Category: छत्तीसगढ़

  • युवाओं के लिए बड़ी खबर, छत्तीसगढ़ में राज्यस्तरीय रोजगार मेले से खुलेंगे नौकरी के रास्ते

    युवाओं के लिए बड़ी खबर, छत्तीसगढ़ में राज्यस्तरीय रोजगार मेले से खुलेंगे नौकरी के रास्ते

    छत्तीसगढ़ के लगभग 10 हजार युवाओं को मिलेंगे रोजगार के अवसर

    रायपुर में 7-8 अक्टूबर को सरकार द्वारा आयोजित किया जा रहा राज्यस्तरीय रोजगार मेला

    रायपुर
    रोजगार की तलाश कर रहे छत्तीसगढ़ के युवाओं के लिए बड़ा अवसर सामने आया है। छत्तीसगढ़ सरकार आगामी 7-8 अक्टूबर को रायपुर में दो दिवसीय राज्यस्तरीय रोजगार मेला आयोजित कर रही है। इस रोजगार मेले में करीब 10 हजार युवाओं को नौकरियां मिलने की उम्मीद है। अलग-अलग शैक्षणिक योग्यताओं और हुनर वाले युवा इस मेले में हिस्सा लेकर नौकरियां पा सकते हैं। 

                    कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार विभाग द्वारा यह मेला बूढ़ापारा स्थित सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में आयोजित किया जाएगा। इसका उद्देश्य प्रदेश के शिक्षित और प्रशिक्षित युवाओं को निजी क्षेत्र में उनकी योग्यता के अनुरूप रोजगार के अधिक अवसर उपलब्ध कराना है। इसके लिए अब तक 62 कंपनियों और प्लेसमेंट एजेंसियों से 9,449 रिक्त पदों की जानकारी सरकार को मिली है।अन्य कंपनियों से भी संपर्क जारी है, जिससे उपलब्ध अवसरों की संख्या और बढ़ने की संभावना है। इस मेले के माध्यम से स्थानीय कंपनियों के साथ राष्ट्रीय स्तर की निजी कंपनियों को भी एक मंच पर लाया जा रहा है। 

                   रोजगार मेले के दूसरे दिन (8 अक्टूबर) मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और कौशल विकास एवं रोजगार मंत्री गुरु खुशवंत साहेब चयनित युवाओं को ऑफर लेटर वितरित करेंगे। यह आयोजन युवाओं को रोजगार से जोड़ने और स्वावलंबी बनाने की दिशा में प्रदेश सरकार के प्रयासों को आगे बढ़ाएगा।कौशल विकास एवं रोजगार मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा, ‘राज्य सरकार युवाओं के सर्वांगीण विकास और उन्हें स्वावलंबी बनाने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। रोजगार मेले के माध्यम से अधिक से अधिक युवाओं को उनकी योग्यता और कौशल के अनुरूप अवसर दिलाने का प्रयास है।’

    विभिन्न क्षेत्रों में रोजगार के अवसर

                इस मेले में दसवीं और बारहवीं पास युवाओं से लेकर आईटीआई, डिप्लोमा और इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर चुके अभ्यर्थियों के लिए रिक्तियां उपलब्ध हैं। कृषि स्नातक, सामान्य स्नातक तथा एमबीए और एमसीए सहित स्नातकोत्तर योग्यताधारी युवा भी अपनी पात्रता के अनुसार आवेदन कर सकते हैं। तकनीकी प्रशिक्षण प्राप्त युवाओं के लिए मशीन ऑपरेटर, असेंबली ऑपरेटर, फिटर, वेल्डर, इलेक्ट्रिशियन, इलेक्ट्रिक मीटर टेक्नीशियन और मेंटेनेंस इलेक्ट्रिशियन जैसे पद भी रिक्तियों में शामिल हैं। मैकेनिकल इंजीनियर और गुणवत्ता निरीक्षक के पदों के लिए भी रिक्तियां प्राप्त हुई हैं। 

