Category: राज्य

  • राजस्थान को मिलेंगे 18 नए IAS अफसर, UPSC की बैठक में होगा चयन; 9 महीने से अटका प्रमोशन भी चर्चा में

    राजस्थान को मिलेंगे 18 नए IAS अफसर, UPSC की बैठक में होगा चयन; 9 महीने से अटका प्रमोशन भी चर्चा में

    जयपुर
    राजस्थान के प्रशासनिक ढांचे और ब्यूरोक्रेसी में जल्द ही बड़ा बदलाव दिखने वाला है। दरअसल, राज्य प्रशासनिक सेवा (RAS) के 18 वरिष्ठ अधिकारियों की भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के पदों पर पदोन्नति होने जा रही है। इस पदोन्नति प्रक्रिया को अंतिम रूप देने के लिए संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने 23 सितंबर को नई दिल्ली में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक बुलाई है। इस बैठक में राज्य से भेजे गए 54 RAS अधिकारियों के सेवा रिकॉर्ड, वरिष्ठता और गोपनीय रिपोर्ट पर गहन मंथन किया जाएगा। इस बैठक में शामिल होने के लिए राजस्थान के मुख्य सचिव, राज्य सरकार की ओर से नामित एक वरिष्ठ अधिकारी और कार्मिक विभाग के सचिव खुद दिल्ली पहुंचेंगे, जहां आयोग के प्रतिनिधियों के साथ मिलकर अंतिम 18 नामों पर मोहर लगाई जाएगी।

    राजस्थान सरकार की ओर से 54 अधिकारियों के नामों की सूची पहले ही जुलाई के महीने में UPSC को भेजी जा चुकी है। इस सूची में मुख्य रूप से वर्ष 2001 बैच और उसके बाद के वरिष्ठ आरएएस अधिकारियों के नाम शामिल हैं।

    पदोन्नति की प्रक्रिया पूरी होते ही राज्य में नए आईएएस अधिकारियों की कमी दूर होगी और प्रशासनिक कामकाज में तेजी आएगी। हालांकि, दूसरी तरफ गैर-प्रशासकीय सेवा (Non-RAS) से आईएएस बनने की प्रक्रिया पिछले 9 महीनों से अटकी हुई है, जिससे संबंधित विभागों के अधिकारियों में निराशा भी देखने को मिल रही है।

    नियमों के मुताबिक, जितने पदों पर प्रमोशन होना होता है, उससे तीन गुना अधिकारियों के नाम का पैनल UPSC को भेजा जाता है। राजस्थान सरकार ने 18 आईएएस पदों के सापेक्ष 54 वरिष्ठ आरएएस अफसरों का पूरा डोजियर संघ लोक सेवा आयोग को सौंप दिया था।

    इस पदोन्नति प्रक्रिया में साल 2001 बैच और उसके आसपास के बैच के अधिकारियों की किस्मत चमकने वाली है। लंबे समय से पदोन्नति का इंतजार कर रहे इन अधिकारियों का सेवा रिकॉर्ड साफ-सुथरा होने पर उन्हें आईएएस कैडर अलॉट कर दिया जाएगा। 23 की बैठक के बाद जल्द ही इसका नोटिफिकेशन जारी होने की उम्मीद है।

    चयन समिति में कौन-कौन?
    दिल्ली स्थित संघ लोक सेवा आयोग के मुख्यालय में आयोजित होने वाली यह चयन समिति की बैठक बेहद महत्वपूर्ण है। इस बैठक में जो अधिकारी भाग लेंगे, उनमें :

    संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) के प्रतिनिधि या सदस्य

    राज्य सरकार द्वारा मनोनीत वरिष्ठ आईएएस अधिकारी

    कार्मिक विभाग (DOP) राजस्थान के सचिव

    यह समिति 54 अधिकारियों के एपीआर (APR) और विजिलेंस क्लीयरेंस की जांच कर 18 योग्य अधिकारियों के नाम की सिफारिश करेगी।

    9 महीने से अटका 4 IAS पदों पर प्रमोशन
    एक तरफ जहां RAS से IAS बनने की राह आसान हो गई है, वहीं गैर-प्रशासकीय सेवा के अधिकारियों का इंतजार खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। गैर-प्रशासकीय सेवा से आईएएस के 4 पदों पर पदोन्नति को लेकर यूपीएससी ने पिछले साल दिसंबर में ही मंथन पूरा कर लिया था।

    इसके बावजूद राज्य सरकार के स्तर पर अभी तक इस पर अंतिम मंजूरी नहीं मिल पाई है। राज्य के विभिन्न विभागों (जैसे शिक्षा, वाणिज्यिक कर, सहकारिता आदि) के 20 वरिष्ठ अधिकारियों के नाम इन पदों के लिए विचाराधीन थे। सरकार के स्तर पर अंतिम फैसला न होने से 1 और पद पर होने वाली पदोन्नति की प्रक्रिया भी अधर में लटकी हुई है।

    IAS अधिकारियों की कमी होगी दूर
    राजस्थान में 18 नए आईएएस अधिकारियों के मिलने से राज्य सरकार को प्रशासनिक स्तर पर बड़ा संबल मिलेगा। पदोन्नत होने वाले इन अधिकारियों को राज्य के विभिन्न जिलों में कलेक्ट्रेट, संभागीय आयुक्त कार्यालयों या फिर राज्य स्तरीय विभागों में प्रबंध निदेशक और सचिव स्तर की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी जा सकती हैं।

