Author: NewseDay

  • यूपी के बलरामपुर में विकास को मिलेगी रफ्तार, योगी आदित्यनाथ 78 परियोजनाओं का करेंगे लोकार्पण और शिलान्यास

    यूपी के बलरामपुर में विकास को मिलेगी रफ्तार, योगी आदित्यनाथ 78 परियोजनाओं का करेंगे लोकार्पण और शिलान्यास

    मुख्यमंत्री योगी शनिवार को बलरामपुर को 803 करोड़ रुपए से अधिक की देंगे सौगात

    सीएम बलरामपुर में 78 विकास परियोजनाओं का करेंगे लोकार्पण व शिलान्यास

    रेहरा बाजार के बिलरिया में जनसभा को करेंगे संबोधित, लाभार्थियों को बांटेंगे चेक व प्रमाण पत्र

    लखनऊ, 
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार(10 अक्टूबर) को बलरामपुर के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान मुख्यमंत्री जिले को 803 करोड़ रुपए से अधिक की लागत वाली 78 विकास परियोजनाओं की बड़ी सौगात देंगे। कार्यक्रम का आयोजन विकास खंड रेहरा बाजार के ग्राम बिलरिया (उतरौला) में किया जाएगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को चेक व प्रमाण पत्र भी वितरित करेंगे। सीएम योगी यहां जनसभा को संबोधित भी करेंगे।

    इस कार्यक्रम में जिला पंचायत प्रशासक आरती तिवारी, विधान परिषद सदस्य साकेत मिश्रा व अवधेश कुमार सिंह उर्फ मंजू सिंह, तथा विधायक रामप्रताप वर्मा उर्फ शशिकांत वर्मा, कैलाश नाथ एवं पल्टूराम समेत कई जनप्रतिनिधि व गणमान्य मौजूद रहेंगे।

  • IND vs WI 2nd T20I: शाई होप का शतक और रदरफोर्ड की तूफानी पारी, वेस्टइंडीज ने भारत को 6 विकेट से हराया

    IND vs WI 2nd T20I: शाई होप का शतक और रदरफोर्ड की तूफानी पारी, वेस्टइंडीज ने भारत को 6 विकेट से हराया

    रांची
    भारत और वेस्टइंडीज के बीच टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला शुक्रवार (9 अक्टूबर) को रांची के JSCA इंटरनेशनल स्टेडियम कॉम्प्लेक्स में खेला गया. इस मुकाबले में वेस्टइंडीज ने 6 विकेट से जीत हासिल की. वेस्टइंडीज को जीत के लिए 250 रनों का टारगेट मिला था, जिसे उसने 18.3 ओवरों में हासिल कर लिया. वेस्टइंडीज के लिए कप्तान शाई होप ने 45 बॉल पर नाबाद 102 रन बनाए, जिसमें 9 छक्के और 6 चौके शामिल रहे. शेरफेन रदरफोर्ड ने भी बल्ले से तूफानी प्रदर्शन किया.

    टी20 इंटरनेशनल में ये वेस्टइंडीज का सबसे सफल रनचेज रहा. इस जीत के साथ ही वेस्टइंडीज ने पांच मैचों की टी20 सीरीज में 1-1 की बराबरी कर ली है. सीरीज का पहला मुकाबला लखनऊ में आयोजित हुआ था, जिसमें भारतीय टीम ने 8 विकेट से जीत हासिल की थी.

    रनचेज में वेस्टइंडीज की शुरुआत अच्छी नहीं रही. पहले ही ओवर में तेज गेंदबाज मयंक यादव ने कामिल पूरन (4 रन) और शिमरॉन हेटमायर (0 रन) को पवेलियन का रास्ता दिखा दिया. फिर मयंक ने तूफानी बल्लेबाजी कर रहे रोवमैन पॉवेल को भी आउट किया. पॉवेल के आउट होने के समय वेस्टइंडीज का स्कोर 58/3 था. यहां से शेरफेन रदरफोर्ड और कप्तान शाई होप ने चौथे विकेट के लिए 54 गेंदों पर 120 रनों की साझेदारी कर मैच का नक्शा पलट दिया.

    शेरफेन रदरफोर्ड ने 7 छक्के और 7 चौके की मदद से 37 बॉल पर 84 रनों का योगदान दिया. कुलदीप यादव ने रदरफोर्ड को आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा. यहां से शाई होप और रोमारियो शेफर्ड (34*) ने नाबाद 74 रनों की साझेदारी कर भारतीय टीम को कोई मौका नहीं दिया.

    ऐसी रही भारत की बल्लेबाजी
    मुकाबले में भारतीय टीम ने टॉस हारकर पहले बैटिंग करते हुए 5 विकेट पर 249 रन बनाए. भारतीय टीम को अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन ने अच्छी शुरुआत दिलाई. दोनों के बीच पहले विकेट के लिए 42 रनों की साझेदारी हुई. अभिषेक (20 रन) को रोस्टन चेज ने अपनी फिरकी में फंसाया. यहां से ईशान किशन और संजू सैमसन ने दूसरे विकेट के लिए 97 रन जोड़े. इस पार्टनरशिप के दौरान संजू ने 21 बॉल पर ही फिफ्टी पूरी कर ली. ईशान 43 रनों के निजी स्कोर पर रोस्टन चेज का शिकार बने. ईशान ने 22 गेंदों की पारी में 6 चौके और दो छक्के लगाए.

