Category: राज्य

  • यूपी पुलिस के स्टॉल ने लगातार तीसरी बार जीता बेस्ट डिस्प्ले अवार्ड

    यूपी पुलिस के स्टॉल ने लगातार तीसरी बार जीता बेस्ट डिस्प्ले अवार्ड

    ग्रेटर नोएडा

    यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो-26 में उत्तर प्रदेश पुलिस के स्टॉल ने तीसरे वर्ष भी ‘बेस्ट डिस्प्ले अवार्ड’ हासिल किया। ट्रेड शो के हॉल नंबर-4 में लगाए गए यूपी पुलिस के स्टॉल पर पूरे आयोजन के दौरान लाखों की संख्या में विजिटर्स पहुंचे थे। स्टॉल पर योगी सरकार की यूपी पुलिस की आधुनिक कार्यप्रणाली, जनसुरक्षा के लिए इस्तेमाल की जा रही तकनीक और विभिन्न पुलिस सेवाओं की जानकारी दी गई। यह अवार्ड सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम राज्य मंत्री हंसराज विश्वकर्मा ने प्रदान किया, जिसे पुलिस अधीक्षक साइबर क्राइम, मुख्यालय उत्तर प्रदेश राजेश कुमार यादव तथा प्रभारी मीडिया सेल, यूपी 112 करुणा शंकर सिंह ने ग्रहण किया।

    वर्ष 2024 और 2025 में भी मिला था सम्मान

    यूपी पुलिस के स्टॉल को यह सम्मान लगातार तीसरी बार मिला है। इससे पहले वर्ष 2024 और 2025 में भी ट्रेड शो में यूपी पुलिस के स्टॉल को बेस्ट डिस्प्ले अवार्ड से सम्मानित किया गया था। इस वर्ष भी स्टॉल पर बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी रही और पुलिस की तकनीक एवं सेवाओं को लेकर दर्शकों ने रुचि दिखाई। पुलिस के स्टॉल पर साइबर अपराध से बचाव, यूपी 112 की सेवाओं, आधुनिक पुलिसिंग और जनसुरक्षा में तकनीक के इस्तेमाल को प्रमुखता से प्रदर्शित किया गया। यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो-26 में यूपी पुलिस के स्टॉल को मिला लगातार तीसरा बेस्ट डिस्प्ले अवार्ड पुलिस की आधुनिक कार्यप्रणाली और तकनीक आधारित सेवाओं की प्रदर्शनी का प्रमुख आकर्षण रहा। स्टॉल के माध्यम से आम लोगों को पुलिस की सेवाओं और सुरक्षा व्यवस्था में तकनीक की बढ़ती भूमिका से परिचित कराया गया। इसके साथ ही उत्तर प्रदेश पुलिस के गौरवशाली इतिहास और बदलती पुलिस व्यवस्था की भी जानकारी दी गई। स्टॉल पर युवाओं और बच्चों ने भी पुलिस की तकनीक और सेवाओं को करीब से जाना।

  • पांच दिवसीय आयोजन में 50 से अधिक बी2बी बैठकें, पहली बार यूपीआईटीएस में शामिल हुई नोएडा की कंपनी

    पांच दिवसीय आयोजन में 50 से अधिक बी2बी बैठकें, पहली बार यूपीआईटीएस में शामिल हुई नोएडा की कंपनी

    ग्रेटर नोएडा

    उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो-2026 प्रदेश में निर्मित उत्पादों को वैश्विक बाजार से जोड़ने और स्थानीय उद्यमों के लिए अंतरराष्ट्रीय कारोबारी अवसर सृजित करने का प्रभावी मंच साबित हुआ। यूपीआईटीएस-2026 में पहली बार शामिल हुई नोएडा स्थित सिंगारी इंडस्ट्रीज ने पांच दिवसीय आयोजन के दौरान 15 देशों के प्रतिनिधियों के साथ 201 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के एमओयू किए। कंपनी ने इस दौरान 50 से अधिक बी2बी बैठकें कर अपने उत्पादों और विनिर्माण क्षमता को अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के समक्ष प्रस्तुत किया।

    हॉल नंबर-14, स्टॉल 01/61 पर सिंगारी इंडस्ट्रीज ने अपने यहां निर्मित एयर कूलर और वॉशिंग मशीनों का प्रदर्शन किया। कंपनी का विनिर्माण संयंत्र नोएडा के सेक्टर-80 में स्थापित है। पहली बार यूपीआईटीएस में भाग लेने वाली कंपनी के लिए यह आयोजन घरेलू बाजार के साथ-साथ वैश्विक बाजार में अपनी उपस्थिति मजबूत करने और नए कारोबारी साझेदारों से सीधे संवाद का महत्वपूर्ण अवसर बना।

    15 देशों के प्रतिनिधियों से कारोबारी संवाद

    सिंगारी इंडस्ट्रीज के मुख्य कार्यकारी अधिकारी देवेंद्र सिंह ने बताया कि ट्रेड शो के दौरान विभिन्न देशों से आए संभावित खरीदारों और कारोबारी प्रतिनिधियों के साथ विस्तृत चर्चा की। इनमें नाइजीरिया, इथियोपिया, बोत्सवाना, श्रीलंका, दुबई, केन्या, तंजानिया, ओमान, ब्रिटेन, भूटान, कैमरून और युगांडा सहित विभिन्न देशों के प्रतिनिधि शामिल रहे। इन बैठकों में एयर कूलर और वॉशिंग मशीनों की गुणवत्ता, डिजाइन, कीमत, उत्पादन क्षमता, आपूर्ति व्यवस्था और अंतरराष्ट्रीय बाजार की आवश्यकताओं जैसे विषयों पर बातचीत हुई। पांच दिनों में हुई 50 से अधिक बी2बी बैठकों के परिणामस्वरूप कंपनी को विभिन्न देशों में अपने उत्पादों के लिए कारोबारी संभावनाएं तलाशने का अवसर मिला।

