Category: मध्य प्रदेश

  • जीआईएस आधारित नवाचार के लिए मध्यप्रदेश को राष्ट्रीय स्तर पर ‘अचीवमेंट इन जीआईएस अवार्ड’

    जीआईएस आधारित नवाचार के लिए मध्यप्रदेश को राष्ट्रीय स्तर पर ‘अचीवमेंट इन जीआईएस अवार्ड’

    भोपाल 

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के सशक्त नेतृत्व और मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश नगरीय विकास, सूचना प्रौद्योगिकी तथा आधुनिक तकनीकों के समन्वय से प्रशासनिक दक्षता के नए मानदंड स्थापित कर रहा है। इसी श्रृंखला में राज्य के नगरीय विकास एवं आवास विभाग द्वारा विकसित एकीकृत जीआईएस आधारित प्लेटफॉर्म 'गरुड़' (जीआईएस आधारित अर्बन डेटा एनालिटिक्स सेंटर) के उत्कृष्ट और नवोन्मेषी उपयोग के लिए मध्यप्रदेश को प्रतिष्ठित ‘अचीवमेंट इन जीआईएस अवार्ड’ से सम्मानित किया गया है। नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय स्तर के समारोह में एसरी इंडिया निदेशक  अजेन्द्र कुमार ने नगरीय विकास एवं आवास विभाग आयुक्त  संकेत भोंडवे को यह सम्मान प्रदान किया। 

    नगरीय विकास एवं आवास विभाग आयुक्त  संकेत भोंडवे ने कहा कि यह राष्ट्रीय सम्मान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा के अनुरूप राज्य में तकनीक-आधारित सुशासन और पारदर्शी नगरीय प्रबंधन की दिशा में किए जा रहे ठोस प्रयासों का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि 'गरुड़' के माध्यम से डेटा को निर्णय लेने का मुख्य आधार बनाया गया है, जिससे नगरीय निकायों की वित्तीय स्थिति, प्रशासनिक दक्षता और नागरिक सेवा वितरण प्रणाली में व्यापक सुधार आ रहा है।

    'गरुड़' एक अत्याधुनिक एकीकृत जीआईएस आधारित डेटा एनालिटिक्स सेंटर है, जो नगरीय निकायों के विभिन्न शहरी और राजस्व संबंधी आंकड़ों को एक मंच पर लाकर उनका स्थानिक विश्लेषण करता है। इस डिजिटल नवाचार के माध्यम से राज्य के नगरीय निकायों में संपत्ति एवं राजस्व का मानचित्र-आधारित विश्लेषण, अपंजीकृत तथा संभावित नई संपत्तियों की सटीक पहचान और राजस्व संवर्धन के लिए प्रभावी रणनीति तैयार की जा रही है। इसके साथ ही, जलापूर्ति एवं सीवरेज नेटवर्क, भूमि उपयोग, अतिक्रमण नियंत्रण, भवन अनुज्ञा और नगरीय अधोसंरचना की रियल-टाइम डिजिटल निगरानी को अत्यंत सुदृढ़ और पारदर्शी बनाया गया है। 

    गरुड़ प्रणाली के अंतर्गत विकसित पर्यवेक्षण मॉडल के माध्यम से नागरिक सुविधाओं और परिसंपत्तियों की वर्तमान स्थिति का सटीक डेटा-संचालित विश्लेषण संभव हो रहा है। यह प्रणाली शहरी निकायों की कार्यक्षमता बढ़ाने, बुनियादी ढांचे के रख-रखाव और जन-सुविधाओं के सुगम प्रबंधन में निर्णायक भूमिका निभा रही है।

     

  • “अमृत हरित महाभियान” के तहत अब तक 51 लाख से अधिक पौधों का रोपण  मालियों की दो दिवसीय कार्यशाला हुई

    “अमृत हरित महाभियान” के तहत अब तक 51 लाख से अधिक पौधों का रोपण मालियों की दो दिवसीय कार्यशाला हुई

    भोपाल

    प्रदेश के नगरीय निकायों में हरित आवरण का निरंतर विस्तार करने, रोपे गए पौधों की वैज्ञानिक देखभाल सुनिश्चित करने तथा पार्कों के योजनाबद्ध एवं सौंदर्यबोध आधारित प्रबंधन को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से भौंरी स्थित सुंदरलाल पटवा राष्ट्रीय नगरीय प्रबंधन संस्थान (एसपीएनआईयूएम) में आयोजित दो दिवसीय राज्य स्तरीय प्रशिक्षण कार्यशाला का सफल समापन हुआ। 1 एवं 2 सितंबर 2026 को आयोजित इस कार्यशाला में राज्य के सभी 10 संभागों से लगभग 215 से 220 माली कर्मचारियों ने सक्रिय सहभागिता की। प्रशिक्षण सत्रों में नर्सरी प्रबंधन, लैंडस्केपिंग, पार्क डिजाइनिंग तथा पौधारोपण की आधुनिक व प्रामाणिक तकनीकों पर विस्तृत ज्ञान साझा किया गया। इसके साथ ही ‘नमो हरित-नगर योजना’ के अंतर्गत व्यवस्थित पौधारोपण के माध्यम से शहरों को पर्यावरण अनुकूल बनाने के व्यावहारिक उपायों से संभाग स्तरीय प्रतिनिधियों को अभिभूत कराया गया।

    नगरीय विकास एवं आवास आयुक्त  संकेत भोंडवे ने बताया कि प्रदेश में "अमृत हरित महाभियान" के तहत अब तक 51 लाख से अधिक पौधों का रोपण किया जा चुका है, जो राज्य की एक विशिष्ट उपलब्धि है। उन्होंने इस बात पर विशेष बल दिया कि वास्तविक सफलता केवल पौधरोपण तक सीमित नहीं है, बल्कि प्रत्येक पौधे को एक स्वस्थ और विशाल वृक्ष के रूप में विकसित करने में समाहित है, जिसमें प्रशिक्षित माली कर्मचारियों का समर्पण सर्वाधिक निर्णायक सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि ‘नमो हरित-नगर योजना’ एवं 'अमृत हरित महाभियान' के समन्वित प्रयासों से प्रदेश के सभी नगरों में टिकाऊ और पर्यावरण-संवर्धित शहरी स्वरूप विकसित किया जा रहा है। कार्यशाला के समापन पर समस्त संभागों से आए प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण में अर्जित वैज्ञानिक ज्ञान को अपने-अपने नगरीय निकायों में निष्ठापूर्वक लागू करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।