    शिवम दुबे (7 रन) कुछ खास नहीं कर पाए और उनका विकेट रोस्टन चेज ने लिया. फिर संजू सैमसन के रूप में वेस्टइंडीज को चौथी सफलता मिली. संजू ने 41 गेंदों पर 82 रन बनाए, जिसमें 9 चौके और 4 छक्के शामिल रहे. संजू का विकेट शमर स्प्रिंगर ने लिया. यहां से श्रेयस अय्यर (18 बॉल पर 40 रन) और तिलक वर्मा (18 बॉल पर नाबाद 44 रन) ने पांचवें विकेट के लिए 83 रनों की साझेदारी कर भारत को बड़े स्कोर तक पहुंचाने में मदद की. वेस्टइंडीज के लिए रोस्टन चेज ने तीन और शमर स्प्रिंगर ने दो सफलताएं हासिल कीं.

    इस मुकाबले के लिए भारतीय टीम ने अपनी प्लेइंग-11 में कोई बदलाव नहीं किया. भारतीय टीम उसी एकादश के साथ उतरी, जिसने उसे लखनऊ में खेले गए मुकाबले में जीत दिलाई थी. दूसरी ओर वेस्टइंडीज न मैथ्यू फोर्ड की जगह स्पिनर गुडाकेश मोती को प्लेइंग-11 में जगह दी.

    मुकाबले में भारत की प्लइंग-11: श्रेयस अय्यर (कप्तान), संजू सैमसन (विकेटकीपर), ईशान किशन, अभिषेक शर्मा, तिलक वर्मा, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, नमन धीर, कुलदीप यादव, अर्शदीप सिंह, मयंक यादव.

    मुकाबले में वेस्टइंडीज की प्लेइंग-11: शाई होप (कप्तान/विकेटकीपर), कामिल पूरन, शिमरोन हेटमायर, रोवमैन पॉवेल, शेरफेन रदरफोर्ड, रोमारियो शेफर्ड, रोस्टन चेज, गुडाकेश मोती, अकील हुसैन, शमर जोसेफ और शमर स्प्रिंगर.

    भारत का स्क्वॉड: वैभव सूर्यवंशी, अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर (कप्तान), ईशान किशन, तिलक वर्मा, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, अर्शदीप सिंह, प्रिंस यादव, मयंक यादव, कुलदीप यादव, रवि बिश्नोई, नीतीश कुमार रेड्डी और नमन धीर.

    वेस्टइंडीज का स्क्वॉड: शाई होप (कप्तान/विकेटकीपर), कामिल पूरन, आमिर जंगू, शिमरॉन हेटमायर, शेरफेन रदरफोर्ड, रोवमैन पॉवेल, रोस्टन चेज, रोमारियो शेफर्ड, गुडाकेश मोती, अकील हुसैन, शमर जोसेफ, मैथ्यू फोर्ड, कीमो पॉल, क्वेंटिन सैम्पसन और शमर स्प्रिंगर.

    भारत vs वेस्टइंडीज हेड टू हेड
    • कुल टी20I मैच: 33
    • भारत जीता: 21
    • वेस्टइंडीज जीता: 11
    • बेनतीजा: 1  

    वनडे सीरीज (3 मैच)
    27 सितंबर : पहला वनडे (तिरुवनंतपुरम)- भारत जीता 8 विकेट से
    30 सितंबर : दूसरा वनडे (गुवाहाटी)- भारत जीता 8 विकेट से
    3 अक्टूबर : तीसरा वनडे (न्यू चंडीगढ़)- वेस्टइंडीज जीता 5 विकेट से

    टी20 सीरीज (5 मैच)
    6 अक्टूबर : पहला टी20 (लखनऊ)- भारत जीता 8 विकेट से
    9 अक्टूबर: दूसरा टी20 (रांची)- वेस्टइंडीज की 8 विकेट से जीत
    11 अक्टूबर: तीसरा टी20 (इंदौर)- शाम 7:00 बजे
    14 अक्टूबर: चौथा टी20 (हैदराबाद)- शाम 7:00 बजे
    17 अक्टूबर: पांचवा टी20 (बेंगलुरु)- शाम 7:00 बजे

  • राज्य कर्मचारियों के हित में योगी सरकार का बड़ा कदम, जानिए क्या मिला नया लाभ

    राज्य कर्मचारियों के हित में योगी सरकार का बड़ा कदम, जानिए क्या मिला नया लाभ

    राज्य कर्मचारियों के लिए योगी सरकार की बड़ी सौगात

    सचिवालय प्रशासन विभाग और एक्सिस बैंक के बीच एमओयू, कर्मचारियों को मिलेंगे स्पेशल सैलरी अकाउंट के साथ सुरक्षा और कल्याण के अतिरिक्त लाभ

    पात्र राज्य कर्मचारियों को एक करोड़ रुपये तक का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा कवर, साथ ही 30 लाख रुपये का अतिरिक्त स्वास्थ्य बीमा कवर मिलेगा

    लखनऊ
     योगी सरकार ने प्रदेश के राज्य कर्मचारियों के कल्याण और उनके परिवारों की सामाजिक एवं आर्थिक सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की है। सचिवालय प्रशासन विभाग, उत्तर प्रदेश शासन और एक्सिस बैंक के बीच एमओयू किया गया है। इसके तहत प्रदेश के राज्य सरकारी कर्मचारियों के लिए विशेष रूप से तैयार सैलरी अकाउंट के साथ कई अतिरिक्त सुरक्षात्मक और कल्याणकारी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