    ‘मेड इन यूपी’ उत्पादों की वैश्विक बाजार में दस्तक

    प्रबंध निदेशक डॉ. योगेंद्र सिंह ने बताया कि सिंगारी इंडस्ट्रीज के उत्पादों का यूपीआईटीएस में प्रदर्शन इस दृष्टि से भी महत्वपूर्ण रहा कि नोएडा में निर्मित उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के सामने सीधे प्रस्तुत किया गया। कंपनी ने अपने ‘मेड इन इंडिया’ और ‘मेड इन यूपी’ उत्पादों की गुणवत्ता, आधुनिक डिजाइन और प्रतिस्पर्धी मूल्य को प्रदर्शित किया। कंपनी के प्रतिनिधियों के अनुसार, विदेशी खरीदारों ने उत्पादों में विशेष रुचि दिखाई और कई देशों के प्रतिनिधियों के साथ कारोबारी बातचीत को आगे बढ़ाने पर सहमति बनी। अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों के साथ हुए संवाद ने कंपनी को विभिन्न देशों की बाजार आवश्यकताओं को समझने और उसी अनुरूप अपने उत्पादों तथा आपूर्ति रणनीति को विकसित करने का अवसर भी दिया।

    ‘मेड इन यूपी’ उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्थापित करने का अवसर

    सिंगारी इंडस्ट्रीज के प्रतिनिधियों ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उपलब्ध कराया गया यूपीआईटीएस जैसा मंच प्रदेश के उद्यमियों को वैश्विक बाजार से सीधे जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण अवसर प्रदान कर रहा है। पहली बार यूपीआईटीएस में भाग लेने वाली कंपनी को पांच दिनों में 15 देशों के प्रतिनिधियों के साथ संवाद और 201 करोड़ रुपये से अधिक के एमओयू का अवसर मिला। प्रतिनिधियों के अनुसार, इस प्रकार के आयोजन ‘मेड इन यूपी’ उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्थापित करने तथा प्रदेश के विनिर्माण क्षेत्र को वैश्विक व्यापार से जोड़ने में सहायक हैं।

    उत्तर प्रदेश के औद्योगिक इकोसिस्टम को मिला नया आयाम

    नोएडा स्थित सिंगारी इंडस्ट्रीज की यूपीआईटीएस में भागीदारी प्रदेश के औद्योगिक विकास और निर्यात क्षमता के विस्तार की दिशा में भी महत्वपूर्ण संकेत देती है। नोएडा-ग्रेटर नोएडा क्षेत्र पहले से ही इलेक्ट्रॉनिक्स, विनिर्माण और उपभोक्ता उत्पादों के लिए प्रमुख औद्योगिक केंद्र के रूप में विकसित हो रहा है। ऐसे में स्थानीय स्तर पर निर्मित एयर कूलर और वॉशिंग मशीनों को अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के समक्ष प्रस्तुत किए जाने से प्रदेश के विनिर्माण क्षेत्र को नए बाजारों से जोड़ने की संभावनाएं बढ़ी हैं। इस दौरान कंपनी के निदेशक गजेंद्र सिंह तथा निदेशक-वित्त नीरज गर्ग भी उपस्थित रहे।

  • चंडीगढ़ में ED का बड़ा एक्शन, ₹656 करोड़ गबन केस में 14 जगह छापे

    चंडीगढ़ में ED का बड़ा एक्शन, ₹656 करोड़ गबन केस में 14 जगह छापे

    चंडीगढ़.

    ईडी चंडीगढ़ जोनल ऑफिस-II ने चंडीगढ़, मोहाली और पंचकूला में 14 जगहों पर तलाशी की। यह जांच हरियाणा सरकार, चंडीगढ़ म्युनिसिपल कॉरपोरेशन आदि के 645 करोड़ सार्वजनिक फंड के कथित गबन से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में है।

    जांच हरियाणा पुलिस के फरवरी 2026 के एफआईआर पर आधारित है, जिसमें डेवलपमेंट एंड पंचायत विभाग के आईडीएफसी फर्स्ट बैंक और एयू स्मॉल फाइनेंस बैंक खातों में गड़बड़ी पाई गई थी। तलाशी मलिक ज्वेलर्स, केएलजी ज्वेल्स, एमबी गोल्ड ट्रेडर्स, शाम ज्वेलर्स, सुंदर ज्वेलर्स और बिचौलिये गौरव कंसल सहित ज्वेलरी फर्मों पर हुई। कथित गबन की रकम ज्वेलर्स के खातों से व्यापारिक लेनदेन दिखाकर लेयर्ड की गई और आईएएस अधिकारियों तक पहुंचाई गई।

    सीबीआई ने पहले ही छह हरियाणा कैडर आईएएस समेत आरोपियों के खिलाफ तीसरा चार्जशीट दाखिल किया है। ईडी ने पहले 4 गिरफ्तार किए, 211 करोड़ की संपत्ति अटैच/जब्त की और 14 आरोपियों के खिलाफ अभियोजन शिकायत दायर की। नई तलाशियों से और सबूत मिले। जांच जारी है।

