिगंबर जैन मंदिर में हुई चोरी का सफल खुलासा करते हुए आरोपी पुजारी से लगभग 8 लाख मूल्य का चोरी चोरी गयी संपत्ति बरामद की है।

    खरगोन में तीन सूने मकानों में हुई चोरी की वारदातों का खुलासा करते हुए खरगोन पुलिस ने एक शातिर आरोपी को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपी से लगभग 2.40 लाख रुपये मूल्य के सोने-चांदी के आभूषण एवं 45 हजार रुपये नकद बरामद कर प्रकरण का सफल खुलासा किया। 

    मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा संपत्ति संबंधी अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण एवं अपराधियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई लगातार की जा रही है। तकनीकी विश्लेषण, सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर तंत्र तथा अंतरजिला एवं अंतर्राज्यीय समन्वय के माध्यम से चोरी के मामलों का त्वरित खुलासा कर आरोपियों की गिरफ्तारी एवं चोरी गई संपत्ति की बरामदगी सुनिश्चित की जा रही है।

     

  • मंत्री विश्वास सारंग ने 24.78 करोड़ रुपये के 10 विकास कार्यों की दी सौगात, क्षेत्र में तेज होगी विकास की रफ्तार

    मंत्री विश्वास सारंग ने 24.78 करोड़ रुपये के 10 विकास कार्यों की दी सौगात, क्षेत्र में तेज होगी विकास की रफ्तार

    मंत्री विश्वास सारंग ने 24.78 करोड़ रुपये के 10 विकास कार्यों की दी सौगात

    वार्ड 37 एवं 38 में भूमिपूजन, कैलाश सारंग पार्क में ओपन जिम का लोकार्पण

    भोपाल

    सहकारिता, खेल और युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने रविवार को नरेला विधानसभा अंतर्गत वार्ड क्रमांक 37 एवं 38 में 24 करोड़ 78 लाख रुपये की लागत से होने वाले 10 विकास कार्यों का भूमिपूजन किया तथा कैलाश सारंग पार्क स्थित ओपन जिम का लोकार्पण कर क्षेत्रवासियों को समर्पित किया। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश में डबल इंजन की सरकार अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुंचाने के संकल्प के साथ निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि नरेला विधानसभा के प्रत्येक वार्ड में बिना किसी भेदभाव के आधारभूत सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है।

    24.78 करोड़ के विकास कार्यों का हुआ शुभारंभ

    कार्यक्रम में वार्ड 37 एवं 38 में अमृत परियोजना के अंतर्गत सीवेज नेटवर्क विस्तार, पेयजल पाइपलाइन, सड़क, नाली, पार्क विकास तथा सार्वजनिक सुविधाओं से जुड़े विभिन्न कार्यों का भूमिपूजन किया गया। इनमें वार्ड 37 के लिए 8 करोड़ 4 लाख रुपये तथा वार्ड 38 के लिए 16 करोड़ 74 लाख रुपये के विकास कार्य शामिल हैं।

    नरेला में होगा आधुनिक सीवेज नेटवर्क का विस्तार

    मंत्री सारंग ने कहा कि आधुनिक एवं व्यवस्थित सीवेज व्यवस्था किसी भी शहर के सुनियोजित विकास का आधार होती है। अमृत परियोजना के माध्यम से नरेला विधानसभा में व्यापक स्तर पर सीवेज नेटवर्क का विस्तार किया जा रहा है, जिससे हजारों परिवारों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं बेहतर शहरी सुविधाएं मिलेंगी। इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से जलभराव, गंदे पानी की निकासी तथा स्वच्छता संबंधी समस्याओं का स्थायी समाधान होगा।

    वार्ड 37 में होंगे ये प्रमुख कार्य

    वार्ड क्रमांक 37 में 8 करोड़ 4 लाख रुपये की लागत से अमृत परियोजना अंतर्गत सीवेज लाइन बिछाने का कार्य किया जाएगा, जिससे पुरुषोत्तम नगर, दुर्गा नगर, बापू कॉलोनी, विजय नगर, राजवीर कॉलोनी सहित आसपास के क्षेत्रों को लाभ मिलेगा। इसके अलावा पुरुषोत्तम नगर एवं विजय नगर में जलप्रदाय पाइपलाइन विस्तार का भी भूमिपूजन किया गया।

    वार्ड 38 में 16.74 करोड़ रुपये के विकास कार्य

    वार्ड क्रमांक 38 में 16 करोड़ 74 लाख रुपये की लागत से अनेक विकास कार्यों का शुभारंभ किया गया। इनमें अमृत परियोजना के अंतर्गत साईंराम कॉलोनी, सेमरा, शंकर नगर, स्वदेश नगर, एकतापुरी एवं पंत नगर सहित विभिन्न क्षेत्रों में सीवेज लाइन बिछाने का कार्य शामिल है। इसके साथ ही जलप्रदाय पाइपलाइन विस्तार, अशोका गार्डन थाने से एकतापुरी सेमरा सब्जी मंडी तक 6 करोड़ रुपये की लागत से सीसी सड़क निर्माण, सेमरा स्थित हनुमान मंदिर के पास नाली निर्माण, कैलाश सारंग पार्क के सामने पेविंग ब्लॉक कार्य, पार्क में बाउंड्रीवाल एवं सांस्कृतिक मंच निर्माण, साईंराम कॉलोनी एवं शंकर नगर में नाली निर्माण तथा सेमरा सब्जी मंडी चौराहे पर 20 लाख रुपये की लागत से सुलभ शौचालय निर्माण जैसे कार्य भी शामिल हैं।