    एक करोड़ रुपये का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा कवर
    एमओयू के तहत पात्र राज्य कर्मचारियों को एक करोड़ रुपये तक का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा कवर उपलब्ध होगा। इससे आकस्मिक परिस्थितियों में कर्मचारी और उनके परिवार को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी। इसके अतिरिक्त, कर्मचारियों को 30 लाख रुपये तक का अतिरिक्त स्वास्थ्य बीमा कवर भी उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए मात्र सात रुपये प्रतिदिन के नाममात्र प्रीमियम की व्यवस्था की गई है। इससे कर्मचारियों और उनके परिवारों को गंभीर बीमारी अथवा आकस्मिक स्वास्थ्य खर्चों के समय अतिरिक्त वित्तीय सुरक्षा मिल सकेगी।

    बच्चों की शिक्षा के लिए आठ लाख रुपये तक की सहायता
    व्यवस्था के तहत आश्रित बच्चों की शिक्षा के लिए आठ लाख रुपये तक की अतिरिक्त सहायता का प्रावधान भी किया गया है। इसके साथ ही कर्मचारियों को 10 लाख रुपये का सावधि जीवन बीमा कवर भी मिलेगा। एमओयू के तहत कर्मचारियों के लिए विशेष वेतन खाता उपलब्ध कराया जाएगा। इसमें विभिन्न बैंकिंग सुविधाओं के साथ सुरक्षा और कल्याण से जुड़े अतिरिक्त लाभ भी मिलेंगे।

  • मुख्यमंत्री ने राज्यसभा के लिए निर्विरोध निर्वाचित भाजपा प्रत्याशियों को दी बधाई

    मुख्यमंत्री ने राज्यसभा के लिए निर्विरोध निर्वाचित भाजपा प्रत्याशियों को दी बधाई

    राष्ट्र की प्रगति को नई गति प्रदान करने में महत्वपूर्ण योगदान देंगे नवनिर्वाचित सदस्य: मुख्यमंत्री

    मुख्यमंत्री ने राज्यसभा के लिए निर्विरोध निर्वाचित भाजपा प्रत्याशियों को दी बधाई

    राष्ट्र की प्रगति को नई रफ्तार देंगे नवनिर्वाचित सदस्य, मुख्यमंत्री ने जताया भरोसा

    उत्तर प्रदेश से भाजपा के धर्मपाल सिंह, राधाकांत ओझा, प्रकाश पाल, विद्यासागर सोनकर, गोपी कृष्ण पांडेय, प्रियंका सिंह रावत, रामप्रताप सिंह चौहान, श्रुति गंगवार निर्वाचित

    लखनऊ, 
     मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्यसभा द्विवार्षिक चुनाव-2026 में उत्तर प्रदेश से निर्विरोध निर्वाचित होने पर भाजपा के सभी प्रत्याशियों को बधाई दी है। 

    गौरतलब है कि भारतीय जनता पार्टी ने उत्तर प्रदेश से धर्मपाल सिंह, राधाकांत ओझा, प्रकाश पाल, विद्यासागर सोनकर, गोपी कृष्ण पांडेय, प्रियंका सिंह रावत, रामप्रताप सिंह चौहान, श्रुति गंगवार को प्रत्याशी बनाया था। इन सभी आठों प्रत्याशी ने निर्विरोध जीत दर्ज की।  मुख्यमंत्री ने सभी को शुभकामनाएं दीं। 

    मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि निर्विरोध निर्वाचित सभी सदस्य प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के 'विकसित भारत' के संकल्प को साकार करने तथा राष्ट्र की प्रगति को नई गति प्रदान करने में महत्वपूर्ण योगदान देंगे। साथ ही, उच्च सदन की गरिमा को अभिवर्धित करेंगे। मुख्यमंत्री ने सभी को उज्ज्वल कार्यकाल की मंगलकामनाएं भी प्रेषित कीं।

  • नदियां सूख रहीं, ग्लेशियर पिघल रहे… WMO की रिपोर्ट ने बताया वैश्विक जल संकट का खतरनाक सच

    नदियां सूख रहीं, ग्लेशियर पिघल रहे… WMO की रिपोर्ट ने बताया वैश्विक जल संकट का खतरनाक सच

    नई दिल्ली
    दुनिया में पानी लगातार चिंता का विषय बना हुआ है. कहीं नदियों का बहाव सामान्य से कम हो गया है तो कहीं कुछ ही समय में इतनी बारिश हो रही है कि बाढ़ जैसे हालात पैदा हो जाते हैं. विश्व मौसम विज्ञान संगठन यानी WMO की स्टेट ऑफ ग्लोबल वॉटर रिसोर्सेज 2025 रिपोर्ट ने इसी बदलते जल पैटर्न को लेकर गंभीर चिंता जताई है। 

    रिपोर्ट की मानें, तो 2025 में दुनिया के नदियों का प्रवाह पिछले 35 सालों में सबसे सूखा रहा. दूसरी तरफ 2014-16 के बाद से जमीन पर मौजूद कुल जल भंडारण में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। 

    जानकारी के मुताबिक, 2025 में वैश्विक नदी बेसिन के करीब 36% हिस्से में सामान्य से कम जल प्रवाह दर्ज किया गया. लगातार सातवें साल सामान्य नदी प्रवाह वाले बेसिन बेहद कम रहे.  बेसिन वह इलाका होता है जहाँ बारिश का पानी नालों, छोटी नदियों और नदियों के जरिए एक मुख्य नदी में जाकर मिल जाता है। 