  • यूपीआईटीएस-2026 का समापन, यूपीएसडीएम को मिला ‘सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन स्टॉल’ का पुरस्कार

    यूपीआईटीएस-2026 का समापन, यूपीएसडीएम को मिला ‘सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन स्टॉल’ का पुरस्कार

    ग्रेटर नोएडा

    उत्तर प्रदेश की कला, कौशल और कारीगरी को वैश्विक मंच देने वाले उत्तर प्रदेश अंतरराष्ट्रीय व्यापार शो-2026 (यूपीआईटीएस) का मंगलवार को सफल समापन हो गया। पांच दिनों तक चले इस शो में उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन (यूपीएसडीएम) का पवेलियन आकर्षण का केंद्र बना रहा और अंतिम दिन उसे बड़ी उपलब्धि हासिल हुई। यूपीएसडीएम को हॉल नंबर-7 में ‘सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन स्टॉल’ के प्रतिष्ठित पुरस्कार से नवाजा गया।

    मिशन के स्टॉल की भव्यता, संवादात्मक प्रस्तुति और 16 कौशलों के जीवंत प्रदर्शन ने निर्णायकों और दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया। मिशन की ओर से सहायक निदेशक डॉ. एम.के. सिंह ने यह पुरस्कार ग्रहण किया। इस उपलब्धि पर मिशन निदेशक पुलकित खरे ने पूरी टीम को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि यह सम्मान प्रदेश के युवाओं के हुनर और टीम की मेहनत का परिणाम है।

    व्यापार शो के अंतिम दिन भी यूपीएसडीएम पवेलियन में रौनक बरकरार रही। अंतिम दिन डॉ. मालविका हरिओम ने अपनी टीम के साथ लोक गायन की शानदार प्रस्तुति दी। जैसे ही उनकी प्रस्तुतियों का सिलसिला शुरू हुआ, पूरा पवेलियन सुरों से गूंज उठा और यह दौर देर शाम तक चलता रहा। खासतौर पर युवाओं ने लोकगीतों को खूब सराहा और उनके साथ गुनगुनाते नजर आए। इसके अलावा ‘हुनर मंच’ पर भी दिनभर शानदार प्रस्तुतियों का दौर जारी रहा। व्यापार शो में आए आगंतुकों ने हुनर मंच की प्रस्तुतियों का आनंद लिया। साथ ही यूपीएसडीएम के स्टॉल पर पहुंचकर विभिन्न कौशलों को नजदीक से जाना और समझा।

    पांच दिनों तक चले इस व्यापार शो में यूपीएसडीएम ने प्रदेश के युवाओं के कौशल, रचनात्मकता और हुनर को प्रभावी ढंग से प्रदर्शित किया। मिशन के पवेलियन में लाइव कौशल प्रदर्शन, संवादात्मक गतिविधियों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने आगंतुकों को आकर्षित किया। यूपीआईटीएस-2026 के माध्यम से प्रदेश के युवाओं की प्रतिभा और कौशल को वैश्विक मंच मिला।

  • यूपीआईटीएस में काशी के स्वाद का जलवा, 100 किलो से ज्यादा बिकी लौंगलता और तिरंगा बर्फी

    यूपीआईटीएस में काशी के स्वाद का जलवा, 100 किलो से ज्यादा बिकी लौंगलता और तिरंगा बर्फी

    ग्रेटर नोएडा/वाराणसी

    उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो-2026 में इस बार यूपी के पारंपरिक स्वाद भी आकर्षण का बड़ा केंद्र बने हुए हैं। देशी-विदेशी खरीदारों, निर्यातकों और आगंतुकों ने बनारस के पारंपरिक व्यंजनों का स्वाद चखा तो उनकी खूब सराहना की। काशी की मशहूर लौंगलता और तिरंगा बर्फी की ऐसी मांग रही कि 100 किलो से अधिक लौंगलता की बिक्री हो गई। वहीं, बनारसी पान के लाइव काउंटर पर भी देशी-विदेशी कारोबारियों और पान के शौकीनों की भीड़ नजर आई। जौनपुर की प्रसिद्ध इमरती और चंदौली के काला चावल ने भी लोगों का स्वाद जीता। एक जनपद-एक व्यंजन के कारोबारियों ने ट्रेड शो में योगी सरकार की ओर से उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं को भी सराहा।

    काशी की लौंगलता-तिरंगा बर्फी का चला जादू, 100 किलो से ज्यादा मिठाई की बिक्री

    उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो-2026 में वाराणसी की प्रसिद्ध लौंगलता, तिरंगा बर्फी और बनारसी पान से जुड़े कुल चार उद्यमी ट्रेड शो में पहुंचे हैं। लौंगलता के कारोबारी चंद्रबली यादव ने बताया कि लोगों ने लौंगलता के स्वाद को खूब पसंद किया और करीब एक क्विंटल लौंगलता की बिक्री हो चुकी है। उन्होंने बताया कि जिस तरह से लोगों का रुझान देखने को मिल रहा है, उससे आने वाले समय में और ऑर्डर मिलने की उम्मीद है। वहीं, तिरंगा बर्फी के कारोबारी राजीव सिंह ने बताया कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि ट्रेड शो में इतनी अधिक बिक्री होगी। 