    प्रशासनिक जानकारों का मानना है कि राजस्थान में नए जिलों के गठन और विकास योजनाओं को गति देने के लिए वरिष्ठ और अनुभवी अधिकारियों की आवश्यकता है। ऐसे में आरएएस से आईएएस बनने वाले इन अधिकारियों का लंबा मैदानी अनुभव राज्य सरकार के लिए बेहद फायदेमंद साबित

  • CM सैनी ने जारी किए 1890 करोड़, बुजुर्गों-दिव्यांगों और महिलाओं समेत लाखों लाभार्थियों को मिला लाभ

    CM सैनी ने जारी किए 1890 करोड़, बुजुर्गों-दिव्यांगों और महिलाओं समेत लाखों लाभार्थियों को मिला लाभ

    चंडीगढ़
    हरियाणा में बुजुर्गों और दिव्यांगों की सामाजिक सुरक्षा पेंशन तथा दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना की 11वीं किस्त जारी कर दी गई है।

    इसके अलावा गृहिणियों को गैस सब्सिडी, किसानों को भावांतर भरपाई तथा दयालु योजना के लाभार्थियों को आर्थिक सहायता भी जारी की गई है। उद्योग एवं वाणिज्य विभाग की सात योजनाओं के तहत लाभार्थियों को 311 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि बैंक खातों में डाली गई है।

    मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वीरवार को विभिन्न योजनाओं के तहत 50 लाख 28 हजार 208 पात्र लाभार्थियों के बैंक खातों में 1890 करोड़ 16 लाख रुपये जारी किए।

    दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना के तहत 10 लाख 10 हजार लाभार्थी महिलाओं के खातों में 212 करोड़ 16 लाख रुपये डाले गए हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि 17 सितंबर से 1.80 लाख रुपये तक वार्षिक आय वाले परिवारों को भी इस योजना का लाभ मिलना शुरू हो जाएगा।

    सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री कृष्ण कुमार बेदी के साथ राशि जारी करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि 15 सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के तहत 35 लाख 6 हजार 841 लाभार्थियों के खातों में 1129 करोड़ ट्रांसफर किए। इनमें वृद्धावस्था सम्मान भत्ता, दिव्यांग भत्ता सहित अन्य सामाजिक सुरक्षा पेंशन शामिल हैं।

    एक और बजट घोषणा हुई पूरी
    मुख्यमंत्री की एक और बजट घोषणा वीरवार को पूरी हो गई। एमएसएमई एवं उद्योग निदेशालय की विभिन्न सात योजनाओं के तहत 670 लाभार्थियों को 311 करोड़ 25 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि जारी की गई है।

    इसमें एमएसएमई विभाग की हरियाणा उद्यम एवं रोजगार नीति के तहत 539 लाभार्थियों को 45.44 करोड़ रुपये, लाजिस्टिक्स, वेयरहाउसिंग और रिटेल नीति के तहत चार लाभार्थियों को 9.29 करोड़ रुपये और हरियाणा उद्यम एवं रोजगार नीति के तहत 16 लाभार्थियों को 144.16 करोड़ रुपये शामिल हैं।

    इसके अलावा प्लग एंड प्ले योजना के तहत 10 लाभार्थियों को 24.53 करोड़ रुपये, आत्मनिर्भर टेक्सटाइल नीति के तहत 98 लाभार्थियों को 65.18 करोड़ रुपये, पदमा के तहत दो लाभार्थियों को 20.54 करोड़ रुपये और एमएसई क्लस्टर विकास कार्यक्रम के तहत एक क्लस्टर विकास के लिए 2.11 करोड़ रुपये दिए गए हैं।

  • रेलवे के हेरिटेज होटल की लीज से जुड़ा मामला, लालू यादव पर सहयोगी को फायदा पहुंचाने का आरोप

    रेलवे के हेरिटेज होटल की लीज से जुड़ा मामला, लालू यादव पर सहयोगी को फायदा पहुंचाने का आरोप

     रांची
    रांची रेलवे स्टेशन के समीप स्थित इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन (आईआरसीटीसी) के होटल बीएनआर को तत्कालीन रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव ने अपने करीबी हर्ष कोचर को 60 साल के लीज पर दे दिया था।

    यह रेलवे का हेरिटेज होटल था। इतना ही नहीं, पुरी में भी रेलवे के होटल को लालू प्रसाद ने लीज पर दिया था। हर्ष कोचर पटना के प्रसिद्ध होटल चाणक्य के संचालक हैं।

    बताया जा रहा है कि इसके बदले में लालू परिवार को बेनामी संपत्ति मिली थी। लालू प्रसाद वर्ष 2004 से 2009 के बीच रेल मंत्री थे। इसी कार्यकाल में उन्होंने लीज दिया था। सीबीआई ने केस दर्ज करने के बाद उक्त होटल में छापेमारी भी की थी और जांच में उपरोक्त आरोपों को सत्य पाया था।

    सीबीआई ने जांच में पाया था कि होटल बीएनआर रेलवे की संपत्ति थी, जिसे निजी कंपनी को संचालन का जिम्मा दे दिया गया था।