    1991-2020 के औसत में जहां करीब 46% बेसिन सामान्य स्थिति में रहते थे, वहीं 2021 से 2025 के बीच यह आंकड़ा सिर्फ 34 से 38% तक सिमट कर रह गया. एशिया में मिडिल एशिया और मिडिल ईस्ट के कई हिस्सों में नदी प्रवाह सामान्य से कम दर्ज किया गया. हालांकि साउथ और साउथ ईस्ट एशिया के कई क्षेत्रों में 2025 के दौरान सामान्य से ज्यादा पानी दर्ज किया गया। 

    अब भारत के लिए सबसे बड़ी समस्या भू जल और जल के भंडारण को लेकर है. रिपोर्ट में उत्तर भारत के कुछ हिस्सों में सामान्य से कम जल भंडारण दर्ज होने की बात कही गई है. उत्तर-पश्चिमी भारत में लगातार गिरता जलस्तर लंबे समय के जल संकट की ओर इशारा करता है. भारत की खेती, पानी और उद्योगों की बड़ी जरूरतें भूजल से पूरी होती हैं. ऐसे में कमजोर मानसून, बढ़ता तापमान से आने वाले समय में पानी की कमी का सामना करना पड़ सकता है। 

    एशिया में बाढ़ और सूखे का दोहरा संकट
    WMO के मुताबिक, पिछले पांच सालों में एशिया और अफ्रीका पानी से जुड़ी समस्याओं से सबसे ज्यादा प्रभावित रहे. इन घटनाओं से जुड़ी 80% से ज्यादा मौतें भी इन्हीं दोनों क्षेत्रों में हुईं. दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशिया में 2025 में चक्रवात और अत्यधिक मानसूनी बारिश कई देशों पर भारी पड़ी. श्रीलंका, पाकिस्तान, वियतनाम, इंडोनेशिया, थाईलैंड, मलेशिया और फिलीपींस में ऐसी घटनाओं से हजारों लोगों की मौत हुई। 

    ग्लेशियर पिघलने से गहराया खतरा
    साल 2025 में दुनिया भर के ग्लेशियरों ने करीब 408 गीगाटन बर्फ पिघले. इससे समुद्र का पानी करीब 1.1 मिलीमीटर तक ऊपर आया. यह लगातार चौथा साल है जब सभी बड़े ग्लेशियर इलाकों में बर्फ की कमी हुई है। 

    हिमालयी ग्लेशियर भारत और पूरे दक्षिण एशिया के लिए बेहद अहम हैं. गंगा, सिंधु और ब्रह्मपुत्र जैसी नदीयों पर इनका सीधा असर पड़ता है. तेजी से पिघलते ग्लेशियर पहले अचानक बाढ़ और तेज बहाव का खतरा बढ़ा सकते हैं, जबकि लंबे समय में सूखे मौसम में पानी की कमी और गहरा सकती है। 

  • यूपी में बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए योगी सरकार के निर्देश, जलभराव वाले इलाकों में पहुंचाया जा रहा राशन-पानी

    यूपी में बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए योगी सरकार के निर्देश, जलभराव वाले इलाकों में पहुंचाया जा रहा राशन-पानी

    योगी सरकार के निर्देश पर बाढ़ प्रभावितों को नावों से पहुंचाया जा रहा भोजन और राशन

    लखनऊ के जलभराव वाले क्षेत्रों में 1,900 खाद्य पैकेट और पेयजल वितरित

    नावों के जरिए भोजन पैकेट के साथ कच्चा और सूखा राशन भी पहुंचाया

    लोहरामऊ और दाउदनगर में ड्रोन से एंटी लार्वा छिड़काव, शनिवार से तीन ड्रोन लगाने की तैयारी

    नगर आयुक्त ने फैजुल्लागंज और गुल्मी खेड़ा समेत प्रभावित क्षेत्रों का किया दौरा
     
    लखनऊ, 

     गोमती नदी का जलस्तर बढ़ने से जलभराव की समस्या से जूझ रहे लखनऊ के इलाकों में योगी सरकार के निर्देश पर राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी हैं। लखनऊ नगर निगम की टीमें प्रभावित परिवारों तक भोजन, राशन और स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के साथ सफाई एवं स्वास्थ्य सुरक्षा के इंतजामों में जुटी हैं। शुक्रवार को नगर आयुक्त गौरव कुमार ने फैजुल्लागंज, गुल्मी खेड़ा समेत विभिन्न प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर राहत कार्यों का निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

    नावों से पहुंचाई गई राहत सामग्री

    प्रभावित क्षेत्रों में आवागमन की परेशानी को देखते हुए नावों के माध्यम से लोगों तक राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है। निजी संस्थाओं के सहयोग से नगर निगम की टीम ने करीब 500 से 600 पके भोजन के पैकेट के साथ कच्चा और सूखा राशन वितरित किया। जोन-3 और जोन-6 के अंतर्गत हयात नगर, बरावन कला, टांड़ खेड़ा, सुखलाल खेड़ा, मुन्नू खेड़ा, दौलत खेड़ा, लक्ष्मी हॉस्पिटल वाली गली और गुल्मी खेड़ा समेत अन्य प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री पहुंचाई गई।

    नगर निगम की टीम ने सुबह और शाम दोनों पालियों में कुल 1,900 खाद्य पैकेट और पेयजल की बोतलें वितरित कीं। प्रशासन का जोर प्रभावित परिवारों को समय पर भोजन और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने पर है।