               इनके अलावा कंप्यूटर ऑपरेटर, कस्टमर केयर एग्जीक्यूटिव, टेलीकॉलर,  रिलेशनशिप मैनेजर, सेल्स एग्जीक्यूटिव और सेल्स ऑफिसर जैसे पदों पर काम करने के इच्छुक अभ्यर्थियों के लिए भी रोजगार मेले में रिक्तियां उपलब्ध हैं। साथ ही बैंकिंग, फाइनेंस और मानव संसाधन (एचआर) से संबंधित अवसर भी मेले में उपलब्ध कराए जा रहे हैं। स्वास्थ्य एवं देखभाल के क्षेत्र में नर्सिंग स्टाफ और केयर टेकर सहित  सुरक्षा सेवाओं में गार्ड और सुपरवाइजर, जबकि परिवहन तथा सामान की आवाजाही से जुड़े कामों में ड्राइवर, डिलीवरी कर्मी, बाइक राइडर और पिकर-पैकर जैसे पद भी इसमें शामिल हैं। अभ्यर्थी अपनी योग्यता, रुचि और संबंधित पद की पात्रता देखकर आवेदन कर सकेंगे।

    ये कंपनियां एवं संस्थाएं लेंगी हिस्सा

                रोजगार मेले के लिए क्वेस कॉर्प, रैंडस्टैड इंडिया, राजस्थान टेक्सटाइल मिल्स-सतलज टेक्सटाइल्स, वर्द्धमान टेक्सटाइल्स, जेनस पावर इंफ्रास्ट्रक्चर और एयरटेल पेमेंट बैंक जैसी कंपनियों ने रिक्तियां उपलब्ध कराई हैं। इनके अलावा इंस्टाकार्ट, स्पंदना स्फूर्ति फाइनेंशियल, स्वतंत्र माइक्रोफिन, एनआईआईटी, आइसेक्ट, शांता टेक्नो, राजत इक्विपमेंट्स और फर्स्ट फ्लाई कॉर्पाेरेट भी इनमें शामिल हैं।

    ई-रोजगार पोर्टल से ऑनलाइन आवेदन

               रोजगार मेले में आवेदन और चयन प्रक्रिया को सुगम तथा व्यवस्थित बनाने के लिए ई-रोजगार पोर्टल का उपयोग किया जा रहा है। विभिन्न कंपनियों और प्लेसमेंट एजेंसियों से प्राप्त रिक्तियोंको पोर्टल पर प्रदर्शित किया जा रहा है। इच्छुक युवा आधिकारिक पोर्टल www.erojgar.cg.gov.in पर रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं, घर बैठे पदों की जानकारी देख सकते हैं और अपनी पात्रता के अनुसार आवेदन कर सकते हैं। इससे उन्हें मेले से पहले ही उपलब्ध रोजगार अवसरों को समझने का समय मिलेगा।

                नियोजक भी पोर्टल पर अभ्यर्थियों की प्रोफाइल और आवेदन देख सकेंगे। इनके आधार पर जरूरत के अनुसार उम्मीदवारों की सूची तैयार करने तथा प्रारंभिक चयन प्रक्रिया संचालित करने की सुविधा होगी। 

                  इससे पहले वित्त वर्ष 2024-25 और 2025-26 में छत्तीसगढ़ रोजगार एवं प्रशिक्षण विभाग के राज्य एवं जिला स्तरीय रोजगार मेलों और प्लेसमेंट कैंप में 9,463 अभ्यर्थी चयनित हुए थे।रोजगार विभाग के   आंकड़ों के अनुसार 2024-25 में 311 प्लेसमेंट कैंप और रायपुर, दुर्ग एवं बिलासपुर में रोजगार मेले आयोजित हुए जिनमें 5,314 अभ्यर्थी चयनित हुए।जबकि 2025-26 में 245 प्लेसमेंट कैंप और रायपुर, बलौदाबाजार एवं दुर्ग में आयोजित रोजगार मेले में 4,149 अभ्यर्थी चयनित हुए। वित्त वर्ष 2026 में सितंबर तक राज्य में 224 प्लेसमेंट कैंप और रोजगार मेलों का आयोजन हो चुका है, जिनमें 8,878 अभ्यर्थी चयनित हुए हैं।

  • दिव्यांग सहायता योजना से संकट की घड़ी में मिला संबल, बच्चों का भविष्य संवारने में जुटीं रोशनी

    दिव्यांग सहायता योजना से संकट की घड़ी में मिला संबल, बच्चों का भविष्य संवारने में जुटीं रोशनी

