Category: लाइफ स्टाइल

  • कोरियन लड़कियों जैसी ग्लोइंग स्किन पाने के लिए अपनाएं ये आसान स्किनकेयर रूटीन

    कोरियन लड़कियों जैसी ग्लोइंग स्किन पाने के लिए अपनाएं ये आसान स्किनकेयर रूटीन

    : कोरियन ड्रामा और फिल्मों की तरह कोरियन लोगों की स्किन भी लोगों को काफी पसंद आती है. कोरियन लड़कियों की स्किन इतनी ग्लोइंग और स्मूद नजर आती है कि इसे देखकर हर किसी के मन में सवाल आता है कि आखिर वे ऐसा क्या करती हैं कि उनकी स्किन शीशे की तरह चमकती रहती है. ऐसे में आज हम आपको कोरियन गर्ल की स्किनकेयर केयर रूटीन के बारे में बताएंगे जो आपकी स्किन को ग्लोइंग और सॉफ्ट बनाने में मदद कर सकती है l

    डबल क्लींजिंग को बनाएं रूटीन का हिस्सा
    कोरियन स्किनकेयर में रात के समय डबल क्लींजिंग पर काफी ध्यान दिया जाता है. सबसे पहले ऑयल-बेस्ड क्लींजर से मेकअप, सनस्क्रीन और चेहरे पर जमा अतिरिक्त तेल को साफ किया जाता है. इसके बाद माइल्ड वॉटर-बेस्ड क्लींजर से चेहरे को धोया जाता है. इससे चेहरे की गंदगी साफ करने में मदद मिलती है और स्किन को ज्यादा रगड़ने की जरूरत नहीं पड़ती l

    क्लींजिंग के बाद चेहरे को हाइड्रेट करना न भूलें
    चेहरा धोने के बाद उसे पूरी तरह सूखने का इंतजार न करें. हल्के गीले चेहरे पर टोनर या एसेंस जैसा हाइड्रेटिंग प्रोडक्ट लगाया जा सकता है. इससे चेहरे में नमी बनाए रखने में मदद मिलती है. चेहरा धोने के बाद जोर-जोर से तौलिये से रगड़ने से भी बचें. इसकी जगह हल्के हाथों से थपथपाकर चेहरा सुखाएं l

    एक साथ ज्यादा क्रीम लगाने के बजाय करें लेयरिंग
    कोरियन स्किनकेयर में एक मोटी क्रीम की लेयर लगाने के बजाय हल्के प्रोडक्ट्स को एक-एक करके लगाने का तरीका अपनाया जाता है. आप टोनर के बाद एसेंस, फिर अपनी जरूरत के अनुसार सीरम और आखिर में हल्का मॉइस्चराइजर लगा सकते हैं. हालांकि, हर व्यक्ति की स्किन अलग होती है. इसलिए बहुत सारे प्रोडक्ट्स एक साथ इस्तेमाल करने के बजाय अपनी स्किन टाइप और जरूरत के हिसाब से ही प्रोडक्ट चुनेंl

    सनस्क्रीन को बिल्कुल न भूलें
    ग्लोइंग स्किन के लिए सनस्क्रीन बेहद जरूरी है. धूप में निकलने पर यूवी किरणें चेहरे नुकसान पहुंचा सकती हैं और समय से पहले एजिंग, टैनिंग और डार्क स्पॉट्स जैसी समस्याएं बढ़ा सकती हैं. इसलिए सुबह स्किनकेयर रूटीन के आखिर में ब्रॉड-स्पेक्ट्रम सनस्क्रीन लगाएं. अगर आप लंबे समय तक बाहर हैं तो इसे दोबारा लगाने की जरूरत भी पड़ सकती है l

    स्किन को ज्यादा स्क्रब करने से बचें
    ग्लो पाने के चक्कर में त्वचा को बार-बार स्क्रब करना सही नहीं है. बहुत ज्यादा या हार्श स्क्रबिंग से त्वचा में जलन और लालिमा हो सकती है. अगर एक्सफोलिएशन करना चाहते हैं तो अपनी स्किन के हिसाब से माइल्ड एक्सफोलिएंट चुनें और इसे जरूरत से ज्यादा इस्तेमाल न करें. सेंसिटिव स्किन वाले लोगों को खास सावधानी बरतनी चाहिए l

    ग्लास स्किन के लिए सबसे जरूरी है कंसिस्टेंसी
    ग्लास स्किन किसी एक प्रोडक्ट से रातोंरात हासिल नहीं होती. रोजाना चेहरे की सही तरह से सफाई, प्रॉपर हाइड्रेशन, मॉइस्चराइजिंग और सनस्क्रीन जैसी बेसिक आदतों को लगातार फॉलो करना ज्यादा जरूरी है. साथ ही, कोई भी नया प्रोडक्ट इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट जरूर करें l

  • मूंग दाल मलाई लड्डू की आसान रेसिपी, स्वाद में हलवे से भी लगेंगे लाजवाब

    मूंग दाल मलाई लड्डू की आसान रेसिपी, स्वाद में हलवे से भी लगेंगे लाजवाब

    जब भी मूंग दाल की मिठाई की बात होती है तो सबसे पहले मूंग दाल का हलवा ही याद आता है. लेकिन मूंग दाल का हलवा बनाने में घंटों की मेहनत, लगातार कलछी चलाना और ढेर सारा समय लगता है. अगर आप मूंग दाल की वही मिठास और शाही स्वाद बहुत कम मेहनत में पाना चाहते हैं तो मूंग दाल मलाई लड्डू आपके लिए सबसे बेहतरीन विकल्प हैं l

