Category: मध्य प्रदेश

  • मजबूती अर्थव्यवस्था को दर्शाते हैं अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष के आंकड़े : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    मजबूती अर्थव्यवस्था को दर्शाते हैं अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष के आंकड़े : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    भोपाल
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत की विकास यात्रा वैश्विक स्तर पर मजबूती के साथ आगे बढ़ रही है। अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) के नवीनतम वर्ल्ड इकनामिक आउटलुक ग्रोथ प्रोजेक्शन्स के अनुसार, भारत की सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वर्ष 2026 और 2027 में 7.0 प्रतिशत की वृद्धि होने का अनुमान है। यह हमारी सशक्त अर्थव्यवस्था और क्षमता का प्रमाण है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि यह प्रधानमंत्री  मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में भारतीय अर्थव्यवस्था द्वारा अर्जित अर्थव्यवस्था की मजबूती, संवर्धित क्षमताओं और विस्तारित होती संभावनाओं को दर्शाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री  मोदी के नेतृत्व में प्राप्त यह उपलब्धि हर्ष और गर्व का विषय है। इसके साथ ही यह उपलब्धि प्रधानमंत्री  मोदी के सक्षम नेतृत्व का भी प्रमाण है। प्रधानमंत्री  मोदी के नेतृत्व में देश में आर्थिक सुधारों, बुनियादी ढांचे के विकास और निवेश को बढ़ावा देने से विकास के नए अवसर सृजित हो रहे हैं। वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनने के लक्ष्य की दिशा में भारत निरंतर प्रयत्नशील और गतिशील है।

     

  • बिजली गुल होने पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, इंदौर-भोपाल हाईवे पर 2 किमी तक जाम

    बिजली गुल होने पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, इंदौर-भोपाल हाईवे पर 2 किमी तक जाम

     सीहोर

     बिजली कटौती से परेशान कोठरी के ग्रामीणों का गुस्सा मंगलवार रात फूट पड़ा। रात करीब 8.30 बजे बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने इंदौर-भोपाल स्टेट हाईवे पर चक्काजाम कर दिया। अचानक हुए प्रदर्शन के कारण हाईवे के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। करीब दो-दो किलोमीटर तक जाम के हालात बन गए।
    लगातार 8 से 10 घंटे कटौती से भड़के ग्रामीण

    ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में लगातार 8 से 10 घंटे तक बिजली कटौती की जा रही है। इन दिनों त्योहारों का समय चल रहा है, इसके बावजूद लोगों को रात-रात भर बिजली नहीं मिल रही है। इससे ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बिजली आपूर्ति में सुधार नहीं होने से नाराज ग्रामीण सड़क पर उतर आए और हाईवे पर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।

     

  • पोस्टमार्टम के लिए एम्स भोपाल में खास ट्रॉली तैयार, अलग-अलग औजार संभालने की झंझट होगी खत्म

    पोस्टमार्टम के लिए एम्स भोपाल में खास ट्रॉली तैयार, अलग-अलग औजार संभालने की झंझट होगी खत्म

    भोपाल

    अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) भोपाल की मोर्चुरी को आधुनिक और व्यवस्थित बनाने की दिशा में पहल की जा रही है। अब यहां पोस्टमार्टम के दौरान कर्मचारियों को अलग-अलग औजार और जरूरी सामग्री संभालने के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा। इसके लिए ऑटोप्सी ट्रॉली का इस्तेमाल किया जा रहा है, जिसमें पोस्टमार्टम से जुड़ी आवश्यक सामग्री एक ही जगह उपलब्ध रहेगी। इस नई व्यवस्था को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए एम्स भोपाल ने मोर्चुरी स्टाफ की ट्रेनिंग भी शुरू कर दी है।
    एक ही ट्रॉली में मिलेंगे सभी जरूरी उपकरण

    एम्स भोपाल में शुरू किए गए प्रशिक्षण के पहले दिन कर्मचारियों को ऑटोप्सी ट्रॉली के इस्तेमाल की जानकारी दी गई। इस ट्रॉली में पोस्टमार्टम के लिए जरूरी औजारों के साथ सैंपल रखने की शीशियां, पट्टी, बॉडी बैग और अन्य आवश्यक सामग्री व्यवस्थित तरीके से रखी जा सकती है। इससे पोस्टमार्टम के दौरान जरूरत के मुताबिक उपकरण आसानी से उपलब्ध होंगे और कर्मचारियों को बार-बार अलग-अलग स्थानों से सामान जुटाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।