    कार्यशाला में सेवानिवृत्त आईएफएस अधिकारी  अशोक मिश्रा, एसएमएमयू के टीम लीडर डॉ. उदय रोमन, सेवानिवृत्त उद्यानिकी विशेषज्ञ  सर्वेश तिवारी एवं लैंडस्केप आर्किटेक्ट सु रूपम मिश्रा ने सहभागिता कर कर्मचारियों को पौध पोषण, मृदा प्रबंधन, सिंचाई, कटाई-छंटाई और नियमित रखरखाव की सूक्ष्मताओं का व्यावहारिक मार्गदर्शन प्रदान किया। इस प्रशिक्षण का मुख्य ध्येय नगरीय निकायों में कार्यरत जनशक्ति का कौशल संवर्धन करना है, जिससे पौधों के जीवित रहने की दर में वृद्धि हो सके। प्रशिक्षित माली कर्मचारियों के माध्यम से शहरों के पार्कों और हरित पट्टियों का रख-रखाव अधिक प्रभावी होगा, जिससे आम नागरिकों को स्वच्छ, निर्मल और हरित वातावरण प्राप्त हो सकेगा।

     

  • बलराम कृषि महोत्सव में मुख्यमंत्री का संबोधन, कृषि और किसान कल्याण पर रहा जोर

    बलराम कृषि महोत्सव में मुख्यमंत्री का संबोधन, कृषि और किसान कल्याण पर रहा जोर

    भोपाल 

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि किसानों को सतत् रूप से सुविधाएं देने का कार्य किया जा रहा है, अब किसानों को सिंचाई के लिए दिन में भी बिजली की सुविधा उपलब्ध होगी, जिससे वे दिन के समय में भी अपनी फसलों में पानी दे सकेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव कृषि उपज मंडी परिसर श्योपुर में आयोजित बलराम कृषि महोत्सव एवं किसान मेले को वर्चुअली संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने श्योपुर के किसानों से संवाद भी किया।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कृषि उपज मंडी श्योपुर में किसानों के लिए नवीन विश्राम गृह निर्माण के लिये 60 लाख रूपये की घोषणा की। ग्वालियर एयरपोर्ट से कार्यक्रम से वर्चुअली जुडने के दौरान श्योपुर जिले के प्रभारी मंत्री एवं नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री  राकेश शुक्ला, कृषि मंत्री  एदल सिंह कंषाना, वन विकास निगम के अध्यक्ष  रामनिवास रावत और अपेक्स बैंक अध्यक्ष  महेन्द्र सिंह यादव उपस्थित थे।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने श्योपुर कहा कि प्रदेश में इस वर्ष को किसान कल्याण वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है, जिसके तहत किसानों के कल्याण के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं। किसानों के लिए शून्य प्रतिशत ब्याज पर ऋण की सुविधा दी जा रही है। इसके तहत खरीफ एवं रबी फसलों के लिए 6-6 माह की अवधि ऋण चुकाने के लिए निर्धारित थी, जिसे बढाकर अब एक वर्ष कर दिया गया है, अर्थात किसान द्वारा जिस दिनांक से ऋण लिया जायेगा, उसे चुकाने की अवधि उस दिनांक से एक वर्ष तक की गई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसानों की आय बढाने के लिए पशुपालन को भी बढावा दिया जा रहा है। दुग्ध सहकारी समितियों का और अधिक संख्या में गठन किया जाये और दुग्ध उत्पादन को बढाया जायें। उन्होंने कहा कि श्योपुर जिले में धान और गेहूं का बम्पर उत्पादन तो होता ही है, बल्कि जिले के किसान मोटे अनाज का उत्पादन भी कर रहे है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर 12वी कक्षा में 75 प्रतिशत से अधिक अंक लाने वाले मेधावी विद्यार्थियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि गत दिवस मेधावी विद्यार्थियों को लैपटॉप खरीदने के लिए 25-25 हजार रूपये की राशि प्रदाय की गई है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अपील की कि बच्चों को पढ़ायें तथा फिजूलखर्ची को रोकें, समाज में ऐसी परम्परा डाले, जिससे शादी-विवाह सहित अन्य सामाजिक आयोजनों में अधिक खर्च न हों। सामूहिक विवाह सम्मेलनों के माध्यम से विवाह संपन्न करायें। इस अवसर पर उन्होंने सभी को जन्माष्टमी की बधाई भी दी।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर किसानों से संवाद किया। इस दौरान ग्राम राडेप के किसान  मुकुट चौधरी ने बताया कि शासन की योजना में कृषि अभियांत्रिकी के माध्यम से उन्हें पराली प्रबंधन के लिये कृषि यंत्र सब्सिडी पर प्राप्त हुए हैं, पराली प्रबंधन के लिए सुपर सीडर खरीदा था, जिस पर 1 लाख 20 हजार रूपये का अनुदान भी प्राप्त हुआ। बलराम कृषि महोत्सव एवं किसान मेले में आये किसानों को कृषि वैज्ञानिकों द्वारा खेती-किसानी की नवीन तकनीकी और फसलों के संबंध में लाभदायक जानकारी प्रदान की गई है। बलराम कृषि महोत्सव एवं किसान मेले के दौरान पशुपालन, कृषि, उद्यानिकी, मत्स्यपालन, एनआरएलएम द्वारा प्रदर्शनी का आयोजन किया गया।

    कार्यक्रम में प्रगतिशील किसान  नरेन्द्र चौधरी,  भरत जाट,  शिशुपाल मीणा,  सोनू शर्मा,  बनवारी मीणा,  भुवनेश मीणा,  पूरण प्रजापति,  गोविद पटेलिया और  मान सिंह पटेलिया को शॉल एवं प्रशस्ती पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। कक्षा 12वी में उत्कृष्ट परीक्षा परिणामों के लिए मेधावी विद्यार्थियों में अंकुश मेहर, भूमिका माहौर, आशा गुर्जर, अनमोल मीणा, अभय गुर्जर, पूनम जाट, वैष्णवी जाट, दीनबंधु मीणा, करण मीणा और मयंक शर्मा को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।

    कार्यक्रम में सहरिया विकास प्राधिकरण की अध्यक्ष  गुड्डी बाई, विधायक  बाबू जंडेल, नगरपालिका अध्यक्ष  रेणु सुजीत गर्ग, पूर्व विधायक  बृजराज सिंह चौहान, जिला पंचायत सदस्य एवं जिला पंचायत कृषि स्थाई समिति के सभापति  गिरधारी बैरवा, सांसद प्रतिनिधि  सुजीत गर्ग, कलेक्टर सु शीला दाहिमा, पुलिस अधीक्षक  मोती उर रहमान, जनप्रतिनिधि तथा बडी संख्या में किसानबंधु उपस्थित रहें।

     