    देसी घी, इलायची और क्रंची मेवों के साथ बने ये लड्डू इतने ज्यादा सॉफ्ट, मलाईदार और दानेदार होते हैं कि मुंह में रखते ही घुल जाते हैं. इनका स्वाद इतना लाजवाब होता है कि इसके आगे मूंग दाल का हलवा भी फीका लगने लगेगा. आइए जानते हैं इसे बनाने की आसान और सीक्रेट रेसिपी l

    सामग्री:
    पीली मूंग दाल (बिना छिलके वाली): 1 कप (कपड़े से अच्छी तरह पोंछी हुई)

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    ताजी मलाई (घर के दूध की): 1/2 कप

    देसी घी: 3-4 बड़े चम्मच

    तगड़ / बूरा या पिसी चीनी: 3/4 कप

    कटे हुए मेवे (काजू, बादाम, पिस्ता): 3 बड़े चम्मच

    इलायची पाउडर: 1/2 छोटा चम्मच

    केसर के धागे: 8-10 (1 चम्मच गुनगुने दूध में भीगे हुए)

    बनाने की विधि:
    पीली मूंग दाल को सूती कपड़े से पोंछकर साफ कर लें. अब कड़ाही में बिना घी के धीमी आंच पर दाल को 6-8 मिनट तक हल्का सुनहरा और सोंधी खुशबू आने तक भून लें. ठंडी होने पर इसे मिक्सी में डालकर दरदरा पीस लें l

    कड़ाही में 2 चम्मच देसी घी गरम करें. इसमें पिसी हुई मूंग दाल और 1/2 कप ताजी मलाई डालें. धीमी आंच पर इसे लगातार चलाते हुए 3-4 मिनट भूनें. मलाई पककर मावे जैसा टेक्सचर छोड़ देगी और दाल में बेहतरीन मलाईदार स्वाद आ जाएगा. आप मलाई स्किप भी कर सकते हैं l

    एक छोटे पैन में 1 चम्मच घी गरम करके कटे हुए काजू, बादाम और पिस्ता को हल्का फ्राई कर लें.

    भुने हुए मूंग दाल और मलाई के मिश्रण में केसर वाला दूध, इलायची पाउडर और फ्राई किए हुए मेवे डालकर अच्छी तरह मिलाएं और 1 मिनट चलाकर गैस बंद कर दें.

    मिश्रण को एक प्लेट में निकालें और हल्का गुनगुना होने दें. जब मिश्रण छूने लायक ठंडा हो जाए तो इसमें तगड़/बूरा (या पिसी चीनी) मिलाएं. ध्यान रहे कि एकदम गरम मिश्रण में चीनी न मिलाएं, वरना यह पानी छोड़ देगा.

    हाथों में थोड़ा-सा घी लगाएं और मिश्रण से छोटे-छोटे गोल लड्डू तैयार करें. ऊपर से बारीक कटे पिस्ते से गार्निश करें. आपके बेहद स्वादिष्ट, मलाईदार और दानेदार मूंग दाल के लड्डू तैयार हैं.

  • प्रोटीन के लिए राजमा, छोले या काला चना, जानिए किसमें सबसे ज्यादा प्रोटीन

    प्रोटीन के लिए राजमा, छोले या काला चना, जानिए किसमें सबसे ज्यादा प्रोटीन

     जब भी प्रोटीन की बात आती है, तो लोगों के दिमाग में सबसे पहले अंडे समेत कई तरह के नॉनवेज फूड्स का नाम आता है. अगर आप नॉन-वेजिटेरियन हैं, तो आपके लिए प्रोटीन की मात्रा बढ़ाना बहुत आसान है. लेकिन अगर आप शाकाहारी हैं, तो आपके पास प्रोटीन की मात्रा बढ़ाने के लिए ऑप्शंस बहुत ही सीमित होते हैं. इन ऑप्शंस में दालों से लेकर राजमा, छोले और काला चना भी शामिल होते हैं. तीनों ही स्वादिष्ट होने के साथ-साथ पेट भरने वाले और पोषक तत्वों से भरपूर माने जाते हैं. लेकिन जब बात सिर्फ प्रोटीन की आती है, तो सवाल ये उठता है कि इन तीनों में से सबसे बेहतर क्या है? या कहें इन तीनों में से किसमें प्रोटीन की मात्रा सबसे ज्यादा है.

    दिलचस्प बात ये है कि तीनों के बीच प्रोटीन का अंतर बहुत ज्यादा नहीं है. पकने के बाद 100 ग्राम में छोले थोड़ा आगे निकलते हैं, जबकि राजमा और काला चना भी लगभग उसी रेंज में रहते हैं. यानी सिर्फ 0.2-0.3 ग्राम के अंतर के लिए अपनी पसंदीदा दाल या चना छोड़ने की जरूरत नहीं है. असली फर्क इस बात से पड़ता है कि आप कितनी मात्रा खाते हैं और उसके साथ क्या लेते हैं.

    100 ग्राम में किसमें कितना प्रोटीन?
    100 ग्राम छोले, राजमा या फिर काले चने में कितना प्रोटीन है ये जानना बहुत जरूरी है. खासतौर पर पके हुए यानी उबले हुए में क्योंकि तीनों ही चीजों को ज्यादातर लोग उबालकर खाते हैं. उबले छोले, राजमा और काले की बात करें तो लगभग 100 ग्राम में:

    छोले: करीब 8.9 ग्राम प्रोटीन
    राजमा: करीब 8.7 ग्राम प्रोटीन
    काला चना: करीब 8-9 ग्राम प्रोटीन

    इस हिसाब से देंखे तो तीनों में बहुत भारी अंतर नहीं है. लेकिन नंबर्स को देखें तो छोले मामूली अंतर से आगे हैं. हालांकि तीनों ही लगभग एक जैसी प्रोटीन कैटेगरी में आते हैं. कप के हिसाब से मात्रा थोड़ी बदल सकती है, क्योंकि हर व्यक्ति एक कप में अलग-अलग मात्रा में तीनों को भर सकता है.

