गांव से ग्लोबल तक की यात्रा है प्रधानमंत्री मोदी की 25 वर्षों की सेवा: मुख्यमंत्री योगी
राज्यसभा चुनाव पर मुख्यमंत्री बोले- फिर 80-20 की लड़ाई, 80 फीसदी एनडीए और 20 फीसदी पीडीए
पटेल पार्क में सेवा ज्योति यात्रा-विकसित भारत संकल्प सभा को मुख्यमंत्री योगी ने किया संबोधित
सात अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री बने थे मोदी, मुख्यमंत्री योगी बोले- 25 वर्षों की यात्रा ने भारत को दी नई पहचान
2047 तक विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने का आह्वान, सेवा ज्योति लेकर विधानसभा क्षेत्रों में जाएंगे कार्यकर्ता
फ्रैजाइल-5 से टॉप-5 में पहुंचा भारत, स्टार्टअप की संख्या ढाई लाख के पार : मुख्यमंत्री योगी
सेमीकंडक्टर से डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग तक आत्मनिर्भर हो रहा भारत, 12 से अधिक बड़े चिप उद्योगों का किया उल्लेख
यूपी में वन डिस्ट्रिक्ट वन माफिया की जगह अब मेडिकल कॉलेज, ओडीओपी और कुजीन बनी पहचान
डिजिटल इंडिया का मजाक उड़ाने वालों को जवाब, बोले- डीबीटी से अब पूरा पैसा पहुंच रहा लाभार्थियों के खाते में
लखनऊ
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्षों को गांव से ग्लोबल और जनसेवा से राष्ट्र सेवा की यात्रा बताया। बुधवार को हजरतगंज स्थित पटेल पार्क में सेवा ज्योति यात्रा-विकसित भारत संकल्प सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि गुजरात के एक छोटे से गांव से निकले एक सामान्य कार्यकर्ता ने वैश्विक स्तर पर भारत को नई पहचान दी है। गुजरात के मुख्यमंत्री से लेकर देश के प्रधानमंत्री तक 25 वर्षों की यह यात्रा देश के प्रत्येक नागरिक के जीवन में परिवर्तन की यात्रा है। उन्होंने 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए इस यात्रा को आगे बढ़ाने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि सात अक्टूबर 2001 को नरेंद्र मोदी ने गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में पद और गोपनीयता की शपथ ली थी। उस समय गुजरात भीषण आपदा से जूझ रहा था और समाज व राष्ट्र विरोधी तत्व अव्यवस्था पैदा करना चाहते थे। इन परिस्थितियों में उन्होंने गुजरात की कमान संभाली और उसे मॉडल स्टेट के रूप में देश-दुनिया के सामने प्रस्तुत किया। प्रधानमंत्री के रूप में पिछले 12 वर्षों में भारत को समर्थ और सशक्त राष्ट्र के रूप में आगे बढ़ाया।
उन्होंने कहा कि यह अद्भुत संयोग है कि नरेंद्र मोदी ने जब गुजरात के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली, तब लखनऊ के सांसद अटल बिहारी वाजपेयी देश के प्रधानमंत्री थे। आज नरेंद्र मोदी वाराणसी के सांसद के रूप में देश का नेतृत्व कर रहे हैं।
हर वर्ग के जीवन में परिवर्तन की यात्रा
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि यह 25 वर्षों की यात्रा हर बहन को सुरक्षा की गारंटी देने, अन्नदाता किसान के जीवन में खुशहाली लाने और युवाओं के लिए रोजगार की संभावनाएं मजबूत करने की यात्रा है। 12 वर्ष पहले भारत की गिनती फ्रैजाइल-5 में होती थी, जबकि आज देश टॉप-5 अर्थव्यवस्थाओं में स्थान बना चुका है। कभी देश में कुछ हजार स्टार्टअप थे, आज इनकी संख्या ढाई लाख से अधिक है। मिशन रोजगार के तहत युवाओं के लिए नौकरी, रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध हो रहे हैं।
कनेक्टिविटी ने बदली देश की तस्वीर
मुख्यमंत्री योगी ने रेलवे के विद्युतीकरण, ब्रॉड गेज और ईस्टर्न व वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि वंदे भारत, अमृत भारत और नमो भारत के रूप में रेलवे विश्वस्तरीय सुविधाओं के साथ आगे बढ़ रहा है। एयरपोर्ट की संख्या बढ़ी है। हाईवे और एक्सप्रेसवे का नेटवर्क तैयार हुआ है और यूपी में इनलैंड वॉटरवे की सुविधा भी मिली है।
चिप से डिफेंस तक बढ़ी आत्मनिर्भरता
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि एक समय भारत एक चिप के लिए दुनिया पर निर्भर था। आज देश में सेमीकंडक्टर के 12 से अधिक बड़े उद्योग या तो क्रियाशील हो चुके हैं या उनमें भारी निवेश हो रहा है। भारत चिप निर्यात की दिशा में आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहा है। रक्षा क्षेत्र में भी देश अब हजारों करोड़ रुपये के डिफेंस उत्पाद दुनिया के देशों तक पहुंचा रहा है। उन्होंने कहा कि एम्स की संख्या छह से बढ़कर 23 तक पहुंची है। आईआईटी, आईआईएम और इमर्जिंग टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में भी अवसर बढ़े हैं।
यूपी की पहचान में आया बदलाव
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि यूपी में कभी ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन माफिया’ सत्ता के समानांतर अराजकता पैदा करता था। अब ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन मेडिकल कॉलेज’, ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ और ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन कुजीन’ प्रदेश की पहचान हैं। हुनरमंद कारीगर और हस्तशिल्पी को उद्यमी बनाने का काम हो रहा है।
