Author: NewseDay

  • WTC रैंकिंग में भारत को झटका, ऑस्ट्रेलिया शीर्ष पर कायम

    WTC रैंकिंग में भारत को झटका, ऑस्ट्रेलिया शीर्ष पर कायम

    डरबन
    डरबन टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया ने साउथ अफ्रीका के खिलाफ 214 रनों की विशाल जीत दर्ज की। इस जीत के स्थान ऑस्ट्रेलिया ने वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की रेस के लिए अपना शीर्ष स्थान और मजबूती से बरकरार रखा है। इस बड़ी हार के पिछली सीजन की विजेता रही साउथ अफ्रीका तासरे पायदान पर खिसक गई है। न्यूजीलैंड की टीम इस पॉइंट्स टेबल में दूसरे स्थान पर आ गई है। दिलचस्प बात यह है कि बांग्लादेश ने वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के इस साइकल में खास प्रदर्शन किया है। इस पड़ोसी देश ने पॉइंट्स टेबल पर अपना चौथा स्थान बरकरार रखा है, जबकि भारतीय टीम पांचवें स्थान पर है। हैरानी की बात ये भी है कि इस साइकल में इंग्लैंड ने भारत से भी खराब प्रदर्शन किया है और सातवें स्थान पर है। वेस्टइंडीज की टीम 8वें और पाकिस्तान 9वें स्थान पर मौजूद है।
     
    जैसे-जैसे वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की यह साइकल आगे बढ़ती जा रही है टीमें टॉप-2 में पहुंचने के लिए और तेजी से कोशिशें कर रही हैं। हाल के हफ्तों में विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में अलग-अलग महाद्वीपों में कई रोमांचक टेस्ट मुकाबले देखने को मिले हैं। बीते महीने ऑस्ट्रेलिया में खेली गई बांग्लादेश के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज काफी रोमांचक रही। बांग्लादेश ने पहले टेस्ट में ऐतिहासिक जीत दर्ज की, वहीं मेजबान टीम ने दूसरे टेस्ट में शानदार वापसी करते हुए सीरीज को बराबर कर दिया। भारत ने गॉल में श्रीलंका के खिलाफ शानदार 165 रनों की जीत दर्ज की, हालांकि, दूसरा टेस्ट मैच ड्रॉ पर समाप्त करना पड़ा। इंग्लैंड ने लीड्स में पाकिस्तान के खिलाफ मिली शानदार जीत के बाद लॉर्ड्स में एक और बड़ी जीत हासिल की और अंततः एडजबेस्टन में एक आसान जीत दर्ज करते हुए सीरीज में 3-0 से क्लीन स्वीप किया। डब्ल्यूटीसी फाइनल की दौड़ जारी है। 2025-27 सीजन में और भी कई रोमांचक मुकाबले खेले जाने की उम्मीद है और रैंकिंग में उठापटक हो सकती है।

    ऑस्ट्रेलिया टॉप पर, भारत से आगे बांग्लादेश
    2025-27 वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में अब तक ऑस्ट्रेलिया ने कुल 11 मैच खेले हैं, जिसमें से 9 में जीत हासिल की और और उनका जीत प्रतिशत अंक 81.82 है। न्यूजीलैंड इस टेबल में दूसरे स्थान पर है और फाइनल की रेस में बने रहने वाली सबसे बड़ी दावेदार है। न्यूजीलैंड ने अब तक इस चक्र में कुल 6 टेस्ट मैच खेले हैं, जिसमें से चार में जीत दर्ज की है और उनका जीत प्रतिशत अंक 72.22 है। तीसरे स्थान पर साउथ अफ्रीका की टीम खिसक गई है, जो मंगलवार सुबह तक दूसरे स्थान पर थी। साउथ अफ्रीका ने अब तक इस चक्र में कुल पांच मैच खेले हैं, जिनमें से तीन में जीत दर्ज की है और उनका जीत प्रतिशत 60 है। बांग्लादेश ने इस सीजन शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 6 मुकाबले खेले हैं, जिसमें से तीन में जीत दर्ज की है और उसका जीत प्रतिशत अंक 55.56 है। भारत इस लिस्ट में पांचवें स्थान पर है। भारत ने इस साइकल में अब तक कुल 11 मैच खेले हैं, जिसमें से पांच में जीत हासिल की है। जीत का प्रतिशत अंक 51.52 है, जिसके कारण वह पांचवें स्थान पर है। भारत की ओर से इस सीरीज शुभमन गिल ने 1024 रन बना दिए हैं और वे सर्वाधिक रन बनाने वाले भारतीय हैं। मोहम्मद सिराज ने 43 विकेट लिए हैं। भारत के पास अभी ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पांच मैचों की टेस्ट सीरीज और न्यूजीलैंड के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज बची हुई है और वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में पहुंचने के लिए इन दोनों सीरीजों के अधिकांश मैचों को जीतना जरूरी है। अगर भारत को एक से अधिक मुकाबलों में हार मिलती है तो फिर फाइनल में पहुंचने का सपना धराशायी हो जाएगा।