    राजमा: प्रोटीन के साथ भरपूर फाइबर
    राजमा सिर्फ प्रोटीन के लिए ही अच्छा ऑप्शन नहीं है, इसमें फाइबर भी अच्छी खासी क्वांटिटी में मिलता है. करीब 100 ग्राम उबले राजमा में लगभग 8.7 ग्राम प्रोटीन और 7.4 ग्राम फाइबर पाया जाता है. राजमा को चावल या रोटी के साथ खाना एक आसान और पेट भरने वाला ऑप्शन है. इसके साथ सब्जियों का सलाद और दही जोड़ दें तो पूरा खाना और ज्यादा बैलेंस हो जाता है.

    आप राजमा को चावल, रोटी, सलाद-दही और बाजरे या किसी भी दूसरे साबुत अनाज के साथ खा सकते हैं.

    छोले: थोड़ी मात्रा में ज्यादा प्रोटीन
    अगर सिर्फ प्रोटीन का आंकड़ा देखें, तो छोले इस मुकाबले में थोड़ा आगे हैं. 100 ग्राम पके छोले में करीब 8.9 ग्राम प्रोटीन और लगभग 7.6 ग्राम फाइबर मिल सकता है.

    छोलों की एक और खासियत ये है कि इन्हें कई तरह से खाया जा सकता है. छोले मसाला, चना चाट, सलाद या उबले चने के रूप में इन्हें डाइट में शामिल करना आसान है. अगर प्रोटीन बढ़ाना चाहते हैं तो छोले के साथ दही, पनीर या कोई साबुत अनाज जोड़ना अच्छा ऑप्शन हो सकता है.

    काला चना: प्रोटीन के साथ फाइबर का भी फायदा
    काला चना यानी देसी चना भी प्रोटीन के मामले में राजमा और छोले से बहुत पीछे नहीं है. 100 ग्राम उबले काले चने में लगभग 8-9 ग्राम प्रोटीन मिल सकता है. इसकी मात्रा चने को पकाने के तरीके और वो किस टाइप का है, इसके हिसाब से थोड़ी बदल सकती है.

    काले चने का टेक्शचर थोड़ा हार्ड होता है, इसलिए इससे चाट, सलाद और नाश्ता आसानी से तैयार किया जा सकता है.

    आप काले चने को
        काला चना + रोटी
        काला चना चाट + दही
        काला चना + चावल
        काला चना सलाद + पनीर
        उबला काला चना + सब्जियां + बीज

    फूड     प्रोटीन (100 ग्राम पका हुआ)     फाइबर (100 ग्राम पका हुआ)
    छोले     करीब 8.9 ग्राम     करीब 7.6 ग्राम
    राजमा     करीब 8.7 ग्राम     करीब 7.4 ग्राम
    काले चने     करीब 8-9 ग्राम     करीब 7.6-8 ग्राम

    प्रोटीन बढ़ाना है तो सिर्फ चना बदलने से काम नहीं चलेगा
    अगर आपका मकसद डाइट में ज्यादा प्रोटीन शामिल करना है, तो राजमा की जगह छोले या छोले की जगह काला चना खाने पर ही ध्यान देने की जरूरत नहीं है. तीनों में प्रोटीन का अंतर काफी कम है.

    इसके बजाय इन बातों पर ध्यान दें:
    1. मात्रा बढ़ाएं: 100 ग्राम में करीब 8-9 ग्राम प्रोटीन मिलता है. इसलिए जरूरत के हिसाब से पर्याप्त मात्रा खाना ज्यादा जरूरी है.
    2. साथ में अनाज लें: राजमा-चावल या चना-रोटी जैसे कॉम्बिनेशन खाने से भोजन का पोषण बेहतर हो सकता है.
    3. दही या पनीर जोड़ें: अगर आप डेयरी प्रोडक्ट्स खाते हैं, तो दही, ग्रीक योगर्ट या पनीर जोड़कर खाने का कुल प्रोटीन बढ़ाया जा सकता है.
    4. बहुत ज्यादा तेल से बचें: प्रोटीन चने या राजमा से आता है, ज्यादा तेल वाली ग्रेवी से नहीं. इसलिए इन तीनों में से किसी भी चीजों को बहुत ज्यादा तेल में पकाने से बचें.
    5. दाल-फलियां बदल-बदलकर खाएं: राजमा, छोले, काला चना और अलग-अलग दालें बदल-बदलकर खाने से शरीर को कई तरह के जरूरी पोषक तत्व मिलते हैं.

    तो प्रोटीन के लिए कौन है बेस्ट?
    100 ग्राम पके हुए खाने में छोले में करीब 8.9 ग्राम, राजमा में 8.7 ग्राम और काले चने में लगभग 8-9 ग्राम प्रोटीन मिलता है. यानी तीनों में प्रोटीन का अंतर बहुत कम है.

    लेकिन इसे लेकर ज्यादा परेशान होने की जरूरत नहीं है. तीनों ही प्रोटीन और फाइबर के अच्छे सोर्स हैं. इसलिए प्रोटीन बढ़ाने के लिए सबसे जरूरी है कि आप इन्हें 1 से 1.5 कटोरी खाएं और उसे रोटी, चावल, सब्जी, दही या पनीर जैसे दूसरे फूड्स के साथ पेयर करके डाइट को बैलेंस्ड बनाएं. यानी असली सवाल ये नहीं है कि राजमा, छोले या काला चना में कौन जीता, बल्कि ये है कि आपकी पूरी थाली में प्रोटीन कितना है.

    एक बार में 1 से 1.5 कटोरी से ज्यादा खाने पर आपके पेट में दर्द भी हो सकता है. क्योंकि ये तीनों ही चीजें साबुत अनाजों में आती हैं और ज्यादा खाना पेट के लिए भारी हो सकता है.