डिजिटल इंडिया और जनधन खातों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इन योजनाओं का कभी मजाक उड़ाया गया था। उन्होंने इसे कांग्रेस और इंडी गठबंधन की बेईमानी पर प्रहार बताया। कहा कि आज डीबीटी के जरिए दिल्ली और लखनऊ से भेजा गया पैसा सीधे गरीब, महिला, किसान, युवा और श्रमिक के खाते में पहुंच रहा है। उन्होंने 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन और मुफ्त रसोई गैस कनेक्शन का भी उल्लेख किया।
फिर 80-20 की लड़ाई : मुख्यमंत्री योगी
मुख्यमंत्री योगी ने अपने संबोधन के आखिर में उत्तर प्रदेश के राज्यसभा चुनाव को विधानसभा चुनाव से जोड़ा। उन्होंने कहा, “कल उत्तर प्रदेश के राज्यसभा के चुनाव ने बता दिया है कि विधानसभा का चुनाव परिणाम क्या होने जा रहा है।” इसके बाद उन्होंने कहा, “यह लड़ाई 80-20 की फिर आ गई है। 80 फीसदी एनडीए में और 20 फीसदी पीडीए में। पीडीए का क्या हाल होने वाला है, यह आपके सामने फिर आने वाला है।”
सेवा ज्योति लेकर विधानसभा क्षेत्रों में जाएंगे कार्यकर्ता
मुख्यमंत्री योगी ने कार्यकर्ताओं से सेवा ज्योति को अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों तक ले जाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के जनसेवा से राष्ट्र सेवा के 25 वर्षों की यात्रा को जनता के बीच पहुंचाने के साथ विकसित भारत के संकल्प से लोगों को जोड़ना है। वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को लेकर इस अभियान को आगे बढ़ाया जाएगा।
पीएम मोदी ने देश का कायाकल्प किया : ब्रजेश पाठक
उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की अविरल सेवा के 25 वर्ष पूरे हुए हैं। इन वर्षों में उन्होंने देश का कायाकल्प किया है। विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए देश का हर वर्ग आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी के नेतृत्व और प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश पानी, बिजली, स्कूल, अस्पताल, विश्वविद्यालय, इंफ्रास्ट्रक्चर और कानून व्यवस्था के क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है।
‘जन सेवा से देश सेवा’ प्रदर्शनी का किया अवलोकन
संबोधन से पहले मुख्यमंत्री योगी ने ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 वर्षों के कार्यों पर आधारित ‘जन सेवा से देश सेवा’ प्रदर्शनी का अवलोकन किया। प्रदर्शनी में उत्तर प्रदेश में केंद्र सरकार की योजनाओं के सफल क्रियान्वयन को दर्शाया गया। मुख्यमंत्री ने सेवा ज्योति की स्थापना भी की।
कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, मेधा कुलकर्णी, सांसद संजय सेठ व बृजलाल, महापौर सुषमा खर्कवाल, डॉ. महेंद्र सिंह, पंकज सिंह समेत जनप्रतिनिधि और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
Author: NewseDay
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फ्रैजाइल-5 से टॉप-5 में पहुंचा भारत, स्टार्टअप की संख्या ढाई लाख के पार : मुख्यमंत्री योगी
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शादी के बाद दुल्हन की खुली पोल, PCS अफसर बताकर रचाई शादी; दस्तावेजों में उम्र भी बदली
फतेहगढ़ साहिब
शादी के लिए जब कोई अपनी पहचान, उम्र और नौकरी के बारे में बड़ी-बड़ी बातें बताए तो सामने वाला उस पर भरोसा कर ही लेता है. लेकिन पंजाब के फतेहगढ़ साहिब में एक शादी के बाद ऐसा मामला सामने आया है, जहां पति का आरोप है कि जिस महिला को शादी से पहले कुंवारी और PCS अधिकारी बताया गया था, उसकी उम्र और पहचान को लेकर भी बड़ा खेल किया गया. शिकायत में आरोप है कि महिला की जन्मतिथि से जुड़े दस्तावेजों में कथित तौर पर बदलाव कर उम्र करीब 12 साल कम दिखाई गई।पति का दावा है कि शादी के बाद जब उसे पत्नी की वास्तविक पहचान और पिछली जिंदगी को लेकर संदेह हुआ तो उसने जानकारी जुटानी शुरू की. इसी दौरान महिला के पहले से तलाकशुदा होने और एक बच्चे की मां होने की बात सामने आने का आरोप लगाया गया. इसके बाद दस्तावेजों की जांच का सिलसिला शुरू हुआ तो जन्म प्रमाण पत्र, आधार कार्ड और पैन कार्ड में बदलाव का मामला भी सामने आया. मामला फतेहगढ़ साहिब थाना क्षेत्र का है. पुलिस ने शिकायत के आधार पर महिला समेत छह लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है. हालांकि, अभी किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है और पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
शादी के लिए बताई गई थी PCS अधिकारी और अविवाहित
शिकायतकर्ता अमनिंदर सिंह, निवासी गांव मंडोफल, के मुताबिक शादी से पहले उन्हें मनविंदर कौर के बारे में बताया गया था कि वह अविवाहित हैं और PCS अधिकारी के तौर पर काम करती हैं. इसी जानकारी के आधार पर दोनों का रिश्ता तय हुआ और 10 फरवरी 2026 को शादी हुई. अमनिंदर सिंह का आरोप है कि शादी से पहले महिला और उसके परिवार की ओर से उसकी वास्तविक वैवाहिक स्थिति और पेशे से जुड़ी जानकारी छिपाई गई थी. उस समय उन्हें यह जानकारी नहीं थी कि महिला की पहले भी शादी हो चुकी है. शादी के बाद जब कुछ परिस्थितियों को लेकर संदेह पैदा हुआ तो उन्होंने महिला के बारे में जानकारी जुटानी शुरू की. यहीं से इस पूरी कहानी में एक के बाद एक नए सवाल सामने आने का दावा किया गया।
पहले शादीशुदा होने का राज खुला
