Category: राज्य

  • हर जिले में साप्ताहिक अभियान चलाने का आदेश, CM योगी ने अधिकारियों को दिए निर्देश

    हर जिले में साप्ताहिक अभियान चलाने का आदेश, CM योगी ने अधिकारियों को दिए निर्देश

     लखनऊ

    यूपी में लोगों की समस्याओं को लेकर सीएम योगी ने बड़ा फैसला लिया है. अब प्रदेश के सभी 75 जिलों में हर सप्ताह विकास खंड स्तर पर विशेष चौपाल लगाई जाएगी, जहां जमीन विवाद, घरेलू हिंसा, पुलिस शिकायत, अवैध वसूली और सरकारी योजनाओं से जुड़ी समस्याओं का तुरंत निस्तारण करने की कोशिश होगी। 

    सीएम योगी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई कानून-व्यवस्था और प्रशासनिक समीक्षा बैठक में अधिकारियों से दो टूक कहा कि जनता की समस्या का औपचारिक निस्तारण नहीं, बल्कि वास्तविक समाधान होना चाहिए. यानी अब सिर्फ फाइल बंद कर देना काफी नहीं होगा. अधिकारी को यह सुनिश्चित करना होगा कि शिकायतकर्ता को वास्तव में राहत मिली या नहीं. सरकार की योजना के मुताबिक हर विकास खंड में सप्ताह में एक दिन चौपाल लगेगी. इसमें जिले के बड़े अधिकारी भी मौजूद रहेंगे. लोगों की शिकायतें सीधे सुनी जाएंगी और मौके पर कार्रवाई की जाएगी। 

    किन समस्याओं पर होगा फोकस

    सरकार ने साफ किया है कि इन चौपालों में सिर्फ सामान्य शिकायतें नहीं, बल्कि रोजमर्रा की बड़ी परेशानियों पर खास फोकस रहेगा. इनमें प्रमुख रूप से राजस्व और जमीन विवाद, घरेलू हिंसा के मामले,  पुलिस द्वारा शिकायत दर्ज न करना,  अवैध वसूली की शिकायतें, सरकारी योजनाओं का लाभ न मिलना पेंशन, राशन, आवास और आयुष्मान जैसी योजनाओं से जुड़ी दिक्कतों पर सुनवाई होगी.  सरकार चाहती है कि पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ सीधे पहुंचे और उन्हें महीनों तक अधिकारियों के चक्कर न काटने पड़ें। 

    अफसरों को मिला सख्त संदेश
    बैठक में मुख्यमंत्री योगी ने अधिकारियों को साफ चेतावनी दी कि शिकायतों को हल्के में लेने की आदत अब नहीं चलेगी. उन्होंने कहा कि आईजीआरएस और सीएम हेल्पलाइन पर आने वाली हर शिकायत को गंभीरता से लिया जाए. कई बार देखा गया है कि अधिकारी सिर्फ जवाब अपलोड कर मामले को बंद कर देते हैं, जबकि जमीन पर समस्या जस की तस बनी रहती है. मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसा रवैया बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। 

    त्योहारों को लेकर भी सख्त निर्देश
    बैठक में सिर्फ चौपाल योजना ही नहीं, बल्कि आने वाले गंगा दशहरा और बकरीद को लेकर भी बड़े निर्देश दिए गए. मुख्यमंत्री ने कहा कि बकरीद पर सार्वजनिक स्थलों पर कुर्बानी की अनुमति नहीं होगी. प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी पर पूरी तरह रोक रहेगी और कुर्बानी सिर्फ तय स्थानों पर ही की जाएगी. उन्होंने साफ कहा कि किसी भी नई परंपरा को बढ़ावा नहीं दिया जाएगा. इसके साथ ही नमाज को लेकर भी निर्देश दिए गए कि सड़क जाम करके नमाज पढ़ने की अनुमति किसी भी हालत में नहीं दी जाए. नमाज सिर्फ पारंपरिक स्थानों पर ही अदा होगी। 