  • जावेद हबीब का हेयर केयर टिप्स, बाल धोने से पहले करें ये आसान प्री-कंडीशनिंग तरीका

    जावेद हबीब का हेयर केयर टिप्स, बाल धोने से पहले करें ये आसान प्री-कंडीशनिंग तरीका

    जब भी बालों की बात आती है, तो लोग अपने स्कूल-कॉलेज के जमाने के दिनों को याद करने लग जाते हैं. लेकिन सवाल ये है कि लंबे-घने बालों की बात छिड़ते ही आखिर गुजरे जमाने में क्यों पहुंचना? तो इसका जवाब ये है कि आजकल बाल इतने ज्यादा झड़ रहे हैं कि जो चुटिया लंबी-घनी हुआ करती थी, वो अब किसी पूंछ की तरह पतली हो गई है. लड़कियां हो या लड़के वो बालों को फिर से हेल्दी बनाने के लिए महंगे-महंगे प्रोडक्ट्स से लेकर तरह-तरह के घरेलू नुस्खे भी आजमाते हैं. हालांकि, उनका भी कुछ खास असर नहीं दिखता है.

    अगर आप भी उनमें शामिल हैं, तो परेशान ना हों. मशहूर हेयर एक्सपर्ट जावेद हबीब के मुताबिक, बालों को हेल्दी रखने के लिए सबसे पहले उन्हें साफ रखना जरूरी है. उन्होंने बाल धोने से पहले की जाने वाली एक आसान प्रोसेस भी बताया है, जिसे वो 'प्री-कंडीशनर' कहते हैं. चलिए जानते हैं क्या है वो तरीका जिसकी मदद से आप बालों का झड़ना रोक सकते हैं.

    बालों की सफाई को न करें नजरअंदाज
    जावेद हबीब के मुताबिक, अगर बालों को हेल्दी और मजबूत रखना है तो उनकी नियमित सफाई बेहद जरूरी है. उन्होंने बालों को रोज धोने की सलाह दी और कहा कि बालों की देखभाल के लिए एक सही वॉशिंग रूटीन अपनाना चाहिए. उनका मानना है कि सिर की सफाई ठीक रखने से बालों से जुड़ी कई परेशानियों से बचने में मदद मिल सकती है.

    क्या है जावेद हबीब का 'प्री-कंडीशनर' तरीका?
    जावेद हबीब ने बाल धोने से पहले अपनाए जाने वाले एक खास तरीके के बारे में बताया. इसके लिए सबसे पहले बालों को हल्का गीला करने की जरूरत पड़ती है. इसके बाद बालों की लंबाई पर तेल लगाएं. हालांकि, उन्होंने तेल लगाते समय जोर-जोर से मसाज करने से बचने की बात कही.

    तेल लगाने के बाद करें ये काम
    अगर आपके बाल लंबे हैं तो तेल लगाने के बाद उन्हें हल्के हाथों से कंघी कर लें. इसके बाद करीब 5 मिनट तक तेल को बालों पर लगा रहने दें. उनका बताया ये तरीका बालों को धोने से पहले किया जाने वाला प्रोसेस है.

    शैंपू ही नहीं, इन चीजों से भी धो सकते हैं बाल
    जावेद हबीब के अनुसार, 5 मिनट बाद बालों को धोया जा सकता है. इसके लिए अपनी पसंद का शैंपू इस्तेमाल किया जा सकता है. इसके अलावा शिकाकाई जैसे ट्रैडिशनल हर्ब्स से भी बालों को साफ करने का ऑप्शन बताया गया. उनका जोर इस बात पर है कि बालों और स्कैल्प की सफाई को नियमित रूटीन का हिस्सा बनाया जाए.

    बालों की देखभाल में नियमितता है जरूरी
    जावेद हबीब ने अपने एक्सपीरियंस के आधार पर बताया कि अगर बालों को सही तरीके से साफ रखा जाए और उनकी नियमित देखभाल की जाए तो बालों के झड़ने, टूटने और डैंड्रफ जैसी समस्याओं को कम करने में मदद मिल सकती है. हालांकि, बाल झड़ने के पीछे कई अलग-अलग कारण हो सकते हैं, इसलिए लगातार या बहुत ज्यादा हेयर फॉल होने पर एक्सपर्ट से सलाह लेना अच्छा रहता है.

  • स्वामी विवेकानंद की ये सीख बदल सकती है जिंदगी, सफलता से पहले खुद पर भरोसा जरूरी

    स्वामी विवेकानंद की ये सीख बदल सकती है जिंदगी, सफलता से पहले खुद पर भरोसा जरूरी

     हर कोई चाहता है कि उसे जीवन में सफलता, पैसा और पहचान मिले.  लेकिन क्या केवल अच्छी कमाई और नाम हासिल कर लेना ही सफल जीवन की निशानी है? स्वामी विवेकानंद के विचार इस सवाल का जवाब एक अलग नजरिए से देते हैं. उनके अनुसार इंसान की असली ताकत उसके भीतर होती है.  आत्मविश्वास, साहस और मुश्किल परिस्थितियों में डटे रहने की क्षमता ही व्यक्ति को वास्तव में मजबूत बनाती है.

    पैसा और प्रसिद्धि से आगे है असली सफलता
    आज के दौर में सफलता को अक्सर अच्छी नौकरी, ज्यादा कमाई, बड़ा पद और सोशल स्टेटस से जोड़कर देखा जाता है. लेकिन बाहरी उपलब्धियां हमेशा मन को संतुष्टि दें, यह जरूरी नहीं. स्वामी विवेकानंद की शिक्षाओं में आत्मविश्वास और चरित्र को विशेष महत्व मिलता है. उनका मानना था कि व्यक्ति को अपनी क्षमताओं पर विश्वास रखना चाहिए. बाहरी परिस्थितियों के बजाय अपनी आंतरिक शक्ति को पहचानना चाहिए.