     

  • एमपी ट्रांसको की 132 केवी भोपाल–अमरावद खुर्द लाइन का क्षमता उन्नयन कार्य शुरू

    एमपी ट्रांसको की 132 केवी भोपाल–अमरावद खुर्द लाइन का क्षमता उन्नयन कार्य शुरू

    भोपाल
    ऊर्जा मंत्री  प्रद्युम्न सिंह तोमर ने बताया कि मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी (एमपी ट्रांसको) भोपाल शहर की बढ़ती विद्युत मांग के अनुरूप पारेषण व्यवस्था को सक्षम बनाने के लिए एचटीएलएस (हाई टेम्परेचर लो सैग) कंडक्टर तकनीक से ट्रांसमिशन लाइनों की क्षमता बढ़ा रही है।

    मध्यप्रदेश में पहली बार इसी तकनीक का उपयोग 400 केवी सबस्टेशन सुखी सेवनिया से 220 केवी सबस्टेशन गोविंदपुरा भोपाल तक की ट्रांसमिशन लाइन में किया गया था। इस लाइन में पारंपरिक जेबरा कंडक्टर को एचटीएलएस कंडक्टर से बदलने से भोपाल शहर की पारेषण व्यवस्था को लाभ मिला है। अब भोपाल से अमरावद खुर्द तक के महत्वपूर्ण पारेषण सर्किट की क्षमता उन्नयन का कार्य भी किया जा रहा है।

    नया कॉरिडोर बनाने से बेहतर विकल्प है एचटीएलएस तकनीक
    ऊर्जा मंत्री  तोमर ने कहा कि राजधानी भोपाल में विद्युत मांग बढ़ने के साथ मौजूदा पारेषण नेटवर्क की क्षमता बढ़ाना आवश्यक है। घनी आबादी वाले क्षेत्रों में नई ट्रांसमिशन लाइन के लिए कॉरिडोर विकसित करने और राइट ऑफ वे (आरओडब्ल्यू) प्राप्त करने में व्यावहारिक कठिनाइयां आती हैं। ऐसे में मौजूदा लाइन कॉरिडोर का उपयोग करते हुए एचटीएलएस तकनीक से पारेषण क्षमता बढ़ाना एक उपयोगी विकल्प है।

    भोपाल–अमरावद खुर्द सर्किट का होगा क्षमता उन्नयन
    एमपी ट्रांसको द्वारा 132 केवी डीसीडीएस भोपाल–अमरावद खुर्द लाइन के सर्किट में मौजूदा एसीएसआर पैंथर कंडक्टर को समतुल्य एचटीएलएस कंडक्टर से बदलने का कार्य किया जा रहा है। इसके साथ ही 132 केवी सबस्टेशन अमरावद खुर्द, 132 केवी सबस्टेशन मैनिट और 220 केवी सबस्टेशन भोपाल में संबंधित 132 केवी फीडर बे की क्षमता का भी उन्नयन किया जा रहा है। इससे लाइन और सबस्टेशन के संबंधित हिस्सों को बढ़ी हुई पारेषण क्षमता के अनुरूप सक्षम बनाने में मदद मिलेगी।

    अमरावद खुर्द और मैनिट की विद्युत आपूर्ति के प्रबंधन में भी लाभ
    भोपाल की पारेषण व्यवस्था में एचटीएलएस तकनीक के उपयोग से अमरावद खुर्द और मैनिट सब स्टेशन से संबंधित विद्युत आपूर्ति के प्रबंधन को भी लाभ मिलेगा।