    ये बने थे आरोपित
    इसके बाद सीबीआई ने आईआरसीटीसी के तत्कालीन एमडी के अलावा तत्कालीन रेल मंत्री लालू प्रसाद, उनकी पत्नी राबड़ी देवी, बेटों तेजस्वी यादव और तेजप्रताप प्रताप यादव व सहयोगी प्रेमचंद गुप्ता को भी आरोपित बनाया था।

    सीबीआई जांच में यह पता चला था कि यह गड़बड़ी कर तत्कालीन रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव ने अपने सहयोगी झारखंड के राज्यसभा सदस्य प्रेमचंद गुप्ता की कंपनी को फायदा पहुंचाया था।

    यह भी जानकारी सामने आई थी कि लीज पहले 30 साल के लिए दिया गया था। बाद में आरोपितों को लाभ पहुंचाने के लिए लीज की अवधि को 30 साल से बढ़ाकर 60 साल कर दिया गया था।

  • कड़ी सुरक्षा में अमृतसर बार चुनाव के लिए मतदान शुरू, 3050 मतदाता चुनेंगे नई कार्यकारिणी

    कड़ी सुरक्षा में अमृतसर बार चुनाव के लिए मतदान शुरू, 3050 मतदाता चुनेंगे नई कार्यकारिणी

    अमृतसर.

    अमृतसर बार एसोसिएशन (एबीए) के चुनाव के लिए कचहरी परिसर पूरी तरह तैयार है। आज होने वाले चुनाव में 3050 से अधिक मतदाता 52 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला करेंगे। मतदान के लिए एबीए कार्यालय में 10 मतदान केंद्र बनाए गए हैं।

    चुनाव को लेकर प्रत्याशियों और उनके समर्थकों ने पूरी ताकत झोंक दी है। अब आज मतदान के साथ ही प्रत्याशियों की मेहनत और उनके समर्थकों की सक्रियता का फैसला मतपेटियों में बंद हो जाएगा।

    प्रधान पद के लिए इन प्रत्याशियों के बीच कांटे की टक्कर
    प्रधान पद पर गुरप्रीत सिंह पनेसर और एएल सयाली के बीच कांटे की टक्कर मानी जा रही है। वहीं तीसरे प्रत्याशी पीएस वालिया भी अपने स्तर पर वोट बैंक मजबूत करने में जुटे हैं। ऐसे में प्रधान पद का मुकाबला काफी रोचक रहने की संभावना है। उपाध्यक्ष पद पर राजदीप सिंह घुमन, अमृतपाल सिंह मोमी और पुनीत शर्मा के बीच त्रिकोणीय मुकाबला है। राजदीप घुमन दोबारा जीत के लिए जोर लगा रहे हैं, जबकि अमृतपाल सिंह मोमी और पुनीत शर्मा भी अपनी स्थिति मजबूत करने में जुटे हैं। महिला उपाध्यक्ष पद पर वरिष्ठ वकील प्रकाशदीप कौर और डीके बेदी के बीच जोरदार भिड़ंत होगी। इनके अलावा शरणपाल कौर संधू और नरेश बाला भी मैदान में हैं।

    सचिव पद के लिए हरसिमरन सिंह और सनप्रीत सिंह मान के बीच कड़ा मुकाबला है। वहीं गुरमीत मान भी दोनों प्रत्याशियों को चुनौती दे रहे हैं। सह सचिव पद पर सौरभ शर्मा, अक्षय जैन, धीरज आनंद, रजनी जोशी और सुनील कुमार के बीच मुकाबला होगा। कोषाध्यक्ष पद पर कपिल शर्मा और राकेश शर्मा आमने-सामने हैं। राकेश शर्मा पहले भी कोषाध्यक्ष रह चुके हैं। लाइब्रेरियन पद पर नरिंदर कौर और सुनैना सोनी के बीच मुकाबला है। वरिष्ठ कार्यकारी पद के लिए सतिंदर छीना, रमन मोंगा, अनुराधा अरोड़ा, गीतांजलि, गगन भाटिया और हरप्रीत ग्रोवर मैदान में हैं। कार्यकारी पदों के लिए अमित अरोड़ा, जतिंदर बेदी, आरके भारद्वाज, आकाश गेंदा, नितिश जैन और अमन कपूर सहित कई प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।

    सुबह नौ से शाम पांच बजे तक मतदान
    रिटर्निंग अफसर राजीव जोशी ने बताया कि आज सुबह नौ बजे से शाम पांच बजे तक मतदान होगा। चुनाव के दौरान सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन को सूचित किया गया है। कचहरी परिसर में 250 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। मतदान के लिए 60 मतपेटियां मंगवाई गई हैं। एबीए कार्यालय में कुल 10 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जहां मतदाता मताधिकार का प्रयोग करेंगे।

  • सचिन पायलट ने संभाली पंजाब कांग्रेस की कमान, बदले सियासी तेवर; चन्नी-रंधावा का रुख हुआ नरम

    सचिन पायलट ने संभाली पंजाब कांग्रेस की कमान, बदले सियासी तेवर; चन्नी-रंधावा का रुख हुआ नरम