अमनिंदर सिंह के अनुसार, पड़ताल में उन्हें जानकारी मिली कि महिला पहले से तलाकशुदा है और उसका एक बच्चा भी है. यानी जिस महिला को शादी से पहले कुंवारी बताया गया था, उसकी पिछली शादी की जानकारी कथित रूप से छिपाई गई थी. इसके बाद अमनिंदर सिंह ने महिला के सरकारी पद और दस्तावेजों की भी पड़ताल शुरू की. शिकायत में दावा किया गया कि महिला PCS अधिकारी नहीं थी. इससे शादी के लिए बताई गई पहचान पर सवाल खड़े हो गए. लेकिन मामला यहीं खत्म नहीं हुआ।जवान दिखने के लिए 12 साल कम करने का आरोप
शिकायत में सबसे चौंकाने वाला आरोप महिला की उम्र को लेकर है. फतेहगढ़ साहिब के डीएसपी कुलबीर सिंह संधू के अनुसार, अमनिंदर सिंह की शिकायत में आरोप लगाया गया है कि महिला ने अपनी उम्र कम दिखाने के लिए जन्म प्रमाण पत्र से जुड़े दस्तावेजों में बदलाव करवाया. शिकायत में वर्ष 1980 से 1992 तक जन्मतिथि से संबंधित बदलाव का आरोप लगाया गया है. यही वजह है कि अब पुलिस के सामने सबसे अहम सवाल यह है कि महिला की वास्तविक जन्मतिथि क्या है और सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज जन्मतिथि में कथित बदलाव किस स्तर पर और किस आधार पर हुआ. पुलिस जन्म प्रमाण पत्र से जुड़े रिकॉर्ड की जांच कर सकती है और यह भी पता लगा सकती है कि संबंधित दस्तावेज कब जारी हुए थे तथा बाद में उनमें कोई संशोधन कराया गया या नहीं।आधार और PAN में भी बदलाव का आरोप
जन्म प्रमाण पत्र के साथ-साथ शिकायत में आधार कार्ड और PAN कार्ड में भी कथित तौर पर बदलाव कराने का आरोप लगाया गया है. अमनिंदर सिंह का कहना है कि महिला ने अपनी पहचान और उम्र से संबंधित जानकारी बदलने के लिए इन दस्तावेजों में संशोधन करवाया. शादी के मामले में दूसरा बड़ा सवाल PCS अधिकारी होने के दावे को लेकर है. अमनिंदर सिंह का आरोप है कि महिला को PCS अधिकारी बताया गया था. इसी पहचान के आधार पर शादी तय हुई. लेकिन बाद में शिकायतकर्ता को पता चला कि महिला किसी सरकारी पद या PCS अधिकारी के तौर पर कार्यरत नहीं थी. अब पुलिस यह पता लगाने की कोशिश करेगी कि महिला ने खुद को PCS अधिकारी बताया था या उसके परिवार के किसी सदस्य ने उसकी ऐसी पहचान बताकर रिश्ता तय कराया था. यदि किसी सरकारी पद का झूठा दावा कर शादी तय कराने की बात जांच में सामने आती है तो यह मामले का महत्वपूर्ण हिस्सा बन सकता है।10 फरवरी को हुई थी शादी
शिकायत के अनुसार, अमनिंदर सिंह और मनविंदर कौर की शादी 10 फरवरी 2026 को हुई थी. शादी के समय शिकायतकर्ता को महिला की उम्र, वैवाहिक स्थिति और नौकरी के बारे में जो जानकारी दी गई, बाद में उसी पर सवाल उठने लगे. शिकायतकर्ता का आरोप है कि यदि उसे पहले ही महिला की वास्तविक उम्र, पूर्व विवाह और बच्चे के बारे में जानकारी होती तो वह शादी का फैसला अलग तरीके से ले सकता था।छह लोगों पर मामला दर्ज
फतेहगढ़ साहिब पुलिस ने जांच के बाद महिला समेत छह लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है. पुलिस के मुताबिक आरोपियों में मनविंदर कौर, उसका भाई तरलोचन सिंह, मां अमरजीत कौर, ताऊ का बेटा नरेंद्र सिंह, भाभी बरुपिंदर कौर और तरनतारन जिले के गांव सुरसिंह, थाना भिक्खीविंड निवासी पूर्व सरपंच सुखमंदर सिंह राणा शामिल हैं. पुलिस का कहना है कि मामले में अभी किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है. जांच के दौरान दस्तावेजों की सत्यता, महिला की वास्तविक उम्र, वैवाहिक स्थिति, PCS अधिकारी होने के दावे और शादी से पहले दी गई जानकारी समेत तमाम पहलुओं की जांच की जाएगी।घर से सामान और सोना ले जाने का भी आरोप
अमनिंदर सिंह ने एक अन्य आरोप यह भी लगाया है कि महिला शादी के बाद घर से जाते समय कुछ सोना और अन्य सामान अपने साथ लेकर गई. इस आरोप की भी पुलिस जांच कर रही है. अब जांच में यह देखा जाएगा कि कथित तौर पर कौन सा सामान ले जाया गया, उसका स्वामित्व किसका था और इस संबंध में शिकायतकर्ता के पास क्या साक्ष्य मौजूद हैं. मामला सामने आने के बाद पुलिस ने लोगों से सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने से बचने की अपील की है. डीएसपी कुलबीर सिंह संधू ने कहा है कि यदि कोई व्यक्ति इस मामले को लेकर फर्जी अफवाह फैलाता है, जाली खबर तैयार करता है या बिना पुष्टि के उसे आगे फॉरवर्ड करता है तो उसके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जा सकती है. पुलिस की यह चेतावनी इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि ऐसे मामलों में जांच पूरी होने से पहले सोशल मीडिया पर कई तरह के दावे वायरल होने लगते हैं। -

कवर्धा-बेमेतरा रोड पर पशुओं का जमावड़ा देख विजय शर्मा सख्त, अधिकारियों की लगाई क्लास
कवर्धा-बेमेतरा मार्ग पर पशुओं को देख उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने अधिकारियों को लगाई फटकार
देर रात हाइवे पेट्रोलिंग वाहन बुलाकर मौके पर ही ली रेस्क्यू और नियमित निरीक्षण की जानकारी
सड़क पर गौवंश की सुरक्षा और दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए नियमित पेट्रोलिंग के सख्त निर्देश
रायपुर,