    यह है एचटीएलएस का फायदा
    एचटीएलएस कंडक्टर उच्च तापमान पर भी अपेक्षाकृत कम सैग के साथ अधिक करंट वहन करने में सक्षम होते हैं। इससे मौजूदा ट्रांसमिशन कॉरिडोर का बेहतर उपयोग करते हुए पारेषण क्षमता बढ़ाई जा सकती है और नई लाइन के लिए अलग कॉरिडोर विकसित करने की आवश्यकता कम हो सकती है।

     

  • ​सारंगढ़ के महाविद्यालय में गुंजा ‘कोई मतदाता छूटे ना’ का संदेश

    ​सारंगढ़ के महाविद्यालय में गुंजा ‘कोई मतदाता छूटे ना’ का संदेश

    रायपुर

    युवाओं को दिलाई मतदाता जागरूकता की शपथ

    सशक्त लोकतंत्र की बुनियाद में प्रत्येक नागरिक और युवा की भागीदारी सर्वोपरि है। इसी सोच को जन-जन तक पहुँचाने के लिए सारंगढ़ स्थित शासकीय लोचन प्रसाद पाण्डेय महाविद्यालय में वृहद मतदाता जागरूकता (SVEEP) कार्यक्रम का आयोजन किया गया। ‘कोई मतदाता छूटे ना’ के संकल्प पर छात्र-छात्राओं को मतदान प्रक्रिया में निष्पक्ष और सक्रिय सहभागिता निभाने की शपथ दिलाई गई। इसी तरह नए पंजीकृत युवा मतदाताओं को डिजिटल ई-एपिक (e-EPIC) की प्रतियां वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।

    *​रंगोलियों में झलकी लोकतांत्रिक ताकत*

    *18 की उम्र में मताधिकार मिलना जीवन का अहम पड़ाव*

    ​महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने कलात्मक अभिव्यक्ति के जरिए मतदान के महत्व को रेखांकित किया। ‘मेरा वोट मेरी ताकत’ और ‘वोट फॉर बेटर इंडिया’ जैसे विषयों पर बनाई गई मनमोहक रंगोलियों ने सभी का ध्यान आकर्षित किया।  इस अवसर पर​छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कलेक्टर ने कहा कि ​18 वर्ष की आयु पूर्ण कर पहला वोट देना प्रत्येक युवा के जीवन की एक ऐतिहासिक उपलब्धि होती है। मतदान केवल अधिकार नहीं, बल्कि लोकतंत्र को मजबूत करने का दायित्व है। जब एक युवा जागरूक होता है, तो वह पूरे समाज को सही दिशा दिखाता है।उन्होंने युवाओं का आह्वान किया कि वे न केवल स्वयं शत-प्रतिशत मतदान करें, बल्कि अपने परिजनों, मित्रों और पड़ोसियों को भी मताधिकार के प्रति प्रेरित करें।

    *​प्रारूप-6 के जरिए मतदाता सूची में नाम जुड़वाने की अपील*

    आगामी नगरीय निकाय चुनावों एवं निर्वाचन आयोग की प्राथमिकताओं का उल्लेख करते हुए कलेक्टर ने बताया कि 18 वर्ष पूर्ण कर चुके ऐसे सभी युवा जिनका नाम अब तक मतदाता सूची में दर्ज नहीं है, वे प्रारूप-6 (Form 6) के माध्यम से त्वरित पंजीयन कराएं। जिले में बीएलओ (BLO), एसडीएम एवं तहसीलदारों के माध्यम से पंजीयन प्रक्रिया को सुगम बनाया गया है।

     ​उन्होंने कॉलेज के निर्वाचन साक्षरता क्लब (ELC) की गतिविधियों की विशेष प्रशंसा की और कहा कि सोशल मीडिया के इस दौर में निर्वाचन आयोग की गतिविधियों और मतदान सुधारों की प्रामाणिक जानकारी समाज तक पहुँचाने में युवाओं की भूमिका बेहद अहम है।

  • विगत दो सप्ताह में साइबर अपराधियों के विरुद्ध मध्यप्रदेश पुलिस की बड़ी कार्रवाई