    रायपुर

    जीवन में अचानक आई कठिन परिस्थितियों के बीच शासन से मिली आर्थिक सहायता ने गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के नगर पालिका परिषद गौरेला निवासी मती रोशनी रोहनी को अपने बच्चों के भविष्य को संवारने का संबल दिया है। पति के आकस्मिक निधन के बाद परिवार की पूरी जिम्मेदारी उनके कंधों पर आ गई। ऐसे मुश्किल समय में श्रम विभाग की दिव्यांग सहायता योजना के अंतर्गत मिली एक लाख रुपए की सहायता राशि ने परिवार को आर्थिक सहारा प्रदान किया।

    मती रोशनी रोहनी के पति श्रम विभाग में निर्माण श्रमिक के रूप में पंजीकृत थे। उनके आकस्मिक निधन के बाद परिवार के सामने आजीविका के साथ बच्चों की पढ़ाई जारी रखने की चिंता भी खड़ी हो गई। इस कठिन परिस्थिति में योजना के तहत एक लाख रुपए की आर्थिक सहायता मिलने से उन्हें परिवार को तत्काल जरूरतों को पूरा करने और आगे की व्यवस्था बनाने में मदद मिली।

    मती रोशनी के लिए यह सहायता बच्चों की शिक्षा को निरंतर जारी रखने का माध्यम भी बनी है। वे प्राप्त राशि का उपयोग बच्चों की पढ़ाई-लिखाई और उनके बेहतर भविष्य के लिए कर रही हैं। परिस्थितियां कठिन होने के बावजूद उनका प्रयास है कि आर्थिक परेशानी बच्चों की शिक्षा और उनके सपनों की राह में बाधा न बने।

    मती रोशनी का कहना है कि पति के निधन के बाद परिवार की जिम्मेदारियां अचानक बढ़ गई थीं। ऐसे समय में मिली आर्थिक सहायता से उन्हें बच्चों की शिक्षा की चिंता कुछ कम करने में मदद मिली। अब वे बच्चों को अच्छी शिक्षा देकर उन्हें अपने पैरों पर खड़ा करने के संकल्प के साथ आगे बढ़ रही हैं।

    योजना का लाभ मिलने पर मती रोशनी ने मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि संकट के समय मिली यह सहायता उनके परिवार के लिए महत्वपूर्ण संबल बनी है। इससे उन्हें बच्चों की पढ़ाई जारी रखने और भविष्य की ओर आगे बढ़ने का हौसला मिला है।

    श्रमिक परिवारों के जीवन में आकस्मिक परिस्थितियां कई बार गंभीर आर्थिक चुनौतियां खड़ी कर देती हैं। ऐसे समय में मिलने वाली आर्थिक सहायता परिवार की तत्काल जरूरतों को पूरा करने के साथ बच्चों की शिक्षा जैसी महत्वपूर्ण आवश्यकताओं को जारी रखने में भी सहायक होती है। मती रोशनी की कहानी इसी सहायता से कठिन परिस्थितियों के बीच आगे बढ़ने के प्रयास को दर्शाती है।

  • फूलगोभी की उन्नत खेती से प्रमोद सिंह को मिला 1.50 लाख रुपए का लाभ

    फूलगोभी की उन्नत खेती से प्रमोद सिंह को मिला 1.50 लाख रुपए का लाभ

    रायपुर

    गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के किसान परंपरागत खेती के साथ उद्यानिकी फसलों को अपनाकर अपनी आय बढ़ाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। ग्राम पंचायत देवरगांव, विकासखंड गौरेला के कृषक श्री प्रमोद सिंह ने भी आधुनिक एवं उन्नत कृषि तकनीकों को अपनाते हुए फूलगोभी की व्यावसायिक खेती कर अपनी मेहनत को बेहतर आमदनी में बदला है। उन्होंने लगभग 2 एकड़ क्षेत्र में फूलगोभी की खेती से अब तक करीब 1.50 लाख रुपए का लाभ अर्जित किया है।

    श्री प्रमोद सिंह पहले भी उद्यानिकी विभाग की विभिन्न योजनाओं का लाभ प्राप्त कर चुके हैं। विभाग द्वारा उन्हें समय-समय पर उन्नत कृषि तकनीकों, फसल प्रबंधन, नवीन उद्यानिकी गतिविधियों एवं विभागीय योजनाओं की जानकारी देने के साथ आवश्यक तकनीकी मार्गदर्शन प्रदान किया जाता रहा है। इसी मार्गदर्शन और अपने अनुभव का उपयोग करते हुए उन्होंने फूलगोभी की व्यावसायिक खेती शुरू की।