    जौनपुर की इमरती भी बनी लोगों की पसंद, एक क्विंटल बिकी

    जौनपुर की प्रसिद्ध इमरती ने भी यूपीआईटीएस में अपनी अलग पहचान बनाई है। इमरती व्यवसायी आशीष गुप्ता ने बताया कि अब तक लगभग 100 किलो इमरती की बिक्री हो चुकी है। मांग इतनी अधिक रही कि इमरती कम पड़ गई। उन्होंने बताया कि ट्रेड शो में सभी व्यवस्थाएं काफी अच्छी हैं और स्थानीय प्रशासन की ओर से भी पूरा सहयोग मिला है। उन्होंने कहा कि योगी सरकार ने कारोबारियों को अपने उत्पादों को बड़े बाजार तक पहुंचाने के लिए अच्छा मंच दिया है। ट्रेड शो में नए ग्राहकों और कारोबारियों से मुलाकात हुई है, जिससे आने वाले समय में व्यापार बढ़ने की उम्मीद है।

    चंदौली के काला चावल-खीर का चढ़ा खुमार, 75 किलो काला चावल की बिक्री

    चंदौली का काला चावल और इससे तैयार की गई पौष्टिक खीर का जायका भी ट्रेड शो में लोगों को खूब भा रहा है। कारोबारी रामाश्रय कुमार पाल ने बताया कि काला चावल की खेती गो-आधारित प्राकृतिक तरीके से की जाती है, जो इसे पौष्टिक और सेहतमंद बनाती है। उन्होंने बताया कि यूपीआईटीएस में अब तक करीब 75 किलो काला चावल की बिक्री हो चुकी है। लोगों का इस खास उत्पाद के प्रति अच्छा रुझान देखने को मिला है और आगे भी ऑर्डर मिलने की संभावना है। रामाश्रय कुमार पाल ने बताया कि सरकार किसानों की हर स्तर पर मदद और सहयोग कर रही है। 

    लाइव काउंटर पर बनारसी पान का दिखा अलग अंदाज
    ट्रेड शो में बनारसी पान का लाइव काउंटर भी लोगों के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। देशी-विदेशी कारोबारी और आगंतुक यहां बनारसी पान का स्वाद लेते नजर आ रहे हैं। काशी के खानपान की पारंपरिक पहचान को एक ही मंच पर अलग-अलग उत्पादों के जरिए पेश किया जा रहा है, जिससे कारोबारियों को नए बाजार से जुड़ने का अवसर मिल रहा है।

    पहली बार एक जनपद-एक व्यंजन को मिला मंच

    उपायुक्त उद्योग अभिषेक प्रियदर्शी ने बताया कि इस वर्ष उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो में पहली बार एक जनपद-एक व्यंजन के तहत विभिन्न जिलों के पारंपरिक व्यंजनों को भी प्रदर्शित किया गया है। एक जनपद-एक व्यंजन के तहत उद्यमियों को निशुल्क काउंटर उपलब्ध कराया गया है।

  • IAS अधिकारियों तक पहुंची गबन की रकम? ED ने ज्वेलरी फर्मों पर की ताबड़तोड़ रेड

    IAS अधिकारियों तक पहुंची गबन की रकम? ED ने ज्वेलरी फर्मों पर की ताबड़तोड़ रेड

    चंडीगढ़
     ईडी चंडीगढ़ जोनल ऑफिस-II ने चंडीगढ़, मोहाली और पंचकूला में 14 जगहों पर तलाशी की। यह जांच हरियाणा सरकार, चंडीगढ़ म्युनिसिपल कॉरपोरेशन आदि के 645 करोड़ सार्वजनिक फंड के कथित गबन से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में है।

    जांच हरियाणा पुलिस के फरवरी 2026 के एफआईआर पर आधारित है, जिसमें डेवलपमेंट एंड पंचायत विभाग के आईडीएफसी फर्स्ट बैंक और एयू स्मॉल फाइनेंस बैंक खातों में गड़बड़ी पाई गई थी।

    तलाशी मलिक ज्वेलर्स, केएलजी ज्वेल्स, एमबी गोल्ड ट्रेडर्स, शाम ज्वेलर्स, सुंदर ज्वेलर्स और बिचौलिये गौरव कंसल सहित ज्वेलरी फर्मों पर हुई। कथित गबन की रकम ज्वेलर्स के खातों से व्यापारिक लेनदेन दिखाकर लेयर्ड की गई और आईएएस अधिकारियों तक पहुंचाई गई।

    सीबीआई ने पहले ही छह हरियाणा कैडर आईएएस समेत आरोपियों के खिलाफ तीसरा चार्जशीट दाखिल किया है। ईडी ने पहले 4 गिरफ्तार किए, 211 करोड़ की संपत्ति अटैच/जब्त की और 14 आरोपियों के खिलाफ अभियोजन शिकायत दायर की। नई तलाशियों से और सबूत मिले। जांच जारी है।

  • 35 से अधिक बड़े खरीदारों ने दिखाई दिलचस्पी, शुरुआती दिनों में 150 से ज्यादा उपभोक्ताओं ने की खरीदारी

    35 से अधिक बड़े खरीदारों ने दिखाई दिलचस्पी, शुरुआती दिनों में 150 से ज्यादा उपभोक्ताओं ने की खरीदारी