  • प्रधानमंत्री  मोदी के सार्वजनिक जीवन की सबसे बड़ी विशेषता है सेवा का संस्कार

    प्रधानमंत्री मोदी के सार्वजनिक जीवन की सबसे बड़ी विशेषता है सेवा का संस्कार

    भोपाल

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष केवल सत्ता के नहीं बल्कि निरंतर सेवा और राष्ट्र निर्माण के 25 वर्ष हैं। सात अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शुरू हुई यह संवैधानिक यात्रा आज एक ऐतिहासिक पड़ाव पर पहुंची है। गुजरात के मुख्यमंत्री से देश के प्रधानमंत्री तक उन्होंने जन सेवा को अपना ध्येय माना और आज भी संकल्पबद्ध होकर कार्य कर रहे हैं। प्रधानमंत्री  मोदी ने देश के विकास और लोकतंत्र को सशक्त करने में अविस्मरणीय योगदान दिया है। इस गौरवपूर्ण यात्रा को जन-जन तक पंहुचाने के लिए प्रधानमंत्री  मोदी के जन्म दिवस 17 सितंबर से 17 अक्टूबर, एक माह तक सेवा-संकल्प अभियान चलाया जाएगा। प्रधानमंत्री  मोदी के सार्वजनिक जीवन की सबसे बड़ी विशेषता सेवा का संस्कार है। यही संस्कार आज 'सेवा-संकल्प अभियान' के माध्यम से जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प है। प्रधानमंत्री  मोदी के 25 वर्ष के कार्यकाल की प्रमुख उपलब्धियों को हम जनता के बीच ले जाएंगे। इस अभियान से जनकल्याण के लिए संचालित योजनाओं और कार्यक्रमों की जानकारी जन-जन तक पहुंचाने में भी मदद मिलेगी। अभियान को जन सहभागिता से जन संवाद का माध्यम बनाया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सेवा-संकल्प अभियान के संबंध में मंत्रालय में आयोजित बैठक में निर्देश दिए। बैठक में स्कूल शिक्षा मंत्री  उदय प्रताप सिंह, महिला एवं बाल विकास मंत्री सु निर्मला भूरिया, अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री  नागर सिंह चौहान, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री मती कृष्णा गौर, लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा राज्यमंत्री  नरेन्द्र शिवाजी पटेल, राज्यसभा सांसद डॉ. कविता पाटीदार, मुख्य सचिव  अशोक बर्णवाल तथा विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

    जिलों की विकास पुस्तिकाएं जन-जन तक पहुंचाना किया जाए सुनिश्चित

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में जारी जन-विश्वास अभियान के अंतर्गत संचालित गतिविधियों को सेवा-संकल्प अभियान में सम्मिलित करते हुए कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। सेवा-संकल्प अभियान की अवधि में आने वाले प्रत्येक शुक्रवार को सभी जिलों में जनकल्याण और जन संवाद की विशेष गतिविधियां संचालित की जाएं। अभियान के अंतर्गत प्रदेश के नवाचारों को प्रमुख रूप से प्रदर्शित और प्रोत्साहित किया जाए। अभियान के अंतर्गत प्रदेश के सभी जिलों में संकलित विकास पुस्तिकाएं जन-जन तक पहुंचाना सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सभी मंत्री अपने-अपने विभाग और प्रभार के जिलों में इस अभियान की नियमित समीक्षा करें। हर जिले में तिथिवार कार्य योजना तय की जाए। जिन कार्यक्रमों में लाभार्थी संपर्क में है, वहां शासन द्वारा योजनावार लाभार्थी सूची संबंधित को उपलब्ध कराई जाए। जिला स्तर पर विभागों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित किया जाए। मध्यप्रदेश इस अभियान में ऐसा मॉडल प्रस्तुत करे, जिसे देश में सुशासन, सेवा और जन सहभागिता के उदाहरण के रूप में देखा जाए।

    प्रधानमंत्री  मोदी के जन्म दिवस पर महाकाल महालोक में बड़ी संख्या में होंगे दीप प्रज्ज्वलित

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री  मोदी के जन्म दिवस 17 सितंबर को उज्जैन स्थित महाकाल महालोक में बड़ी संख्या में दीप प्रज्ज्वलित करने का कार्यक्रम आयोजित किया जाए। प्रधानमंत्री  मोदी ने प्रदेश में जिन महत्वपूर्ण परियोजनाओं और कार्यों का लोकार्पण या भूमि-पूजन किया है अथवा अन्य कोई महत्वपूर्ण सौगात दी है, उन सभी स्थानों पर भव्य कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य की प्रस्तुति अहमदाबाद अथवा वडनगर में की जाए। प्रधानमंत्री  मोदी की पहल पर नर्मदा परियोजना और सरदार सरोवर बांध से जिन जिलों के सामाजिक-आर्थिक जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है, उन जिलों में नर्मदा परियोजना पर केन्द्रित गतिविधियां संचालित की जाएं। इसी प्रकार केन-बेतवा लिंक परियोजना और पार्वती-कालीसिंध-चंबल परियोजना से लाभान्वित होने वाले क्षेत्रों में प्रधानमंत्री  मोदी की इस पहल से जन-जन को अवगत कराया जाए। प्रदेश में विकसित प्रमुख सड़क परियोजनाओं से सुगम हुए यातायात और बढ़ी आर्थिक गतिविधियों की जानकारी का भी प्रचार-प्रसार किया जाए।

    सेवा-संकल्प अभियान के अंतर्गत होंगे 13 कार्यक्रम

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अध्यक्षता में सेवा-संकल्प अभियान की तैयारियों के संबंध में हुई बैठक में बताया गया कि अभियान के अंतर्गत 13 कार्यक्रम होंगे। इनमें आशीर्वाद का दीया, 25 करोड़ बच्चों के सपनों का भारत, नमो सेवा गाथा, आंगन का उत्सव, कहानी बदलाव की, विकसित भारत संकल्प यात्रा, सेवा ज्योति यात्रा, वड़नगर से वाराणसी, सेवा मेरा योगदान, सेवा सेतु अभियान-सरकार आपके द्वार, रंगोली राष्ट्र, राष्ट्रीय इनोवेशन चैलेंज और जनसेवक महाकुंभ पंचायत से पार्लियामेंट तक शामिल हैं।

    आशीर्वाद के दीया के अंतर्गत हर एक दीया, प्रधानमंत्री  मोदी के 25 वर्षों की जनसेवा के प्रति आभार तथा विकसित भारत 2047 के सामूहिक संकल्प का प्रतीक होगा। प्रत्येक परिवार दीप प्रज्ज्वलित करके इस संकल्प का सहभागी बनेगा। सभी स्थानों पर जिला प्रशासन द्वारा पर्याप्त संख्या में दीयों (दीपक) की व्यवस्था तथा अन्य आवश्यक समन्वय किया जाएगा। हितग्राही मूलक योजनाओं के लाभार्थी कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे।