    कैलाश सारंग पार्क में ओपन जिम का लोकार्पण

    मंत्री सारंग ने वार्ड 38 स्थित कैलाश सारंग पार्क में स्थापित ओपन जिम का लोकार्पण भी किया। उन्होंने कहा कि नागरिकों के स्वास्थ्य और फिटनेस को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न पार्कों में आधुनिक ओपन जिम स्थापित किए जा रहे हैं, जिससे युवाओं, महिलाओं एवं वरिष्ठ नागरिकों को अपने क्षेत्र में ही व्यायाम की बेहतर सुविधा उपलब्ध होगी।

    हजारों परिवारों को मिलेगा लाभ

    मंत्री सारंग ने बताया कि वार्ड 37 एवं 38 में सीवेज एवं आधारभूत विकास कार्यों के पूरा होने के बाद हजारों परिवारों को बेहतर स्वच्छता, जल निकासी, सड़क, पेयजल एवं अन्य नागरिक सुविधाओं का लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि नरेला विधानसभा को स्वच्छ, सुगम, आधुनिक एवं सर्वसुविधायुक्त क्षेत्र बनाने की दिशा में विकास कार्य लगातार जारी रहेंगे।

    कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधि, नगर निगम के अधिकारी, भाजपा पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।

     

  • MP के बड़े शहरों का विकास ठप? भोपाल-इंदौर समेत ग्वालियर में भूमि विकास योजना फंसी

    MP के बड़े शहरों का विकास ठप? भोपाल-इंदौर समेत ग्वालियर में भूमि विकास योजना फंसी

    भोपाल.

    प्रदेश में भले ही भूमि विकास नियम का मसौदा तैयार किया जा रहा हो, लेकिन शहरों का मास्टर प्लान बनाकर लागू होने के बाद ही भूमि का उपयोग निर्धारित किया जा सकेगा। दअरसल, भोपाल, इंदौर और ग्वालियर जैसे महानगरों का मास्टर प्लान अब तक नहीं बनाया जा सका है।

    मास्टर प्लान न होने से शहरों का अनियोजित विकास हो रहा है। राज्य सरकार द्वारा हाल ही में लाए गए मध्य प्रदेश मेट्रोपालिटन रीजन प्लानिंग एंड डेवलपमेंट एक्ट के तहत बड़े शहरों के सुनियोजित विकास के लिए नए ड्राफ्ट तैयार किए जा रहे हैं, लेकिन मास्टर प्लान में एक बार जो लैंड यूज (आवासीय, व्यावसायिक, औद्योगिक या ग्रीन एरिया) तय हो जाता है, उसे बिना वैधानिक सरकारी प्रक्रिया के बदलना संभव नहीं होता है।

    मास्टर प्लान के बाद ही लैंड यूज तय हो सकेगा
    यही वजह है कि मध्य प्रदेश में मास्टर प्लान लागू होने के बाद ही भूमि का वास्तविक उपयोग (लैंड यूज) तय हो सकेगा। इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर के मास्टर प्लान की समय अवधि 2021 में समाप्त हो गई थी। भोपाल का मास्टर प्लान 1995 में आया था, उस समय भोपाल की आबादी 10 से 15 लाख थी। मास्टर प्लान की अवधि दिसंबर, 2005 को ही समाप्त हो चुकी है। इधर, वर्ष 1975 से शासन ने केवल भोपाल के दो मास्टर प्लान को मंजूरी दी है।

    वर्ष 2047 की अनुमानित आबादी के आधार पर दावा
    भोपाल के जिस मास्टर प्लान (वर्ष 2031) पर दावे-आपत्तियां सुनी गई थीं, उसे फिर नए सिरे से तैयार किया जाएगा। सरकार का दावा है कि नया मास्टर प्लान वर्ष 2047 की अनुमानित आबादी के आधार पर तैयार होगा। भोपाल शहर के जनप्रतिनिधियों ने पुराने मास्टर प्लान के कई प्रविधानों पर असहमति जताते हुए भविष्य के लिए सुझाव भी दिए थे। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने नए बिंदुओं और प्राप्त सुझावों के आधार पर नया मास्टर प्लान बनाने की बात कही लेकिन इस बात को भी लंबा समय हो गया है। मास्टर प्लान में देरी से अवैध कालोनियों का कारोबार फल-फूल रहा है।

                                     भोपाल व इंदौर मेट्रोपालिटन क्षेत्रः एक नजर में –
    भोपाल मेट्रोपालिटन में 13 हजार वर्ग किमी क्षेत्र
    भोपाल मेट्रोपालिटन के लिए 13 हजार वर्ग किमी का क्षेत्र अधिसूचित किया गया है। इसमें भोपाल, सीहोर, रायसेन, विदिशा, राजगढ़ और नर्मदापुरम के नगरीय निकायों के साथ 2,510 गांव शामिल हैं।

    इंदौर मेट्रोपालिटन में 16 हजार वर्ग किमी क्षेत्र –
    इंदौर मेट्रोपालिटन क्षेत्र के लिए 16,087 वर्ग किमी का क्षेत्र अधिसूचित किया गया है। इसमें इंदौर, उज्जैन, देवास, धार, शाजापुर और रतलाम जिलों के नगरीय निकायों के साथ 2,781 गांव शामिल हैं।