Category: छत्तीसगढ़

  • राजनांदगांव में ट्रैफिक डायवर्ट, भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित

    राजनांदगांव में ट्रैफिक डायवर्ट, भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित

    राजनांदगांव.

    गणेश विसर्जन झांकी के दौरान शहर में शुक्रवार को भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। इस संबंध में यातायात पुलिस ने ट्रेफिक एडवाइजरी जारी की है। ज्ञात हो कि 25 सितंबर को शहर में गणेश विसर्जन झांकी एवं 25 एवं 26 को गणेश प्रतिमाओं का मोहारा कुण्ड में विसर्जन किया जाना है।

    इस दौरान शहर में श्रद्धालुओं एवं आम नागरिकों की बड़ी संख्या में आवाजाही को देखते हुए यातायात पुलिस राजनांदगांव द्वारा 25 सितंबर के दोपहर 2 बजे से 26 सितंबर के सुबह 10 बजे तक विशेष यातायात व्यवस्था की गई है। इस दौरान फरहद चौक, ट्रांसपोर्ट नगर, मोहारा बायपास, गठुला एवं सीआईटी बायपास से राजनांदगांव शहर की ओर आने वाले सभी हल्के एवं भारी चारपहिया वाहनों का आवागमन पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।

    गणेश पंडालों में चोरी : चोरों ने भगवान के पंडाल को भी नहीं छोड़ा
    गणेश उत्सव के बीच खैरागढ़ थाना क्षेत्र में चोरों ने अब भगवान के पंडालों को भी | निशाना बनाना शुरू कर दिया है। थाना क्षेत्र के सरागोंदी, आमदनी और भोरामपुर गांव में अलग-अलग गणेश पंडालों से कलश, थाली समेत अन्य पूजन सामग्री चोरी होने का मामला सामने आया है। एक साथ तीन गांवों में हुई चोरी की घटनाओं से गणेश उत्सव समितियों और ग्रामीणों में हड़कंप मच गया है।

    घटना की जानकारी मिलने के बाद गणेश उत्सव समितियों के पदाधिकारी और ग्रामीण खैरागढ़ थाना पहुंचे। उन्होंने पुलिस को लिखित आवेदन सौंपकर अज्ञात चोरों का पता लगाने और मामले की जांच की मांग की है। ग्रामीणों के मुताबिक गणेश उत्सव के दौरान पंडालों में देर रात तक श्रद्धालुओं की आवाजाही रहती है। इसके बावजूद पंडालों से पूजन सामग्री चोरी होने से श्रद्धालु सकते में है।

  • सभी जिलों के अधिकारियों को विकसित ग्राम पंचायत योजना की ट्रेनिंग

    सभी जिलों के अधिकारियों को विकसित ग्राम पंचायत योजना की ट्रेनिंग

    विकसित ग्राम पंचायत योजना तैयार करने राज्य स्तरीय मास्टर ट्रेनर्स का प्रशिक्षण आयोजित

     आयुक्त तारन प्रकाश सिन्हा की अध्यक्षता में सभी जिलों के सहायक परियोजना अधिकारियों एवं प्रोग्रामरों को दिया गया प्रशिक्षण

    2 अक्टूबर से ग्राम सभाओं में शुरू होगी योजना निर्माण की प्रक्रिया, ग्रामीणों की भागीदारी से तय होंगी विकास की प्राथमिकताएं

    रायपुर, 
    विकसित भारत -जीरामजी योजना के अंतर्गत प्रदेश की ग्राम पंचायतों में विकसित ग्राम पंचायत योजना (वीजीपीपी) तैयार करने के लिए आज ठाकुर प्यारेलाल पंचायत एवं ग्रामीण विकास संस्थान, निमोरा में राज्य स्तरीय जिला मास्टर ट्रेनर्स के प्रशिक्षण का आयोजन किया गया। विकसित भारत-जीरामजी के आयुक्त तारन प्रकाश सिन्हा की अध्यक्षता में आयोजित प्रशिक्षण में प्रदेश के सभी जिलों के सहायक परियोजना अधिकारियों एवं प्रोग्रामरों ने भाग लिया।