    फसल की बेहतर देखभाल, समय पर आवश्यक कृषि कार्य और वैज्ञानिक तकनीकों के उपयोग से उन्हें अच्छा उत्पादन प्राप्त हुआ। बाजार में उपज की बिक्री से अब तक लगभग 1.50 लाख रुपए का लाभ मिलने से श्री प्रमोद सिंह उत्साहित हैं। इस सफलता ने उनका आत्मविश्वास बढ़ाया है और अब वे उद्यानिकी गतिविधियों को और विस्तार देने के लिए प्रेरित हुए हैं।

    श्री प्रमोद सिंह की सफलता बताती है कि खेती में आधुनिक तकनीक, सही फसल चयन और बेहतर प्रबंधन को अपनाकर किसान अपनी आय में वृद्धि कर सकते हैं। उद्यानिकी विभाग का तकनीकी मार्गदर्शन और कृषक की मेहनत का समन्वय खेती को लाभकारी व्यवसाय के रूप में विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उनकी यह पहल क्षेत्र के अन्य किसानों को भी उद्यानिकी फसलों की व्यावसायिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित कर रही है।

  • मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना बनी श्रमिक परिवार का सहारा, बच्चों की पढ़ाई की राह हुई आसान

    मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना बनी श्रमिक परिवार का सहारा, बच्चों की पढ़ाई की राह हुई आसान

    रायपुर

    मेहनत-मजदूरी से परिवार चलाने वाले श्रमिकों के लिए बच्चों की अच्छी शिक्षा का खर्च कई बार बड़ी चुनौती बन जाता है। ऐसे परिवारों के बच्चों की पढ़ाई आर्थिक अभाव के कारण प्रभावित न हो, इसके लिए श्रम विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना सहारा बन रही है। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के पेंड्रा विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत बचरवार निवासी निर्माण श्रमिक  राजेश कुमार पाण्डेय का परिवार भी इस योजना से लाभान्वित हो रहा है। उनके दो बच्चों को छात्रवृत्ति मिलने से पढ़ाई से जुड़े खर्चों को पूरा करने में आर्थिक सहयोग मिला है।

     राजेश कुमार पाण्डेय निर्माण श्रमिक के रूप में मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं। सीमित आमदनी में घर की रोजमर्रा की जरूरतों के साथ बच्चों की शिक्षा का खर्च उठाना उनके लिए आसान नहीं था। इसके बावजूद उनकी इच्छा थी कि आर्थिक परिस्थितियां बच्चों की पढ़ाई में बाधा न बनें और उन्हें आगे बढ़ने के पर्याप्त अवसर मिलें।

    ऐसे समय में मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना ने परिवार को आर्थिक संबल दिया। योजना के तहत पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के बच्चों को कक्षा पहली से लेकर उच्च शिक्षा तक अध्ययन के लिए निर्धारित वार्षिक छात्रवृत्ति प्रदान की जाती है।  पाण्डेय के दो बच्चों को इसका लाभ मिलने से उनकी शिक्षा से संबंधित आवश्यक खर्चों को पूरा करने में परिवार को मदद मिली है।

     पाण्डेय बताते हैं कि बच्चों की पढ़ाई उनके लिए हमेशा प्राथमिकता रही है। आमदनी सीमित होने के कारण शिक्षा से जुड़े खर्चों की चिंता बनी रहती थी, लेकिन छात्रवृत्ति मिलने से यह आर्थिक दबाव कुछ कम हुआ है। अब वे बच्चों की पढ़ाई को निरंतर जारी रखने और उन्हें बेहतर भविष्य देने के लिए अधिक विश्वास के साथ आगे बढ़ रहे हैं।

    योजना का लाभ मिलने पर  राजेश पाण्डेय ने मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि श्रमिक परिवार अपनी मेहनत से परिवार की जरूरतें पूरी करते हैं, लेकिन बच्चों की शिक्षा पर होने वाला खर्च कई बार उनके लिए कठिन हो जाता है। ऐसे में छात्रवृत्ति के रूप में मिलने वाली आर्थिक सहायता उनके जैसे परिवारों के लिए महत्वपूर्ण सहयोग है।

    मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के माध्यम से निर्माण श्रमिकों के बच्चों को शिक्षा से जुड़े रहने और आगे की पढ़ाई जारी रखने के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। ग्राम बचरवार के  राजेश पाण्डेय के परिवार की कहानी बताती है कि ऐसी सहायता सीमित आय वाले श्रमिक परिवारों के लिए बच्चों की शिक्षा को निरंतर बनाए रखने में उपयोगी साबित हो रही है।

  • चार घायल स्वस्थ होकर अस्पताल से डिस्चार्ज

    चार घायल स्वस्थ होकर अस्पताल से डिस्चार्ज

    रायपुर

    उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने अस्पताल पहुंचकर जाना सड़क हादसे में घायलों का हाल

    नेशनल हाईवे-30 स्थित मरकाटोला घाट पर हुए दर्दनाक सड़क हादसे में घायल कवर्धा के लोगों से मिलने उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक  विजय शर्मा रायपुर के पंडित जवाहरलाल नेहरू स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय पहुंचे। उन्होंने घायलों का कुशलक्षेम जाना और उनके परिजनों से मुलाकात कर उपचार की स्थिति की जानकारी ली।

    उप मुख्यमंत्री  शर्मा ने घायल रोमन सोरा से मुलाकात कर उनसे स्वास्थ्य के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने परिजनों से भी उपचार और अस्पताल में उपलब्ध कराई जा रही चिकित्सा सुविधाओं के बारे में चर्चा की। परिजनों ने उपचार व्यवस्था पर संतुष्टि व्यक्त की।

     शर्मा ने विशेषज्ञ चिकित्सकों से घायल के स्वास्थ्य और आगे के उपचार की जानकारी ली। चिकित्सकों ने बताया कि घायल के पैरों का ऑपरेशन किया जाना है। शारीरिक स्थिति सामान्य होने के बाद आवश्यक चिकित्सकीय प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इस पर उप मुख्यमंत्री ने चिकित्सकों एवं संबंधित अधिकारियों को बेहतर उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर अस्पताल सुपरिटेंडेंट डॉ संतोष सोनकर, हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ सुंदरानी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

     उल्लेखनीय है कि उप मुख्यमंत्री  शर्मा हादसे के बाद से लगातार सभी घायलों के उपचार की जानकारी ले रहे हैं। एक घायल को उच्च स्तरीय उपचार के लिए निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां आयुष्मान कार्ड के माध्यम से निःशुल्क उपचार सुनिश्चित कराया जा रहा है। घायलों के परिजनों के ठहरने के लिए सेवा सदन में निःशुल्क व्यवस्था भी उपलब्ध कराई गई थी। 

     उप मुख्यमंत्री  शर्मा ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि अस्पतालों में भर्ती सभी घायलों को समुचित एवं बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि घायलों के उपचार में किसी भी प्रकार की कमी नहीं होनी चाहिए। इस बीच स्वास्थ्य में सुधार के बाद चार घायलों अरमान कोसले, गणेश पात्रे, प्रदीप साहू और दीप चन्द्र को अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया।

  • युवाओं का बढ़ाया उत्साह  युवा संवाद में सेवा, सामाजिक जिम्मेदारी और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी का किया आह्वान

    युवाओं का बढ़ाया उत्साह युवा संवाद में सेवा, सामाजिक जिम्मेदारी और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी का किया आह्वान

    रायपुर

     प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्षों की जनसेवा को समर्पित ‘सेवा संकल्प यात्रा’ वडनगर (गुजरात) से वाराणसी (उत्तर प्रदेश) तक जनसेवा से राष्ट्रसेवा का संदेश लेकर आगे बढ़ रही है। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत निकली इस यात्रा के जांजगीर पहुंचने पर जिले के प्रभारी मंत्री एवं वित्त मंत्री  ओ.पी. चौधरी सहित जनप्रतिनिधियों, युवाओं और नागरिकों ने बाइक यात्रियों का आत्मीय स्वागत किया।

    इस अवसर पर वित्त मंत्री  चौधरी स्वयं बाइक रैली में शामिल हुए और युवाओं का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने युवा संवाद कार्यक्रम में युवाओं से सीधा संवाद करते हुए उन्हें सेवा, सामाजिक जिम्मेदारी और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में वडनगर से वाराणसी तक सेवा यात्रा कर रहे युवाओं को शाल एवं पुष्पगुच्छ भेंटकर सम्मानित किया गया।