    ग्रेटर नोएडा/अमरोहा

     ग्रेटर नोएडा के इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में चल रहे 'उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो' में अमरोहा के ग्रामीण हुनर और जैविक उत्पादों का डंका बज रहा है। उत्तर प्रदेश कृषि विभाग द्वारा लगाए गए स्टाल पर प्रदर्शित प्रखंड बायो एनर्जी किसान प्रोड्यूसर कंपनी लिमिटेड (ब्रांड नाम: किसान वेदा) के उत्पादों को विदेशी और घरेलू खरीदारों ने हाथों-हाथ लिया। कभी गांव की चौखट से शुरू हुआ यह सफर अब ट्रेड शो के मंच पर अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच गया है। इटली, ओमान और नीदरलैंड की कंपनियों ने बड़े निर्यात सौदों के लिए एमओयू किए हैं। 

    विदेशी खरीदारों को भाया नीम-मोरिंगा शहद, इटली ने ₹2,000 प्रति किलो के भाव में मांगी कुकीज

    ट्रेड शो में पहुंचे विदेशी खरीदारों के बीच हितेश चौधरी के एफपीओ द्वारा तैयार किए गए प्राकृतिक शहद और मिलेट्स कुकीज की सबसे अधिक मांग रही। ओमान, जापान और नीदरलैंड के प्रतिनिधिमंडलों ने शहद के आयात के लिए आधिकारिक एमओयू किया है। नीदरलैंड के खरीदारों ने टन के हिसाब से बल्क सप्लाई की मांग रखी है, जबकि शुरुआत में 1,000 से 1,500 बोतलों के पहले बैच पर सहमति बनी है। वहीं, इटली के खरीदारों ने ज्वार और रागी से बनी कुकीज के लिए अनुबंध किया है, जिसके लिए ₹1,600 से ₹2,000 प्रति किलो के भाव पर समझौता हुआ है। एफपीओ के सभी उत्पाद एपीडा और पीजीएस द्वारा अंतरराष्ट्रीय मानकों पर प्रमाणित हैं।

    घरेलू कंपनियों और स्थानीय खरीदारों में भी उत्साह, बी2बी स्तर पर मिले अग्रिम ऑर्डर

    ट्रेड शो के बी2बी (बिजनेस-टू-बिजनेस) और बी2सी सत्रों में स्थानीय कारोबारियों ने भी खासा उत्साह दिखाया है। बागपत के प्रमुख एफपीओ और 'डॉक्टर मोरिंगा' सहित करीब 10 से 15 घरेलू कंपनियों और एफपीओ ने उत्पादों की आपूर्ति के लिए बातचीत पूरी कर ली है। इसके अलावा, नोएडा और दिल्ली-एनसीआर से पहुंचे परिवारों ने बड़ी संख्या में स्टॉल पर आकर खरीदारी की। 

    कमल ककड़ी का अचार और लेमनग्रास उत्पाद बने आकर्षण का केंद्र

    प्रदर्शनी में आने वाले खरीदारों के लिए एफपीओ के नवाचारी उत्पाद भी आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। सब्जी के रूप में खाई जाने वाली कमल ककड़ी का अचार, करौंदे, आंवले और लहसुन के पारंपरिक अचार को खरीदारों ने खूब पसंद किया। वहीं, दूध से 10 गुना अधिक कैल्शियम वाले मोरिंगा पाउडर, नीम शहद, मिलेट्स नमकीन, मल्टीग्रेन आटा तथा लेमनग्रास से तैयार टी, ऑयल, हैंड सैनिटाइजर और फिनाइल की भी जमकर बिक्री हुई। पूरी तरह हैंडमेड और केमिकल-मुक्त होने के कारण स्वास्थ्य के प्रति जागरूक शहरी उपभोक्ताओं ने इन उत्पादों को प्राथमिकता दी।

    120 हेक्टेयर में ताइवान पिंक अमरूद और मल्टी क्रॉपिंग का मॉडल

    ट्रेड शो में पहुंचीं हितेश चौधरी ने बताया कि इन उत्पादों के पीछे 3,000 किसानों और 1,000 ग्रामीण महिलाओं की कड़ी मेहनत जुड़ी है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के गन्ना बेल्ट में बदलाव लाते हुए उन्होंने कोलकाता से टिश्यू कल्चर पौधे लाकर 120 हेक्टेयर में 'एडवांस ताइवान पिंक अमरूद' की खेती कराई। किसानों की आमदनी सुनिश्चित करने के लिए गन्ने के साथ अमरूद, मोरिंगा, गेहूं और मिलेट्स (रागी, ज्वार) की मल्टी क्रॉपिंग कराई जाती है। बाजार में बिचौलियों से बचाने के लिए एफपीओ खुद खरीदार बनता है। जैसे रागी का बाजार भाव यदि ₹60 प्रति किलो है, तो एफपीओ किसानों से ₹63 प्रति किलो की दर से खरीद करता है।

    शुरुआती दौर में पशुओं को खिलाना पड़ा तैयार माल, अब सालाना ₹50 लाख का कारोबार

    ट्रेड शो में मिली यह कामयाबी संघर्षों से निकलकर हासिल हुई है। एफपीओ शुरू करने से पहले हितेश एक इंटर कॉलेज में शिक्षिका थीं और बच्चों को योग सिखाती थीं। वर्ष 2020 में उन्होंने एनआरएलएम के तहत महिला स्वयं सहायता समूह बनाया और गन्ने की सिंगल बड चिप नर्सरी तथा गाय के गोबर के दीपक बनाने शुरू किए। 17 अप्रैल 2021 को उन्होंने निजी एफपीओ की स्थापना की। आज उनके एफपीओ का वार्षिक टर्नओवर ₹50 लाख पहुंच चुका है, जिसमें उनकी व्यक्तिगत आय ₹10 से 11 लाख है। इस वित्तीय वर्ष में ₹1 करोड़ का टर्नओवर पार करने का लक्ष्य रखा गया है।