        आयुक्त तारन प्रकाश सिन्हा ने सभी प्रशिक्षार्थियों से कहा कि विकसित ग्राम पंचायत योजना प्रक्रिया में ग्रामीणों एवं पंचायत प्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि ग्राम सभा में  प्रत्येक गांव की जरूरतों और प्राथमिकताओं पर खुलकर संवाद किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि बस्ती एवं वार्ड स्तर तक पहुंचकर अधिक से अधिक ग्रामीणों की सहभागिता सुनिश्चित की जाए। 
       प्रशिक्षण में ग्राम पंचायत स्तर पर ग्रामीणों की सहभागिता से विकास योजना तैयार करने, डिजिटल मैपिंग, परिसंपत्तियों के सत्यापन और योजनाओं के समेकन की प्रक्रिया के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई। प्रशिक्षण का उद्देश्य जिला मास्टर ट्रेनर्स को योजना निर्माण की संपूर्ण प्रक्रिया से अवगत कराना है, ताकि ग्राम पंचायत स्तर पर निर्धारित समय-सीमा में योजनाएं तैयार की जा सकें।

           प्रशिक्षण में बताया गया कि 2 अक्टूबर से प्रदेश की ग्राम पंचायतों में ग्राम सभाओं के माध्यम से विकसित ग्राम पंचायत योजना तैयार करने की प्रक्रिया प्रारंभ होगी। ग्राम सभाओं में ग्रामीणों को गांव के आधारभूत आंकड़ों, उपलब्ध संसाधनों, मानचित्रों और प्रस्तावित विकास कार्यों की जानकारी दी जाएगी। ग्रामीण स्वयं अपने गांव की जरूरतों, समस्याओं और विकास की प्राथमिकताओं को तय करने में भागीदारी निभाएंगे। ग्राम सभाओं में प्राप्त सुझावों के आधार पर ग्राम पंचायतों की आगामी विकास कार्ययोजना तैयार की जाएगी।

    अक्टूबर-नवंबर में सीधा संवाद और दिसंबर में होगा योजना का अनुमोदन
          प्रशिक्षण में जानकारी दी गई कि अक्टूबर और नवंबर माह में बस्ती एवं वार्ड स्तर पर ग्रामीणों के साथ बैठकें आयोजित कर सहभागी ग्रामीण मूल्यांकन किया जाएगा। इन बैठकों में ग्रामीणों से गांव की समस्याओं, आवश्यक सुविधाओं, उपलब्ध संसाधनों और प्रस्तावित विकास कार्यों के संबंध में सुझाव प्राप्त किए जाएंगे।

          इस दौरान गांवों में मौजूद परिसंपत्तियों का स्थल सत्यापन भी किया जाएगा। ऐसी परिसंपत्तियां, जो भौतिक रूप से उपलब्ध हैं लेकिन डिजिटल अभिलेखों में दर्ज नहीं हैं, उन्हें युक्तधारा पोर्टल पर दर्ज किया जाएगा। ग्रामीणों से प्राप्त सुझावों और स्थानीय आवश्यकताओं के आधार पर प्रस्तावित विकास कार्यों के संभावित स्थानों को डिजिटल मानचित्र पर चिह्नित किया जाएगा।

          दिसंबर माह में तैयार विकसित ग्राम पंचायत योजना का प्रारूप ग्राम सभा के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। ग्रामीणों के सुझावों और आवश्यक विचार-विमर्श के आधार पर योजना में संशोधन कर उसे अंतिम रूप दिया जाएगा। इसके बाद ग्राम सभा से औपचारिक अनुमोदन प्राप्त कर योजना को विकासखंड स्तर पर भेजा जाएगा। ग्राम पंचायतों से प्राप्त योजनाओं का विकासखंड एवं जिला स्तर पर समेकन 15 जनवरी तक पूरा किया जाएगा।

    जल सुरक्षा, आजीविका और ग्रामीण अधोसंरचना पर विशेष ध्यान
          विकसित ग्राम पंचायत योजना में जल सुरक्षा, ग्रामीण अधोसंरचना, आजीविका से संबंधित अधोसंरचना और प्रतिकूल मौसमीय घटनाओं के प्रभाव को कम करने वाले कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। योजना निर्माण के दौरान गांवों में उपलब्ध प्राकृतिक एवं भौतिक संसाधनों का आकलन किया जाएगा।
    इस प्रशिक्षण में संयुक्त आयुक्त , वीबी – जी राम जी रामाधन श्रीवास, दीपक शर्मा, अधीक्षण अभियंता विनय गुप्ता, सहायक आयुक्त यशवत चंद्राकर,  राज्य एमआईएस नोडल अधिकारी मजहर शामी, वीबी जी राम जी संकाय सदस्य आनंद रघुवंशी ने शामिल होकर विकसित ग्राम पंचायत योजना निर्माण की प्रक्रिया एवं तकनीकी बिंदुओं पर विस्तारपूर्वक प्रशिक्षण दिया ।