    अधिकारियों ने संभाली राहत कार्यों की कमान

    जोन-3 में जोनल अधिकारी अजीत राय, जोनल सेनेटरी ऑफिसर सचिन सक्सेना और अधिशासी अभियंता नजमी मुजफ्फर ने राहत कार्यों की निगरानी की। वहीं, जोन-6 में जोनल अधिकारी अमरजीत सिंह यादव, जोनल सेनेटरी ऑफिसर राकेश कुमार और अधिशासी अभियंता अशोक यादव ने व्यवस्थाओं का जायजा लिया। ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में राहत सामग्री के प्रबंधन के लिए करीब 70 कर्मचारियों को लगाया गया। कर्मचारियों ने पिछले दो दिनों में पहुंची खाद्य सामग्री को उतारकर ट्रैक्टरों पर लोड किया, जिससे इसे प्रभावित इलाकों तक पहुंचाने में आसानी हो सके।

    बीमारियों की रोकथाम के लिए ड्रोन से एंटी लार्वा का छिड़काव 

    जलभराव के बाद मच्छरों के प्रजनन और संक्रामक बीमारियों के खतरे को कम करने के लिए लोहरामऊ और दाउदनगर में ड्रोन के जरिए एंटी लार्वा का छिड़काव कराया गया। जलस्तर स्थिर होने के बाद अभियान का दायरा बढ़ाने की तैयारी है। शनिवार से तीन ड्रोन लगाने की योजना बनाई गई है, ताकि अधिक से अधिक प्रभावित क्षेत्रों में छिड़काव किया जा सके। नगर निगम की टीमें राहत वितरण, सफाई, स्वास्थ्य सुरक्षा और अन्य जरूरी व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने में लगी हैं।

  • TVS के श्रीनिवासन परिवार में बढ़ी कलह, सुदर्शन और लक्ष्मी के बिजनेस बंटवारे पर माता-पिता आमने-सामने

    TVS के श्रीनिवासन परिवार में बढ़ी कलह, सुदर्शन और लक्ष्मी के बिजनेस बंटवारे पर माता-पिता आमने-सामने

    बेंगलुरु 

    टीवीएस (TVS) समूह के चेयरमैन एमेरिटस वेणु श्रीनिवासन के परिवार में संपत्ति के बंटवारे और उत्तराधिकार को लेकर मतभेद खुलकर सामने आ गए हैं. परिवार की लड़ाई अब सार्वजनिक हो गई है. दरअसल, वेणु श्रीनिवासन और उनकी पत्नी मल्लिका श्रीनिवासन के बीच बच्चों सुदर्शन श्रीनिवासन और लक्ष्मी वेणु के बीच परिवारिक बिजनेस के विभाजन को लेकर गहरा विवाद खड़ा हो गया है। 

    इस पारिवारिक कलह की मुख्य वजह यह तय करना है कि क्या अगली पीढ़ी को दिए गए व्यवसायों का प्रबंधन ही परिवार की कुल संपत्ति में उनके मालिकाना हक को तय करता है या नहीं। 

    फिलहाल बेटा सुदर्शन श्रीनिवासन TVS मोटर कंपनी और TVS होल्डिंग्स की कमान संभाल रहे हैं. जबकि बेटी लक्ष्मी वेणु सुंदरम क्लेटन (SCL) का प्रबंधन देख रही हैं, जो कि कंपोनेंट्स और डाई-कास्टिंग व्यवसाय से जुड़ी है। 

    लड़ाई की असली वजह 
    विवाद का एक बड़ा कारण दोनों कंपनियों के बाजार मूल्यांकन में आया बड़ा अंतर है. TVS मोटर की मार्केट कैप बढ़कर लगभग ₹1.83 लाख करोड़ तक पहुंच गई है. जिसमें पिछले तीन वर्षों के दौरान लगभग चार गुना बढ़ोतरी हुई है. जबकि सुंदरम क्लेटन (SCL) की मार्केट कैप करीब 24,000  करोड़ रुपये ही है। 

    वेणु श्रीनिवासन और उनके बेटे सुदर्शन का रुख एक जैसा है, उनका तर्क है कि 21 मार्च 2024 को परिवार के चारों सदस्यों के बीच हस्ताक्षरित एमओयू (MoU) ने परिसंपत्तियों के औपचारिक विभाजन को तय कर दिया था. इसके तहत लक्ष्मी को SCL और सुदर्शन को TVS मोटर सौंपी गई थी. उनका कहना है कि यह व्यवस्था 2020 में TVS परिवार के चार अलग-अलग समूहों के बीच हुए पुनर्गठन और मूल्यांकन पर आधारित थी। 

    मल्लिका और लक्ष्मी का खेमा
    मल्लिका श्रीनिवासन और उनकी बेटी लक्ष्मी वेणु इस दावे को खारिज करती हैं, उनके अनुसार मार्च 2024 का MoU केवल ब्रांड के उपयोग और नॉन-कंपीट शर्तों तक ही सीमित था, न कि संपत्ति के स्वामित्व के हस्तांतरण के लिए. उनका मानना है कि केवल किसी कंपनी के प्रबंधन का जिम्मा संभालने से स्वामित्व नहीं मिल जाता और दोनों बच्चों का परिवार की संपत्ति पर समान अधिकार है। 

    इकोनॉमिक्स टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक यह विवाद पिछले 18 महीनों से जारी है. इस दौरान परिवार के भीतर और बाहर कई मध्यस्थता प्रयास किए गए, लेकिन वे विफल रहे। 

    अप्रैल 2025 में, जब स्टॉक एक्सचेंजों को सूचित किया गया कि सुदर्शन श्रीनिवासन TVS होल्डिंग्स (जो TVS मोटर में 50.26% हिस्सेदारी रखती है) में 'बेनिफिशियल ओनर' बन गए हैं, तो लक्ष्मी के पक्ष ने इस शेयर ट्रांसफर पर स्पष्टीकरण मांगा था. इसके अलावा सुंदरम क्लेटन में भी उस समय तनाव देखा गया जब वेणु श्रीनिवासन ने चेयरमैन का पदभार संभाला और शासन में बड़ी भूमिका ली, हालांकि लक्ष्मी व्यवसाय का संचालन देखती रहीं। 