कवर्धा-बेमेतरा मार्ग पर सड़क के बीच पशुओं को बैठे देखकर उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक विजय शर्मा ने गंभीर नाराजगी जताई। कवर्धा जाते समय सड़क पर पशुओं को देखकर उन्होंने बेमेतरा टोल प्लाजा के पास मंगलवार को देर रात अपना वाहन रुकवाया और तत्काल विभागीय अधिकारियों से मोबाइल पर बात कर हाइवे पेट्रोलिंग व्यवस्था की जानकारी ली।उप मुख्यमंत्री शर्मा ने अधिकारियों से सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में लिए गए निर्णय के अनुरूप पेट्रोलिंग वाहन द्वारा किए जा रहे नियमित निरीक्षण के संबंध में पूछा। अधिकारियों ने बताया कि हाइवे पेट्रोलिंग वाहन द्वारा लगातार निरीक्षण किया जा रहा है। इस पर शर्मा ने पेट्रोलिंग वाहन को मौके पर बुलवाया और अब तक किए गए पशु रेस्क्यू ऑपरेशन के साथ ही प्रतिदिन किए जा रहे निरीक्षण एवं अन्य कार्यों की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कवर्धा से बेमेतरा तक पड़ने वाले ग्रामों के स्थानीय लोगों के माध्यम से पेट्रोलिंग वाहन की गतिविधियों की नियमित जानकारी ली जाए।
सड़क पर पशुओं की मौजूदगी को लेकर उप मुख्यमंत्री शर्मा ने विभागीय अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि हाइवे पर नियमित पेट्रोलिंग सुनिश्चित की जाए और सड़क पर बैठे अथवा विचरण कर रहे पशुओं को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने की कार्रवाई तत्परता से की जाए। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
शर्मा ने कहा कि सड़क पर पशुओं के रहने से न केवल गौवंश की जान को खतरा रहता है, बल्कि वाहन चालकों और यात्रियों के लिए भी गंभीर दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। विशेषकर रात्रि के समय दृश्यता कम होने के कारण दुर्घटना का खतरा और बढ़ जाता है। इसलिए पेट्रोलिंग दल लगातार मार्ग का निरीक्षण करे और पशुओं के दिखाई देते ही उन्हें सुरक्षित तरीके से सड़क से हटाया जाए।
उप मुख्यमंत्री शर्मा ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि सड़क सुरक्षा और गौवंश की रक्षा के कार्य में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने पेट्रोलिंग व्यवस्था को प्रभावी बनाने और इसकी नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।
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Dussehra 2026: कब मनाई जाएगी विजयादशमी? जानें रावण दहन का सही मुहूर्त और महत्व
Dussehra 2026: हिंदू धर्म में दशहरा यानी विजयादशमी को बेहद शुभ पर्व माना जाता है. यह दिन सिर्फ रावण दहन तक सीमित नहीं है, बल्कि इसे अधर्म पर धर्म और बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक के तौर पर मनाया जाता है. देश के अलग-अलग हिस्सों में इस दिन रामलीला, रावण दहन, शस्त्र पूजा और विशेष धार्मिक अनुष्ठान किए जाते हैं. साल 2026 में दशहरा किस दिन मनाया जाएगा और इस दिन कौन से शुभ मुहूर्त रहेंगे, आइए जानते हैं।
दशहरा 2026 कब है?
पंचांग के अनुसार, साल 2026 में विजयादशमी यानी दशहरा 20 अक्टूबर, मंगलवार को मनाया जाएगा. आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि 20 अक्टूबर को दोपहर 12:50 बजे शुरू होगी और 21 अक्टूबर को दोपहर 2:11 बजे समाप्त होगी. इसी वजह से उदया तिथि के अनुसार 20 अक्टूबर को विजयादशमी मनाई जाएगी।दशहरा 2026 का विजय मुहूर्त
विजयादशमी के दिन पूजा और शुभ कार्यों के लिए विजय मुहूर्त का विशेष महत्व माना जाता है. 20 अक्टूबर 2026 को विजय मुहूर्त दोपहर 1:59 बजे से 2:45 बजे तक रहेगा. वहीं अपराह्न पूजा का समय दोपहर 1:14 बजे से 3:30 बजे तक बताया गया है. इन समयों में पूजा, शस्त्र पूजन और अन्य शुभ धार्मिक कार्य किए जा सकते हैं।रावण दहन कब किया जाएगा?
दशहरे पर रावण, कुंभकरण और मेघनाद के पुतलों का दहन करने की परंपरा है. आमतौर पर रावण दहन सूर्यास्त के बाद प्रदोष काल में किया जाता है. हालांकि, रावण दहन का स्थानीय समय शहर और आयोजन स्थल के अनुसार अलग-अलग हो सकता है, इसलिए स्थानीय पंचांग या आयोजन की जानकारी देखना बेहतर रहेगा।दशहरा क्यों मनाया जाता है?
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, विजयादशमी के दिन भगवान श्रीराम ने लंकापति रावण का वध किया था. राम और रावण के बीच युद्ध के बाद श्रीराम की विजय को धर्म की अधर्म पर जीत के रूप में देखा जाता है. इसी घटना की याद में देशभर में रामलीला का आयोजन और रावण दहन किया जाता है।दशहरा की एक अन्य प्रमुख धार्मिक मान्यता देवी दुर्गा से जुड़ी है. कई परंपराओं में इस दिन को मां दुर्गा द्वारा महिषासुर के वध और बुराई पर शक्ति की विजय से भी जोड़ा जाता है. इस तरह विजयादशमी दो प्रमुख धार्मिक कथाओं के जरिए अच्छाई और धर्म की स्थापना का संदेश देती है।
रावण के दस सिर किसका प्रतीक हैं?
रावण के दस सिरों को कई धार्मिक व्याख्याओं में मनुष्य के भीतर मौजूद नकारात्मक प्रवृत्तियों का प्रतीक माना जाता है. इनमें काम, क्रोध, लोभ, मोह, अहंकार, ईर्ष्या, द्वेष और अन्य बुरी प्रवृत्तियों को शामिल किया जाता है।रावण दहन का संदेश केवल किसी पुतले को जलाने तक सीमित नहीं माना जाता, बल्कि इसे अपने भीतर की नकारात्मकता और बुरी आदतों को खत्म करने के संकल्प से भी जोड़ा जाता है।
2026 में दशहरा क्यों खास है?