    25 करोड़ बच्चों के सपनों का भारत के अंतर्गत 17 सितंबर से 7 अक्टूबर के बीच राष्टव्यापी ड्राइंग और भाषण प्रतियोगिता आयोजित होगी। स्कूल शिक्षा विभाग नोडल होगा तथा उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा, लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग आवश्यक सहयोग प्रदान करेंगे। इसके अंतर्गत सभी सरकारी एवं निजी स्कूलों में प्रधानमंत्री  मोदी द्वारा किए गए सेवा कार्यों और विकसित भारत की संकल्पना पर ड्राइंग प्रतियोगिता और भाषण प्रतियोगिता आयोजित होंगी।

    नमो सेवा गाथा के अंतर्गत पिछले 25 वर्षों के सेवा कार्य, प्रमुख जनकल्याणकारी योजनाएं और देश में आए बदलावों की कहानी को सरल, भावनात्मक और संगीतमय नुक्कड़ नाट्य प्रस्तुति के माध्यम से गांव-गांव तक पहुंचाया जाएगा। इस गतिविधि में नोडल संस्कृति विभाग होगा और सामाजिक न्याय विभाग आवश्यक सहयोग करेगा। यह कार्यक्रम समस्त स्कूलों, कॉलेजों, पंचायत, सामुदायिक केंद्र एवं अन्य सार्वजनिक स्थलों पर आयोजित होंगे।

    आंगन का उत्सव के अंतर्गत 25 सितंबर से 7 अक्टूबर की अवधि में स्थानीय आंगनवाड़ी केंद्रों पर बच्चों के साथ उनकी माताओं को भी आमंत्रित किया जाएगा। कार्यक्रम में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को सार्वजनिक रूप से सम्मानित किया जाए। उत्सव में पोषण, मातृ सहायता, टीकाकरण और सामुदायिक सेवा को सरल कहानियों में प्रस्तुत दिया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान शिक्षा, महिला कल्याण, बाल विकास एवं कुपोषण से जुड़ी समस्त नीतियों एवं योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। लाभार्थी महिलाएं योजनाओं से उनके जीवन में आए बदलाव के छोटे अनुभव साझा करेंगी। आंगन का उत्सव के अंतर्गत आंगनवाड़ी सम्मान एवं मातृ संवाद कार्यक्रम प्रत्येक आंगनवाड़ी केंद्र पर आयोजित किया जाएगा। जिसमें आशा, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका तथा आशा दीदी एवं सहायिका, सभी का सार्वजनिक अभिनंदन होगा। कार्यक्रम में प्रत्येक केंद्र में दो-तीन लाभार्थी माताओं का सम्मान भी होगा, कार्यक्रम में वे अपने अनुभव एवं सुझाव साझा करेंगी। कार्यक्रम का नोडल महिला एवं बाल विकास विभाग होगा तथा सहयोग लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग करेगा।

    कहानी बदलाव की कार्यक्रम के अंतर्गत – सरकार की योजनाओं से जिन नागरिकों और क्षेत्रों में सकारात्मक बदलाव आया है, ऐसे नागरिकों द्वारा उनकी वास्तविक कहानियों को देश के सामने लाया जाएगा। नागरिकों और लाभार्थियों को अपनी प्रेरणादायी कहानी भेजने के लिए एक प्रतियोगिता शुरू की जाएगी। इस गतिविधि का नोडल जनसंपर्क विभाग होगा।

    विकसित भारत संकल्प यात्रा के अंतर्गत ऐसे स्थल जहां लोगों के जीवन, सुरक्षा, अर्थव्यवस्था, इंफ्रास्ट्रक्चर या अवसरों में वास्तविक बदलाव दिखाई देता हो, उन स्थानों से इन्फ्लुएंसर्स को जोड़कर विकास की वास्तविक कहानियां देश तक पहुंचाने का प्रयास होगा। जनसंपर्क, पर्यटन और संस्कृति विभाग इस गतिविधियों में सहयोग-समन्वय करेंगे।

    सेवा-ज्योति यात्रा के अंतर्गत गांव, जिला और राज्य स्तर की जनभागीदारी यात्राएं निकाली जाएंगी। पिछले 25 वर्षों की सेवा के प्रति आभार व्यक्त करना और विकसित भारत-2047 का सामूहिक संकल्प लेना यात्रा का उद्देश्य है। स्थानीय जनप्रतिनिधि, सामाजिक संगठनों और नागरिकों की भागीदारी से यह यात्राएं आयोजित की जाएंगी।

    वडनगर से वाराणसी – जल, जन और सेवा संकल्प यात्रा के अंतर्गत वडनगर से वाराणसी जाने वाली दस टोलियां होंगी और सभी मार्ग अलग होंगे। वाराणसी से वडनगर आने वाली दस टोलियां होंगी और उनके मार्ग भी अलग होंगे। इस प्रकार यात्रा अधिक से अधिक क्षेत्रों तक पहुंचेगी। प्रत्येक गांव या पड़ाव पर कार्यक्रम आयोजित किये जायें। इसका स्वरूप स्थानीय नागरिकों के साथ सहज संवाद और वार्तालाप का होगा।

    सेवा मेरा योगदान अभियान की अवधि 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक होगी। प्रत्येक नागरिक समाज सेवा में अपना योगदान देगा। सेवा गतिविधियों के अंतर्गत रक्तदान शिविर, पौध-रोपण अभियान, स्वच्छता ही सेवा, स्वास्थ्य जांच शिविर, प्लास्टिक-मुक्त जागरूकता, महिला स्वास्थ्य एवं स्वच्छता, वरिष्ठ नागरिकों के लिए डिजिटल साक्षरता, सड़क सुरक्षा जागरूकता, कचरा पृथक्करण एवं कम्पोस्टिंग, सायबर सुरक्षा जागरूकता जैसी गतिविधियों को प्रोत्साहित किया जाएगा। सेवा अपने घर, मोहल्ले, गांव, स्कूल, कार्यस्थल अथवा किसी सार्वजनिक स्थान पर की जा सकती हैं। नदी घाटों और रीवर फ्रंट आदि की साफ-सफाई को विशेष रूप से शामिल किया जाएगा। सभी गतिविधियां युवा, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता और सभी आयु वर्ग के नागरिकों की भागीदारी से संचालित होंगी।

    सेवा-सेतु अभियान सरकार आपके द्वार के अंतर्गत जिले के प्रत्येक विधानसभा स्तर पर 'सेवा सेतु' शिविर आयोजित किए जाएंगे। शिविर में राज्य एवं केंद्र सरकार की वे योजनाएं सम्मिलित होंगी, जो सीधे सामान्य नागरिक पर लागू होती हैं। प्रत्येक ब्लॉक एवं विधानसभा क्षेत्र में 'सेवा-सेतु केंद्र' स्थापित किए जाएंगे। इन केंद्रों के माध्यम से पात्र लाभार्थियों को योजना से जोड़ने, आवेदन कराने और आवश्यक सहायता देने की पूरी व्यवस्था होगी।