  • दीनदयाल उपाध्याय को जयंती पर वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने किया याद

    दीनदयाल उपाध्याय को जयंती पर वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने किया याद

    पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने किया श्रद्धापूर्वक नमन

    नवा रायपुर में पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण

    ‘अंत्योदय और एकात्म मानव दर्शन के विचार राष्ट्र के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बने रहेंगे’—वित्त मंत्री चौधरी

    रायपुर
    अंत्योदय और एकात्म मानव दर्शन के प्रणेता पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती के अवसर पर वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने आज नवा रायपुर स्थित उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धापूर्वक नमन किया। इस अवसर पर मंत्री गुरु खुशवंत साहेब सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

    वित्त मंत्री चौधरी ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय के राष्ट्र निर्माण में योगदान और उनके विचारों का स्मरण करते हुए कहा कि समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति के उत्थान को केंद्र में रखने वाला ‘अंत्योदय’ का उनका विचार आज भी प्रासंगिक और प्रेरणादायी है।

    उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय ने एकात्म मानव दर्शन के माध्यम से समाज और राष्ट्र के समग्र विकास की अवधारणा प्रस्तुत की। उनका चिंतन समाज के प्रत्येक वर्ग को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने और अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचाने की प्रेरणा देता है। चौधरी ने कहा कि ‘अंत्योदय’ जैसे कालजयी विचार के सूत्रधार पंडित दीनदयाल उपाध्याय के विचार और आदर्श राष्ट्र के लिए सतत प्रेरणा बने रहेंगे।

  • युवा शक्ति और ज्ञान बनेंगे विकास का आधार, 2047 का विजन तैयार

    युवा शक्ति और ज्ञान बनेंगे विकास का आधार, 2047 का विजन तैयार

    विशेष लेख

    "सेवा_संकल्प_अभियान"

    विकसित राज्य @2047: शिक्षा, नवाचार और युवा शक्ति से गढ़ी जा रही स्वर्णिम भारत की नई गाथा

    ज्ञान और युवा शक्ति: विकास का मूल आधार

     रायपुर
            
             ​किसी भी समृद्ध और सर्वसुविधायुक्त राज्य का निर्माण केवल भौतिक संसाधनों से नहीं, बल्कि उसके युवाओं की बौद्धिक क्षमता और कार्यकुशलता से संभव होता है। इसी दूरदर्शी सोच के साथ प्रदेश के विकास मॉडल के केंद्र में 'GYAN' यानी गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी को रखा गया है। युवाओं को आर्थिक और सामाजिक उन्नति का मुख्य आधार मानते हुए उच्च शिक्षा के क्षेत्र में एक व्यापक और परिणामोन्मुख कायाकल्प की शुरुआत की जा चुकी है। अब शिक्षा को केवल औपचारिक डिग्रियों तक सीमित न रखकर आधुनिक उद्योगों की माँग के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण और व्यावसायिक बनाया जा रहा है।

    उच्च शिक्षा में मिशन मोड: उपलब्धियां और लक्ष्य

             ​राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP-2020) के प्रभावी क्रियान्वयन के तहत उच्च शिक्षा विभाग पूरी तरह से 'मिशन मोड' में कार्य कर रहा है। 'उच्च शिक्षा मिशन योजना' के सतत प्रयासों का ही परिणाम है कि प्रदेश का सकल नामांकन अनुपात (GER) वर्ष 2021-22 के 19.6 प्रतिशत से उल्लेखनीय बढ़त हासिल करते हुए वर्तमान में 27.5 प्रतिशत तक पहुँच गया है, जिसे वर्ष 2035 तक 50 प्रतिशत करने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य रखा गया है। विद्यार्थियों के सर्वांगीण और समावेशी विकास को ध्यान में रखते हुए प्रदेश के प्रत्येक जिले में एक सर्वसुविधायुक्त 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' महाविद्यालय की स्थापना की जा रही है। इसके साथ ही, शोध और अनुसंधान की संस्कृति को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 'राज्य रिसर्च एवं इनोवेशन योजना' का खाका तैयार किया गया है। शिक्षा को जड़ों से जोड़ने के लिए आधुनिक वैज्ञानिक ज्ञान के साथ-साथ पारंपरिक भारतीय ज्ञान प्रणाली को भी विभिन्न विषयों के पाठ्यक्रमों में प्रमुखता से शामिल किया गया है।