साल 2026 में दशहरा के दिन श्रवण नक्षत्र का भी संयोग बन रहा है. पंचांग के अनुसार यह नक्षत्र 19 अक्टूबर की दोपहर से शुरू होकर 20 अक्टूबर की शाम तक रहेगा. धार्मिक मान्यताओं में श्रवण नक्षत्र को शुभ माना जाता है.इसलिए विजयादशमी का दिन पूजा-पाठ, शस्त्र पूजन और सकारात्मक कार्यों के लिए विशेष माना जा रहा है। -

PM मोदी ने दिखाया विकसित भारत का रोडमैप, बोले- ‘न रुकूंगा, न थकूंगा, न पथ से डिगुंगा’
नई दिल्ली
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनसेवा में 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य पर विकसित भारत संकल्प सभा को संबोधित किया. उन्होंने कहा कि हम अपनी आंखों के सामने भारत को विकसित होते देखेंगे. अब हमें यह तय करना है कि उस लक्ष्य तक पहुंचने के लिए आज से क्या करना होगा. पीएम मोदी ने कहा कि राष्ट्र प्रथम उनका संकल्प है और वे तब तक रुकेंगे नहीं जब तक भारत विकसित नहीं हो जाता. उन्होंने अपने जीवन को देश के लिए समर्पित बताया।
पीएम मोदी ने कहा कि देश आज हर वह कदम उठा रहा है जो विकसित भारत के लिए जरूरी है. उन्होंने कहा, हमारे सामने मुश्किलें हैं लेकिन हमारे पास 140 करोड़ समाधान भी हैं। उन्होंने कहा कि भारत 140 करोड़ सपनों का देश है और देश में सामर्थ्य की कोई कमी नहीं है. पीएम मोदी ने कहा, 'हमें आजादी मिली जब देश के लोगों ने जान दी. अब हमें विकसित भारत के लिए जीना है।
पीएम मोदी ने कहा कि हमें देश के लिए जीना होगा. उन्होंने कहा, 'मरेंगे तो देश के लिए, जीएंगे तो देश के लिए, भक्ति होगी देश के लिए और क्रिएट करेंगे तो देश के लिए.' उन्होंने कहा कि राष्ट्र प्रथम उनका संकल्प है और राष्ट्र समृद्धि उनका लक्ष्य. उन्होंने कहा, 'कर्म मेरा धर्म होगा, कर्तव्यपरायणता मेरा ध्यान होगा।
पीएम मोदी ने कहा कि स्वयं से वयं तक, उनका जीवन मंत्र रहेगा. जीवन का कण-कण, क्षण-क्षण देश के लिए समर्पित होगा. उन्होंने कहा, 'जब तक भारत विकसित नहीं होगा, तब तक मैं न रुकूंगा, न थकूंगा, न पथ से डिगूंगा।
गौरतलब है कि पीएम मोदी ने सरकार के प्रमुख के तौर पर 25 साल पूरे कर लिए हैं. उन्होंने 7 अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी. इसके बाद 26 मई 2014 को उन्होंने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली. इस तरह मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के तौर पर उन्हें जनसेवा में 25 साल पूरे हो गए हैं।
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8 ठिकानों पर CBI की छापेमारी से गरमाई सियासत, CM मान बोले- ‘कुछ नहीं मिला’
चंडीगढ़.
पंजाब में सीबीआई की बड़ी कार्रवाई हुई है और मुख्यमंत्री भगवंत मान के कैंप ऑफिस में छापेमारी की गई है। इस छापेमारी को लेकर मुख्यमंत्री भगवंत मान का बयान भी सामने आ गया है और उन्होंने कहा है कि उनको जो लोगों से प्यार मिल रहा है, उससे बीजेपी घबरा गई है।
चंडीगढ़ के सेक्टर 2 के हाउस नंबर 50 यानी पंजाब सीएम के कैंप ऑफिस में सीबीआई की छापेमारी हुई है। इसे पंजाब में CBI की बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है। कोठी नंबर 50 में CBI की रेड हुई है। पंजाब कैंप ऑफिस में जांच जारी है और पंजाब में कई ठिकानों पर CBI की कार्रवाई चल रही है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने क्या प्रतिक्रिया दी?
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा, "बीजेपी ने पंजाब चुनावों की तैयारी शुरू कर दी है। मेरे कैंप ऑफिस पर CBI का छापा पड़ा। अब पंजाब सरकार और मुझे बदनाम करने के लिए पंजाब में ED और CBI का गलत इस्तेमाल किया जाएगा। लोगों से मिल रहे प्यार से बीजेपी घबरा गई है।"क्यों हो रही ये कार्रवाई?