    काम में आएगी तेजी, व्यवस्था होगी बेहतर

    पोस्टमार्टम की प्रक्रिया में कई तरह के उपकरणों और सामग्रियों की जरूरत होती है। यदि ये सभी चीजें अलग-अलग स्थानों पर रखी हों, तो उन्हें खोजने और व्यवस्थित करने में समय लग सकता है। ऑटोप्सी ट्रॉली के उपयोग से इस समस्या को कम करने में मदद मिलेगी। सभी जरूरी वस्तुएं एक ही स्थान पर होने से कामकाज अधिक व्यवस्थित हो सकेगा और कर्मचारियों को प्रक्रिया के दौरान सहूलियत मिलेगी।

    सटीक जांच में भी मिल सकती है मदद

    पोस्टमार्टम के दौरान सैंपल एकत्र करना और उन्हें उचित तरीके से सुरक्षित रखना महत्वपूर्ण होता है। ऑटोप्सी ट्रॉली में सैंपल रखने की शीशियों और अन्य आवश्यक सामग्री की उपलब्धता से काम को व्यवस्थित तरीके से पूरा करने में सहायता मिल सकती है। इससे पोस्टमार्टम से जुड़ी प्रक्रियाओं को बेहतर ढंग से संचालित करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
    स्टाफ को दिया जा रहा व्यावहारिक प्रशिक्षण

    नई व्यवस्था के प्रभावी इस्तेमाल के लिए मोर्चुरी कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। पहले दिन कर्मचारियों को ट्रॉली में रखे उपकरणों और सामग्रियों के उपयोग के बारे में बताया गया। व्यावहारिक प्रशिक्षण के जरिए स्टाफ को यह समझाया जा रहा है कि पोस्टमार्टम के दौरान आवश्यक वस्तुओं का इस्तेमाल किस तरह व्यवस्थित ढंग से किया जा सकता है।

    एम्स भोपाल की यह पहल मोर्चुरी में कामकाज को अधिक सुविधाजनक और सुव्यवस्थित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। ऑटोप्सी ट्रॉली के नियमित इस्तेमाल से पोस्टमार्टम के दौरान उपकरणों की उपलब्धता बेहतर होने और कार्यप्रक्रिया को सुचारु बनाने में मदद मिल सकती है।

  • सागर में बनेगा भव्य परशुराम चौराहा, चारों ओर लगेंगे फरसा, धनुष और शिलालेख

    सागर में बनेगा भव्य परशुराम चौराहा, चारों ओर लगेंगे फरसा, धनुष और शिलालेख

     सागर

     शहर का प्रमुख सिविल लाइन चौराहा अब परशुराम चौराहा के नाम से जाना जाएगा। महापौर संगीता सुशील तिवारी के प्रयासों से ब्राह्मण समाज की कई दशकों पुरानी मांग पूरी हुई है। चौराहे पर परशुराम स्तंभ का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है।

    महापौर ने मौके पर पहुंचकर स्तंभ का निरीक्षण किया। चौराहे के चारों ओर फरसा, धनुष और शिलालेख लगाए जाएंगे। वहीं, अटल पार्क में भगवान परशुराम की 35 फीट ऊंची प्रतिमा का निर्माण कार्य जारी है।
    समाज की मांग पर एमआइसी में रखा गया था प्रस्ताव

    सिविल लाइन चौराहे का नाम भगवान परशुराम के नाम पर रखने की मांग ब्राह्मण समाज लंबे समय से कर रहा था। इसी क्रम में दिनकर तिवारी, प्रदेश अध्यक्ष, राष्ट्रीय ब्राह्मण महासंस्था के नेतृत्व में समाज के प्रतिनिधिमंडल ने महापौर संगीता सुशील तिवारी को ज्ञापन सौंपा था। ज्ञापन के माध्यम से चौराहे का नाम बदलकर परशुराम चौराहा करने की मांग रखी गई थी।

     