    गुणवत्ता, अवसंरचना और रोजगार के नए अवसर

             ​शिक्षा में गुणवत्ता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए नैक (NAAC) मूल्यांकन पर विशेष बल दिया जा रहा है, जिसके तहत पात्र 254 शासकीय महाविद्यालयों में से 200 तथा 09 में से 05 विश्वविद्यालयों का मूल्यांकन सफलता से पूर्ण हो चुका है। भविष्य की आवश्यकताओं को देखते हुए शैक्षणिक अवसंरचना का भी तेज़ी से विस्तार किया जा रहा है; वर्ष 2025–26 में 08 नए शासकीय महाविद्यालय, 05 नए निजी महाविद्यालय और 03 नए निजी विश्वविद्यालय स्थापित किए जा रहे हैं। संस्थाओं में शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए प्राध्यापकों, सहायक प्राध्यापक, ग्रंथपाल व क्रीड़ाधिकारी के पदों पर सीधी भर्ती की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उच्च शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे ये समन्वित प्रयास वर्ष 2047 के स्वर्णिम और विकसित प्रदेश की एक सुदृढ़ नींव रख रहे हैं।

    विष्णु प्रसाद वर्मा
    सहायक संचालक

  • स्वच्छ माहौल और अनुशासित जीवन, बच्चियों की दिनचर्या ने खींचा ध्यान

    स्वच्छ माहौल और अनुशासित जीवन, बच्चियों की दिनचर्या ने खींचा ध्यान

    कांकेर
     छत्तीसगढ़ राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा ने गुरुवार, 24 सितंबर को कांकेर प्रवास के दौरान प्रयास कन्या छात्रावास एवं आदिवासी आवासीय विद्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने छात्राओं के साथ आत्मीय संवाद करते हुए उनके रहन-सहन, पढ़ाई और विद्यालय में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी ली। छात्राओं ने भी सहजता के साथ अपनी आवश्यकताओं और समस्याओं को आयोग अध्यक्ष के समक्ष रखा।

    निरीक्षण के दौरान छात्राओं ने बताया कि छात्रावास में वेंडिंग मशीन उपलब्ध है, लेकिन पैड डिस्पोजल मशीन की सुविधा नहीं है। साथ ही बिजली की समस्या के कारण पढ़ाई प्रभावित होती है। छात्राओं ने बिजली की समस्या के स्थायी समाधान के लिए सोलर पैनल तथा आपातकालीन लाइट की व्यवस्था की आवश्यकता बताई। इसके अलावा बेहतर डिजिटल शिक्षा के लिए कंप्यूटर और स्मार्ट क्लास हेतु स्मार्ट बोर्ड उपलब्ध कराने की मांग भी रखी। डॉ. वर्णिका शर्मा ने छात्राओं की बातों को गंभीरता और संवेदनशीलता से सुना तथा आवश्यक सुविधाओं के लिए उचित स्तर पर पहल करने का आश्वासन दिया। छात्राओं ने सूर्यकिरण में रहने की इच्छा भी व्यक्त की, जिस पर उन्होंने उनके लिए उचित व्यवस्था सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया। छात्राओं ने मुख्यमंत्री से मिलने की इच्छा भी जताई।

    आयोग अध्यक्ष ने छात्रावास में स्वच्छता, अनुशासन और व्यवस्थित वातावरण की सराहना की। उन्होंने कहा कि बच्चों की आवश्यकताओं को समझने और उनकी बातों को सीधे सुनने से ही बाल अधिकारों की वास्तविक सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है। निरीक्षण के दौरान डॉ. वर्णिका शर्मा के साथ छात्राओं का आत्मीय एवं  मातृत्वपूर्ण व्यवहार रहा, जिससे छात्राएं भी सहज और उत्साहित नजर आईं। डॉ. वर्णिका शर्मा ने कहा कि बच्चों को केवल शिक्षा उपलब्ध कराना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें सुरक्षित, स्वच्छ, सम्मानजनक और सुविधायुक्त वातावरण देना भी हमारी जिम्मेदारी है। बच्चों की छोटी-छोटी आवश्यकताओं को समय पर पूरा करना उनके बेहतर भविष्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है और आयोग हमेशा उनके लिए तत्पर है।

  • मवेशियों के साथ पहुंचे किसान तो हरकत में आए अधिकारी, रास्ते में निपटा मामला

    मवेशियों के साथ पहुंचे किसान तो हरकत में आए अधिकारी, रास्ते में निपटा मामला

    रानीतराई/दुर्ग.