    विगत दो सप्ताह में साइबर अपराधियों के विरुद्ध मध्यप्रदेश पुलिस की बड़ी कार्रवाई

    प्रदेश के विभिन्‍न जिलों में साइबर ठगी के मामलों का खुलासा
     अंतरराज्यीय एवं अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क से जुड़े आरोपी गिरफ्तार
    ठगी की राशि होल्ड कराने से लेकर पीड़ितों को राशि वापस दिलाने तक पुलिस की प्रभावी कार्रवाई

    भोपाल
    मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा साइबर अपराध, ऑनलाइन धोखाधड़ी, फर्जी बैंक खातों के दुरुपयोग, UPI फ्रॉड एवं ऑनलाइन निवेश के नाम पर की जाने वाली ठगी के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में विगत दो सप्ताह में प्रदेश के विभिन्‍न जिलों में साइबर अपराध से जुड़े प्रकरणों में आरोपियों की गिरफ्तारी, अंतरराज्यीय एवं अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का खुलासा, ठगी की राशि को होल्ड कराने तथा पीड़ितों को राशि वापस दिलाने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है। तकनीकी साक्ष्यों, डिजिटल फुटप्रिंट, बैंकिंग ट्रांजेक्शन एवं मनी ट्रेल का विश्लेषण करते हुए पुलिस टीमों ने अलग-अलग राज्यों तक पहुंच बनाकर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कई मामलों में बैंकिंग संस्थानों से तत्काल समन्वय कर ठगी की राशि को होल्ड/फ्रीज कराया गया, जिससे पीड़ितों को उनकी राशि वापस दिलाने की कार्रवाई संभव हो सकी।

    बैतूल- 1 करोड़ 93 लाख रूपए की ऑनलाइन धोखाधड़ी का आरोपी नागपुर से गिरफ्तार
    बैतूल बाजार पुलिस ने ऑनलाइन रोबोट्रेड एप्लीकेशन के माध्यम से हुई 1 करोड़ 93 लाख रूपए की धोखाधड़ी के मामले में एक आरोपी को नागपुर से गिरफ्तार किया।

    अनूपपुर- 91 लाख रूपए की साइबर ठगी में कानपुर से आरोपी गिरफ्तार, 14 लाख रूपए से अधिक की राशि पीड़ित को वापस
    थाना जैतहरी पुलिस ने 91 लाख की साइबर धोखाधड़ी के मामले में फरार आरोपी को कानपुर (उत्तरप्रदेश) से गिरफ्तार किया। आरोपी द्वारा व्हाट्सएप कॉल के माध्यम से क्रिप्टोकरेंसी मार्केट में निवेश कर अच्छा रिटर्न दिलाने का झांसा देकर फरियादी से राशि ट्रांसफर कराई गई थी। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 34 लाख की राशि होल्ड कराई है। जबकि 14 लाख रूपए से अधिक की राशि पीड़ित के बैंक खाते में वापस कराई जा चुकी है। शेष राशि वापस कराने की कार्यवाही जारी है। प्रकरण में पूर्व में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

    मंदसौर-14 लाख रूपए की ठगी, हरियाणा से अंतरराज्यीय आरोपी गिरफ्तार
    मंदसौर पुलिस ने व्हाट्सएप के माध्यम से ऑनलाइन निवेश एवं अधिक मुनाफे का झांसा देकर लगभग 14 लाख रूपए की साइबर ठगी करने वाले आरोपी को हरियाणा के सोनीपत से गिरफ्तार किया। कार्रवाई के दौरान ठगी की लगभग 10 लाख रूपए की राशि को बैंक खाते में होल्ड/फ्रीज कराया गया। आरोपी से मनी ट्रेल एवं नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों के संबंध में पूछताछ की जा रही है।

    शाजापुर – 2 लाख 60 हजार रूपए की साइबर ठगी का आरोपी गिरफ्तार
    पुलिस ने 2 लाख 60 हजार रूपए की साइबर ठगी के मामले का खुलासा करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया। जांच में ठगी की राशि ट्रांसफर कराने वाले नेटवर्क के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई है। प्रकरण से जुड़े अन्य तथ्यों एवं संभावित आरोपियों की जांच जारी है।

    कटनी- 1 लाख 88 हजार रूपए की UPI ठगी, अंतरराज्यीय गिरोह के दो सदस्य गिरफ्तार
    कटनी पुलिस ने 1 लाख 88 हजार रूपए की UPI साइबर ठगी के मामले में अंतरराज्यीय गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया।