    खुद पर विश्वास करना सीखें
    कई बार व्यक्ति दूसरों की राय को अपनी क्षमता से ज्यादा महत्व देने लगता है. कोई क्या कहेगा, लोग स्वीकार करेंगे या नहीं, सफलता मिलेगी या नहीं, इन सवालों के कारण कदम रुक जाते हैं. विवेकानंद की सीख इससे अलग रास्ता दिखाती है. उनका संदेश था कि इंसान को अपने भीतर विश्वास पैदा करना चाहिए. जब आत्मविश्वास मजबूत होता है तो फैसले लेने और उन्हें सही साबित करने का साहस भी बढ़ता है.

    डर को अपनी कमजोरी न बनने दें
    डर का होना स्वाभाविक है, लेकिन डर के कारण प्रयास छोड़ देना व्यक्ति को पीछे कर सकता है. नई शुरुआत हो, असफलता के बाद दोबारा कोशिश करनी हो या कोई कठिन फैसला लेना हो, हर जगह साहस की जरूरत होती है. स्वामी विवेकानंद ने शक्ति और निर्भयता को जीवन के लिए महत्वपूर्ण माना. उनकी प्रसिद्ध सीखों में भी मजबूत बनने और अपनी क्षमता पर विश्वास करने का संदेश मिलता है.

    मुश्किल वक्त में ही पता चलती है असली ताकत
    अच्छे समय में खुद पर भरोसा करना आसान होता है, लेकिन असली परीक्षा तब होती है जब परिस्थितियां हमारे पक्ष में न हों. काम में असफलता, आर्थिक परेशानी या किसी लक्ष्य में देरी व्यक्ति को निराश कर सकती है. ऐसे समय में शिकायत करने के बजाय अपने प्रयास पर ध्यान देना ज्यादा जरूरी है. विवेकानंद के विचारों में धैर्य, निरंतर प्रयास और आत्मविश्वास को सफलता की मजबूत नींव माना गया है.

    दूसरों से तुलना करने से बचें
    आज सोशल मीडिया के दौर में दूसरों की उपलब्धियां देखकर खुद को कमतर समझना आसान हो गया है. लेकिन हर व्यक्ति की परिस्थितियां, क्षमता और जीवन की गति अलग होती है. इसलिए दूसरों से तुलना करने के बजाय अपनी कमियों को पहचानकर उन्हें सुधारना बेहतर है. अपनी प्रगति पर ध्यान देने से आत्मविश्वास मजबूत होता है .

  • बेसन, दही और हल्दी से घर पर पाएं निखरी त्वचा, ऐसे बनाएं नेचुरल फेस पैक

    बेसन, दही और हल्दी से घर पर पाएं निखरी त्वचा, ऐसे बनाएं नेचुरल फेस पैक

    सुंदर, बेदाग और दमकती रंगत पाना हर किसी की चाहत होती है लेकिन आजकल के दौर में प्रदूषण और स्ट्रेस भरी लाइफस्टाइल में वक्त से पहले ही चेहरे पर झुर्रियां, फाइन लाइंस और डलनेस दिखने लगती है. इसके लिए बार-बार पार्लर जाना और महंगे-केमिकल वासे फेशियल कराना न सिर्फ जेब पर भारी पड़ता है बल्कि त्वचा को नुकसान भी पहुंचा सकता है. अगर आप बिना पैसे खर्च किए घर पर ही नेचुरल और गुलाबी निखार पाना चाहते हैं तो आपकी रसोई में मौजूद बेसन से बेहतर कुछ नहीं हो सकता.

    सदियों से त्वचा की खूबसूरती बढ़ाने के लिए इस्तेमाल होने वाले बेसन में अगर आप दही और चुटकी भर हल्दी मिलाकर लगाते हैं तो यह एक जादुई फेस पैक की तरह काम करता है. यह स्किन से डेड सेल्स, टैनिंग और एक्सेस ऑयल को हटाकर चेहरे पर तुरंत पार्लर जैसा निखार लाता है. आइए जानते हैं इसे बनाने की सामग्री और इस्तेमाल करने का सही तरीका.

    सामग्री (Ingredients)
    बेसन – 2 बड़े चम्मच

    कच्चा दूध या ताजा गाढ़ा दही – 2 बड़े चम्मच (ऑयली स्किन वाले गुलाब जल मिला सकते हैं)

    कस्तूरी हल्दी (या किचन हल्दी) – 1/4 छोटा चम्मच

    गुलाब जल – 1 छोटा चम्मच (ऑप्शनल)

    कैसे बनाएं और इस तरह लगाएं
    एक साफ कटोरी में 2 चम्मच बेसन लें. इसमें 1/4 चम्मच हल्दी, 2 चम्मच कच्चा दूध (या दही) और 1 चम्मच गुलाब जल मिलाकर एक स्मूथ और गाढ़ा पेस्ट तैयार कर लें.

    फेस पैक लगाने से पहले अपने चेहरे को माइल्ड फेस वॉश या सादे पानी से अच्छे से धोकर साफ कर लें ताकि धूल-मिट्टी हट जाए.

    अब तैयार बेसन के पेस्ट को उंगलियों या ब्रश की मदद से अपने चेहरे और गर्दन पर समान रूप से लगाएं. आंखों के आसपास के संवेदनशील हिस्से को छोड़ दें.

    फेस पैक को चेहरे पर 15 से 20 मिनट के लिए ऐसे ही लगा रहने दें, जब तक कि यह हल्का सूख न जाए. (इसे बहुत ज्यादा कड़ा/सूखा न होने दें).