    परिवार में सहमति न बन पाने के कारण अब यह मामला कानूनी लड़ाई की ओर बढ़ता दिख रहा है. देश के प्रमुख औद्योगिक घरानों में से एक TVS परिवार का यह उत्तराधिकार विवाद भारतीय कॉर्पोरेट जगत में चर्चा का विषय बना हुआ है। 

  • ‘मां की रसोई’ में महके मध्यप्रदेश के पारंपरिक स्वाद, MP Travel Mart में अंतरराष्ट्रीय अतिथियों का खास अनुभव

    ‘मां की रसोई’ में महके मध्यप्रदेश के पारंपरिक स्वाद, MP Travel Mart में अंतरराष्ट्रीय अतिथियों का खास अनुभव

    मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट 2026: अंतर्राष्ट्रीय अतिथियों ने चखा मध्यप्रदेश के पारंपरिक स्वाद का जायका

    ‘मां की रसोई’ में स्थानीय व्यंजनों की खुशबू और स्वाद ने जीता मेहमानों का दिल

    भोपाल 

    मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट 2026 मे अंतर्राष्ट्रीय स्टेकहोल्डर्स, टूर ऑपरेटर्स, हॉस्पिटेलिटी प्रतिनिधियों और डेलीगेट्स को प्रदेश की समृद्ध पर्यटन विरासत के साथ-साथ यहां के पारंपरिक खाने का स्वाद भी चखने का मौका मिला। ट्रैवल मार्ट में परोसे गए अलग-अलग व्यंजनों से मेहमानों को मध्यप्रदेश के विभिन्न अंचलों के स्वाद का अनुभव मिला। पारंपरिक मसालों की खुशबू, देसी खाने और घर के स्वाद ने भोजन के अनुभव को खास बना दिया।

    ‘मां की रसोई’ में सजे मध्यप्रदेश के पारंपरिक स्वाद

    ट्रैवल मार्ट में ‘मां की रसोई’ लाइव फूड काउंटर विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। यहां मेहमानों ने मध्यप्रदेश के अलग-अलग इलाकों के पारंपरिक खाने और खास स्वाद का आनंद लिया। मिलेट ब्रेड, घर की बनी चटनियां, मट्ठे के आलू, चक्की का साग, निघौना, उड़द की दाल जैसे पारंपरिक व्यंजनों ने देश के विभिन्न हिस्सों से आए मेहमानों को प्रदेश के ग्रामीण और घरेलू स्वाद से रूबरू कराया।

    स्थानीय अनाज और देसी स्वाद का संगम

    विशेष रूप से कोदो मेथी भात ने मेहमानों को मध्यप्रदेश के पारंपरिक अनाज और स्थानीय खान-पान की समृद्ध परंपरा का अनुभव कराया। वहीं मट्ठे के आलू और चक्की के साग में देसी मसालों का संतुलित स्वाद और पारंपरिक पकाने की विधि की झलक दिखाई दी। घर में तैयार की जाने वाली चटनियों ने इन व्यंजनों के स्वाद को और अधिक समृद्ध किया। मिलेट से तैयार ब्रेड ने पारंपरिक अनाजों को आधुनिक प्रस्तुति के साथ जोड़ते हुए मेहमानों का ध्यान आकर्षित किया।

    दाल-बाफला में घुला मालवा का पारंपरिक स्वाद

    मध्यप्रदेश के पारंपरिक स्वाद के साथ मेहमानों को दाल बाफला, भटे का भरता और चूरमा के लड्डू का भी स्वाद मिला। मालवा की पहचान से जुड़े इस पारंपरिक भोजन ने खास तौर पर मेहमानों को आकर्षित किया।

    बुरहानपुर की मावा जलेबी ने बढ़ाई मिठास

    बुरहानपुर की मावा जलेबी और रबड़ी, मावा बाटी, दूध का हलवा जैसे पारंपरिक मिष्ठानों ने भोजन को मिठास से भर दिया। विशेष रूप से बुरहानपुर की मावा जलेबी का स्वाद मेहमानों के लिए मध्यप्रदेश की मिठास और स्थानीय खाने की विरासत का यादगार अनुभव रहा।

    मध्यप्रदेश के स्वाद से लेकर वैश्विक जायके तक

    ट्रैवल मार्ट में पारंपरिक व्यंजनों के साथ आधुनिक और अंतरराष्ट्रीय स्वादों का भी समावेश किया गया। लाइव पास्ता काउंटर, विभिन्न प्रकार के सलाद, और अंतरराष्ट्रीय व्यंजनों ने देश-विदेश से आए मेहमानों की अलग-अलग स्वाद पसंद का ध्यान रखा। इस तरह भोजन की पूरी श्रृंखला में मध्यप्रदेश की पारंपरिक रसोई से लेकर आधुनिक वैश्विक खान-पान तक की विविधता देखने को मिली।

     

  • M8 कार्बाइन की दमदार खूबियां चर्चा में, तेज रफ्तार और सटीक निशाने के लिए है खास