    प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी की 25 वर्षों की सार्वजनिक जीवन यात्रा जनसेवा और राष्ट्रसेवा को समर्पित : वित्त मंत्री  ओ.पी. चौधरी

    युवा संवाद को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री  ओ.पी. चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष केवल वर्षों का आंकड़ा नहीं, बल्कि जनसेवा, राष्ट्रसेवा और भारत के विकास के संकल्प की यात्रा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री  मोदी ने सार्वजनिक जीवन की शुरुआत से ही राष्ट्रहित और जनसेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। गुजरात के मुख्यमंत्री से लेकर देश के प्रधानमंत्री तक उनकी सार्वजनिक जीवन की यात्रा सेवा और समर्पण की भावना से जुड़ी रही है।

    मंत्री  चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री  मोदी ने सार्वजनिक जीवन में प्रतिभाशाली और समाज के लिए योगदान देने की क्षमता रखने वाले लोगों को आगे आने के अवसर प्रदान किए हैं। वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण के संकल्प में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। छत्तीसगढ़ को भी विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए सामूहिक प्रयास आवश्यक हैं। युवाओं की ऊर्जा, प्रतिभा, नवाचार और सकारात्मक सोच इस विकास यात्रा को नई गति दे सकती है।

    विकास के साथ संस्कृति और विरासत को आगे बढ़ाना भी हमारी जिम्मेदारी : मंत्री  चौधरी

    वित्त मंत्री  चौधरी ने कहा कि विकास के साथ-साथ अपनी संस्कृति और विरासत को सहेजते हुए आगे बढ़ाना भी हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने युवाओं का आह्वान किया कि वे सेवा और समर्पण की भावना के साथ समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाएं तथा विकसित भारत के संकल्प से जुड़कर देश और प्रदेश के विकास में योगदान दें।

    सांसद मती कमलेश जांगड़े ने कहा कि 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर तक सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से सेवा, समर्पण और जनभागीदारी की भावना को जन-जन तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने वडनगर से वाराणसी तक यात्रा कर रहे युवाओं के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि युवाओं की सक्रिय भागीदारी से सेवा और सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश समाज के विभिन्न वर्गों तक प्रभावी रूप से पहुंचता है।

    पूर्व नेता प्रतिपक्ष  नारायण चंदेल ने सेवा संकल्प यात्रा में शामिल युवाओं का स्वागत करते हुए कहा कि अभियान के माध्यम से सेवा की भावना को गांव-गांव और जन-जन तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इसके माध्यम से नागरिकों तक जनसेवा, विकास और सुशासन से जुड़े कार्यों की जानकारी भी पहुंच रही है। उन्होंने यात्रा में शामिल युवाओं का उत्साहवर्धन करते हुए सफल यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं।

    कार्यक्रम में सांसद मती कमलेश जांगड़े, बेलतरा विधायक  सुशांत शुक्ला सहित अनेक जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में युवा उपस्थित थे।        

  • “बच्चों के अंदर अपना बचपना ढूंढता हूं…” जमीन पर बैठकर बच्चों संग खेले श्री अरुण साव

    “बच्चों के अंदर अपना बचपना ढूंढता हूं…” जमीन पर बैठकर बच्चों संग खेले श्री अरुण साव

    रायपुर

    उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव सेवा संकल्प अभियान के तहत आज लोरमी में आंगन मिलन उत्सव में शामिल हुए। उन्होंने नन्हें बच्चों के साथ जमीन पर बैठकर खेला और उनके साथ घुल-मिलकर स्नेह-दुलार से बातें की। बच्चों के साथ बिताए इन पलों में श्री साव का सहज और आत्मीय अंदाज नजर आया। उन्होंने बच्चों को मिठाई और खिलौने भी दिए। उपहार पाकर बच्चों के चेहरे खिल उठे।

    आंगन मिलन उत्सव में अन्नप्राशन और गोदभराई की रस्म भी संपन्न की गई। कार्यक्रम में आंगनबाड़ी परियोजना अधिकारियों, सुपरवाइजर्स एवं कार्यकर्ताओं का सम्मान किया गया। आंगन मिलन उत्सव में नन्हें बच्चों ने लाल टमाटर बड़े मजेदार, आंगनबाड़ी जाएंगे और आलू कचालू बेटे कहां गए थे जैसे बाल गीत सुनाए। बच्चों की मासूम प्रस्तुतियों और खिलखिलाहट से पूरा आंगनबाड़ी परिसर खुशनुमा हो गया।