     चंडीगढ़

    पंजाब कांग्रेस के नए प्रभारी सचिन पायलट ने साफ कर दिया है कि पंजाब में बिना सीएम फेस चुनाव लड़ा जाएगा। इसके अलावा पार्टी के भीतर नेतृत्व को लेकर चल रही खींचतान में वरिष्ठ कांग्रेसियों के सुर भी बदलते दिखाई दे रहे हैं। गुरदासपुर के सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा, जो हाल के दिनों में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के खिलाफ मुखर रहे थे, ने वड़िंग को हटाने की बात से दूरी बना ली है। 

    वहीं, पूर्व मुख्यमंत्री और जालंधर सांसद चरणजीत सिंह चन्नी ने भी प्रदेश अध्यक्ष को लेकर फैसला हाईकमान पर छोड़ने की बात कही है। वड़िंग को प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाने की मांग के सवाल पर रंधावा ने कहा- किसने कहा कि प्रदेशाध्यक्ष को बदला जाना चाहिए? न मैंने कहा, न चन्नी ने, न किसी वरिष्ठ नेता ने। जिन्होंने मांग की है, उनसे पूछिए। अब उनका यह बयान पहले के रुख से नरमी के तौर पर सामने आया है।

     उधर पूर्व सीएम चन्नी ने पायलट की नियुक्ति का स्वागत करते हुए कहा, उनके  पंजाब प्रभारी बनने से कांग्रेस कार्यकर्ताओं में नई उम्मीद जागी है। चन्नी के मुताबिक पायलट के आने से पंजाब में अच्छा राजनीतिक माहौल बना है और पार्टी को इससे फायदा होगा।

    प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के सवाल पर चन्नी ने कहा कि यह फैसला उनके हाथ में नहीं है और हाईकमान जो निर्णय करेगा, पार्टी उसे स्वीकार करेगी। यह रुख भी वड़िंग के नेतृत्व को लेकर पहले सामने आए उनके विरोधी रुख की तुलना में नरम है।

    सामूहिक रूप से चुनाव लड़ेंगे
    पायलट ने साफ किया है कि कांग्रेस पंजाब विधानसभा चुनाव में किसी मुख्यमंत्री चेहरे को पहले से घोषित नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की सामान्य परंपरा सामूहिक रूप से चुनाव लड़ने की रही है। उन्होंने कहा कि पूरी टीम मिलकर चुनाव लड़ेगी और बहुमत मिलने के बाद भूमिका और जिम्मेदारियां तय की जाएंगी। पायलट ने यह भी कहा कि राहुल गांधी चुनाव अभियान का चेहरा होंगे और पंजाब में अभियान की शुरुआत करेंगे। उनके मुताबिक राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे अभियान में प्रमुख भूमिका निभाएंगे। पायलट ने बताया कि राहुल गांधी जल्द पंजाब आने वाले हैं। इसके लिए कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार की जा रही है। प्रदेश कांग्रेस नेतृत्व में तत्काल बदलाव पर पायलट ने कहा कि हाईकमान ने उनसे अभी इस तरह के किसी बदलाव पर चर्चा नहीं की है। 

  • कोयले की किल्लत से पंजाब में बिजली संकट, लुधियाना समेत कई इलाकों में दिन-रात कटों से लोग बेहाल

    कोयले की किल्लत से पंजाब में बिजली संकट, लुधियाना समेत कई इलाकों में दिन-रात कटों से लोग बेहाल

    लुधियाना

    पंजाब में कोयले की कमी के कारण बिजली संकट पैदा हो गया है। बिजली जनरेशन सीधे-सीधे थर्मल प्लांटों पर निर्भर है और कोई भी थर्मल प्लांट पूरी क्षमता के हिसाब से बिजली उत्पादन नहीं कर रहा है। नतीजा यह है कि सूबे में बिजली संकट बना हुआ है।

     देर रात से राजपुरा थर्मल प्लांट का भी एक यूनिट बंद है। देर रात से अभी तक दो प्राइवेट प्लांटों के एक-एक यूनिट और एक सरकारी प्लांट के एक यूनिट में बिजली उत्पादन नहीं हो रहा है।

    पंजाब स्टेट पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड बिजली उत्पादन कम होने के कारण केंद्रीय पूल से ज्यादा बिजली खरीद रहा है, लेकिन डिमांड ज्यादा होने के कारण लोगों को बिजली कटों से जूझना पड़ रहा है।

    पंजाब के बिजली मंत्री ने चार दिन पहले कहा था कि पंजाब के थर्मल प्लांटों के पास कोयला नहीं बचा है। अगर उन्हें कोयले की सप्लाई नहीं मिलती है तो पंजाब में बिजली संकट पैदा हो जाएगा। पीएसपीसीएल के अफसरों की मानें तो कोयले की सप्लाई तो आ रही है, लेकिन पर्याप्त मात्रा में नहीं है, जिससे जनरेशन प्रभावित हो रही है।

    पंजाब में बिजली डिमांड, जनरेशन की स्थिति को जानिए…

        डिमांड 14,195 मेगावाट पहुंचीः गुरुवार रात 12 बजे पंजाब में बिजली की डिमांड 11,655 मेगावाट थी। शुक्रवार सुबह 8:30 बजे यह बढ़कर 14,195 मेगावाट हो गई। दिन में डिमांड 16,500 मेगावाट से ज्यादा चल रही है। रात से सुबह तक जनरेशन करीब 4,000 मेगावाट रही, जबकि करीब 7,100 मेगावाट बिजली केंद्रीय पूल से खरीदी गई।