    खुले में घूमने वाले मवेशियों द्वारा फसलों को नुकसान पहुंचाए जाने से आक्रोशित किसानों ने आज विरोध शुरू कर दिया। किसान बड़ी संख्या में खुले में घूम रहे मवेशियों को एकत्रित कर उन्हें एसडीएम कार्यालय एवं तहसील कार्यालय पाटन में छोड़ने के लिए निकल पड़े।

    इस दौरान औसर, रानीतराई, असोगा, डीड़गा सहित आसपास के गांवों के बड़ी संख्या में किसान शामिल हुए। किसानों के पाटन पहुंचने की जानकारी मिलने पर पाटन के पूरे प्रशासनिक अधिकारियों ने ग्राम तेलीगुंडरा के पास रोकने पहुंचे, उन्हें रोककर किसानों से चर्चा की। मौके पर एसडीएम उत्तम ध्रुव, तहसीलदार मनोज गुप्ता, नायब तहसीलदार मनोज रस्तोगी, सिंग, पाटन टीआई युवराज साहू, रानीतराई थाना प्रभारी हुबलाल चंद्राकर, जनपद पंचायत के भूपेंद्र सीईओ महेंद्र जांगड़े सहित पाटन और रानीतराई थाना पुलिस का बल मौजूद रहा।

    अधिकारियों से किसानों ने अपनी समस्या रखी। किसानों ने कहा कि आप इन मवेशियों की व्यवस्था करेंगे तभी यहां से हटेंगे। अधिकारियों ने किसानों की समस्या सुनी और मवेशियों के संबंध में आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया। प्रशासन द्वारा मवेशियों को गौशाला भेजने की प्रक्रिया की तैयारी की और गाड़िया बुलाकर गौ शाला भेजना शुरू किया तब जाकर किसान शांत हुए।

  • कुम्हारी में बिजली संकट, नपा के पंप हाउस और स्ट्रीट लाइटों के कनेक्शन कटे

    कुम्हारी में बिजली संकट, नपा के पंप हाउस और स्ट्रीट लाइटों के कनेक्शन कटे

    भिलाई नगर.

    कुम्हारी नगर पालिका क्षेत्र में विद्युत विभाग ने 8 करोड़ बकाया बिल के चलते कार्रवाई करते हुए लगभग 20 प्रमुख स्थानों का बिजली कनेक्शन काट दिया। बिजली कटने की वजह से शहर में सार्वजनिक प्रकाश व्यवस्था, पेयजल आपूर्ति और खेल गतिविधियां बुरी तरह प्रभावित हुई हैं।

    मिली जानकारी के अनुसार, पूर्ववर्ती कांग्रेस शासनकाल के दौरान कुम्हारी नगर पालिका पर विद्युत विभाग का बकाया बिल लगभग 5 करोड़ रुपये था। समय पर भुगतान न होने और बकाया राशि जमा न किए जाने के कारण यह राशि बढ़कर अब लगभग 8 करोड़ रुपये हो चुकी है। विद्युत विभाग द्वारा बार-बार नोटिस जारी करने के बावजूद बकाया राशि का भुगतान न किए जाने पर विभाग ने कड़ा रुख अपनाते हुए 23 सितंबर को बिजली काटने की कार्रवाई की है। बिजली कनेक्शन काटे जाने का सीधा असर स्थानीय युवाओं पर पड़ा है।

    अटल परिसर तथा बैडमिंटन कोर्ट का बिजली कनेक्शन काट दिए जाने के कारण यहां रोजाना बैडमिंटन खेलने और अभ्यास करने आने वाले दर्जनों युवा साथी खेल सुविधाओं से वंचित हो गए हैं। वहीं कुम्हारी के सबसे प्रमुख स्थानों में से एक, स्टेशन चौक स्थित ओवरब्रिज के नीचे पूरी तरह से अंधेरा पसरा हुआ है, जिससे रात के समय आवाजाही करने वाले लोगों को दुर्घटना और सुरक्षा का भय सताता रहता है। इसके साथ ही, राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे लगी कई स्ट्रीट लाइटें भी पिछले कई महीनों से बंद पड़ी हैं, जिनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है।

    बुनियादी सुविधाओं पर पड़ा असर:
    बिजली विभाग की इस कार्रवाई की गाज शहर की बुनियादी सुविधाओं पर भी गिरी है। कुम्हारी के सभी सार्वजनिक शौचालयों, पंप हाउसों और अन्य लगभग 20 महत्वपूर्ण स्थानों का बिजली कनेक्शन काट दिया गया है। पंप हाउस बंद होने से कई वार्डों में पेयजल संकट गहराने की आशंका बढ़ गई है। स्थानीय नागरिकों ने कहा है कि इस समस्या का शीघ्र समाधान निकाला जाए और बिजली आपूर्ति जल्द बहाल की जाए।