  • कटनी में सरपंच की दबंगई! ग्रामीण को चप्पलों से पीटा, गाली-गलौज का वीडियो वायरल

    कटनी में सरपंच की दबंगई! ग्रामीण को चप्पलों से पीटा, गाली-गलौज का वीडियो वायरल

    कटनी

    जिले के बहोरीबंद की सिहुड़ी ग्राम पंचायत में मंगल भवन के निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर विरोध करना एक ग्रामीण को भारी पड़ गया। आरोप है कि विवाद के दौरान सरपंच ने ग्रामीण के साथ गाली-गलौज की और चप्पलों से उसकी पिटाई कर दी।
    वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल

    घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि गांव में मंगल भवन का निर्माण कराया जा रहा है। निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर एक ग्रामीण ने आपत्ति जताई और कथित तौर पर काम को घटिया बताते हुए इसका विरोध किया।

     

  • भोपाल में शॉपिंग करने गए युवक की अचानक मौत, दवा खाने के 20 सेकेंड बाद गिरा

    भोपाल में शॉपिंग करने गए युवक की अचानक मौत, दवा खाने के 20 सेकेंड बाद गिरा

    भोपाल

     लक्ष्मी टॉकीज के पास सोमवार रात एक दोस्त को कपड़े दिलवाने पहुंचे एक युवक की अचानक तबीयत बिगड़ गई। बेचैनी होने पर वह दुकान में रखी कुर्सी पर बैठा और टैबलेट खाने के बाद पानी पिया। कुछ ही देर में वह तड़पने लगा और कुर्सी से नीचे गिर पड़ा।

    मौके पर मौजूद लोगों ने उसे संभाला, लेकिन उसकी सांसें थम चुकी थीं। स्वजन उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। प्रारंभिक तौर पर हार्ट अटैक की आशंका जताई जा रही है, हालांकि मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट होगी।

  • AIIMS Bhopal News: 8 घंटे चली सर्जरी रही सफल, आधुनिक चिकित्सा से ट्रांसजेंडर महिला को मिली नई शुरुआत

    AIIMS Bhopal News: 8 घंटे चली सर्जरी रही सफल, आधुनिक चिकित्सा से ट्रांसजेंडर महिला को मिली नई शुरुआत

    भोपाल
     अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), भोपाल में डॉक्टरों की टीम ने एक ट्रांसजेंडर महिला की जटिल बॉटम सर्जरी सफलतापूर्वक पूरी की है। सरकारी अस्पताल में इस तरह की यह पहली सर्जरी बताई जा रही है। करीब आठ घंटे तक चले ऑपरेशन के जरिए मरीज के शरीर को उनकी लैंगिक पहचान के अनुरूप बनाने की प्रक्रिया पूरी की गई। सर्जरी मरीज की इच्छा, सहमति, काउंसलिंग और चिकित्सकीय जांच के बाद की गई।

    मरीज ने लगभग 14 साल तक पुरुष के रूप में जीवन बिताया, लेकिन वह स्वयं को महिला के रूप में पहचानती थीं। इसी पहचान के अनुरूप जीवन जीने की इच्छा लेकर वह एम्स भोपाल के ट्रांसजेंडर क्लीनिक पहुंचीं। यहां विशेषज्ञों ने उनकी काउंसलिंग की और जरूरी जांचों के बाद सर्जरी का निर्णय लिया।

    आठ घंटे की जटिल सर्जरी 
    एम्स के डॉक्टरों के अनुसार, यह प्रक्रिया संवेदनशील होने के साथ चिकित्सकीय रूप से चुनौतीपूर्ण भी थी। विशेषज्ञों की टीम ने करीब आठ घंटे में ऑपरेशन पूरा किया। सर्जरी के बाद मरीज को निगरानी में रखा गया और उनकी सेहत में संतोषजनक सुधार होने पर अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

    अस्पताल से जाते समय मरीज ने इस बदलाव पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि सर्जरी से उन्हें अपनी पहचान के अनुरूप जीवन जीने और भविष्य में अधिक आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।

    इन्होंने किया ऑपरेशन
    इस सर्जरी को एम्स भोपाल के बर्न्स एवं प्लास्टिक सर्जरी विभाग की अध्यक्ष डॉ. मनाल खान और सहायक प्राध्यापक डॉ. अभिनव सिंह ने अपनी टीम के साथ अंजाम दिया।