    सरकारी मंचों से मिला संबल, अब मोरिंगा बर्फी और हल्दी अचार की तैयारी

    कृषि विभाग, नमामि गंगे और परंपरागत कृषि विकास योजना के तहत बने क्लस्टरों के माध्यम से हितेश किसानों और सखियों को प्राकृतिक खेती का प्रशिक्षण देती रही हैं। ट्रेड शो में मिली वैश्विक पहचान के बाद अब वह मोरिंगा के लड्डू, मोरिंगा की बर्फी और कस्तूरी, काली व सुगंधा हल्दी के साथ हल्दी का विशेष अचार लॉन्च करने जा रही हैं। राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित और प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री द्वारा सराही जा चुकीं हितेश चौधरी का यह सफर ट्रेड शो के माध्यम से अब वैश्विक बाजार तक पहुंच रहा है।

    वर्जन

    “यह सब सरकार के सहयोग की ही देन है कि आज हम जैसे साधारण लोग इस अंतरराष्ट्रीय मुकाम पर पहुंचे हैं। यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो हमारे एफपीओ के लिए टर्निंग पॉइंट साबित हुआ है। यहां कृषि विभाग के माध्यम से हमें स्टॉल मिला, जिसने सीधे विदेशी खरीदारों तक हमारी पहुंच बना दी। हैं।”

    — हितेश चौधरी, संस्थापक, प्रखंड बायो एनर्जी एफपीओ (किसान वेदा)

  • साढ़े पांच लाख आगंतुकों ने देखा पर्यटन पवेलियन, करीब 10 हजार यात्रा मार्गदर्शिकाओं और यात्रा कार्यक्रमों की रही मांग

    साढ़े पांच लाख आगंतुकों ने देखा पर्यटन पवेलियन, करीब 10 हजार यात्रा मार्गदर्शिकाओं और यात्रा कार्यक्रमों की रही मांग

    लखनऊ/ग्रेटर नोएडा
    उत्तर प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, आध्यात्मिक परंपराओं, ऐतिहासिक धरोहरों, प्राकृतिक संपदा और विविध पर्यटन अनुभवों ने यूपीआईटीएस-2026 में देश-दुनिया का ध्यान आकर्षित किया। ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में आयोजित इस आयोजन में उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग का पवेलियन आगंतुकों के लिए महज पर्यटन स्थलों की जानकारी का केंद्र नहीं रहा, बल्कि यात्रा की संभावनाओं, निवेश के अवसरों और पर्यटन क्षेत्र में सहयोग के नए द्वार खोलने वाला प्रभावी मंच बनकर उभरा।

    यूपीआईटीएस-2026 के दौरान करीब साढ़े पांच लाख आगंतुकों ने उत्तर प्रदेश पर्यटन के पवेलियन का भ्रमण किया। इस दौरान लगभग 10 हजार मुद्रित यात्रा मार्गदर्शिकाओं और यात्रा कार्यक्रमों की मांग रही। करीब 100 आगंतुकों एवं उद्योग प्रतिनिधियों ने निवेश और सहयोग से जुड़ी संभावनाओं में रुचि दिखाई, जबकि विभागीय अधिकारियों ने लगभग 20 टूर ऑपरेटरों के साथ उत्तर प्रदेश के पर्यटन स्थलों और विविध पर्यटन उत्पादों को देश-दुनिया के पर्यटकों तक पहुंचाने को लेकर विस्तृत चर्चा की।

    प्रमुख गंतव्यों के साथ नए पर्यटन अनुभवों पर जोर
    पवेलियन में अयोध्या, प्रयागराज और वाराणसी जैसे देश-विदेश में प्रसिद्ध आध्यात्मिक एवं धार्मिक गंतव्यों के साथ-साथ नीब करौरी बाबा यात्रा मार्ग, कन्नौज की सदियों पुरानी इत्र विरासत, वन्यजीव एवं ईको-टूरिज्म को विशेष रूप से प्रदर्शित किया गया। इस प्रस्तुति के माध्यम से उत्तर प्रदेश की पर्यटन क्षमता को केवल चुनिंदा प्रसिद्ध स्थलों तक सीमित न रखते हुए बहुआयामी और अनुभव आधारित पर्यटन के रूप में सामने रखा गया।

    पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश अपनी पर्यटन विविधता को अनुभव आधारित यात्रा मार्गों के माध्यम से देश-दुनिया के सामने प्रस्तुत कर रहा है। यूपीआईटीएस में मिले रिस्पॉन्स से स्पष्ट है कि पर्यटक राज्य के प्रमुख गंतव्यों के साथ-साथ अन्य जिलों और नए पर्यटन अनुभवों को जानने तथा देखने में भी रुचि ले रहे हैं। विभाग का प्रयास है कि इस रुचि को प्रदेश के अधिक से अधिक जिलों तक पहुंचाया जाए, स्थानीय उद्यमिता को प्रोत्साहन मिले और पर्यटन के माध्यम से व्यापक आर्थिक अवसरों का सृजन हो।