    रंगोली राष्ट्र के अंतर्गत घर-घर से राष्ट्र तक-आभार और संकल्प की रंगोली कार्यक्रम में एक ही निर्धारित दिन देश के अधिकतम प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर ह्यूमन रंगोली का आयोजन किया जाएगा। केंद्र सरकार की प्रमुख जनकल्याणकारी योजनाएं, राष्ट्रीय प्रतीक तथा विकसित भारत का सपना रंगोली के विषय होंगे। रंगोली स्थानीय रंग एवं शैली में रहेगी।

    राष्ट्रीय इनोवेशन चैलेंज में देश के युवाओं, विद्यार्थियों, स्टार्टअप्स, प्रोफेशनल्स, कॉरपोरेट इनोवेटर्स और जमीनी स्तर पर नए समाधान विकसित करने वाले लोगों को जोड़ने के लिए क्षेत्रीय इनोवेशन चैलेंज आयोजित किए जाएंगे। इसमें शिक्षा संस्थानों, स्टार्ट-अप नेटवर्क, इनक्यूबेशन सेंटर और प्राइवेट कंपनी को सहभागी बनाया जाएगा। कार्यक्रम में प्रदर्शनी, लाइव डेमो, युवा संवाद, विशेषज्ञ सत्र और पुरस्कार शामिल होंगे।

    जनसेवक महाकुंभ-पंचायत से पार्लियामेंट 17 अक्टूबर को होगा। इस कार्यक्रम में देशभर से आए सरपंच ओर अन्य जनप्रतिनिधि, प्रधानमंत्री  मोदी द्वारा सुशासन और सेवा के 25 वर्ष पूर्ण करने के अवसर पर सम्मिलित होंगे। कार्यक्रम के दौरान वंदे मातरम् के सभी 6 छंदों के सामूहिक गायन को गिनीज वर्ल्ड रिकार्ड में दर्ज कराया जाएगा। प्रधानमंत्री  मोदी के 25 वर्षों के सेवा कार्यकाल पर वीडियो प्रदर्शन किया जाएगा, प्रधानमंत्री  मोदी का संबोधन होगा। इसके बाद प्रधानमंत्री  मोदी के नेतृत्व में सभी एक साथ विकसित भारत का संकल्प लेंगे।

     

  • CM मोहन यादव का बड़ा भरोसा, जनविश्वास पोर्टल से अभियान के उद्देश्यों को मिलेगी नई गति

    CM मोहन यादव का बड़ा भरोसा, जनविश्वास पोर्टल से अभियान के उद्देश्यों को मिलेगी नई गति

    जनविश्वास पोर्टल, अभियान के उद्देश्यों को पूरा करने में होगा प्रभावी और लाभकारी सिद्ध : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    पोर्टल पर नियमित रूप से जानकारियां की जाएं अपलोड
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंत्रालय से की मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान पोर्टल की लांचिंग

    भोपाल 
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि 7 अगस्त से आरंभ मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के अब तक चार सप्ताह सफलतापूर्वक पूर्ण हो चुके हैं। कम समय में ही अभियान का अत्यधिक सकारात्मक प्रभाव रहा है। जनप्रतिनिधियों से लेकर अधिकारियों तक सभी सप्ताह में एक दिन फील्ड पर जाकर जनता की समस्याओं का तुरंत निराकरण कर रहे हैं। जनविश्वास पोर्टल, अभियान के उद्देश्यों को पूरा करने में प्रभावी और लाभकारी सिद्ध होगा। प्रत्येक स्तर पर अधिकारी इस पोर्टल में यूजर मैनुअल के अनुसार नियमित रूप से जानकारियां अपलोड करना सुनिश्चित करें। इसके समेकित उपयोग से मैदानी स्तर पर जनसामान्य को बहुत लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जन विश्वास पोर्टल की आज मंत्रालय में लाँच कर यह विचार व्यक्त किए।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जन विश्वास अभियान के अंतर्गत किए जा रहे कार्यो की संपूर्ण जानकारी व्यवस्थित रूप से दर्ज करने के लिए मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान पोर्टल बनाया गया है। पोर्टल पर अभियान के अंतर्गत किए गए भ्रमण, निरीक्षण, जन संवाद, उद्यम संवाद, जिला स्तरीय समीक्षा बैठक, नीतिगत विषय, अभियान के दौरान दिए गए महत्वपूर्ण निर्देशों, जिले के प्रमुख नवाचारों और जिले की ओर से भेजे जाने वाले सुझावों को दर्ज किया जाएगा। प्रति सप्ताह दर्ज की जाने वाली जानकारी की उच्च स्तर पर नियमित समीक्षा की जाएगी और राज्य स्तरीय मामलों के निराकरण के लिए आवश्यक समन्वय भी होगा। 

  • चुनावी टिकट से पहले शपथ की मांग, नियाज खान बोले- उम्मीदवार लें गंगाजल और कुरान की कसम, नहीं बिकेंगे

    चुनावी टिकट से पहले शपथ की मांग, नियाज खान बोले- उम्मीदवार लें गंगाजल और कुरान की कसम, नहीं बिकेंगे

    भोपाल
     मध्य प्रदेश कैडर के पूर्व आईएएस अधिकारी नियाज खान काफी चर्चित रहे हैं। रिटायरमेंट के बाद भी वह बेबाकी के साथ सोशल मीडिया पर अपनी बात रखते हैं। अब उन्होंने चुनावों में जीत के बाद पलट जाने वाले उम्मीदवारों को लेकर बड़ी मांग की है।

    धर्म के आधार पर दिलाएं शपथ
    पूर्व आईएएस अधिकारी नियाज खान ने एक्स पर लिखा है कि चुनाव लड़ने वालों से धर्म के आधार पर शपथ लेने पर ही टिकट दिया जाना चाहिए। हिंदुओं को गंगा जल और बच्चों की शपथ, मुस्लिम को कुरान और बच्चों की शपथ दिलानी चाहिए कि वे चुनाव जीतने के बाद बिकेंगे नहीं न लालच में आयेंगे।

    वीडियो रिलीज किया जाए
    नियाज खान ने मांग की है कि शपथ लेते हुए उनका वीडियो भी रिकॉर्ड किया जाए। चुनाव में जीत के बाद अगर वह आगे चलकर पलटते हैं या बिकते हैं, उसका वीडियो रिलीज किया जाना चाहिए।

    ब्राह्मणों के पास अहंकार के अलावा कुछ नहीं
    इससे एक दिन पहले भी पूर्व आईएएस नियाज खान ने टिप्पणी की थी। उन्होंने एक सितंबर को एक्स पर लिखा था कि लोकतंत्र में ब्राह्मणों और क्षत्रियों के पास अहंकार के अलावा कुछ नहीं है। न वोट की ताकत है और न कोई अहमियत है।