    ग्वालियर- अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड नेटवर्क का पर्दाफाश
    ग्वालियर साइबर क्राइम विंग ने ऑनलाइन फ्रॉड के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया। कार्रवाई में 01 लैपटॉप, 02 टैबलेट, 19 मोबाइल फोन, 17 एटीएम कार्ड, 04 पासबुक, 09 चेकबुक एवं 38 सिम कार्ड जब्‍त किए हैं। जांच में साइबर फ्रॉड नेटवर्क के दुबई, कंबोडिया एवं श्रीलंका से जुड़े होने की जानकारी सामने आई है। नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों एवं साइबर अपराधों में उनकी भूमिका की जांच जारी है। एक अन्य कार्रवाई में डेटिंग ऐप के माध्यम से ब्लैकमेलिंग एवं अवैध वसूली करने वाले 02 आरोपियों को क्राइम ब्रांच ग्वालियर ने मुरैना से गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने होटल में बंधक बनाकर मारपीट कर तथा आपत्तिजनक वीडियो वायरल करने की धमकी देकर 1 लाख 38 हजार की वसूली की थी।

    अशोकनगर- फर्जी दस्तावेजों से बैंक खाता खुलवाकर अवैध लेन-देन करने वाला आरोपी गिरफ्तार
    अशोकनगर पुलिस ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर बैंक खाता खुलवाकर उसे अवैध लेन-देन में उपयोग करने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। जांच में उक्त खाते से लाखों रुपये के लेन-देन की जानकारी सामने आई है। पुलिस द्वारा बैंक खाते के उपयोग, लेन-देन एवं उससे जुड़े अन्य व्यक्तियों की भूमिका की विस्तृत जांच की जा रही है।

    गुना-12 पीड़ितों की 1 लाख 77 हजार रूपए से अधिक की राशि वापस
    पुलिस ने साइबर ठगी की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए NCRP पोर्टल की MRM प्रक्रिया के माध्यम से संबंधित बैंक खातों पर तत्काल होल्ड लगवाया। बैंकिंग संस्थानों के साथ समन्वय कर निर्धारित प्रक्रिया पूर्ण करने के बाद पुलिस ने 12 पीड़ितों से ठगी गई 1 लाख 77 हजार 402 रूपए की राशि को वापस कराया।

    देवास- 14 साइबर फ्रॉड मामलों में 80 हजार रूपए की राशि वापस
    देवास पुलिस द्वारा साइबर फ्रॉड से संबंधित 14 मामलों में 80 हजार रूपए की राशि पीड़ितों के खातों में वापस कराई गई। मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा साइबर अपराधों के विरुद्ध कार्रवाई में तकनीकी साक्ष्यों के विश्लेषण, डिजिटल ट्रांजेक्शन की निगरानी, मनी ट्रेल की जांच, फर्जी बैंक खातों की पहचान, बैंकिंग संस्थानों से त्वरित समन्वय तथा NCRP/MRM प्रक्रिया का प्रभावी उपयोग किया जा रहा है। मध्यप्रदेश पुलिस नागरिकों से अपील करती है कि ऑनलाइन निवेश, अधिक मुनाफे, नौकरी, ट्रेडिंग अथवा अन्य किसी लालच में आकर अनजान व्यक्तियों को राशि ट्रांसफर न करें।

  • मंत्रि-परिषद सदस्यों के साथ बीएमएस के पदाधिकारियों की होगी बैठक

    मंत्रि-परिषद सदस्यों के साथ बीएमएस के पदाधिकारियों की होगी बैठक

    भोपाल
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि संगठित और असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों और श्रमिक कर्मचारियों की समस्याओं को तत्परता से हल किया जाएगा। इस संबंध में चर्चा, विमर्श और आवश्यक निर्णय के लिए राज्य सरकार के द्वार खुले हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव, मुख्यमंत्री निवास में भेंट करने आए भारतीय मजदूर संघ (बीएमएस) के प्रतिनिधि मंडल से चर्चा कर रहे थे। उन्होंने बताया कि आगामी 15 अक्टूबर को भारतीय मजदूर संघ के उच्च स्तरीय प्रतिनिधि मंडल द्वारा विभिन्न सुझावों और मांगों के संबंध में संबंधित विभाग के मंत्री और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ संयुक्त बैठक भी आयोजित की जाएगी।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि बीएमएस ने श्रमिकों के हित में सदैव रचनात्मक भूमिका का निर्वहन किया है। राज्य सरकार सकारात्मक दृष्टिकोण से श्रमिकों की समस्याओं के समाधान के लिए सजग और सक्रिय है। चर्चा में अपर मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री कार्यालय)  नीरज मंडलोई, प्रदेश अध्यक्ष  संजय सिंह,  रामनाथ गणेशे,  अरविन्द मिश्रा,  सी.बी. राजेश,  कुलदीप गुर्जर,  आशीष सिंह और वित्त सचिव श्रीमती मेघा दुबे शामिल थीं।