  • संस्कृति विभाग ने राज्य सम्मान 2026 के लिए आमंत्रित की प्रविष्टियां

    संस्कृति विभाग ने राज्य सम्मान 2026 के लिए आमंत्रित की प्रविष्टियां

    संस्कृति विभाग ने राज्य सम्मान 2026 के लिए आमंत्रित की प्रविष्टियां

    साहित्य, लोककला, संगीत, नृत्य, सिनेमा और रंगकर्म सहित 13 क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रतिभाओं को मिलेगा सम्मान, 5 अक्टूबर तक पंजीकृत डाक से भेज सकेंगे आवेदन

    रायपुर
     संस्कृति विभाग, छत्तीसगढ़ शासन द्वारा विभिन्न कला, साहित्य, संस्कृति एवं सामाजिक क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाली प्रतिभाओं को प्रदान किए जाने वाले राज्य सम्मान 2026 के लिए प्रविष्टियां आमंत्रित की गई हैं। विभाग द्वारा स्थापित 12 राज्य स्तरीय सम्मान एवं 1 राष्ट्रीय सम्मान के लिए निर्धारित प्रारूप में 5 अक्टूबर 2026 तक आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। चयनित प्रतिभाओं को छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित ‘राज्योत्सव 2026’ के राज्य अलंकरण समारोह में सम्मानित किया जाएगा।

    राज्य सम्मान के लिए इच्छुक पात्र व्यक्ति निर्धारित प्रारूप में अपनी प्रविष्टियां प्रस्तुत कर सकते हैं। आवेदन में आवेदक का नाम, पता, मोबाइल नंबर, जन्मतिथि एवं आयु के साथ प्रस्तावक का विवरण तथा आवेदक की उपलब्धियों का संक्षिप्त ब्यौरा देना होगा। आवेदक द्वारा पूर्व में प्राप्त सम्मान एवं पुरस्कारों की जानकारी भी निर्धारित प्रारूप में प्रस्तुत करनी होगी। इसमें अंतर्राष्ट्रीय, राष्ट्रीय, प्रदेश एवं जिला स्तर पर प्राप्त सम्मान एवं पुरस्कारों का विवरण शामिल किया जाना है।

    शासकीय सेवा में कार्यरत आवेदकों को सामान्य प्रशासन विभाग से अनुमति पत्र संलग्न करने का प्रावधान भी रखा गया है। सम्मान की नियमावली एवं आवेदन का निर्धारित प्रारूप विभागीय वेबसाइट www.cgculture.in पर उपलब्ध है।

    13 प्रमुख क्षेत्रों में मिलेगा सम्मान

    संस्कृति विभाग द्वारा वर्ष 2026 के लिए विभिन्न विधाओं और क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान को सम्मानित किया जाएगा। पं. सुन्दरलाल शर्मा सम्मान हिन्दी साहित्य के क्षेत्र में, दाऊ मंदराजी सम्मान लोक नाट्य एवं लोक शिल्प के क्षेत्र में तथा चक्रधर सम्मान शास्त्रीय संगीत एवं नृत्य के क्षेत्र में प्रदान किया जाएगा।

    देवदास बंजारे स्मृति पुरस्कार लोक नृत्य के क्षेत्र में तथा लाला जगदलपुरी साहित्य पुरस्कार आंचलिक साहित्य एवं लोक कविता के क्षेत्र में दिया जाएगा। हबीब तनवीर सम्मान समकालीन रंगकर्म के लिए प्रदान किया जाएगा, जिसमें छत्तीसगढ़ी, हिन्दी एवं अन्य भाषाओं के नाटक शामिल हैं।

    इसी क्रम में देवदास बंजारे स्मृति पंथी नृत्य पुरस्कार पंथी नृत्य के क्षेत्र में, लक्ष्मण मस्तुरिया सम्मान छत्तीसगढ़ी लोकगीत के क्षेत्र में और खुमान साव सम्मान छत्तीसगढ़ी लोक संगीत के क्षेत्र में प्रदान किया जाएगा।

    सिनेमा के क्षेत्र में भी प्रतिभाओं को सम्मान

    किशोर साहू सम्मान हिन्दी एवं छत्तीसगढ़ी सिनेमा में रचनात्मक लेखन, निर्देशन, अभिनय एवं पटकथा निर्माण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए प्रदान किया जाएगा। वहीं किशोर साहू राष्ट्रीय अलंकरण हिन्दी एवं छत्तीसगढ़ी सिनेमा में निर्देशन के क्षेत्र में प्रदान किया जाएगा।