    12 नोवेल लिख चुके हैं नियाज खान
    वहीं, पूर्व आईएएस अधिकारी नियाज खान लेखक भी हैं। वह अंग्रेजी में 12 नोवेल लिख चुके हैं। इनमें सबसे अधिक चर्चा द ग्रेट ब्राह्मण पर हुई है। वह अक्टूबर 2025 में सरकारी सेवा से रिटायर हुए हैं।

    सामाजिक मुद्दों पर रखते हैं राय
    वह सामाजिक मुद्दों पर लगातार अपनी राय रखते रहते हैं। इसकी वजह से कई बार विवाद की भी स्थिति बन जाती है। उन्होंने कुछ दिनों पहले सोशल मीडिया पर लिखा था कि हिंदू बहुल इलाकों में मुस्लिम आईएएस और आईपीएस को घर नहीं मिलता है।

  • MP Transco की बड़ी उपलब्धि, एक महीने में 6 ट्रांसमिशन लाइनें पूरी; 135 सर्किट किलोमीटर नेटवर्क बढ़ा

    MP Transco की बड़ी उपलब्धि, एक महीने में 6 ट्रांसमिशन लाइनें पूरी; 135 सर्किट किलोमीटर नेटवर्क बढ़ा

    एमपी ट्रांसको ने अगस्त माह में 135 सर्किट किलोमीटर की 6 नई ट्रांसमिशन लाइनें पूर्ण कर स्थापित किया नया कीर्तिमान

    भोपाल

    मध्यप्रदेश में अगस्त माह में हुई लगातार भारी वर्षा और चुनौतीपूर्ण मौसम परिस्थितियों के बावजूद मध्यप्रदेश पॉवर ट्रांसमिशन कंपनी (एमपी ट्रांसको) ने ट्रांसमिशन नेटवर्क विस्तार के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। कंपनी ने अगस्त माह में कुल 135.90 सर्किट किलोमीटर लंबाई की 132 केवी की कुल 6 ट्रांसमिशन लाइनों के निर्माण एवं सेकंड सर्किट के कार्य सफलतापूर्वक पूर्ण किए हैं। इसमें रेलवे के लिए तैयार की गई एक महत्वपूर्ण लाइन भी शामिल है।

    ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने इस उपलब्धि पर अमले को बधाई देते हुए कहा कि प्रदेश में विद्युत पारेषण व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़, विश्वसनीय एवं सक्षम बनाने के लिए राज्य सरकार निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि कठिन भौगोलिक परिस्थितियों और लगातार हो रही वर्षा के बीच एमपी ट्रांसको के अभियंताओं एवं कर्मचारियों ने समर्पण और दक्षता के साथ कार्य करते हुए यह उपलब्धि अर्जित की है। इन कार्यों के पूर्ण होने से प्रदेश में विभिन्न क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति की विश्वसनीयता बढ़ेगी तथा भविष्य की बढ़ती विद्युत मांग को पूरा करने में सहायता मिलेगी।

    अगस्त माह में 6 महत्वपूर्ण लाइने हुई पूर्ण

    एम पी ट्रांसको के मुख्य अभियंता के. एम. सिंघल ने बताया कि अगस्त माह में 132 केवी डबल सर्किट सिंगल स्ट्रिंग आलोट–ताल ट्रांसमिशन लाइन के सेंकड सर्किट का 19.56 सर्किट किलोमीटर, गंज बासौदा–सहरवासा लाइन के सेंकड सर्किट का 28.92 सर्किट किलोमीटर तथा कैमोर–बरही लाइन के सेंकड सर्किट का 32.40 सर्किट किलोमीटर कार्य पूर्ण किया गया।

    उन्होंने बताया कि 132 केवी सब स्टेशन सनावद से आरटीएस निमारखेड़ी तक 15.90 सर्किट किलोमीटर लंबी 132 केवी डबल फेज डबल वायर रेलवे ट्रैक्शन लाइन का निर्माण कार्य गंभीर निर्माण चुनौतियां के कारण लंबी अवधि से पूर्ण नहीं हो पा रहा था, जिसे स्थानीय प्रशासन के सहयोग से रेल्वे के इस लाईन कार्य को भी गहन वर्षाकाल मे पूर्ण किया गया।

    इसके अतिरिक्त बिलकिसगंज–मुगालिया छाप लाइन के सेंकड सर्किट का 17.27 सर्किट किलोमीटर तथा रतनगढ़–सिंगोली लाइन के सेंकड सर्किट का 21.85 सर्किट किलोमीटर निर्माण कार्य भी सफलतापूर्वक पूरा किया गया।

     

  • CM का बड़ा प्रशासनिक कदम, जन विश्वास पोर्टल पर एक महीने में 5.64 लाख शिकायतें हल; कलेक्टरों की साप्ताहिक रिपोर्ट जरूरी

    CM का बड़ा प्रशासनिक कदम, जन विश्वास पोर्टल पर एक महीने में 5.64 लाख शिकायतें हल; कलेक्टरों की साप्ताहिक रिपोर्ट जरूरी

    भोपाल 
    प्रदेश में जनता की समस्याओं के त्वरित निराकरण और अधिकारियों की मैदानी सक्रियता की निगरानी के लिए शुरू किए गए जन विश्वास अभियान के तहत अब जिलों की गतिविधियों और उपलब्धियों का पूरा रिकॉर्ड ऑनलाइन दर्ज होगा।

    इसके लिए मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान पोर्टल शुरू किया गया है। सीएम डॉ मोहन यादव ने आज मंत्रालय में इस पोर्टल को लॉन्च किया। इस अभियान की शुरुआत 7 अगस्त 2026 को हुई थी और अब तक चार सप्ताह पूरे हो चुके हैं।

    एक महीने में 5.64 लाख शिकायतों का समाधान
    अभियान के पहले महीने में 5 लाख 64 हजार से अधिक सीएम हेल्पलाइन शिकायतों का निराकरण किया गया है। वहीं, लोक सेवा गारंटी के तहत दर्ज 8 लाख 6 हजार से अधिक आवेदनों का भी निराकरण किया जा चुका है। अभियान के तहत जनप्रतिनिधियों से लेकर अधिकारियों तक सप्ताह में एक दिन फील्ड में जाकर जनता से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं का निराकरण कर रहे हैं।

    हर सोमवार पोर्टल पर अपडेट होगी जिले की रिपोर्ट
    पोर्टल पर जिलों से हर सप्ताह अभियान के दौरान किए गए कामों की जानकारी दर्ज की जाएगी। इसमें अधिकारियों के भ्रमण, निरीक्षण, जनसंवाद, उद्यम संवाद, यशस्वी संवाद और मीडिया संवाद के साथ जिला स्तरीय समीक्षा बैठकों की जानकारी भी शामिल होगी। इसके अलावा नीतिगत विषय, अभियान के दौरान दिए गए महत्वपूर्ण निर्देश, जिले के प्रमुख नवाचार और राज्य सरकार को भेजे जाने वाले प्रमुख सुझाव भी पोर्टल पर दर्ज किए जाएंगे।