     

  • ग्रामोद्योग सचिव  राजेश सिंह राणा ने किया छत्तीसगढ़ रेशम सेतु का निरीक्षण

    ग्रामोद्योग सचिव राजेश सिंह राणा ने किया छत्तीसगढ़ रेशम सेतु का निरीक्षण

    रायपुर

    रेशम उत्पादक महिला समूहों को मिलेगा उचित मूल्य, उत्पादन और विपणन को बढ़ावा देने की पहल

    ग्रामोद्योग विभाग के सचिव  राजेश सिंह राणा ने रायपुर में नवस्थापित छत्तीसगढ़ रेशम सेतु का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने महासमुंद, धमतरी, जांजगीर-चांपा एवं रायगढ़ सहित विभिन्न जिलों के महिला धागाकरण समूहों और कोसा धागा व्यापारियों से चर्चा कर रेशम उत्पादन एवं विपणन को बढ़ावा देने पर जोर दिया। सचिव  राणा ने कहा कि रेशम सेतु की स्थापना से महिला समूहों द्वारा उत्पादित रेशम धागे को बेहतर बाजार और उचित मूल्य मिल सकेगा। साथ ही व्यापारियों को स्थानीय स्तर पर गुणवत्तापूर्ण धागा उपलब्ध होगा, जिससे परिवहन खर्च और समय की बचत होगी।

    बैठक में महिला समूहों ने कोसाफल की बढ़ती कीमतों और धागे का उचित विक्रय मूल्य नहीं मिलने की समस्या रखी। सचिव  राणा ने समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक पहल करने का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि महिला समूहों द्वारा तैयार अहिंसा सिल्क को अमारी रेशम ब्रांड के नाम से भी बेचा जा रहा है। साथ ही रेशम सेतु में विभिन्न जिलों के महिला समूहों द्वारा तैयार रेशम धागों को अलग-अलग ब्रांड नामों से पहचान दी गई है। इसके अंतर्गत रायगढ़ का फॉरेस्ट गोल्ड सिल्क, सरगुजा का महामाया सिल्क, महासमुंद का खल्लारी सिल्क तथा जांजगीर-चांपा का चांपा सिल्क सहित अन्य जिलों के उत्पाद उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को रेशम उत्पादकों एवं व्यापारियों को ऑनलाइन जानकारी उपलब्ध कराने के लिए पोर्टल विकसित करने के निर्देश दिए। इस पहल से प्रदेश में रेशम उद्योग को मजबूती मिलने के साथ महिला समूहों के स्वरोजगार और आय में वृद्धि होने की उम्मीद है।

  • एक ही परिसर में मिलेंगी शासकीय सेवाएं

    एक ही परिसर में मिलेंगी शासकीय सेवाएं

    रायपुर

    नवीन जिला सक्ती में प्रशासनिक सुविधाओं को बेहतर बनाने और आम नागरिकों को सुगम शासकीय सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में संयुक्त जिला कार्यालय भवन (कंपोजिट बिल्डिंग) का निर्माण किया जा रहा है। 14 करोड़ 66 लाख 59 हजार रुपये की लागत से बन रहा यह भवन जिले में सुगम प्रशासन और बेहतर विभागीय समन्वय की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। सेवा संकल्प अभियान के तहत यह निर्माण कार्य नागरिकों को सुविधाजनक प्रशासनिक व्यवस्था उपलब्ध कराने के प्रयासों को गति दे रहा है।

    कंपोजिट बिल्डिंग के पूर्ण होने पर विभिन्न शासकीय कार्यालय एक ही परिसर में संचालित हो सकेंगे। इससे नागरिकों को प्रमाण-पत्र बनवाने, शासकीय योजनाओं का लाभ लेने और विभागीय कार्यों के लिए अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। समय और संसाधनों की बचत के साथ शासकीय सेवाओं की पहुंच भी आसान होगी।