    इसके अलावा छत्तीसगढ़ अप्रवासी भारतीय सम्मान देश के बाहर रहकर सामाजिक कल्याण, मानव संसाधन विकास, कला, साहित्य अथवा आर्थिक क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले अप्रवासी भारतीयों को प्रदान किया जाएगा। डॉ. तीजन बाई राज्य सम्मान पंडवानी के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रदान किया जाएगा।

    दीर्घ साधना और उपलब्धियों के आधार पर होगा चयन

    संबंधित क्षेत्रों में उपलब्धि, योगदान एवं दीर्घ साधना को ध्यान में रखते हुए पात्र प्रतिभाओं का चयन किया जाएगा। चयनित प्रतिभाओं को ‘राज्योत्सव 2026’ के राज्य अलंकरण समारोह में राज्य सम्मान से विभूषित किया जाएगा।

    प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, लोक परंपराओं, साहित्य, संगीत, नृत्य, रंगमंच एवं सिनेमा के क्षेत्र में निरंतर योगदान देने वाली प्रतिभाओं को सम्मानित करने की यह पहल राज्य की कला एवं सांस्कृतिक परंपराओं को प्रोत्साहित करने की दिशा में महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करेगी।

    5 अक्टूबर तक पंजीकृत डाक से भेजें आवेदन

    संस्कृति विभाग ने संबंधित क्षेत्र के पात्र कलाकारों, साहित्यकारों, सांस्कृतिक कर्मियों एवं अन्य प्रतिभाओं से निर्धारित प्रारूप में अपनी प्रविष्टियां 5 अक्टूबर 2026 तक पंजीकृत डाक से भेजने का आग्रह किया है।

    आवेदन इस पते पर भेजे जा सकते हैं:

    संचालक, संस्कृति एवं राजभाषा
    द्वितीय तल, व्यावसायिक परिसर, सेक्टर-27,
    नवा रायपुर अटल नगर, छत्तीसगढ़

    आवेदन निर्धारित प्रारूप में आवश्यक दस्तावेजों एवं उपलब्धियों के विवरण के साथ निर्धारित समय-सीमा के भीतर भेजना होगा। सम्मान से संबंधित विस्तृत जानकारी, नियमावली एवं आवेदन का निर्धारित प्रारूप संस्कृति विभाग की वेबसाइट www.cgculture.in पर उपलब्ध है।

  • भिलाई-दुर्ग में जर्जर इमारतों पर एक्शन, जल्द चलेगा बुलडोजर

    भिलाई-दुर्ग में जर्जर इमारतों पर एक्शन, जल्द चलेगा बुलडोजर

    भिलाई नगर.

    जिले में असामाजिक तत्वों के सुरक्षित ठिकाने और अपराध के केंद्र बन चुके जर्जर व लावारिस भवनों पर अब जिला प्रशासन का जल्द बुलडोजर चलेगा। एसएसपी की रिपोर्ट के आधार पर कलेक्टर ने ऐसे खतरनाक, जर्जर और अनुपयोगी भवनों को प्राथमिकता के आधार पर जल्द से जल्द ध्वस्त करने के निर्देश दिए हैं।

    भिलाई-दुर्ग से आसपास के कई स्थानों को चिह्नांकित किया है। जर्जर व असामाजिक गतिविधियों के अड्डे चिन्हित : छावनी थाना क्षेत्र क्वार्टर के बैकुंठधाम, भगत सिंह चौक स्कूल, इस्पात क्लब, सुभाष चौक, मेंटेनेंस ऑफिस, पानी टंकी, रोजगार कार्यालय, शीतला कॉम्प्लेक्स कैंप 2, मदर टेरेसा नगर, पुराना पुलिस क्वार्टर, जवाहर उद्यान (बीएसपी और ननि मिलाई का स्वामित्य), खुर्सीपार थाना क्षेत्र के तेलगु मोहल्ला, जोन 3 स्कूल खंडहर, बापू नगर, उड़िया स्कूल, बापू नगर तीन तालाब परिसर खंडहर (बीएसपी और ननि भिलाई का स्वामित्य), पद्मनाभपुर थाना क्षेत्र के रायपुर नाका रेलवे क्वार्टर, सुलभ शौचालय के पास खंडहर, पीडब्ल्यूडी क्वार्टर आरटीओ व पीएचई ऑफिस के सामने (बीएसपी और पीडब्ल्यूडी का स्वामित्र), मोहन नगर थाना क्षेत्र के तितुरडीह की पुरानी शराब भट्टी, धमधा नाका सब्जी मंडी स्थित परित्यक्त सुलभ कॉम्प्लेक्स, कातुलबोर्ड 7 मंजिला भवन (ननि दुर्ग, पीडब्ल्यूडी व निजी) व भिलाई नगर थाना क्षेत्र के सेक्टर-6 स्थित इंडियन बैंक, बैंक ऑफइंडिया, पीएनबी, पीएंडटी और आयकर विभाग की कॉलोनियां (बैंक व केंद्रीय विभाग) शामिल है।