    खुले में मांस बिक्री और अवैध स्लॉटर हाउस पर सख्ती
    सरकार ने त्योहारों के दौरान साफ-सफाई और कानून व्यवस्था को लेकर भी सख्त रुख अपनाया है. मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि खुले में मांस की बिक्री नहीं होनी चाहिए. अवैध स्लॉटर हाउस किसी भी हालत में संचालित न हों. साथ ही वैध बूचड़खानों में भी तय क्षमता से अधिक पशु रखने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है. बैठक में अलीगढ़, बिजनौर, सहारनपुर, रामपुर और संभल जैसे संवेदनशील जिलों के अधिकारियों से अलग से बात की गई. मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले वर्षों की घटनाओं का अध्ययन किया जाए और संभावित उपद्रवियों की सूची पहले से तैयार रखी जाए. जरूरत पड़ने पर निषेधात्मक कार्रवाई भी की जाए. साथ ही सभी जिलों में पीस कमेटी की बैठकों और फ्लैग मार्च बढ़ाने के निर्देश दिए गए. साथ ही तेज गर्मी को देखते हुए श्रद्धालुओं के लिए छायादार स्थान और मेडिकल सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए। 

    बिना नंबर प्लेट वाहनों पर चलेगा अभियान
    बैठक में सड़क सुरक्षा और अपराध नियंत्रण पर भी चर्चा हुई. मुख्यमंत्री ने बिना नंबर प्लेट वाले वाहनों के खिलाफ अभियान चलाने के आदेश दिए. इसके अलावा अवैध खनन पर भी सरकार ने सख्त रुख दिखाया. टास्क फोर्स बनाकर कार्रवाई करने और किसी भी दबाव में न आने के निर्देश दिए गए. मुख्यमंत्री ने कहा कि जीरो टॉलरेंस नीति के तहत कार्रवाई हो, लेकिन आम नागरिकों को परेशान नहीं किया जाना चाहिए। 

    भू-माफियाओं पर और सख्त होगी कार्रवाई
    सरकार ने भू-माफियाओं के खिलाफ अभियान तेज करने के भी निर्देश दिए हैं. मुख्यमंत्री ने कहा कि अवैध कब्जा करने वालों पर कार्रवाई हो, लेकिन किसी भी आम नागरिक के वैध अधिकार प्रभावित नहीं होने चाहिए. इसी दौरान जिन जिलों में मुख्य चिकित्सा अधिकारी की नियुक्ति नहीं है, वहां जल्द तैनाती करने के भी निर्देश दिए गए. वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई इस बैठक में प्रदेश के सभी मंडलायुक्त, जिलाधिकारी, पुलिस कमिश्नर, आईजी, एसएसपी और एसपी मौजूद रहे। 

  • पंजाब में निकाय चुनाव कल, प्रशासन अलर्ट मोड पर; पोलिंग पार्टियों की आज होगी रवानाी

    पंजाब में निकाय चुनाव कल, प्रशासन अलर्ट मोड पर; पोलिंग पार्टियों की आज होगी रवानाी

    चंडीगढ़ 
    पंजाब के 105 नगर निकायों के लिए 26 मई को मतदान होगा और 29 मई को मतगणना के बाद नतीजे घोषित किए जाएंगे। रविवार को चुनावी शोर थम गया और अब रैलियों व सभाओं पर पाबंदी रहेगी और उम्मीदवार घर-घर जाकर प्रचार करेंगे। आज पोलिंग पार्टियां रवाना होंगी।

    पंजाब के आठ नगर निगमों, 76 नगर परिषदों और 21 नगर पंचायतों की सीटों के लिए यह चुनाव हो रहे हैं। चुनाव के लिए 7555 उम्मीदवार मैदान में हैं क्योंकि 79 उम्मीदवारों को निर्विरोध चुन लिया गया है। 2393 उम्मीदवारों ने अपना नाम वापस ले लिया था।