    इस दौरान आयोजित सुपोषण चौपाल में बच्चों और माताओं के पोषण से जुड़े विषयों पर चर्चा हुई। उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने कहा कि स्वस्थ और सुपोषित बचपन ही मजबूत भविष्य की नींव है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार हर घर मुनगा, घर-घर मुनगा अभियान के माध्यम से पोषण को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास कर रही है। 

    प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने भी ‘मन की बात’ कार्यक्रम में इस पहल की प्रशंसा की है। श्री साव ने कहा कि बच्चों के बेहतर पोषण के लिए सरकार के प्रयासों के साथ परिवार और समाज की भागीदारी भी जरूरी है।

  • महानदी हमारी जीवनधारा और हमारी समृद्धि का आधार : मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय

    महानदी हमारी जीवनधारा और हमारी समृद्धि का आधार : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

    रायपुर

    मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने कहा है कि महानदी हमारी जीवनधारा और हमारी समृद्धि का आधार है। महानदी केवल जल का स्रोत नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ और ओडिशा दोनों राज्यों के जनजीवन, कृषि और संस्कृति से जुड़ी जीवनदायिनी नदी है। उन्होंने कहा कि हम सबका प्रयास है कि महानदी के जल के बेहतर प्रबंधन से दोनों राज्यों में सिंचाई व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जा सके तथा नई परियोजनाओं के द्वार खुल सकें।

    मुख्यमंत्री  साय आज नई दिल्ली में महानदी के बेहतर जल प्रबंधन और छत्तीसगढ़ एवं ओडिशा के हितों के अनुरूप समाधान को लेकर आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में शामिल हुए। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री  अमित शाह की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में केंद्रीय जलशक्ति मंत्री  सी. आर. पाटिल की उपस्थिति रही। बैठक में ओडिशा के मुख्यमंत्री  मोहन चरण माझी भी शामिल हुए।

    मुख्यमंत्री  साय ने कहा कि आदरणीय प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व और केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री  अमित शाह के मार्गदर्शन में दोनों राज्यों की डबल इंजन सरकारें आपसी संवाद, सहयोग और वैज्ञानिक दृष्टिकोण के साथ समाधान की दिशा में आगे बढ़ रही हैं।

  • शिक्षा मंत्री  गजेन्द्र यादव होंगे मुख्य अतिथि, राज्यसभा सांसद  लक्ष्मी वर्मा करेंगी अध्यक्षता

    शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव होंगे मुख्य अतिथि, राज्यसभा सांसद लक्ष्मी वर्मा करेंगी अध्यक्षता

    रायपुर

    राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ द्वारा 2 अक्टूबर को राज्य स्तरीय सर्वधर्म प्रार्थना सभा का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम सुबह 10 बजे बलवीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम, बूढ़ापारा, रायपुर में आयोजित होगा।

    सर्वधर्म प्रार्थना सभा के माध्यम से महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री के आदर्शों और विचारों का स्मरण करते हुए समाज में शांति, प्रेम, भाईचारा, सद्भाव और एकता का संदेश दिया जाएगा। कार्यक्रम में विभिन्न धर्मों के प्रति आदर और आपसी सौहार्द की भावना को मजबूत करने का संकल्प लिया जाएगा। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि शिक्षा मंत्री एवं भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष  गजेन्द्र यादव होंगे। राज्यसभा सांसद एवं भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ की प्रदेश उपाध्यक्ष  लक्ष्मी वर्मा कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगी।

    भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ के राज्य मुख्य आयुक्त  इंद्रजीत सिंह खालसा ने नागरिकों से कार्यक्रम में गरिमामयी उपस्थिति प्रदान कर सर्वधर्म समभाव, शांति और राष्ट्रीय एकता के संदेश को सशक्त बनाने की अपील की है।उल्लेखनीय है कि 2 अक्टूबर को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती मनाई जाती है। दोनों महान विभूतियों के जीवन से सत्य, अहिंसा, सादगी, सेवा, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्र के प्रति समर्पण की प्रेरणा मिलती है। इसी भावना को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से राज्य स्तरीय सर्वधर्म प्रार्थना सभा का आयोजन किया जा रहा है।