    डिजिटल माध्यम से यात्रा योजना को मिला नया आयाम
    पर्यटन पवेलियन में डिजिटल तकनीक के प्रभावी उपयोग ने भी आगंतुकों को आकर्षित किया। क्यूआर कोड आधारित डिजिटल सामग्री को करीब 500 लोगों ने एक्सेस किया। इसके माध्यम से आगंतुकों को विभिन्न पर्यटन स्थलों और यात्रा मार्गों से जुड़ी जानकारी डिजिटल रूप में उपलब्ध हुई। मुद्रित यात्रा मार्गदर्शिकाओं के साथ डिजिटल सामग्री ने संभावित पर्यटकों को भविष्य की यात्राओं की योजना बनाने के लिए उपयोगी और व्यावहारिक जानकारी उपलब्ध कराई।

    निवेशकों और पर्यटन उद्योग के लिए खुली संभावनाएं
    पवेलियन में पर्यटन क्षेत्र से जुड़े निवेश और सहयोग के अवसरों को भी प्रमुखता से प्रदर्शित किया गया। हॉस्पिटैलिटी परियोजनाओं, गंतव्य विकास, पर्यटक सुविधाओं और अनुभव आधारित पर्यटन से संबंधित संभावनाओं पर निवेशकों एवं उद्योग प्रतिनिधियों के साथ संवाद हुआ। सार्वजनिक-निजी भागीदारी के माध्यम से पर्यटन अवसंरचना और सेवाओं के विस्तार में संभावित सहयोगियों को उपलब्ध अवसरों की जानकारी दी गई।

    आयोजन के दौरान प्राप्त निवेश एवं सहयोग संबंधी पूछताछ और प्रस्तावों को आगे की कार्रवाई के लिए संबंधित टीमों को भेजा गया है। इससे यूपीआईटीएस में उत्पन्न कारोबारी रुचि को प्रदेश में पर्यटन परियोजनाओं और नई साझेदारियों में परिवर्तित करने का मार्ग प्रशस्त होगा।

    पर्यटन, संस्कृति एवं धार्मिक कार्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अमृत अभिजात ने कहा कि पर्यटन पवेलियन ने एक साथ आगंतुक सहभागिता केंद्र और पर्यटन व्यापार मंच की भूमिका निभाई। करीब 10 हजार यात्रा कार्यक्रमों का वितरण, डिजिटल माध्यमों से जुड़ाव, निवेश संबंधी पूछताछ तथा टूर ऑपरेटरों के साथ हुई चर्चाओं ने आगे की कार्ययोजना के लिए उपयोगी आधार तैयार किया है। विभाग का उद्देश्य यूपीआईटीएस के दौरान उत्पन्न रुचि को वास्तविक यात्राओं, नए पर्यटन उत्पादों और प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में सार्थक साझेदारियों में बदलना है।

    तकनीक और परंपरा का अनूठा संगम
    उत्तर प्रदेश पर्यटन पवेलियन में भगवान श्रीकृष्ण की ब्रज लीला पर आधारित आभासी वास्तविकता प्रस्तुति विशेष आकर्षण का केंद्र रही। इसके माध्यम से आगंतुकों को ब्रज की आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं का ऐसा अनुभव कराया गया, जिसने तकनीक और विरासत के बीच सुंदर समन्वय स्थापित किया। संवर्धित एवं आभासी वास्तविकता आधारित अन्य प्रस्तुतियों ने भी उत्तर प्रदेश के विभिन्न पर्यटन स्थलों की जीवंत झलक आगंतुकों के सामने रखी।

    इंटरैक्टिव मैग्नेटिक फील्ड गेम, क्विज, सिनेमाई फोटो बूथ और थीम आधारित सेल्फी जोन ने भी बड़ी संख्या में लोगों को अपनी ओर आकर्षित किया। बच्चों से लेकर विद्यार्थियों, युवाओं, परिवारों और वरिष्ठ नागरिकों तक ने इन गतिविधियों में उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस प्रकार पर्यटन जानकारी को केवल प्रदर्शन तक सीमित रखने के बजाय उसे सहभागिता और अनुभव से जोड़ा गया।

    कला, शिल्प और स्वाद ने बढ़ाई पवेलियन की रौनक
    पवेलियन में लाइव जरदोजी कढ़ाई के प्रदर्शन ने उत्तर प्रदेश की पारंपरिक शिल्पकला की बारीकियों से आगंतुकों को रूबरू कराया। वहीं कन्नौज के इत्र ने प्रदेश की सुगंधित विरासत और सदियों पुरानी इत्र निर्माण परंपरा को देश-दुनिया के सामने प्रस्तुत किया। मार्बल डस्ट से निर्मित उत्पादों ने भी आगंतुकों का ध्यान आकर्षित किया। इस तरह स्थानीय शिल्प, कला और उत्पादों को प्रदेश के पर्यटन अनुभव से जोड़ने का प्रभावी प्रयास किया गया।

     

  • चंडीगढ़ में बुजुर्गों के लिए नई पहल, बैठक स्थल पर मिलेंगी खेल सुविधाएं

    चंडीगढ़ में बुजुर्गों के लिए नई पहल, बैठक स्थल पर मिलेंगी खेल सुविधाएं

    चंडीगढ़.