    जब पैक 80% सूख जाए, तो हाथों में थोड़ा सा पानी या गुलाब जल लगाएं और सर्कुलर मोशन में हल्के हाथों से 1-2 मिनट मालिश करते हुए पैक को छुड़ाएं. इससे डेड स्किन सेल्स निकल जाते हैं.

    चेहरे को ताजे या हल्के गुनगुने पानी से धो लें और टॉवल से थपथपाकर पोंछ लें.

    चेहरा धोने के बाद कोई हल्का मॉइश्चराइजर या एलोवेरा जेल जरूर लगाएं ताकि त्वचा की नमी बरकरार रहे.

    हफ्ते में 2 बार करें इस्तेमाल: बेस्ट रिजल्ट और नेचुरल गुलाबी निखार के लिए इस होममेड बेसन फेस पैक का इस्तेमाल हफ्ते में 2 से 3 बार करें.

  • महंगे फेस क्लींजर की जरूरत नहीं, इन 4 घरेलू चीजों से करें चेहरे की सफाई

    महंगे फेस क्लींजर की जरूरत नहीं, इन 4 घरेलू चीजों से करें चेहरे की सफाई

     स्किन की देखभाल के लिए आजकल लोग कई तरह के प्रोडक्ट्स और लंबी स्किनकेयर रूटीन फॉलो करते हैं. लेकिन स्किन केयर का सबसे अहम हिस्सा क्लींजिंग यानी चेहरे की सफाई है. इसके लिए हर बार महंगे फेस क्लींजर का इस्तेमाल करना जरूरी नहीं है. किचन में मौजूद कुछ चीजों की मदद से भी आप आसानी से अपनी स्किन की सफाई कर सकते हैं. आज हम आपको कुछ ऐसी चीजों के बारे में बताएंगे, जिसका इस्तेमाल आप  क्लिंजर के तौर पर कर सकते हैं. ये आपकी स्किन को बिना ज्यादा ड्राई किए गहराई से साफ करने में मदद कर सकती हैं.

    1. दूध से करें चेहरे की सफाई
    दूध में लैक्टिक एसिड पाया जाता है. यही वजह है कि इसे पारंपरिक तौर पर स्किन को साफ करने के लिए इस्तेमाल किया जाता रहा है. यह त्वचा की सतह पर मौजूद डेड स्किन को हटाने और त्वचा को मुलायम महसूस कराने में मदद कर सकता है.

    कैसे करें इस्तेमाल?
        कॉटन बॉल को कच्चे या सादे दूध में भिगोएं.
        इसे चेहरे पर हल्के हाथों से लगाएं.
        कुछ देर बाद गुनगुने पानी से चेहरा धो लें.

    अगर दूध लगाने के बाद जलन, खुजली या लालिमा महसूस हो तो इसका इस्तेमाल बंद कर दें.

    2. टमाटर से पाएं फ्रेश लुक
    टमाटर में कई विटामिन और पोषक तत्व पाए जाते हैं. कुछ लोग इसे घरेलू स्किनकेयर में चेहरे पर लगाने के लिए इस्तेमाल करते हैं.

    कैसे करें इस्तेमाल?
       एक ठंडे टमाटर को आधा काट लें.
        इसे चेहरे पर बहुत हल्के हाथों से लगाएं.
        करीब 5-10 मिनट बाद पानी से चेहरा धो लें.

    अगर आपकी स्किन सेंसिटिव है तो टमाटर सीधे लगाने से पहले पैच टेस्ट जरूर करें.

    3. शहद से करें क्लींजिंग
    शहद में एंटीऑक्सीडेंट गुण पाए जाते हैं और इसे स्किन को मॉइश्चराइज और शांत रखने के लिए इस्तेमाल किया जाता है. यह स्किन को बिना ड्राई किए क्लींजिंग करने में मदद करता है.

    कैसे करें इस्तेमाल?
        1/2 चम्मच कच्चा शहद लें.
        इसे हल्की गीली त्वचा पर धीरे-धीरे मसाज करें.
        इसके बाद गुनगुने पानी से चेहरा धो लें.
        तौलिए से चेहरे को रगड़ने के बजाय हल्के हाथों से थपथपाकर सुखाएं.

    4. आलू का रस लगाएं
    आलू में विटामिन C समेत कई पोषक तत्व पाए जाते हैं. घरेलू स्किनकेयर में आलू के रस का इस्तेमाल दाग-धब्बों और डल स्किन के लिए किया जाता है.

    कैसे करें इस्तेमाल?
        एक मीडियम साइज के आलू का रस निकालकर कटोरी में लें.
        इसे चेहरे और गर्दन पर हल्के हाथों से लगाएं.
        करीब 10-15 मिनट के लिए छोड़ दें.
        इसके बाद पानी से चेहरा अच्छी तरह धो लें.

    इन बातों का रखें ध्यान
        नेचुरल चीजें होने का यह मतलब नहीं है कि ये आपकी स्किन के लिए सेफ ही होंगी. किसी भी चीज को फेस पर लगाने से पहले पैच टेस्ट जरूर करें. अगर जलन, खुजली या लालिमा महसूस हो तो तुरंत चेहरा धो लें.
        अगर आपके चेहरे पर लगातार मुंहासे, दाग-धब्बे या स्किन से जुड़ी कोई समस्या है तो घरेलू नुस्खों आजमाने के बजाय डर्मेटोलॉजिस्ट की सलाह लेना बेहतर होगा.