    ऑपरेशन में एनेस्थीसिया विभाग के डॉ. अनुज जैन, प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग के डॉ. अरुण कुमार डोरा और यूरोलॉजी विभाग के डॉ. देवाशीष कौशल ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। विभिन्न विभागों के विशेषज्ञों के समन्वय से यह जटिल प्रक्रिया पूरी की गई।

    एम्स में ट्रांसजेंडर समुदाय के लिए समर्पित क्लीनिक
    एम्स भोपाल में ट्रांसजेंडर समुदाय की स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों के लिए समर्पित क्लीनिक संचालित है। यहां मरीजों को जांच, काउंसलिंग और जरूरत के अनुसार इलाज उपलब्ध कराने की व्यवस्था है। इस तरह की सर्जरी में मरीज की इच्छा, सूचित सहमति और चिकित्सकीय मूल्यांकन को विशेष महत्व दिया जाता है।

    क्या होती है बॉटम सर्जरी?
    बॉटम सर्जरी लैंगिक पहचान के अनुरूप शरीर के जननांगों में बदलाव करने वाली सर्जरी है। ट्रांसजेंडर महिलाओं के मामले में इसका उद्देश्य शारीरिक संरचना को उनकी लैंगिक पहचान के अनुरूप बनाना होता है। यह एक जटिल चिकित्सकीय प्रक्रिया है, जिसके लिए विशेषज्ञों की टीम, विस्तृत परामर्श और ऑपरेशन के बाद उचित देखभाल की जरूरत होती है।

        यह सर्जरी संस्थान की बेहतर चिकित्सा सुविधाओं और सभी लोगों को उनकी जरूरत के अनुसार स्वास्थ्य सेवाएं देने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। प्रदेश के शासकीय अस्पताल में पहली बार ऐसी सर्जरी होना संस्थान के लिए गर्व की बात है।
        – लेफ्टिनेंट जनरल (रिटा.) डॉ. नरेंद्र कोतवाल, कार्यपालक निदेशक, एम्स भोपाल।

     

  • मध्यप्रदेश की लाडली बहनों के लिए खुशखबरी, मुख्यमंत्री डॉ. यादव 14 अक्टूबर को खातों में अंतरित करेंगे राशि

    मध्यप्रदेश की लाडली बहनों के लिए खुशखबरी, मुख्यमंत्री डॉ. यादव 14 अक्टूबर को खातों में अंतरित करेंगे राशि

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव देंगे नवरात्रि में लाडली बहनों को देंगे 41 वीं किश्त की सौगात

    1.25 करोड़ महिलाओं के खातों में अंतरित होगी राशि
    14 अक्टूबर को उमरिया के गुरुवाही से सिंगल क्लिक से होगी जारी राशि
    144 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमि-पूजन

    उमरिया

    नवरात्रि के पावन पर्व पर प्रदेश की लाड़ली बहनों को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 41 वीं किश्त की सौगात देंगे। मुख्यमंत्री 14 अक्टूबर को उमरिया जिले के मानपुर जनपद पंचायत अंतर्गत गुरुवाही ग्राम में आयोजित लाड़ली बहना योजना सम्मेलन में सिंगल क्लिक के माध्यम से मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना की किश्त की राशि अंतरित करेंगे। प्रदेश की 1 करोड़ 25 लाख पात्र महिलाओं के बैंक खातों में 1,500 रुपये के मान से आर्थिक सहायता राशि अंतरित की जायेगी। इसके साथ ही मुख्यमंत्री विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमि-पूजन भी करेंगे। नवरात्रि के दौरान महिलाओं को मिलने वाली यह राशि महिला सशक्तिकरण, आत्मनिर्भरता और सम्मान के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को रेखांकित करेगी।

    महिलाओं के आर्थिक स्वावलंबन को मजबूत कर रही योजना

    मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनाना, उनके स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर में निरंतर सुधार करना तथा परिवार के निर्णयों में उनकी भूमिका को सशक्त करना है। योजना के माध्यम से महिलाओं को नियमित आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे वे अपनी आवश्यकताओं की पूर्ति के साथ परिवार की आर्थिक गतिविधियों में भी अधिक प्रभावी भागीदारी निभा सकें।