  • वर्किंग सीजन का पूरा उपयोग करने पीडब्लूडी तैयार, विभागीय सचिव ने निर्माणाधीन और स्वीकृत पुलों एवं राष्ट्रीय राजमार्गों के कार्यों की समीक्षा की

    वर्किंग सीजन का पूरा उपयोग करने पीडब्लूडी तैयार, विभागीय सचिव ने निर्माणाधीन और स्वीकृत पुलों एवं राष्ट्रीय राजमार्गों के कार्यों की समीक्षा की

    रायपुर

    लोक निर्माण विभाग के सचिव  मुकेश कुमार बंसल ने आज सेतु परिक्षेत्र और राष्ट्रीय राजमार्ग परिक्षेत्र के अधिकारियों एवं ठेकेदारों की बैठक लेकर प्रदेशभर में निर्माणाधीन तथा स्वीकृत कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने बरसात की समाप्ति के बाद वर्किंग सीजन का पूर्ण उपयोग करते हुए निर्माणाधीन कार्यों के साथ ही स्वीकृत नए कार्यों को भी पूरी तेजी से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आगामी मार्च तक 100 पुलों के निर्माण पूर्ण कर आवागमन के लिए खोलना है। उन्होंने इसके लिए सभी ठेकेदारों को कार्यस्थलों पर पर्याप्त निर्माण सामग्री, मशीनरी और मानव संसाधन सुनिश्चित करने को कहा।

    लोक निर्माण विभाग के सचिव ने नवा रायपुर में पीडब्लूडी मुख्यालय 'निर्माण भवन' में आयोजित बैठक में निर्माणाधीन पुलों एवं राष्ट्रीय राजमार्गों की कार्यवार समीक्षा की। उन्होंने सभी कार्यस्थलों पर पूरी गति से कार्य प्रारंभ करने के निर्देश दिए। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को सभी समस्याओं का तत्परता से निराकरण कर कार्यस्थलों को ठेकेदारों को सौंपने कहा, ताकि वे पूरी क्षमता से कार्यों को गति दे सके। उन्होंने कहा कि फील्ड में कार्यों की कड़ाई से मॉनिटरिंग की जाएगी। वे स्वयं कार्यस्थलों पर जाकर औचक निरीक्षण करेंगे। टाइमलाइन और मानकों के अनुरूप कार्य नहीं होने पर अधिकारियों एवं ठेकेदारों पर कार्रवाई की जाएगी।

     बंसल ने चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 की समाप्ति तक निर्माण कार्यों की अच्छी भौतिक और वित्तीय प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने निर्माण कार्यों को निर्धारित समयावधि में पूर्ण गुणवत्ता के साथ पूरे करने को सर्वोच्च प्राथमिकता देने को कहा। उन्होंने निर्माण कार्यों के पूर्ण होते ही सभी दस्तावेजीकरण, जीएसटी, सेटलमेंट और तकनीकी प्रक्रियाओं को पूर्ण कर ठेकेदारों को अंतिम भुगतान कर टेंडर क्लोज करने के निर्देश दिए। 

    विभागीय सचिव ने राष्ट्रीय राजमार्गों के नए कार्यों को जल्द प्रारंभ करने भू-अर्जन, वन व्यपवर्तन, यूटीलिटी शिफ्टिंग और पेड़ों की कटाई की कार्यवाही तत्परता से करने को कहा। उन्होंने प्रशासकीय स्वीकृति प्राप्त कार्यों की निविदा प्रक्रिया और कार्यादेश की भी जानकारी ली। उन्होंने कार्यपालन अभियंताओं और अनुविभागीय अधिकारियों को वरिष्ठ अधिकारियों की अनुमति के बिना मुख्यालय नहीं छोड़ने के निर्देश दिए। लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता  वी.के. भतपहरी, अपर सचिव  एस.एन. वास्तव, सेतु परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता  एस.के. कोरी और राष्ट्रीय राजमार्ग परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता  ज्ञानेश्वर कश्यप सहित दोनों परिक्षेत्रों के सभी अधीक्षण अभियंता तथा कार्यपालन अभियंता समीक्षा बैठक में मौजूद थे।