  • छत्तीसगढ़ हॉकी लीग की तैयारी, 28-29 सितंबर को टीम ट्रायल

    छत्तीसगढ़ हॉकी लीग की तैयारी, 28-29 सितंबर को टीम ट्रायल

    छत्तीसगढ़ हॉकी लीग के लिए 28-29 सितम्बर को टीम सलेक्शन ट्रायल

    समन्वय और तकनीकी सहायता के लिए खेल विभाग ने अधिकारियों को दी जिम्मेदारी

    सरदार वल्लभ भाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम में होगा ट्रायल, 6 टीमें बनेंगी

    रायपुर
     रायपुर में होने वाले छत्तीसगढ़ हॉकी लीग के पहले सीजन के टीमों के चयन के लिए खेल एवं युवा कल्याण विभाग ने प्रक्रिया शुरू कर दी है। टीमों के चयन के लिए रायपुर के सरदार वल्लभ भाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम के पिच-1 में 28 सितम्बर और 29 सितम्बर को दो दिवसीय चयन ट्रायल का आयोजन किया जा रहा है। चयन ट्रायल के सुचारू आयोजन, आवश्यक समन्वय एवं तकनीकी सहायता के लिए विभाग ने तीन अधिकारियों की टीम बनाई है। चयन ट्रायल के लिए आवश्यक तकनीकी एवं आयोजन संबंधी कार्यवाही छत्तीसगढ़ हॉकी संघ द्वारा निर्धारित नियमों एवं मापदंडों के अनुसार की जाएगी।

    खेल एवं युवा कल्याण विभाग की संचालक श्रीमती आकांक्षा शिक्षा खलखो ने छत्तीसगढ़ हॉकी संघ को परिपत्र जारी कर खिलाड़ियों के चयन ट्रायल के लिए आवश्यक कार्यवाही करने को कहा है। विभाग ने निर्धारित तिथियों एवं समय पर चयन ट्रायल के आयोजन के साथ ही ट्रायल प्रारंभ होने के पहले चयन पूर्व मानदंडों और चयन प्रक्रिया का लिखित विवरण उपलब्ध कराने को कहा है। विभाग ने चयन प्रक्रिया पारदर्शी और निर्धारित मानदंडों के अनुरूप संपादित कर चयनित 6 टीमों की सूची एवं चयन प्रक्रिया से संबंधित प्रतिवेदन खेल संचालनालय को उपलब्ध कराने को कहा है।

    इन अधिकारियों को मिली जिम्मेदारी

    खिलाड़ियों के चयन के लिए होने वाले ट्रायल को सुव्यवस्थित तरीके से संचालित करने के लिए खेल एवं युवा कल्याण विभाग ने आवश्यक तकनीकी और आयोजन संबंधी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी तीन अधिकारियों को सौंपी है। इनमें खेल अधिकारी श्री दीनू प्रसाद पटेल, रायपुर में हॉकी की वरिष्ठ प्रशिक्षक श्रीमती रश्मि संध्या एक्का और बिलासपुर में वरिष्ठ हॉकी प्रशिक्षक श्री राकेश टोप्पो शामिल हैं। 

    21 अक्टूबर से 1 नवम्बर तक होगी छत्तीसगढ़ हॉकी लीग, 6 टीमें उतरेंगी

    छत्तीसगढ़ हॉकी लीग के पहले सीजन में राज्य के विभिन्न क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करने वाली छह टीमें मैदान में उतरेंगी। इनमें राजधानी रॉयल्स, चित्रकूट चैलेंजर्स, संस्कारधानी स्ट्राइकर्स, चक्रधर चैंपियंस, न्यायधानी नाइट्स और मैनपाट टाइटन्स शामिल हैं। इन टीमों में खेलने वाले खिलाड़ियों के चयन के लिए ट्रायल 28-29 सितम्बर को रायपुर के सरदार वल्लभ भाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम के पिच-1 में सवेरे 9 बजे से आयोजित किए जा रहे हैं।