     

  • रक्षाबंधन पर चाहिए चांद-सा निखार? अभी से अपनाएं ये आसान देसी स्किनकेयर टिप्स

    रक्षाबंधन पर चाहिए चांद-सा निखार? अभी से अपनाएं ये आसान देसी स्किनकेयर टिप्स

    रक्षाबंधन को अब कुछ ही दिन बचे हैं और अगर आप अभी से कुछ आसान और असरदार स्किनकेयर टिप्स फॉलो करते हैं तो उस दिन आपके चेहरे पर चांद-सा निखार दिखेगा. ग्लोइंग स्किन के लिए महंगे फेशियल की जरूरत नहीं होती है, देसी स्किन केयर भी आपकी स्किन का खोया हुआ निखार लाने में आपकी मदद कर सकता है. हमारी रसोई में मौजूद कुछ चीजें हमारी स्किन के लिए बहुत फायदेमंद होती है, अगर आप सही तरीके से इन सिंपल स्किनकेयर रूटीन को फॉलो करते हैं तो कुछ दिनों में ही चेहरा चमकने लगेगा. आइए आपको इन सिंपल स्किनकेयर टिप्स के बारे में बताते हैं.

    एलोवेरा जेल
    सबसे पहले रोजाना अपने चेहरे को माइल्ड क्लींजर से अच्छी तरह साफ करें. इसके बाद सुबह चेहरे पर एलोवेरा जेल की हल्की लेयर लगाएं. यह त्वचा को ठंडक और नमी देने में मदद कर सकता है. नियमित रूप से इस आसान रूटीन को अपनाने से चेहरा साफ, फ्रेश और ग्लोइंग नजर आ सकता है.

    चावल-दही का स्क्रब
    रक्षाबंधन को अभी एक हफ्ता बचा है और इस बीच आप दो दिन अपने चेहरे पर चावल के आटे में दही मिलाकर नेचुरल स्क्रब बना कर लगा सकते हैं, इससे चेहरे पर जमी गदंगी साफ होती है और स्किन नेचुरल ग्लोइंग बनती है.

    टमाटर के रस से मसाज
    ढ़ीली-लटकी स्किन को टाइट और चमकदार बनाने के लिए फेस पर मसाज कर सकते हैं. मसाज के लिए आप टमाटर का रस और आईस क्यूब का इस्तेमाल करें.

    देसी नाइट क्रीम
    सोने से पहले रात को चेहरे को फेसवॉश से साफ करें और उसके बाद देसी नाइट क्रीम लगाएं. नाइट क्रीम को बनान के लिए आप गुलाब जल, विटामिन ई की कैप्सूल और ग्लिसरीन को मिलाकर तैयार कर लें. इसे हर रात फेस पर लगाकर सोएं.

    मुल्तानी मिट्टी का फेसपैक
    इसके अलावा आप मुल्तानी मिट्टी को भी अपने चेहरे पर लगा सकते हैं, यह चेहरे में मौजूद अतिरिक्त तेल को साफ करती है. इसके अलावा इससे कील-मुहासे कम होते हैं, टैनिंग हटती है. चेहरे पर निखार के लिए मुल्तानी मिट्टी का पैक आपको हफ्ते में एक बार लगाना चाहिए. हालांकि ड्राई स्किन वाले इसे स्किप कर सकते हैं.

    पानी पीना है जरूरी
    नेचुरल ग्लोइंग स्किन के लिए सिर्फ चेहरे के ऊपर लगाने से कुछ नहीं होगा, बल्कि अंदर से भी बॉडी हाइड्रेट होनी जरूरी है. इसके लिए दिनभर में करीबन 8 से 10 ग्लास पानी पीना ही चाहिए.

    नींद लें पूरी
    पानी पीने के अलावा अच्छी और पूरी नींद लेना भी जरूरी है, क्योंकि जब नींद पूरी होती हैं तो स्किन पर अपने आप ग्लो नजर आने लगता है, वरना चेहरे पर सुस्ती और डार्क सर्कल दिखने लगते हैं.

  • फटे और रूखे होंठों से पाएं राहत, घर पर घी से बनाएं नेचुरल लिप बाम

    फटे और रूखे होंठों से पाएं राहत, घर पर घी से बनाएं नेचुरल लिप बाम

    हमारे होंठ चेहरे की खूबसूरती में चार चांद लगाते हैं. लेकिन बदलते मौसम, तेज धूप और केमिकल वाले प्रोडक्ट्स की वजह से होंठ अक्सर रूखे और फटने लगते हैं. ऐसे में उनकी सही देखभाल करना बहुत जरूरी हो जाता है. ज्यादातर लोग इसके लिए बाजार में मिलने वाले लिप बाम का इस्तेमाल करते हैं.

    लेकिन बाजार में मिलने वाले लिप बाम में अक्सर केमिकल होते हैं जो होंठों को नुकसान पहुंचा सकते हैं. अगर आप नेचुरल तरीके से होंठों को सॉफ्ट और हेल्दी बनाएं रखना चाहते हैं तो घर पर घी से बना लिप बाम आपके लिए बेहतरीन ऑप्शन हो सकता है. आज हम आपको घी से घर पर लिप बाम बनाने का आसान तरीका बताएंगे.
    घी का लिप बाम बनाने के लिए किन-किन चीजों की जरूरत होती है?

    4 बड़े चम्मच देसी घी
    2 बड़े चम्मच नारियल तेल
    1 बड़ा चम्मच शहद
    कुछ बूंदें एसेंशियल ऑयल (पुदीना या लैवेंडर, ऑप्शनल)

    घर पर घी से लिप बाम कैसे बनाएं?

    1. घी से लिप बाम बनाने के लिए सबसे पहले एक छोटे बर्तन में घी और नारियल तेल डालकर धीमी आंच पर हल्का गर्म करें, ताकि दोनों अच्छी तरह पिघल जाएं. इसके बाद मिश्रण को थोड़ा ठंडा होने दें.
    2. अब इसमें शहद डालकर अच्छी तरह मिलाएं. चाहें तो अपनी पसंद का एसेंशियल ऑयल भी कुछ बूंदें मिला सकते हैं.
    3. फिर तैयार मिश्रण को किसी साफ और सूखे छोटे कंटेनर या लिप बाम ट्यूब में भर दें.
    4. इसे फ्रिज में कुछ घंटों के लिए रख दें. जमने के बाद आपका नेचुरल लिप बाम इस्तेमाल के लिए तैयार हो जाएगा.