        थर्मल के 3 यूनिट बंदः राजपुरा और तलवंडी साबो प्राइवेट थर्मल प्लांट का एक-एक यूनिट बंद रहा। सुबह तक प्राइवेट प्लांटों से करीब 1,700 मेगावाट बिजली बनी। सरकारी प्लांटों में भी रोपड़ और गोइंदवाल का एक-एक यूनिट बंद रहा। गोइंदवाल का यूनिट बाद में चालू किया गया।

        बिजली कटों से पब्लिक परेशान: बिजली उत्पादन में कमी के कारण पंजाब के लोगों को बिजली कटों से जूझना पड़ रहा है। बिजली कट रात में ज्यादा लग रहे हैं। दरअसल, दिन में करीब 400 मेगावाट बिजली सौर ऊर्जा से भी तैयार हो रही है, जो रात में शून्य हो जाती है।

    सोलर प्रोजेक्ट से रात में बिजली नहीं बन रही

    पंजाब में सोलर प्रोजेक्ट्स के जरिए दोपहर के समय 385 मेगावाट बिजली का उत्पादन हो रहा है। जबकि, 17 मेगावाट बिजली का उत्पादन अन्य सोर्स से हो रहा है। रात के समय सोलर प्रोजेक्ट से बिजली का उत्पादन नहीं हो रहा है, जिसकी वजह से रात के समय बिजली संकट ज्यादा गहरा रहा है।

    केंद्रीय पूल से बड़ी मात्रा में बिजली खरीद

    पंजाब में इन दिनों बिजली की डिमांड 16,000 मेगावाट के पार चल रही है। एक तरफ बिजली की डिमांड बढ़ रही है, वहीं दूसरी तरफ उत्पादन में कमी आ रही है। डिमांड और उत्पादन के गैप को कम करने के लिए पंजाब स्टेट पावर कारपोरेशन लिमिटेड (पीएसपीसीएल) केंद्रीय पूल से बिजली ले रही है।

    आज पीएसपीसीएल केंद्रीय पूल से करीब 11,770 मेगावाट बिजली खरीद रही है। पीएसपीसीएल को केंद्रीय पूल से महंगी बिजली खरीदने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। बिजली कट लग रहे हैं। आगे स्थिति और खराब हुई तो लोगों को गर्मी में बिजली के लंबे कटों का सामना करना पड़ेगा।

     

  • भारत आने वाले 104 सिख श्रद्धालुओं की मुश्किल बढ़ी, पाकिस्तान एयरपोर्ट पर रोका; NOC को लेकर अटके यात्री

    भारत आने वाले 104 सिख श्रद्धालुओं की मुश्किल बढ़ी, पाकिस्तान एयरपोर्ट पर रोका; NOC को लेकर अटके यात्री

    अमृतसर
     पाकिस्तान में मौजूद सिख श्रद्धालुओं के साथ एक बार फिर अजीबोगरीब व्यवहार का मामला सामने आया है। भारत स्थित ऐतिहासिक गुरुधामों के दर्शन के लिए आ रहे 104 पाकिस्तानी सिख श्रद्धालुओं के एक जत्थे को फैसलाबाद एयरपोर्ट पर पिछले 12 घंटे से अधिक समय से रोककर रखा गया है। भारत के इस्लामाबाद स्थित उच्चायोग द्वारा वैध वीजा जारी किए जाने के बावजूद, पाकिस्तान की फेडरल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (FIA) के इमीग्रेशन अधिकारियों ने श्रद्धालुओं को फ्लाइट में सवार होने से रोक दिया।

    वाघा बॉर्डर से रोका तो खरीदी महंगी हवाई टिकटें
    श्रद्धालुओं के अनुसार, वे शुरुआत में वाघा-अटारी जमीनी सीमा के रास्ते भारत जाने की योजना बना रहे थे, लेकिन पाकिस्तानी अधिकारियों ने उन्हें सड़क मार्ग से जाने की अनुमति नहीं दी। इसके बाद मजबूर होकर उन्होंने भारी-भरकम खर्च उठाकर हवाई यात्रा का विकल्प चुना और महंगी फ्लाइट टिकटें बुक कराईं। समय पर फैसलाबाद एयरपोर्ट पहुंचने के बाद इमीग्रेशन अफसरों ने यह कहकर अड़ंगा लगा दिया कि उनके पास पाकिस्तान सरकार, गृह विभाग और विदेश विभाग की विशेष एनओसी (अनापत्ति प्रमाण पत्र) नहीं है।

    पूरी रात एयरपोर्ट पर बैठकर गुरुवाणी पाठ करते रहे श्रद्धालु
    इमीग्रेशन क्लीयरेंस न मिलने के कारण यात्रियों को रात 10 बजे से लेकर अगली सुबह तक एयरपोर्ट लाउंज में ही जागते हुए काटना पड़ा। अधिकारियों के इस अप्रत्याशित रवैये से आहत होकर श्रद्धालु वहीं फर्श पर बैठकर कीर्तन और गुरुवाणी का पाठ करने लगे। श्रद्धालुओं ने आक्रोश जताते हुए कहा कि अगर कोई अतिरिक्त एनओसी अनिवार्य थी, तो उन्हें टिकट बुकिंग के समय क्यों नहीं बताया गया? अचानक फ्लाइट छूटने से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान भी झेलना पड़ा है।