    M8 कार्बाइन की दमदार खूबियां चर्चा में, तेज रफ्तार और सटीक निशाने के लिए है खास

    नईदिल्ली 
    ट्रिगर दबते ही बंदूक की नली से निकली गोली जब 3,180 किलोमीटर प्रति घंटे की तूफानी रफ़्तार से हवा को चीरती हुई आगे बढ़ती है, तो 600 मीटर दूर छिपा बैठा दुश्मन भी ढेर हो जाता है. चाहे दुश्मन ने कितना भी मजबूत मॉडर्न बुलेटप्रूफ आर्मर क्यों न पहन रखा हो, इस हथियार की मारक क्षमता के आगे उसका बचना नामुमकिन है. वजन में हल्की, चलाने में बेहद तेज और ‘स्मार्ट कंप्यूटर’ जैसे हाई-टेक स्कोप से लैस M8 कार्बाइन (M8 Carbine) को आज डिफेंस एक्सपर्ट सेना की राइफलों का असली ‘बाप’ कह रहे हैं। 

    3 साल में 50,000 राइफलों का फैसला पलटा
    दुनिया की सबसे आधुनिक और ताकतवर मानी जाने वाली अमेरिकी सेना अपनी बंदूकों को बदलने और अपग्रेड करने के मामले में हमेशा बेहद सख्त रही है. लेकिन इस बार उसने जो बड़ा फैसला लिया है, उसने वैश्विक डिफेंस सेक्टर को हैरान कर दिया है. महज तीन साल पहले जिस M7 राइफल को भविष्य का सबसे विध्वंसक हथियार घोषित कर बेड़े में शामिल किया गया था, अमेरिकी सेना अब उससे दूरी बनाने जा रही है। 

    तकरीबन 50,000 M7 राइफलों की डिलीवरी लेने के बाद भी US आर्मी इसे नए हथियार से रिप्लेस कर रही है. इसकी सबसे बड़ी वजह रही, युद्ध के मैदान और ट्रेनिंग कैंपों में तैनात अमेरिकी सैनिकों का प्रैक्टिकल फीडबैक. वजन ज्यादा होने और लंबाई की वजह से सैनिकों को ऑपरेशन्स के दौरान काफी दिक्कतें आ रही थीं. अब US आर्मी इसकी जगह नई, हल्की और अत्याधुनिक M8 कार्बाइन को अपने बेड़े में शामिल करने जा रही है, जिसकी पहली तैनाती इसी साल दिसंबर में उत्तर कैरोलिना स्थित फोर्ट ब्रैग से शुरू होने जा रही है। 

    M8 कार्बाइन का खौफनाक पावर्स
    सैनिकों की शिकायतों के बाद, हथियार निर्माता कंपनी सिग सॉयर और अमेरिकी सेना ने मिलकर M7 के डिजाइन में तेजी से सुधार किए. इसी का नतीजा है नई M8 कार्बाइन, जिसे पहले XM8 नाम दिया गया था। 

        1 पाउंड हल्की और 3.5 इंच छोटी: M8 का खाली वजन केवल 3.3 किग्रा है और सप्रेसर और हीट शील्ड के साथ ये 4 किग्रा की रहती है. ये M7 से करीब आधा किलो हल्की है. वहीं इसकी बैरल भी M7 से करीब 3.5 इंच छोटी बनाई गई है, जिससे अर्बन वॉरफेयर में मूव करना आसान हो जाता है। 
        घातक 6.8 मिमी कारतूस: साइज छोटा होने के बावजूद M8 के कारतूस में कोई समझौता नहीं किया गया है. ये वही शक्तिशाली 6.8×51mm कारतूस फायर करती है, जो M7 करती थी। 

        एर्गोनॉमिक्स और फ्री-फ्लोटिंग हैंडगार्ड: M8 में M-LOK फ्री-फ्लोटिंग हैंडगार्ड दिया गया है जो बैरल को बिना छुए ग्रिप देता है, जिससे लगातार फायरिंग के दौरान बैरल का तापमान राइफल की सटीकता पर असर नहीं डालता. साथ ही, फिक्स्ड स्टॉक की वजह से रीकॉइल कंट्रोल बहुत बेहतर हो जाता है। 

    3,180 किमी/घंटा स्पीड और ‘स्मार्ट कंप्यूटर’ स्कोप
        तूफानी रफ्तार : इसकी मजल वेलोसिटी करीब 3,180 किलोमीटर प्रति घंटा है. इसका मतलब है कि ट्रिगर दबाते ही गोली 1 सेकेंड से भी कम समय में 500 मीटर से ज्यादा की दूरी तय कर लेती है।     750 राउंड प्रति मिनट की स्पीड: ये सेलेक्ट-फायर मोड पर काम करती है, जिससे सैनिक इसे सिंगल शॉट या फुली-ऑटोमैटिक मोड में 600 से 750 राउंड प्रति मिनट की दर से चला सकते हैं। 

        M157 फायर कंट्रोल सिस्टम: M8 राइफल की सबसे बड़ी ताकत इसका M157 फायर कंट्रोल सिस्टम है. ये सिर्फ एक साधारण दूरबीन या स्कोप नहीं है, बल्कि 1.21 किग्रा का एक ‘स्मार्ट कंप्यूटराइज्ड स्कोप’ है. इसमें 1x से 8x जूम, लेजर रेंजफाइंडर, बैलिस्टिक कैलकुलेटर, हवा और तापमान मापने वाले सेंसर और इन्फ्रारेड ऐमिंग लेजर लगे हैं. ये स्कोप हवा और दूरी का खुद हिसाब लगाकर सिपाही की स्क्रीन पर बिल्कुल सही निशाना दिखाता है, जिससे 600 मीटर दूर बैठे दुश्मन पर भी पहला शॉट अचूक लगता है। 