    योजना के अंतर्गत पात्र सामान्य लाभार्थी महिलाओं को प्रतिमाह 1,500 रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है। सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना का लाभ प्राप्त करने वाली पंजीकृत पात्र महिलाओं को योजना के प्रावधानों के अनुसार प्रतिमाह 900 रुपये की सहायता प्रदान की जाती है। सहायता राशि आधार से जुड़े डीबीटी सक्रिय बैंक खातों में सीधे अंतरित की जाती है, जिससे भुगतान की प्रक्रिया पारदर्शी और सुविधाजनक बनी रहती है।

    जून 2023 से अब तक 40 किस्तों का नियमित अंतरण

    योजना के अंतर्गत जून 2023 में लगभग 1.25 करोड़ लाभार्थी महिलाओं को पहली मासिक आर्थिक सहायता राशि अंतरित की गई थी। सितंबर 2026 तक नियमित रूप से 40 किश्तों का भुगतान किया जा चुका है। अब 14 अक्टूबर बुधवार को 41वीं किस्त जारी की जाएगी। इसके अतिरिक्त अगस्त 2023, अगस्त 2024, अगस्त 2025 और अगस्त 2026 में लाभार्थी महिलाओं को चार बार 250-250 रुपये की विशेष आर्थिक सहायता भी प्रदान की गई है।

    योजना के माध्यम से महिलाओं को नियमित आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के साथ उनके आर्थिक निर्णय लेने की क्षमता और आत्मविश्वास को बढ़ावा दिया जा रहा है। वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए योजना में 23,882.81 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है।

    136 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमि-पूजन

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव उमरिया जिले के गुरुवाही में आयोजित लाड़ली बहना योजना सम्मेलन में कुल 14,415.93 लाख रुपये की लागत के 136 विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमि-पूजन करेंगे। इनमें 8,731.55 लाख रुपये की लागत के 68 कार्यों का लोकार्पण और 5,684.41 लाख रुपये की लागत के 68 कार्यों का भूमि-पूजन शामिल है। इन विकास कार्यों में बांधवगढ़ और मानपुर विधानसभा क्षेत्रों के कार्य भी शामिल हैं। बांधवगढ़ विधानसभा क्षेत्र में 5,906.99 लाख रुपये की लागत के 18 कार्यों का लोकार्पण तथा 3,225.22 लाख रुपये की लागत के 46 कार्यों का भूमि-पूजन किया जाएगा। मानपुर विधानसभा क्षेत्र में 2,824.56 लाख रुपये की लागत के 50 कार्यों का लोकार्पण तथा 2,459.16 लाख रुपये की लागत के 22 कार्यों का भूमि-पूजन होगा।

     

  • जेल से बाहर आते ही शक्ति प्रदर्शन, 8 किमी तक वाहनों की रफ्तार पर लगा ब्रेक

    जेल से बाहर आते ही शक्ति प्रदर्शन, 8 किमी तक वाहनों की रफ्तार पर लगा ब्रेक

     भोपाल

    कोहेफिजा के करबला इलाके में गोलीबारी के मामले में जेल पहुंचे बदमाश शाहिद इटारसी उर्फ शाहिद अंसारी की सोमवार रात जमानत पर रिहाई हुई तो उसके समर्थकों ने स्वागत के नाम पर सड़क पर शक्ति प्रदर्शन किया। उसे लेने 100 से ज्यादा समर्थक कारों और बाइकों से केंद्रीय जेल पहुंचे। इसके बाद लालघाटी से वीआइपी रोड तक काफिला निकाला गया। करीब आठ किलोमीटर के रास्ते पर वाहनों की रफ्तार धीमी पड़ गई।

    कार की छत से हाथ हिलाकर समर्थकों का अभिवादन

    रात करीब 10 बजे यातायात प्रभावित होने से आम वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। शाहिद कार में सवार होकर निकला और कार की छत से हाथ हिलाकर समर्थकों का अभिवादन करता रहा। पीछे कारों और बाइकों का हुजूम चलता रहा।
     

  • बांसवाड़ा से शुरू हुआ प्यार, रतलाम में हत्या पर खत्म; छात्रा का हत्यारोपी गिरफ्तार

    बांसवाड़ा से शुरू हुआ प्यार, रतलाम में हत्या पर खत्म; छात्रा का हत्यारोपी गिरफ्तार