    हाथ में वीजा थामे युवाओं ने पूछा- धार्मिक यात्रा पर यह राजनीति क्यों?
    एयरपोर्ट पर फंसे एक सिख युवक ने कैमरे के सामने अपना भारतीय वीजा दिखाते हुए पाकिस्तानी तंत्र पर तीखे सवाल खड़े किए। उसने कहा कि जब दोनों देशों के नियमों के तहत वीजा जारी हो चुका है, तो ऐन वक्त पर एनओसी का नया नियम थोपना सीधे-सीधे परेशान करने की मंशा को दर्शाता है। श्रद्धालुओं ने अपील की कि दोनों देशों के राजनीतिक मतभेदों से धार्मिक यात्राओं और आस्था को पूरी तरह अलग रखा जाना चाहिए।

    गोल्डन टेंपल और हेमकुंड साहिब दर्शन का था कार्यक्रम
    इस 104 सदस्यीय जत्थे का मुख्य उद्देश्य अमृतसर स्थित सचखंड श्री हरमंदिर साहिब (गोल्डन टेंपल), उत्तराखंड स्थित श्री हेमकुंड साहिब, दिल्ली के ऐतिहासिक गुरुद्वारों और पंजाब के प्रमुख धार्मिक स्थलों के दर्शन करना था। कई महीनों की तैयारी और कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद ऐन मौके पर इस तरह रोके जाने से सिख समुदाय में गहरा रोष व्याप्त है।

    श्री अकाल तख्त और एसजीपीसी से दखल की गुहार
    परेशानी में घिरे श्रद्धालुओं ने भारत के शीर्ष सिख नेतृत्व से तत्काल दखल देने की अपील की है। उन्होंने श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार, शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) के अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी और दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (DSGMC) के अध्यक्ष हरमीत सिंह कालका से आग्रह किया है कि वे इस गंभीर मामले को उच्च स्तर पर उठाएं ताकि पाकिस्तानी अधिकारियों की मनमानी खत्म हो सके और जत्था भारत पहुंच सके।

  • लखनऊ समेत यूपी के कई शहरों में लगेंगे 1000 EV चार्जिंग स्टेशन, 21 सौ टन कचरे से बिजली बनाने की योजना

    लखनऊ समेत यूपी के कई शहरों में लगेंगे 1000 EV चार्जिंग स्टेशन, 21 सौ टन कचरे से बिजली बनाने की योजना

    लखनऊ
    यूपी के राष्ट्रीय राजमार्गों, एक्सप्रेसवे के साथ ही लखनऊ, गोरखपुर, वाराणसी, जौनपुर, कानपुर देहात, नोएडा, बुलंदशहर, मेरठ, अयोध्या जैसे जिलों में भी ईवी चार्जिंग स्टेशन लगाए जाएंगे। इसके अलावा कई पेट्रोल पंप भी चिन्हित किए जा रहे हैं।

    इन ईवी चार्जिंग स्टेशनों की संख्या एक हजार होगी। सर्वे के बाद देखा जाएगा कि ईवी वाहनों का आवागमन कहां ज्यादा है। लोगों को चार्जिंग के लिए इंतजार करना पड़ता है। वहां ईवी चार्जिंग स्टेशनों की संख्या बढ़ाई जाएगी।

    वर्तमान में यूपी के ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद, गोरखपुर, नोएडा, लखनऊ सहित एक दर्जन जिलों में 238 ईवी चार्जिंग स्टेशन लगाए गए हैं। यह जानकारी उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन लिमिटेड के चेयरमैन डा. आशीष गोयल ने होटल ताज में नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के सहयोग से आयोजित कार्यक्रम में गुरुवार को कही।

    उन्होंने कहा कि यूपी नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में दूसरे स्थान पर पहुंच गया है। चंद वर्षों पहले काफी नीचे पायदान पर था। वहीं शहरों के मामले में लखनऊ नंबर एक पर है। उद्यमियों का आह्वान करते हुए कहा कि यूपी में ट्रांसमिशन का नेटवर्क देश में सबसे अच्छा है, इसलिए नवीकरणीय ऊर्जा (आरइ) क्षेत्र में भविष्य अच्छा है। वहीं ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने कहा कि बिजली की कोई कमी प्रदेश में नहीं है।

    यूपी के आठ लाख घरों में नवीकरणीय ऊर्जा से बिजली बन रही है। यह संख्या बढ़ानी है और उत्तर प्रदेश के पौने चार करोड़ उपभोक्ताओं के घरों तक पहुंचाना है। तभी नेट जीरो का सपना वर्ष 2070 तक पूरा होगा। आज नवीकरणीय ऊर्जा (आरइ) एक बड़ा उद्योग हो गया है।

    ऊर्जा मंत्री नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र से जुड़े लोगों का आह्वान करते हुए दो से पांच नवंबर के बीच दिल्ली के भारत मंडपम में पहुंचने की अपील की। उन्होंने कहा कि भारत रिन्यूएबल एनर्जी सबमिट 2026 दिल्ली में होने जा रहा है। यहां नई तकनीक, निवेश, कुछ नया और प्रेरित करने वाला होगा।