पंजाब के मुख्यमंत्री के कैंप ऑफिस, कोठी नंबर 50, सेक्टर-2 में मंगलवार शाम करीब 6 बजे सीबीआई की टीम पहुंची और छापेमारी शुरू की। सीबीआई की टीम दो गाड़ियों में आई थी। उनके साथ एक बस में सीआरपीएफ के जवान भी मौजूद थे। यह कार्रवाई पंजाब में कथित कैश फॉर पोस्टिंग और टेंडर घोटाले से जुड़े भ्रष्टाचार के मामले में की जा रही है। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए इस पूरे मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी थी। कोर्ट ने सीबीआई को जल्द केस दर्ज करने और दो महीने के अंदर जांच रिपोर्ट हाईकोर्ट में पेश करने के निर्देश दिए थे। पंजाब सरकार ने हाईकोर्ट के इस फैसले को चुनौती देते हुए सोमवार देर रात करीब 2 बजे सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। सरकार ने मामले में जल्द सुनवाई की मांग की थी। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होने से पहले ही सीबीआई ने पंजाब में कार्रवाई शुरू कर दी। सीबीआई की कार्रवाई सिर्फ चंडीगढ़ तक सीमित नहीं है। मोहाली के अलावा पंजाब के मुख्यमंत्री के ओएसडी राजवीर घुम्मन के संगरूर जिले के घराचों गांव स्थित घर पर भी सीबीआई की रेड जारी है।अरविंद केजरीवाल का भी सामने आ गया बयान
इस मामले पर आप नेता केजरीवाल ने भी अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट कर कहा, "चुनाव से दो महीने पहले पंजाब के मुख्यमंत्री कार्यालय पर CBI की रेड बीजेपी कि बौखलाहट का नतीजा है। जब से सेंटर में बीजेपी की सरकार आई है उसने पंजाबियों के साथ हमेशा ही धक्का किया है चाहें किसान आंदोलन हो, पंजाब के पानी का मुद्दा हो, पंजाब यूनिवर्सिटी का मुद्दा हो। और अब तो उनके चुने हुए मुख्यमंत्री के साथ भी धक्का कर रही। बीजेपी चुनाव लड़के पंजाब में जीत नहीं सकती तो ED-CBI के सहारे चुनाव लड़ना चाहती है। लेकिन पंजाबियों ने अपना मन बना लिया है और बीजेपी के CBI रेड का जवाब आने वाले चुनाव ने भगवंत मान को 100+ सीटों से जीता कर दोबारा मुख्यमंत्री बनाकर देंगे।"6 के खिलाफ CBI ने दर्ज की FIR
पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट के आदेश और प्रवर्तन निदेशालय (ED) से मिली रिपोर्ट के आधार पर CBI ने पंजाब के मुख्यमंत्री के OSD और उसके साथियों के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच के लिए FIR दर्ज की है। आरोप है कि आरोपी पैसे के बदले अधिकारियों, जिसमें IAS और IPS अधिकारी भी शामिल हैं, की पोस्टिंग और विभागीय कार्रवाई को प्रभावित करते थे। इसके अलावा नीति बनाने, प्रशासनिक मंजूरी, टेंडर की शर्तें, लाइसेंस, जमीन के इस्तेमाल में बदलाव (Land Use Conversion), संपत्ति विवाद और राजस्व व जमीन से जुड़े मामलों में भी दखल देने के आरोप हैं। CBI के मुताबिक, आरोपी सरकारी कर्मचारियों पर यह भी आरोप है कि वे सरकार की ओर से आदेश और नीतियां जारी होने से पहले उनके ड्राफ्ट निजी लोगों को उपलब्ध कराते थे।इस मामले में CBI ने पंजाब के मुख्यमंत्री के OSD राजबीर घुमन, नितिन गोहल, जितिन गोहल उर्फ राजा, रोमी राजा महाजन, बीर देविंदर, आर.एस. नागरा और अज्ञात सरकारी अधिकारियों व निजी लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। FIR में दो सरकारी कर्मचारियों के अलावा बिचौलियों और अन्य सहयोगियों को भी आरोपी बनाया गया है। FIR दर्ज करने के बाद CBI ने चंडीगढ़, मोहाली, गुरदासपुर, लुधियाना, पटियाला, संगरूर और जालंधर में कुल 8 जगहों पर एक साथ छापेमारी की। इस दौरान आरोपियों से जुड़े ठिकानों से लैपटॉप, मोबाइल फोन और कई दस्तावेज बरामद किए गए हैं। CBI इन सामानों की जांच कर रही है ताकि रिश्वतखोरी और अनियमितताओं से जुड़े सबूत जुटाए जा सकें। मामले में आगे की जांच जारी है।
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‘It’s a gone case’… 25 साल की जनसेवा पर PM मोदी का बड़ा बयान, 2014 से पहले की महंगाई पर साधा निशाना
नई दिल्ली
प्रधानमंत्री मोदी ने जनसेवा में 25 साल पूरे कर लिए हैं. इस मौके पर उन्होंने विकसित भारत संकल्प सभा को संबोधित किया. पीएम मोदी ने 2014 से पहले के दौर का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय लोग महंगाई को गॉन केस कहते थे. उन्होंने कहा कि देश को नए उत्साह और नई ऊर्जा की जरूरत थी।
पीएम मोदी ने कहा कि जब उन्होंने सेवा की शुरुआत की, तब संकल्प लिया कि हम करके रहेंगे. आज देश की तस्वीर बदल गई है. उन्होंने कहा कि पहले कोई संकट आता था तो भारत की अर्थव्यवस्था हिल जाती थी लेकिन आज संकट के समय भारत के सामर्थ्य की चर्चा होती है।