    रतलाम

     राजस्थान के बांसवाड़ा जिले के घाटोल से शुरू हुई प्रेम कहानी का रतलाम में खौफनाक अंत हो गया। 20 वर्षीय प्रथम वर्ष की छात्रा सुनहरी पुत्री नारायण भगोरा की हत्या के आरोप में पुलिस ने उसके प्रेमी 20 वर्षीय विकास पुत्र प्रतिपाल यादव को प्रयागराज से गिरफ्तार किया है।

    सुनहरी 9 अक्टूबर को घर से लापता हुई थी। अगले दिन रतलाम में रेलवे ट्रैक किनारे नाले में उसका शव मिला। विकास उसे प्रयागराज ले जाने की बात कहकर स्टेशन क्षेत्र में ले गया और विवाद के बाद गला घोंटकर हत्या कर दी। शव नाले में छोड़कर वह प्रयागराज भाग गया।

    बांसवाड़ा से रतलाम तक की घटना और शिनाख्त

    सुनहरी बांसवाड़ा जिले के घाटोल थाना क्षेत्र के बडलिया की रहने वाली थी। विकास भी उसी गांव का निवासी है। वह मूल रूप से प्रयागराज के पास बिजलपुर गांव का रहने वाला है और बांसवाड़ा में परिवार के साथ रहकर मावे की दुकान पर मिठाई बनाने का काम करता था।

    सुनहरी के लापता होने पर स्वजन ने थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी और विकास पर उसे साथ ले जाने का संदेह जताया था। 10 अक्टूबर को सुबह 11 से 12 बजे के बीच रतलाम जीआरपी को प्लेटफार्म नंबर-4 से आगे बकरा पुल के पास रेलवे ट्रैक किनारे नाले में शव मिलने की सूचना मिली।

    जीआरपी ने शव को मेडिकल कॉलेज की मर्चुरी में रखवाया। पहचान के लिए तस्वीर आसपास के थानों और जिलों की पुलिस को भेजी गई। बांसवाड़ा पुलिस तक तस्वीर पहुंचने के बाद 12 अक्टूबर को सुनहरी की पहचान हुई। मंगलवार को उसके स्वजन तीन वाहनों से रतलाम पहुंचे। पोस्टमार्टम के बाद शव उन्हें सौंप दिया गया।
    होटल में चार घंटे रुके, फिर स्टेशन की ओर ले गया

    बांसवाड़ा पुलिस विकास की तलाश में प्रयागराज पहुंची। वह गांव में नहीं मिला तो स्वजन से संपर्क किया। परिवार में किसी की मृत्यु के बाद आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने आए विकास को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।

    मंगलवार को डीएसपी देवेंद्र सिंह टीम के साथ उसे रतलाम लाए और एसपी अमित कुमार को सूचना दी। एफएसएल अधिकारी डॉ. अतुल मित्तल, राजस्थान पुलिस और जीआरपी ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। तलाशी में शव मिलने की जगह से स्टेशन की ओर करीब 100 मीटर दूर कॉलेज बैग मिला। उसमें किताबें, कापियां और कॉलेज की यूनिफॉर्म थी। राजस्थान पुलिस ने बैग जब्त कर लिया।

    शारीरिक संबंध, विवाद और हत्या का खुलासा

    टीम विकास को स्टेशन रोड की मनोहर गली स्थित होटल जय महाकाली ले गई। रजिस्टर के अनुसार वह 9 अक्टूबर की शाम सुनहरी के साथ कमरा नंबर-2 में रुका था। दोनों करीब चार घंटे बाद वहां से निकले। डीएसपी देवेंद्र सिंह ने बताया कि विकास ने पूछताछ में होटल में युवती के साथ शारीरिक संबंध बनाने और रेलवे ट्रैक किनारे विवाद के बाद गला घोंटकर हत्या करने की बात बताई।

    जीआरपी थाना प्रभारी सोहनलाल पाटीदार ने बताया कि विकास युवती को स्टेशन के बाहर से दूसरे रास्ते बकरा पुल की ओर ले गया, ताकि दोनों सीसीटीवी कैमरों में कैद न हों। होटल और घटनास्थल से जुड़े साक्ष्य जुटा रहे हैं। आरोपित के किसी दूसरी युवती से संबंध होने की जानकारी भी सामने आई है। हत्या की वजह और घटनाक्रम की पुष्टि के लिए जांच जारी है।