    लोक निर्माण विभाग, सक्ती संभाग के कार्यपालन अभियंता  आर.के. खाम्भरा ने बताया कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए इंजीनियरों और अनुभागीय अधिकारियों द्वारा लगातार निरीक्षण किया जा रहा है। कार्य को जल्द पूरा कराने के लिए अनुबंधित एजेंसी विभागीय अधिकारियों के मार्गदर्शन में लगातार काम कर रही है।

    संयुक्त जिला कार्यालय भवन से प्रशासनिक कार्यों में समन्वय बढ़ने, नागरिक सुविधाओं में सुधार और शासकीय सेवाओं को सरल, पारदर्शी एवं समयबद्ध बनाने में मदद मिलेगी। नवीन जिले की जरूरतों के अनुरूप तैयार हो रही यह अधोसंरचना सक्ती के दीर्घकालीन विकास और नागरिक-केंद्रित प्रशासन को मजबूती प्रदान करेगी।

  • मुख्यमंत्री नोनी-बाबू मेधावी शिक्षा सहायता से सपने को मिला पंख

    मुख्यमंत्री नोनी-बाबू मेधावी शिक्षा सहायता से सपने को मिला पंख

    रायपुर

    आर्थिक सहयोग मिले तो प्रतिभा को आगे बढ़ने का अवसर मिलता है। सक्ती जिले के डभरा विकासखंड के ग्राम किरारी की शिवानी साहू की कहानी इसकी मिसाल है। श्रम विभाग की मुख्यमंत्री नोनी-बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना से शिवानी को उच्च शिक्षा के लिए 45 हजार रुपये की आर्थिक सहायता मिली है। इससे उनकी पढ़ाई जारी रखने में परिवार को मदद मिली और नर्स बनने के उनके सपने को नई दिशा मिली।

    शिवानी,  टंकेश्वर साहू और मती गोमती साहू की बेटी हैं। उन्होंने भविष्य में स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में करियर बनाने के उद्देश्य से बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई चुनी है। वर्तमान में वे नर्सिंग की शिक्षा प्राप्त कर रही हैं। वर्ष 2025-26 में योजना के तहत उन्हें 45 हजार रुपये की सहायता सीधे बैंक खाते में डीबीटी के माध्यम से दी गई। इस राशि से पढ़ाई से जुड़े खर्चों में परिवार को आर्थिक संबल मिला।

    शिवानी का कहना है कि शासन से मिली सहायता ने उन्हें बिना आर्थिक चिंता के पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रोत्साहित किया है। वे नर्सिंग की पढ़ाई पूरी कर कुशल नर्स बनना चाहती हैं और स्वास्थ्य सेवाओं के माध्यम से जरूरतमंद लोगों की सेवा करना चाहती हैं।

    शिवानी ने प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय के प्रति आभार जताया। छत्तीसगढ़ सरकार की योजनाएं श्रमिक परिवारों के बच्चों को शिक्षा और बेहतर भविष्य की राह पर आगे बढ़ने में मददगार बन रही हैं।

  • रील्स की चमक बढ़ाने में जुटीं शिक्षिका! छात्रों से लाइक और फॉलो कराने का आरोप

    रील्स की चमक बढ़ाने में जुटीं शिक्षिका! छात्रों से लाइक और फॉलो कराने का आरोप

     बिलासपुर

     सरकंडा स्थित आत्मानंद शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में विवादों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब विद्यालय की एक शिक्षिका द्वारा इंटरनेट मीडिया पर अपनी रील के व्यूज बढ़ाने के लिए छात्रों से लाइक और फालो कराने का गंभीर मामला सामने आया है। कभी नकल, कभी मजदूरी तो कभी छेड़छाड़ जैसे मामलों से घिरे इस विद्यालय की साख पर एक बार फिर बट्टा लगा है।

    सरकंडा आत्मानंद स्कूल में शैक्षणिक मर्यादा तार-तार हो रही है। ताजा मामले के अनुसार, विद्यालय की एक शिक्षिका अपनी इंटरनेट मीडिया रील्स को वायरल करने और फालोअर्स बढ़ाने के लिए अध्ययनरत स्कूली बच्चों का सहारा ले रही हैं।