    संभागायुक्त करेंगे नियमित मॉनिटरिंग
    अभियान के दौरान शुक्रवार तक किए गए कार्यों की जानकारी संबंधित जिला कलेक्टर को अगले सोमवार तक अनिवार्य रूप से पोर्टल पर अपलोड करनी होगी। संभागायुक्त इसकी नियमित मॉनिटरिंग करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि प्रत्येक सोमवार को जिलों की पूरी जानकारी अपलोड हो गई है।

    विभागों को भी मिलेगी निगरानी की जिम्मेदारी
    पोर्टल की मॉनिटरिंग के लिए सभी विभागों को लॉगिन आईडी दी जा रही हैं। कलेक्टरों द्वारा हर सप्ताह दर्ज की जाने वाली जानकारी की उच्च स्तर पर नियमित समीक्षा होगी। इसके जरिए जिलों से जुड़े ऐसे मामलों को चिह्नित किया जाएगा, जिनके निराकरण के लिए राज्य स्तर पर समन्वय की जरूरत है।

    पोर्टल पर क्या-क्या दर्ज होगा

    भ्रमण से लेकर नवाचार तक का रिकॉर्ड
    जन विश्वास पोर्टल पर जिलों की गतिविधियों का व्यवस्थित रिकॉर्ड रखा जाएगा। इसमें अधिकारियों के भ्रमण, निरीक्षण, जनसंवाद, उद्यम संवाद, यशस्वी संवाद, इंफ्लुएंसर संवाद और जिला स्तरीय समीक्षा बैठक की जानकारी दर्ज होगी। इसके अलावा नीतिगत एवं राज्य स्तरीय विषय, महत्वपूर्ण निर्देश, प्रमुख सुझाव और ऐसे नवाचार भी दर्ज किए जाएंगे, जिन्हें दूसरे जिले अपना सकें।

    हर गतिविधि की फोटो अपलोड करना जरूरी
    पोर्टल पर दर्ज की जाने वाली गतिविधियों के साथ उसका फोटो भी अपलोड करना होगा। यूजर मैनुअल के अनुसार फोटो अधिकतम 1 एमबी का होना चाहिए और JPG, JPEG या PNG फॉर्मेट में स्वीकार किया जाएगा। फोटो ऐसी होनी चाहिए, जिससे पूरी गतिविधि का प्रतिनिधित्व हो सके। यह व्यवस्था भ्रमण, निरीक्षण, जनसंवाद, उद्यम संवाद, यशस्वी संवाद और जिला स्तरीय समीक्षा बैठकों के लिए दी गई है।

    700 शब्दों में बताना होगा पूरा काम
    भ्रमण, निरीक्षण, जनसंवाद, उद्यम संवाद, यशस्वी संवाद और इंफ्लुएंसर संवाद की पूरी कार्रवाई का संक्षिप्त विवरण पोर्टल पर दर्ज करना होगा। इसके साथ बैठक या संवाद के दौरान दिए गए प्रमुख निर्देश और सुझाव बिंदुवार दर्ज किए जाएंगे। इनका विवरण अधिकतम 700 शब्दों में दिया जा सकेगा।

    कितने लोग आए, कहां हुआ संवाद और क्या शिकायत मिली
    जनसंवाद के लिए पोर्टल पर गतिविधि की तारीख और नेतृत्व करने वाले अधिकारी का नाम दर्ज करना होगा। इसके बाद संवाद का स्थान, कार्यक्रम में शामिल नागरिकों की अनुमानित संख्या और उनकी समस्या/शिकायत का विवरण दर्ज किया जाएगा। पूरी कार्रवाई और प्रमुख निर्देश-सुझाव भी अपलोड करने होंगे।

    सरकार का फोकस सिर्फ आम जनता तक सीमित नहीं
    पोर्टल में उद्यम संवाद और इंफ्लुएंसर संवाद के लिए भी अलग मॉड्यूल रखा गया है। उद्यम संवाद में शामिल उद्यमियों की अनुमानित संख्या, स्थान और पूरी कार्रवाई का विवरण दर्ज होगा। वहीं इंफ्लुएंसर संवाद में उपस्थित इंफ्लुएंसर्स की संख्या, कार्यक्रम का स्थान और पूरी कार्रवाई दर्ज की जाएगी। दोनों गतिविधियों में प्रमुख निर्देश-सुझाव और फोटो अपलोड करने की व्यवस्था है।

    दूसरे जिलों में लागू हो सकने वाले नवाचार भी दर्ज होंगे
    पोर्टल पर अभियान के दौरान मिले प्रमुख सुझावों के साथ जिले के ऐसे महत्वपूर्ण नवाचारों की जानकारी बुलेट पॉइंट में दर्ज की जाएगी, जिन्हें दूसरे जिले भी अपना सकें। इससे जन विश्वास अभियान के तहत अलग-अलग जिलों में किए जा रहे प्रयोगों और बेहतर कामों को साझा करने का आधार तैयार होगा।

  • कटनी जमीन सौदे और पद के दुरुपयोग केस में एक्शन, CSP नेहा पच्चीसिया समेत 3 आरोपी 13 दिन से फरार

    कटनी जमीन सौदे और पद के दुरुपयोग केस में एक्शन, CSP नेहा पच्चीसिया समेत 3 आरोपी 13 दिन से फरार

    कटनी
     निलंबित सीएसपी नेहा पच्चीसिया पुलिस की पकड़ से दूर है। सीएसपी सहित उनके करीबी क्षितिज राज व मारूफ अहमद के खिलाफ कुठला थाने में मामला दर्ज हुए 13 दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक तीनों में से किसी को भी पकड़ा नहीं जा सका।

    गृह ग्राम में भी पुलिस के हाथ लगी निराशा
    बहुचर्चित जमीन की सौदेबाजी और भ्रष्टाचार के मामले में फरार निलंबित सीएसपी की तलाश में मंगलवार को टीम राजगढ़ जिले के पचोर स्थित सीएसपी के गृह ग्राम पहुंची, लेकिन वहां भी पुलिस को सीएसपी का कोई सुराग नहीं मिला। टीम ने परिजनों से जानकारी ली और उसके बाद खाली हाथ वापस लौट आई।

    रमेश लोधी के दर्ज कराए गए कथन
    दूसरी तरफ इसी मामले से जुड़े हत्या के आरोप में झिंझरी जेल में कैद रमेश लोधी को एसआईटी जिला न्यायालय लेकर पहुंची, जहां पर उसके कथन दर्ज कराए गए।