    चंडीगढ़ में वरिष्ठ नागरिकों के लिए प्रशासन ने बड़ी पहल की है। सेक्टर-17 के प्लाजा में एक बैठक स्थल को संवारा गया है। नई कुर्सियां और मेजें लगाई गई हैं। छतरियां, पीने का पानी, समाचार पत्र और पत्रिकाओं की व्यवस्था की गई है। मनोरंजन के लिए शतरंज, लूडो और कैरम जैसे खेल भी उपलब्ध कराए गए हैं।

    यह पहल उपायुक्त निशांत कुमार यादव के मार्गदर्शन में चंडीगढ़ रेडक्रॉस की ओर से की गई है। इसका उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों को उनके खाली समय में बैठने, आराम करने और आपस में बातचीत करने के लिए सुरक्षित और सुविधाजनक स्थान उपलब्ध कराना है। मंगलवार को एडीसी अमनदीप सिंह भट्टी ने प्लाजा बैठक स्थल का दौरा कर वहां उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया। मौके पर मौजूद वरिष्ठ नागरिकों से उपलब्ध सुविधाओं के बारे में उनसे बातचीत की। उनकी आवश्यकताओं और सुझावों की जानकारी भी ली, ताकि इस सुविधा को और अधिक उपयोगी बनाया जा सके।

    अमनदीप सिंह भट्टी ने कहा कि चंडीगढ़ रेडक्रॉस वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। वरिष्ठ नागरिकों के सामाजिक मेल-जोल और बेहतर जीवन गुणवत्ता के लिए सुरक्षित और आरामदायक स्थान उपलब्ध कराना जरूरी है। उन्होंने बताया कि आने वाले समय में चंडीगढ़ में उपयुक्त स्थानों पर वरिष्ठ नागरिकों के लिए ऐसी और बैठकें स्थापित की जाएंगी।

  • पूजा पंडालों में आग से बचाव की तैयारी तेज, अतिरिक्त बल के साथ तैनात होंगे फायर वाहन

    पूजा पंडालों में आग से बचाव की तैयारी तेज, अतिरिक्त बल के साथ तैनात होंगे फायर वाहन

    रांची
     दुर्गा पूजा के दौरान अग्नि सुरक्षा पर इस बार विशेष इंतजाम रहेगा। अभी एक महीने पहले अग्निशमन विभाग को मिले 58 मिनी वाटर टेंडर भी आपात स्थिति से निपटने को तैयार हैं। पूर्व में दुर्गा पूजा पंडालों में लगी आग की घटनाओं के बाद प्रशासन भी तैयार है।

    अब जिलों से जो आवश्यकताएं आएंगी, उसके अनुसार अग्निशमन विभाग से अग्निशमन के इंतजाम किए जाएंगे। सभी 24 जिलों में मिनी वाटर टेंडर की भी तैनाती की जाएगी। आपात स्थिति में तुरंत रेस्क्यू होगी।

    जान माल की सुरक्षा को लेकर प्रशासन अलर्ट है। एक दिन पहले ही डीजीपी ने भी सभी जिलों के एसएसपी-एसपी, रेंज डीआईजी, जोनल आईजी के साथ दुर्गा पूजा के दौरान विधि व्यवस्था को लेकर समीक्षा बैठक की थी।

    अब जल्द ही दुर्गा पूजा, दीपावली व छठ को लेकर मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में भी विधि व्यवस्था पर सभी जिलों के उपायुक्तों, एसएसपी, एसपी, बिजली विभाग, अग्निशमन विभाग व अन्य सभी सहयोगी विभाग के पदाधिकारियों के साथ बैठक प्रस्तावित है। उक्त बैठक में जो आवश्यकताएं सामने आएंगी, उस अनुरूप संबंधित विभाग संसाधन उपलब्ध कराएंगे।

    पूजा पंडालों का जल्द भ्रमण करेगी जिलों में वहां की समिति
    राज्य के पूजा पंडालों में संबंधित जिले की कमेटी वहां के पूजा पंडालों का भ्रमण करेगी। जिलों की कमेटी में वहां के डीसी, एसएसपी, एसपी व अन्य पदाधिकारी मौजूद रहते हैं। यह कमेटी संबंधित पूजा पंडाल में सुरक्षा के तमाम इंतजाम की समीक्षा करती है।

    यह समिति उक्त पूजा पंडाल में आने-जाने वाले मार्ग, सीसीटीवी कैमरे, पानी, बिजली की व्यवस्था, अग्निशमन की व्यवस्था व आपात स्थिति से निपटने के इंतजाम देखती है। समिति पूजा समितियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देती है और उसका अनुपालन सुनिश्चत करने के लिए निर्देशित करती है।

    अस्थाई नियंत्रण कक्ष भी बनेंगे, अतिरिक्त बल व अग्निशमन वाहन तैनात होगा
    पुलिस के वरीय अधिकारियों के अनुसार पूजा पंडालों की संख्या, संभावित भीड़ को देखते हुए बड़े शहरों में अस्थाई नियंत्रण कक्ष भी बनाए जाएंगे। प्रत्येक नियंत्रण कक्ष के आसपास अतिरिक्त सुरक्षा बल के अलावा अग्निशमन वाहनों की तैनाती होगी। इस बार बड़े वाटर टेंडर के अलावा मिस्ट टेक्नोलोजी वाले मिनी वाटर टेंडर को भी तैनात किया जाएगा। इतना ही नहीं, सभी अग्निशामालयों में भी सभी वाहन अलर्ट मोड पर रहेंगे, ताकि तुरंत रेस्क्यू अभियान चलाया जा सके