    2100 टल कूड़े से बिजली बनाने की योजना
    ऊर्जा मंत्री ने कहा कि आज नवीकरणीय ऊर्जा ही ऐसा साधन है, जिससे हम ग्लोबल वार्मिंग से बाहर निकल रहे हैं। उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) के चेयरमैन डा. आशीष गोयल का नाम लेते हुए ऊर्जा मंत्री ने मजाक के लहजे में कहा कि कमरे में बैठकर कोयला जलाकर बिजली नहीं बनानी। हमें नवीकरणीय ऊर्जा पर जोर देना है। लखनऊ से निकलने वाले प्रतिदिन 21 सौ टन कूड़े से बिजली बनाने की बात कही।

     

  • बिहार में पुल हादसे से मची अफरातफरी, 7 मजदूर घायल; तेजस्वी ने लगाए भ्रष्टाचार के आरोप

    बिहार में पुल हादसे से मची अफरातफरी, 7 मजदूर घायल; तेजस्वी ने लगाए भ्रष्टाचार के आरोप

    पटना
    बिहार में एक और पुल हादसा हो गया है। वैशाली जिले के लालगंज में जलालपुर गांव में निर्माणाधीन पुल का स्ट्रक्चर गुरुवार को अचानक गिर गया। हादसे में 7 लोग घायल हो गए। सभी घायल मजदूर बताए जा रहे हैं। यह हादसा भारतमाला परियोजना के तहत सोनपुर से केसरिया के बीच बन रहे सिक्स लेन बुद्ध सर्किट हाईवे पर हुआ। घायल मजदूरों को रेफरल अस्पताल ले जाया गया। वहां से गंभीर हालत में दो मरीजों को हाजीपुर रेफर किया गया है। हादसे की जांच के आदेश दिए गए हैं।

    वैशाली जिला प्रशासन ने बयान जारी कर कहा कि गुरुवार को निर्माणाधीन पुल के लॉन्चर को विस्थापित करने के दौरान यह हादसा हुआ। घटना के कारणों की जांच संबंधित अधिकारियों द्वारा की जा रही है। जांच के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि निर्माण कार्य में सुरक्षा मानकों का पालन करने और मजदूरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए संबंधित एजेंसी को जरूरी निर्देश दिए जा रहे हैं।

    मौके पर अफरातफरी और मची चीख-पुकार
    पुल का स्ट्रक्चर गिरने पर मौके पर चीख-पुकार और अफरातफरी मच गई। सूचना मिलते ही लालगंज प्रखंड और वैशाली जिले के अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे। मौके पर हालात का जायजा लेकर तुरंत बचाव कार्य शुरू किया गया। सभी घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया।

    घायलों में पांच बिहार के
    घायलों में 5 मजदूर बिहार के हैं, जबकि एक-एक पंजाब और ओडिशा के हैं। घायलों की पहचान बेगूसराय निवासी रंजन कुमार, पटना निवासी राम भरोसे साह, पातेपुर (वैशाली) निवासी अली इमाम, पटना निवासी प्रमोद चौधरी, मुजफ्फरपुर निवासी संदीप कुमार, पंजाब निवासी गुलशन और ओडिशा निवासी संजीव कुमार के रूप में हुई है। राम भरोसे साह और प्रमोद चौधरी की हालत गंभीर होने के चलते उन्हें हाजीपुर रेफर किया गया है। अन्य घायलों का लालगंज अस्पताल में इलाज चल रहा है।

    डीएम मौके पर पहुंचीं
    वैशाली की डीएम वर्षा सिंह भी मौके पर पहुंचीं और घटना की जानकारी ली। इसके बाद हाजीपुर सदर अस्पताल पहुंचकर उन्होंने चिकित्सकों को समुचित इलाज के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।

    तेजस्वी यादव ने भ्रष्टाचार के आरोप लगाए
    बिहार के नेता प्रतिपक्ष एवं राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव ने पुल हादसे पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा, "घटिया निर्माण सामग्री, खराब गुणवत्ता, मानकों की अनदेखी जांच में अनियमितता और एनडीए नेताओं का भ्रष्टाचारी किरदार ही निरंतर गिरते पुलों का मुख्य कारण है। उम्मीद के मुताबिक़ भ्रष्ट एनडीए सरकार फिर अपने भ्रष्टाचार की लीपापोती करेगी।"

  • दिल्ली में BRICS का बड़ा सुरक्षा घेरा, 70-80 हाई-सिक्योरिटी मूवमेंट से बढ़ेगी ट्रैफिक की चुनौती

    दिल्ली में BRICS का बड़ा सुरक्षा घेरा, 70-80 हाई-सिक्योरिटी मूवमेंट से बढ़ेगी ट्रैफिक की चुनौती

    नई दिल्ली
     राष्ट्रीय राजधानी में शनिवार से शुरू हो रहे ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई है। दिल्ली पुलिस के 15,000 जवानों और अर्ध सैनिक बलों की 200 कंपनी तैनात की गई हैं। दिल्ली के भारत मंडपम में शनिवार से 18वां ब्रिक्स शिखर सम्मेलन शुरू होने जा रहा है। राष्ट्रीय राजधानी में चप्पे-चप्पे पर नजर रखने के लिए 500 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं।