    2027 के बजट से M7 का पत्ता साफ
    ‘डिफेंस न्यूज’ के मुताबिक, अमेरिकी सेना ने वित्तीय वर्ष 2027 के अपने बजट प्रस्ताव में 14,944 नई M8 कार्बाइन खरीदने की मांग रखी है, जबकि नई M7 राइफलों के लिए एक भी रुपया नहीं मांगा गया है। 

    3 साल में 50,000 M7 राइफलें खरीदने के बाद M8 पर शिफ्ट होना ये साबित करता है कि कागजों पर कोई हथियार कितना भी ताकतवर क्यों न दिखे, अगर युद्ध के मैदान में सिपाही उसे आसानी से इस्तेमाल नहीं कर पा रहा, तो वह बेकार है. M8 कार्बाइन के आने से पैदल सेना को एक ऐसा हथियार मिल गया है जो हल्का भी है, तेज भी और 600 मीटर दूर बैठे दुश्मन को पलक झपकते ही ढेर करने का दम रखता है। 

  • इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर बाजार में बढ़ेगी टक्कर, VinFast भारत के 30 से ज्यादा शहरों में खोलेगी शोरूम

    इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर बाजार में बढ़ेगी टक्कर, VinFast भारत के 30 से ज्यादा शहरों में खोलेगी शोरूम

    मुंबई 
     वियतनामी इलेक्ट्रिक वाहन निर्माता कंपनी VinFast ने 2025 में अपनी इलेक्ट्रिक कारों के साथ भारत में एंट्री की थी, जिसके बाद कंपनी अब देश के इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर सेगमेंट में भी अपने कारोबार को बढ़ाने की योजना बना रही है। 

    इस इलेक्ट्रिक वाहन निर्माता कंपनी ने 15 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 50 से ज़्यादा डीलर पार्टनर्स के साथ 'लेटर ऑफ़ इंटेंट' (LOI) पर साइन किए हैं. इन समझौतों से VinFast के रिटेल नेटवर्क का पहला चरण तैयार होने की उम्मीद है, जिसके कंपनी तहत 34 शहरों में 50 से ज़्यादा शोरूम खोलने की योजना बना रही है। 

    आसान शब्दों में कहें तो, VinFast द्वारा साइन किए गए LOI असल में कंपनी और उसके संभावित डीलर पार्टनर्स के बीच इरादे को औपचारिक रूप से ज़ाहिर करने वाला एक दस्तावेज़ है. इसका अर्थ यह है कि डीलर VinFast आउटलेट खोलने की दिशा में काम करने के लिए सहमत हो गए हैं। 

    जानकारी के अनुसार, ये LOI वियतनाम के हाई फोंग में VinFast के मैन्युफैक्चरिंग कॉम्प्लेक्स में भारतीय डीलर पार्टनर्स की यात्रा के दौरान साइन किए गए थे. कंपनी देश भर के बाज़ारों पर नज़र बनाए हुए है, क्योंकि वह भारत के इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर सेक्टर में अपनी मौजूदगी दर्ज कराने की तैयारी कर रही है। 

    VinFast के डीलरशिप का यह नेटवर्क भारत के उत्तरी, मध्य, पश्चिमी, दक्षिणी और पूर्वी हिस्सों में फैलाया जाएगा. उत्तर भारत में, VinFast का डीलर नेटवर्क दिल्ली NCR, राजस्थान और पंजाब को कवर करेगा, जबकि मध्य भारत के लिए इसकी योजनाओं में मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और उत्तर प्रदेश शामिल हैं। 

    इसके अलावा, पश्चिम में महाराष्ट्र और गुजरात शामिल होंगे. दक्षिण में, कंपनी के कर्नाटक, तेलंगाना, तमिलनाडु, केरल और आंध्र प्रदेश में डीलर पार्टनर होंगे. डीलर नेटवर्क के पूर्वी हिस्से में शामिल राज्यों में पश्चिम बंगाल और ओडिशा हैं। 

    कौन से 2-व्हीलर आएंगे भारत
    कंपनी ने अभी तक इस बात की पुष्टि नहीं की है कि भारतीय बाज़ार में कौन से इलेक्ट्रिक मॉडल लॉन्च किए जाएंगे. हालांकि, VinFast ने इसकी पुष्टि जरूर की है कि शुरुआत में भारत के लिए तीन इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर प्लान किए हैं. इनमें से एक VinFast Viper है, जिसका भारत में पेटेंट भी कराया जा चुका है. वियतनाम में, VinFast Viper में 3 kW की इलेक्ट्रिक मोटर के साथ 4.8 kWh की बैटरी इस्तेमाल की जाती है। 

    VinFast ने भारत में एक कम ऊंचाई वाली इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल का पेटेंट भी कराया है, जो 'Sulad' कॉन्सेप्ट जैसी दिखती है. इस कॉन्सेप्ट को इस साल की शुरुआत में कंपनी की भविष्य की इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल रणनीति के हिस्से के तौर पर दिखाया गया था। 

    हालांकि अभी तक इसके आधिकारिक स्पेसिफिकेशन का खुलासा नहीं हुआ है, लेकिन रिपोर्ट्स के मुताबिक, इसके प्रोडक्शन मॉडल में 67 bhp तक की पावर देने वाली इलेक्ट्रिक मोटर लगाई जा सकती है, और इसकी टॉप स्पीड 130 kmph हो सकती है. VinFast Viper और इस मोटरसाइकिल, दोनों का पेटेंट जुलाई 2026 में भारत में कराया गया था।