उन्होंने कहा कि पहले पॉलिसी पैरालिसिस की चर्चा होती थी, जबकि आज रिफॉर्म एक्सप्रेस की बात होती है. पहले देश में इम्पोर्ट बढ़ाने के रास्ते बनाए जाते थे, लेकिन आ भारत चीज़ों को एक्सपोर्ट कर रहा है।
पीएम मोदी ने खेती में आए बदलाव का भी उदाहरण दिया. उन्होंने कहा कि आजादी के बाद से अब तक 2015 से 2025 तक का दशक क खेती की ग्रोथ के कई रिकॉर्ड तोड़ने वाला रहा है. उन्होंने कहा कि यह तभी संभव होता है जब नीयत साफ हो और नीति स्पष्ट हो. पीएम मोदी ने सबका साथ, सबका विकास को सुशासन का आधार बताया और कहा कि देश को लंबे समय तक राजनीति के हिसाब से बांटा गया।
'भारत अब रुकने वाला नहीं'
उन्होंने कहा कि भारत अब रुकने वाला नहीं है. पीएम मोदी ने भारत के प्राचीन गौरव का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि कभी भारत दुनिया की अर्थव्यवस्था का नेतृत्व करता था, लेकिन गुलामी के दौर में लुटेरों ने देशो को लूटा. जो भारत दुनिया को दिशा दिखाता था, उसके पुस्तकालय तक जला दिए गए. पीएम मोदी ने स्वामी विवेकानंद का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद ने कहा था कि 'एक दिन एक महान भारत का जन्म होगा।गौरतलब है कि पीएम मोदी ने सरकार के प्रमुख के तौर पर 25 साल पूरे कर लिए हैं. उन्होंने 7 अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी. इसके बाद 26 मई 2014 को उन्होंने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली. इस तरह मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के तौर पर उन्हें जनसेवा में 25 साल पूरे हो गए हैं।
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सफलता के लिए सिर्फ मेहनत नहीं, ये 4 स्तंभ भी जरूरी; जानें ज्योतिष की खास सीख
कुछ लोग जब जी-तोड़ मेहनत, कर्म करके थक जाते हैं, तब ज्योतिषी मार्गदर्शकों के पास आते हैं, ताकि वे कुछ उपाय बताकर उनके लिए सफलता का मार्ग प्रशस्त करें। ज्योतिषी उपाय बताते हैं, सफलता के लिए, परन्तु यदि व्यक्ति के अन्दर विपरीत आदतें, अनुशासन की कमी या मनोवांछित पद-प्रतिष्ठा आदि प्राप्ति के लिए योग्यता का अभाव हो, तो सफलता पर प्रश्नचिन्ह लग जाता है, क्योंकि पूर्ण सफलता कभी भी किसी एक कारक का परिणाम नहीं होती।
सफलता के लिए पहला स्तम्भ व्यक्ति की योग्यता है, दूसरा स्तम्भ व्यक्ति की आदतें और अनुशासन, तीसरा स्तम्भ है भाग्य और सही समय तथा चौथा स्तम्भ है ईश्वरीय कृपा और प्रभु का आशीर्वाद। जब जीवन में उपरोक्त चार मुख्य स्तंभ एक साथ सही दिशा में आते हैं, तभी व्यक्ति सफलता के उच्चतम शिखर को छूता है।
पहला स्तंभ, योग्यता
बिना योग्यता के यदि भाग्य से कोई बड़ा अवसर मिल भी जाए, तो व्यक्ति उसे लंबे समय तक संभाल नहीं सकता, योग्यता आपको अवसर को भुनाने के काबिल बनाती है।दूसरा स्तंभ, आदत और अनुशासन
योग्यता होना एक बात है, लेकिन उसे रोज़मर्रा की दिनचर्या में लागू करना आपकी आदतों पर निर्भर करता है। अनुशासित आदतें आपकी योग्यता को बेकार नहीं होने देतीं और आपको सही ट्रैक पर रखकर सफलता दिलाती हैं।तीसरा स्तंभ, भाग्य और सही समय
भाग्य वह द्वार है जो सही समय पर आपके लिए नए अवसर खोलता है। इसे आप सही परिस्थिति, सही समय पर सही लोगों से मुलाकात या अनुकूल वातावरण के रूप में देख सकते हैं।चौथा स्तंभ, ईश्वरीय कृपा और आशीर्वाद
चाहे इसे ईश्वर की कृपा कहें, प्रकृति का संतुलन, या अपनों की शुभकामनाएं, जीवन में कृपा वह अदृश्य सुरक्षा कवच है जो आपको कठिन से कठिन दौर में टूटने नहीं देता। कई बार सब कुछ सही होते हुए भी स्थितियाँ बिगड़ जाती हैं, ऐसे समय में कृपा ही व्यक्ति को संकट से बाहर निकालती है, इसलिए एक इष्ट बनाऐं और नियमित रूप से सफलता के लिए उनका पूजन करें। -

छत्तीसगढ़ में आएगा ₹43,600 करोड़ का विदेशी निवेश! सिंगापुर से लौटे CM साय ने बताई पूरी योजना
रायपुर.
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सिंगापुर के तीन दिवसीय दौरे के बाद छत्तीसगढ़ लौट आए हैं. मुख्यमंत्री 3 से 6 अक्टूबर तक सिंगापुर प्रवास पर थे. रायपुर एयरपोर्ट पहुंचने के बाद उन्होंने मीडिया से चर्चा के दौरान अपने दौरे की जानकारी साझा की.
उन्होंने बताया कि सिंगापुर में आयोजित इंडिया ग्रोथ फोरम 2026 कार्यक्रम में शामिल होकर छत्तीसगढ़ में निवेश की संभावनाओं को उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के सामने रखा गया. इस दौरान प्रदेश में निवेश के लिए 43 हजार 600 करोड़ रुपये के प्रस्ताव मिले हैं. मुख्यमंत्री साय ने बताया कि सिंगापुर के उद्योग जगत से जुड़े कई प्रतिनिधियों के साथ चर्चा हुई और उन्हें छत्तीसगढ़ आने के लिए आमंत्रित किया गया. उन्होंने कहा कि इन निवेश प्रस्तावों से प्रदेश में रोजगार और स्थानीय स्तर पर आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है.