    जमानत अर्जी खारिज, दस हजार का इनाम घोषित
    सीएसपी की जिला अदालत से अग्रिम जमानत अर्जी खारिज होने के बाद भी पुलिस अब तक तीनों आरोपितों तक नहीं पहुंच सकी है। मामले में पुलिस ने सीएसपी सहित तीनों आरोपितों पर दस हजार रूपये का इनाम भी घोषित किया और लुक आउट नोटिस भी जारी कर दिया है।

    क्या है मामला?
    दरअसल, कटनी जिले के कुठला थाना में 19 अगस्त को दर्ज अपराध क्रमांक 738/2026 ने पूरे प्रदेश में सुर्खियां बटोरीं। शिकायतकर्ता आकाश लोधी ने आरोप लगाया कि करीब 1.07 करोड़ रुपये मूल्य की पैतृक जमीन की रजिस्ट्री तत्कालीन सीएसपी नेहा पच्चीसिया और अन्य आरोपियों ने दबाव बनाकर कराई। आरोप है कि जमीन के बदले केवल 15 लाख रुपये का चेक दिया गया, जबकि बाद में रजिस्ट्री निरस्त कर जमीन मारूफ अहमद हनफी के नाम दर्ज करा दी गई।

    शिकायत में यह भी कहा गया कि जहां जमीन का गाइडलाइन मूल्य 82.46 लाख रुपये था, वहीं दस्तावेजों में इसकी कीमत महज 18.20 लाख रुपये दर्शाई गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच की कमान पहले कटनी एएसपी कमल मौर्य ने संभाली। बाद में जांच जबलपुर एएसपी अनु बेनीवाल को सौंपी गई और इसके बाद कटनी जिले में एफआईआर दर्ज की गई। मामले की जांच के लिए आठ सदस्यीय विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित किया गया, जिसकी जिम्मेदारी एएसपी अंजना तिवारी को सौंपी गई।

    जांच के दौरान भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के साथ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराएं 7(सी), 12 और 13 भी जोड़ी गईं, जिससे मामला और गंभीर हो गया। जांच के बीच एसआईटी ने सील किए गए सीएसपी कार्यालय की सील खोलकर तलाशी ली और वहां से महत्वपूर्ण कागजी दस्तावेजों के साथ डिजिटल साक्ष्य जब्त किए। इन साक्ष्यों की फॉरेंसिक और तकनीकी जांच भी कराई जा रही है, ताकि पूरे मामले और आर्थिक लेन-देन की कड़ियों को जोड़ा जा सके।

    इस बीच प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश लीला लोधी की अदालत ने नेहा पच्चीसिया और क्षितिज राज बारापत्रे की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने, केस डायरी और अभियोजन द्वारा प्रस्तुत रिकॉर्ड का अवलोकन करने के बाद दोनों को राहत देने से इनकार कर दिया।

    न्यायालय के इस आदेश के बाद पुलिस के लिए आरोपियों की गिरफ्तारी का रास्ता और मजबूत हो गया है। हालांकि, सबसे बड़ा सवाल यही है कि एफआईआर दर्ज होने के 14 दिन बाद भी इनाम घोषित होने, लुकआउट नोटिस जारी होने, एसआईटी के गठन और लगातार दबिश के बावजूद आखिर तीनों आरोपी पुलिस की पहुंच से बाहर कैसे हैं? यही सवाल अब पूरे मामले की जांच और पुलिस की कार्रवाई पर भी खड़े हो रहे हैं।

    आरोपियों पर इनाम घोषित
    उधर, फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस ने नेहा पच्चीसिया, क्षितिज राज बारापत्रे और मारूफ अहमद हनफी पर 10-10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया। साथ ही इनके खिलाफ लुकआउट नोटिस भी जारी किए गए, ताकि देश छोड़कर भागने की किसी भी कोशिश को रोका जा सके। हालांकि, इन सभी कार्रवाइयों के बावजूद तीनों आरोपी अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। 

    जमीन सौदे और पद के दुरुपयोग का है मामला
        निलंबित सीएसपी नेहा पच्चीसिया, क्षितिज राज बारापात्रे और मारूफ अहमद के खिलाफ जमीन सौदे और पद के दुरुपयोग से जुड़े आरोपों में एफआईआर दर्ज है।

        आरोप है की हत्या के मामले में आरोपित परिवार पर जमीन के सौदे को लेकर दबाव बनाया गया और कम कीमत में रजिस्ट्री करा ली गई। जांच के दौरान जमीन की कीमत और भुगतान को लेकर कई गंभीर तथ्य सामने आने की बात भी कहीं जा रही है।

     

  • Indore में राहुल गांधी का कार्यक्रम, स्टेडियम की अनुमति को लेकर जीतू पटवारी ने CM यादव को लिखा पत्र

    Indore में राहुल गांधी का कार्यक्रम, स्टेडियम की अनुमति को लेकर जीतू पटवारी ने CM यादव को लिखा पत्र

    इंदौर
     12 सितंबर को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस नेता राहुल गांधी मध्य प्रदेश के  में छात्रों की गूंज कार्यक्रम में भाग लेंगे। कांग्रेस यह आयोजन नेहरू स्टेडियम में करना चाहती है। इसके लिए प्रस्ताव दिया गया है लेकिन कोई निर्णय नहीं हुआ है।

    प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने बुधवार दो सितंबर को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखकर स्टेडियम उपलब्ध कराने और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश देने की मांग की है।

    उन्होंने कहा कि यह केवल राजनीतिक कार्यक्रम या सभा नहीं है। इसमें विद्यार्थियों और युवाओं के साथ सीधा संवाद होगा। कार्यक्रम में शिक्षा, युवाओं के अधिकार, रोजगार, अवसर और भविष्य से जुड़े मुद्दों को चर्चा होगी। राहुल गांधी नेता प्रतिपक्ष के रूप में युवाओं और विद्यार्थियों से जुड़े विषयों को राष्ट्रीय विमर्श का हिस्सा बनाने का प्रयास कर रहे हैं।

    इंदौर का स्टेडियम उपलब्ध कराया जाए

    ‘छात्रों की गूंज’ का उद्देश्य भी विद्यार्थियों को अपनी बात रखने का मंच देना और शिक्षा एवं भविष्य से जुड़े सवालों पर खुला संवाद स्थापित करना है। इंदौर को आयोजन के लिए इसलिए चुना गया है क्योंकि यह प्रदेश का प्रमुख शैक्षणिक और युवा केंद्र है।

    राहुल गांधी के संवैधानिक पद का भी उल्लेख करते हुए कहा कि नेता प्रतिपक्ष के विद्यार्थियों के साथ संवाद के लिए इंदौर का नेहरू स्टेडियम उपलब्ध कराया जाना आयोजन के महत्व के अनुरूप होगा। प्रदेश अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया कि प्रस्ताव पर संज्ञान लेकर संबंधित अधिकारियों को निर्देश देने और स्टेडियम उपलब्ध कराने की अनुमति देने के लिए निर्देशित किया जाए।