    आरोप है कि शिक्षिका छात्रों पर अपनी आइडी लाइक और फालो करने का अनुचित दबाव बनाती हैं। कुछ जागरूक विद्यार्थियों ने पढ़ाई में व्यवधान का हवाला देते हुए अन्य शिक्षकों व प्राचार्य से इसकी शिकायत दर्ज कराई, लेकिन प्रबंधन ने मामले को दबाने का प्रयास किया। विद्यालय परिसर में विद्यार्थियों के मोबाइल लाने पर पूर्ण प्रतिबंध का नियम लागू है, इसके बावजूद रील और फालो के चक्कर में बच्चे खुलेआम मोबाइल लेकर पहुंच रहे हैं।

     

  • बफर जोन पर्यटन से स्थानीय समुदायों को मिल रहे रोजगार और आजीविका के अवसर

    बफर जोन पर्यटन से स्थानीय समुदायों को मिल रहे रोजगार और आजीविका के अवसर

    भोपाल
    बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में वन्यजीव पर्यटन को लेकर पर्यटकों का उत्साह लगातार बना हुआ है। यहां कोर जोन के साथ बफर जोन पर्यटन भी जोर पकड़ रहा है। मानसून के दौरान कोर जोन में सफारी बंद रहने की वजह से बफर क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों का चलन शुरू किया गया। यह प्रयोग इतना उत्साहवर्धक रहा कि पर्यटन सत्र 2026-27 के शुरुआती 100 दिनों में परासी और पचपेड़ी बफर जोन में वन्यजीवों को नजदीक से रूबरू देखने इस साल 1 जुलाई से 8 अक्टूबर तक 802 वाहनों से कुल 3,780 पर्यटक आये। इनमें 3,758 भारतीय और 22 विदेशी पर्यटक शामिल हैं। मानसून के दौरान शुरू हुआ ये सिलसिला अब तक जारी है।

    परासी बफर जोन में 550 वाहनों से 2,588 पर्यटक पहुंचे, जबकि पचपेड़ी बफर जोन में 252 वाहनों से 1,192 पर्यटकों ने जंगल सफारी की। दोनों पर्यटन गेट्स पर पर्यटकों की अच्छी उपस्थिति रही। आंकड़ों पर नजर डालें तो जुलाई में 243 वाहनों से 1,109, अगस्त में 265 वाहनों से 1,247 और सितंबर में 168 वाहनों से 780 पर्यटकों ने बफर जोन का भ्रमण किया। वहीं, एक से आठ अक्टूबर तक 126 वाहनों से 644 पर्यटक जंगल सफारी के लिए पहुंचे। इस अवधि में अगस्त माह में सर्वाधिक पर्यटक आए।

    प्राकृतिक परिवेश में वन्यप्राणियों को देखने का अवसर
    बांधवगढ़ के बफर जोन में पर्यटकों को बाघ सहित अन्य वन्यप्राणियों को उनके प्राकृतिक परिवेश में देखने का अवसर मिल रहा है। जंगल की प्राकृतिक सुंदरता और जैव विविधता पर्यटकों के आकर्षण को बढ़ा रही है। यहां मानव और वन्यप्राणियों के सह-अस्तित्व की झलक भी देखने को मिलती है, जिससे पर्यटक प्रकृति को करीब से जानने और समझने का अनुभव प्राप्त कर रहे हैं। देशी और विदेशी पर्यटक यहां पहुंचकर वन्यप्राणियों के दीदार के साथ जंगल की प्राकृतिक सुंदरता का आनंद ले रहे हैं।

    पर्यटन से स्थानीय आजीविका को मिल रहा बढ़ावा
    परासी और पचपेड़ी बफर जोन में पर्यटकों को बाघ सहित अन्य वन्यप्राणियों के नियमित दीदार हो रहे हैं, जिससे उनका उत्साह बना हुआ है। बफर क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों के संचालन से स्थानीय समुदायों को रोजगार और आजीविका के अवसर मिल रहे हैं। साथ ही, इन गतिविधियों से वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने में भी मदद मिल रही है। अक्टूबर से कोर जोन में पर्यटन शुरू होने के बाद भी बफर जोन में जंगल सफारी के प्रति पर्यटकों का उत्साह बरकरार है।