एनर्जी सेक्टर में सबसे बड़ा निवेश प्रस्ताव
मीडिया से चर्चा में सीएम साय ने कहा कि सिंगापुर दौरे के दौरान एनर्जी कैपिटल ग्लोबल की ओर से 41 हजार 750 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव मिला है. वहीं एग्री बिजनेस वैल्यू इंटरनेशनल कंपनी ने करीब 350 करोड़ रुपये निवेश का प्रस्ताव दिया है. इसके अलावा सन स्ट्रीम ग्रीन एनर्जी की ओर से सोलर सेक्टर में करीब 1,500 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव मिला है. कंपनी बैटरी स्टोरेज और उससे जुड़े कंपोनेंट के क्षेत्र में काम करेगी.IT एजुकेशन सर्विस से भी हुआ MOU
मुख्यमंत्री साय ने बताया कि IT एजुकेशन सर्विस के साथ भी MOU हुआ है. उन्होंने संस्था के IT परिसर का भ्रमण किया, जो विश्व प्रसिद्ध कौशल विकास मॉडल है. निवेश प्रस्तावों के प्रदेश में धरातल पर उतरने को लेकर मुख्यमंत्री साय ने कहा कि सरकार जो भी MOU कर रही है, उसे पूरी जांच-परख के बाद कर रही है. उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता को आश्वस्त करना चाहते हैं कि इन समझौतों और प्रस्तावों को धरातल पर उतारा जाएगा और इसका लाभ प्रदेश की जनता को मिलेगा.सेवा ज्योति कार्यक्रम को लेकर भी बोले CM साय
मुख्यमंत्री साय ने बीजेपी के सेवा ज्योति कार्यक्रम को लेकर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर देशभर में सेवा संकल्प अभियान के तहत विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने 7 अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में अपनी जिम्मेदारी संभाली थी. इसी अवसर को लेकर देशभर में 13 तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं. इनमें से एक सेवा ज्योति कार्यक्रम भी है. प्रधानमंत्री आज देशवासियों को संबोधित करेंगे, जिसे सभी जिला मुख्यालयों में सुनेंगे. मुख्यमंत्री ने कहा कि 17 सितंबर को देशवासियों ने दीप जलाकर प्रधानमंत्री को आशीर्वाद दिया था. प्रधानमंत्री मोदी ने ‘सबका साथ, सबका विकास’ के तहत सेवा के क्षेत्र में जो ज्योति जलाई है, उसे आगे बढ़ाने का काम किया जाएगा. -

फ्रांस में क्यों भड़के छात्र? स्कूल बंद, हिंसा के बीच 5 हजार से ज्यादा लोग गिरफ्तार
पेरिस
फ्रांस की सड़कों पर Gen-Z का गुस्सा अब सिर्फ स्कूलों तक सीमित नहीं है। सैकड़ों स्कूलों के बंद होने, छात्रों और पुलिस के बीच टकराव, गिरफ्तारियों और छात्रों के घायल होने की खबरों France Government के सामने बड़ा संकट खड़ा कर दिया है। सवाल ये है कि आखिर France Gen Z इतने बड़े पैमाने पर सड़कों पर क्यों उतर आए हैं? क्या Education System Crisis अब पूरे फ्रांस के Social Crisis में बदल रहा है? छात्रों का विरोध धीरे-धीरे पूरे फ्रांस में फैलता गया। छात्रों की शिकायत है कि स्कूलों में भीड़ बढ़ रही है, शिक्षकों और जरूरी स्टाफ की कमी है और कई स्कूलों की इमारतें जर्जर हालत में हैं। प्रदर्शन बढ़ने के साथ कई जगह Police और छात्रों के बीच टकराव की खबरें भी सामने आई हैं। रिपोर्ट्स में Lens City में स्कूल के पास हुए धमाके में 15 साल के एक छात्र के घायल होने और इससे पहले 14 साल के एक छात्र के Tear Gas Canister से घायल होने की बात सामने आई है। छात्रों की गिरफ्तारियों और घायलों की संख्या को लेकर भी गंभीर आंकड़े सामने आए हैं। लेकिन कहानी सिर्फ छात्रों तक सीमित नहीं है। फ्रांस में शिक्षक, सरकारी कर्मचारी, Firefighters, Healthcare Workers और मछुआरे भी अलग-अलग मुद्दों को लेकर विरोध कर रहे हैं। कहीं Budget और Staff Shortage मुद्दा है, कहीं वेतन और खर्च में कटौती, तो कहीं बढ़ती Fuel Prices का दबाव। फ्रांस की अर्थव्यवस्था पर बढ़ता Debt, Pension और Healthcare का खर्च, Defense Budget का दबाव और Energy Prices में उतार-चढ़ाव सरकार के सामने मुश्किलें बढ़ा रहे हैं। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या स्कूलों से शुरू हुआ ये आंदोलन आने वाले दिनों में फ्रांस के बड़े Social Movement में बदल सकता है?फ्रांस में शिक्षा व्यवस्था को लेकर शुरू हुआ छात्रों का आंदोलन अब सिर्फ स्कूलों तक सीमित नहीं रह गया है.शिक्षकों की कमी, बढ़ती छात्र संख्या, स्कूलों में भीड़, जर्जर इमारतों और संसाधनों की कमी को लेकर शुरू हुआ विरोध अब देशभर में फैल चुका है.हजारों छात्र सड़कों पर उतर रहे हैं और कई जगह पुलिस के साथ उनकी झड़प भी हुई है.हालात इतने बिगड़ चुके हैं कि पुलिस को आंसू गैस के गोले दागने पड़े हैं।
आंदोलन के दौरान कई जगह हिंसा और तोड़फोड़ की घटनाएं सामने आई हैं.लेंस शहर में एक स्कूल के पास हुए धमाके में 15 साल के एक छात्र का हाथ उड़ गया, जिसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया.इससे पहले 14 साल के ईडन नाम के एक छात्र के सिर पर आंसू गैस का गोला लगने की खबर सामने आई थी.उसके जबड़े में दो जगह फ्रैक्चर हुआ और उसे बड़ी सर्जरी से गुजरना पड़ा।
प्रदर्शन के दौरान अब तक कम से कम 190 छात्रों के घायल होने और 5,060 लोगों की गिरफ्तारी की जानकारी सामने आई है.गिरफ्तार लोगों में 87 प्रतिशत नाबालिग बताए गए हैं.ऐसे में यह आंदोलन अब राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों की सरकार के लिए भी बड़ी चुनौती बन गया है।
फ्रांस में छात्रों का यह आंदोलन शिक्षा व्यवस्था में सुधार और स्कूलों के लिए ज्यादा फंडिंग की मांग को लेकर शुरू हुआ है.छात्रों का कहना है कि स्कूलों में बच्चों की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन उनके मुकाबले कक्षाएं, शिक्षक और दूसरी जरूरी सुविधाएं उसी अनुपात में नहीं बढ़ाई गई हैं।
कई स्कूलों में छात्रों की बढ़ती संख्या के कारण भीड़ बढ़ रही है.इसके साथ ही शिक्षकों की कमी और स्कूलों की खराब स्थिति भी छात्रों और शिक्षा कर्मचारियों के लिए बड़ी समस्या बन रही है.इसी वजह से छात्र सरकार से शिक्षा के लिए ज्यादा फंडिंग और स्कूलों में स्टाफ तथा संसाधनों की कमी दूर करने की मांग कर रहे हैं.उत्तरी शहर लिले में प्रदर्शन के दौरान एक प्रदर्शनकारी ने मीडिया से कहा कि हमें उन्हें सुनना चाहिए. यह बात इस आंदोलन की मुख्य मांग को भी सामने रखती है कि सरकार छात्रों और शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं को गंभीरता से सुने।