    ब्रिक्स को लेकर दिल्ली में पहरा
    दिल्ली यातायात पुलिस ने स्पष्ट किया है कि शिखर सम्मेलन के मद्देनजर पूरी दिल्ली बंद नहीं होगी लेकिन वीवीआईपी के काफिलों की आवाजाही के दौरान कुछ मार्गों पर अस्थायी रूप से ट्रैफिक को रोका जा सकता है। कुछ जगहों पर रूट डायवर्जन किया जा सकता है और कुछ रास्तों पर प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं।

    VVIP मूवमेंट को लेकर खास तैयारी
    अधिकारियों के अनुसार जहां सुरक्षा व्यवस्था अनुमति देगी, वहां यातायात सामान्य रूप से जारी रहेगा। विदेशी राष्ट्राध्यक्षों के काफिले के गुजरने के दौरान आम वाहनों पर लगने वाली रोक की कोई निश्चित अवधि नहीं होगी। सुरक्षा स्थिति और परिस्थितियों के आधार पर वाहनों को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। अधिकारियों ने कहा कि व्यवस्था इस तरह की गई है कि विदेशी मेहमानों की कड़ी से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था हो और आम जनता को कम से कम परेशानी हो।

    ट्रैफिक एडवाइजरी देखकर ही घर से निकलें
    एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि हमने इसे ध्यान में रखते हुए व्यापक इंतजाम किए हैं कि आम लोगों को कम से कम असुविधा हो। यातायात व्यवस्था को लेकर पहले ही एडवाइजरी जारी की जा चुकी है। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन शिखर सम्मेलन में भाग के लिए शुक्रवार सुबह दिल्ली पहुंच गए। वहीं चीन ने राष्ट्रपति शी जिनपिंग के सम्मेलन में शामिल होने की पुष्टि की है। यह सात साल के अंतराल के बाद भारत की उनकी पहली यात्रा होगी।

    दुनियाभर के राष्ट्राध्यक्ष दिल्ली में
    सम्मेलन में शामिल होने वाले अन्य प्रमुख नेताओं में ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान, दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा, मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी, अबू धाबी के शहजादे मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान, संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस और विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के प्रमुख आदि शामिल हैं। दिल्ली पुलिस ने आवाजाही के लिए चिह्नित मार्गों का व्यापक निरीक्षण किया है। कई सरकारी एजेंसियों और पड़ोसी राज्यों के अधिकारियों के साथ समन्वय संबंधी बैठकें भी की गई हैं।

    सुरक्षा ऐसी, परिंदा भी न मार सके पर
    सुरक्षा व्यवस्था हवाई अड्डे, विदेशी नेताओं को ठहराए जाने वाले होटलों, भारत मंडपम और उन अन्य स्थानों तक रहेगी जहां ये विदेशी मेहमान जाएंगे। नई दिल्ली इलाके में 500 से अधिक सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इनमें हाई-रिजॉल्यूशन कैमरों के अलावा चेहरे की पहचान करने वाली प्रणाली और वाहनों की नंबर प्लेट पहचानने वाले कैमरे भी शामिल हैं। इन कैमरों के जरिए 24 घंटे निगरानी रखी जाएगी। सम्मेलन स्थल और विदेशी मेहमानों को ठहराए जाने वाले होटलों में प्रवेश नियंत्रण, पहचान सत्यापन, खुफिया जानकारी जुटाने, यातायात प्रबंधन और आपातकालीन प्रतिक्रिया की अतिरिक्त व्यवस्था की गई है।

    इन रास्तों से बचकर
    यातायात पुलिस के अनुसार शिखर सम्मेलन के दौरान 35 से अधिक सड़कें प्रभावित हो सकती हैं। इनमें प्रमुख रूप से मथुरा रोड, सरदार पटेल मार्ग, शांति पथ, जनपथ, अशोका रोड ,बाराखंभा रोड ,टॉल्स्टॉय मार्ग ,अफ्रीका एवेन्यू रोड, नीति मार्ग, पंचशील मार्ग, एपीजे अब्दुल कलाम रोड शामिल हैं। साकेत स्थित होटल से मध्य दिल्ली के बीच मिस्र के प्रतिनिधिमंडल की आवाजाही के कारण दक्षिणी दिल्ली की सड़कों पर खासकर व्यस्त समय में यातायात का दबाव और बढ़ सकता है।

    हाई-सिक्योरिटी मूवमेंट को लेकर बड़ी तैयारी
    अधिकारियों ने बताया कि सम्मेलन के बड़े स्तर को देखते हुए हर दिन कई बार ‘हाई-सिक्योरिटी मूवमेंट’ होंगे। किसी विदेशी नेता को हवाई अड्डे से होटल, होटल से सम्मेलन स्थल और वहां से द्विपक्षीय बैठकों या अन्य कार्यक्रमों में ले जाने के दौरान एक दिन में पूरे शहर में करीब 70-80 या उससे अधिक ‘हाई-सिक्योरिटी मूवमेंट’ हो सकते हैं। अधिकारियों के मुताबिक, हर वीवीआईपी अवागमन के लिए अलग से यातायात नियंत्रण, रास्तों पर प्रवेश प्रतिबंध और मार्ग परिवर्तन में समन्वय करना पड़ता है और इसी वजह से आम लोगों और यात्रियों पर इसका असर सामान्य वीआईपी दौरे की तुलना में काफी अधिक हो सकता है।