    इस्तेमाल करते समय रखें इन बातों का ध्यान

    • पहली बार इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट जरूर करें.
    • लिप बाम को हमेशा साफ और सूखे कंटेनर में रखें.
    • इसे ठंडी और सूखी जगह या फ्रिज में स्टोर करें.
    • वैसे तो नेचुरल चीजों से बना यह लिप बाम बिल्कुल सेफ है. फिर भी अगर लगाने के बाद किसी भी  तरह का एलर्जी हो तो इसका उपयोग बंद कर दें.
  • Private Part Shaving Tips: शेविंग में न करें ये गलतियां, डॉक्टर से जानें सही और सुरक्षित तरीका

    Private Part Shaving Tips: शेविंग में न करें ये गलतियां, डॉक्टर से जानें सही और सुरक्षित तरीका

    इंटीमेट एरिया काफी सेंसेटिव होता है, ऐसे में वहां शेव करना भी थोड़ा मुश्किल हो सकता है। डॉक्टर ने सही तरीका बताया है।

    प्यूबिक हेयर शेव करना सबकी पर्सनल चॉइस होती है। कुछ महिलाएं इसे साफ-सुथरा महसूस करने के लिए करती हैं, तो कुछ बालों को वैसे ही रखना पसंद करती हैं। दोनों ही नॉर्मल हैं। अगर आप शेविंग करना पसंद करती हैं, तो सही तरीका जानना काफी जरूरी है।

    इंटिमेट एरिया की त्वचा शरीर के दूसरे हिस्सों की तुलना में ज्यादा सेंसेटिव होती है। इसलिए जल्दबाजी में शेव करने, पुराने रेजर का इस्तेमाल करने या त्वचा पर ज्यादा दबाव डालने से परेशानी हो सकती है। डॉक्टर वैदेही मराठे के अनुसार, सही तैयारी और कुछ छोटी सावधानियां अपनाकर शेविंग के बाद होने वाली कई कॉमन प्रॉब्लम्स से बच सकते हैं।

    1. साफ और तेज रेजर का इस्तेमाल करें
    सबसे पहले यह देखें कि रेजर साफ और अच्छी हालत में हो। बहुत पुराना रेजर बालों को ठीक से काटने के बजाय त्वचा पर ज्यादा फ्रिक्शन पैदा कर सकता है। रेजर किसी दूसरे व्यक्ति के साथ बिल्कुल शेयर ना करें। इसे साफ जगह पर रखें और जरूरत के अनुसार समय-समय पर बदलते रहें।

    2. शेविंग से पहले त्वचा को तैयार करें
    ड्राई स्किन पर सीधे रेजर चलाने से जलन और छोटे कट लगने का खतरा बढ़ सकता है। इसलिए शेविंग से पहले कुछ देर गुनगुने पानी से उस हिस्से को नरम होने दें। अगर बाल ज्यादा लंबे हैं, तो पहले साफ कैंची से उन्हें थोड़ा छोटा कर लें। इससे रेजर चलाना आसान हो जाएगा और रेजर में बाल फंसने के चांसेस भी कम होंगे।

    3. शेविंग जेल का इस्तेमाल करें
    शेविंग से पहले हल्का शेविंग जेल लगाएं जो त्वचा के लिए सुरक्षित और नरम हो। इससे रेजर त्वचा पर आसानी से चलेगा और फ्रिक्शन भी कम होगा। बहुत तेज खुशबू वाले या स्किन को इरिटेट करने वाले प्रोडक्ट्स से बचना बेहतर है।

    4. बालों की दिशा में शेव करें
    रेजर चलाते समय बाल जिस दिशा में बढ़ रहे हैं, उसी दिशा में शेव करना बेहतर रहता है। बहुत नजदीक से बाल हटाने के लिए बार-बार उसी जगह रेजर चलाने से त्वचा में जलन और बालों के अंदर की ओर बढ़ने की परेशानी हो सकती है। इसलिए एक ही जगह पर बार-बार रेजर चलाने से बचें।

    5. रेजर पर ज्यादा दबाव ना डालें
    प्यूबिक एरिया की त्वचा सेंसेसटिव होती है। इसलिए रेजर को बहुत जोर से दबाकर चलाने की जरूरत नहीं है। हल्के हाथ से और धीरे-धीरे शेव करें। अगर किसी जगह त्वचा खिंच रही हो या रेजर आसानी से नहीं चल रहा हो, तो वहां दोबारा शेव करने से पहले थोड़ा जेल लगाएं।

    6. शेविंग के बाद त्वचा को दें आराम
    शेविंग के बाद उस हिस्से को साफ पानी से धोकर धीरे से सुखाएं। त्वचा को रगड़कर पोंछने से जलन बढ़ सकती है। इसके बाद जरूरत हो तो लाइट मॉइस्चराइजर लगा सकते हैं।

    नोट: शेविंग के बाद हल्की रेडनेस कुछ समय के लिए हो सकती है, लेकिन अगर परेशानी बढ़ रही है तो इसे इग्नोर ना करें। खासकर अगर लगातार खुजली, जलन, सूजन, दर्द, रेजर बंप्स, इनग्रोन हेयर या इंफेक्शन जैसे लक्षण दिखाई दें, तो डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है। अगर त्वचा पर कट लग जाए तो उसे साफ रखें और ठीक होने तक उस जगह पर दोबारा शेविंग ना करें।