    इनमें सबसे अधिक उम्मीदवार सत्तापक्ष आम आदमी पार्टी (आप) के चुनाव लड़ रहे हैं जिनकी संख्या 1801 हैं। दूसरे नंबर पर कांग्रेस के 1550, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के 1316, शिरोमणि अकाली दल के 1251, बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के 96, 1528 निर्दलीय और 13 अन्य उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं। निकाय चुनाव सभी दलों के लिए अहम हैं, क्योंकि इसे 2027 में विधानसभा चुनाव का सेमीफाइनल माना जा रहा है।

    अकाली दल ने की मतदान का समय बढ़ाने की मांग 
    शिरोमणि अकाली दल ने राज्य चुनाव आयोग से मतदान का समय बढ़ाने की मांग की है। अकाली नेता डॉ. दलजीत सिंह चीमा ने कहा कि मतदान का समय सुबह 8 से 5 बजे की जगह सुबह 7 से शाम 6 बजे तक बढ़ाया जाना चाहिए। चीमा ने कहा कि प्रदेश में इस समय भीषण गर्मी का प्रकोप है जिसका असर मतदान प्रतिशत पर पड़ सकता है। अगर सुबह और शाम के चलते मतदान का समय दो घंटे बढ़ा दिया जाए तो उससे मतदान प्रतिशत में वृद्धि होगी। मौजूदा समय मजदूरों के लिए भी उपयुक्त नहीं है क्योंकि वो काम के कारण अपने मताधिकार का उपयोग नहीं कर पाएंगे।

     

  • लुधियाना में हाई अलर्ट! दिलजीत दोसांझ और मेयर के घर को बम से उड़ाने वाला ईमेल आया

    लुधियाना में हाई अलर्ट! दिलजीत दोसांझ और मेयर के घर को बम से उड़ाने वाला ईमेल आया

    लुधियाना 
    पंजाबी सिंगर दिलजीत दोसांझ और लुधियाना की मेयर प्रिंसिपल इंद्रजीत कौर के घर को बम से उड़ने की धमकी भरा मेल मिला है. यह मेल सोमवार की सुबह लुधियाना नगर निगम कमिश्नर की सरकारी ईमेल आईडी पर आया है. इस मेल में कहा गया है कि लुधियाना की मेयर प्रिंसिपल इंद्रजीत कौर के घर को दोपहर 1:11 पर बम से उड़ा दिया जाएगा जबकि रात 9:11 पर दिलजीत दोसांझ के घर पर हमला होगा. यह मेल खालिस्‍तान नेशनल आर्मी की तरफ से भेजा गया बताया जा रहा है।

     पुलिस अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक, सोमवार सुबह-सुबह नगर निगम कमिश्नर के आधिकारिक ईमेल अकाउंट पर एक धमकी भरा मेल आया. बता दें कि इससे पहले पंजाब के कई स्कूलों को भी बम से उड़ाने की धमकियां दी जा चुकी हैं। 

    इस ईमेल में लिखा था कि लुधियाना की मेयर और सिंगर दिलजीत दोसांझ के ठिकानों पर जोरदार धमाके किए जाएंगे. धमकी देने वाले ने इस हरकत को अंजाम देने के लिए बकायदा एक खास तारीख और समय का भी जिक्र किया था। 

    ईमेल में खास लोगों और संगठन के नामों का भी हवाला
    सूत्रों ने बताया कि इस ईमेल में कुछ खास लोगों और एक संगठन के नामों का भी हवाला दिया गया है. पुलिस और साइबर एक्सपर्ट्स की टीमें इस ईमेल की बारीकी से जांच कर रही हैं ताकि सच्चाई का पता लगाया जा सके। 

    बम की इस खौफनाक धमकी के मिलते ही प्रशासन तुरंत एक्शन मोड में आ गया. सुरक्षा के मद्देनजर मेयर के कैंप ऑफिस और शहर के सभी संवेदनशील इलाकों में भारी संख्या में पुलिस बल और सुरक्षाकर्मियों को तैनात कर दिया गया है। 

    क्या लिखा है धमकी भरे ईमेल में? सुबह करीब 7:28 बजे आई ईमेल आईडी का विषय "B"0mb Blast – Mayor Office Ludhiana!" रखा गया है। ईमेल में धमाकों का समय भी निर्धारित किया गया है। दोपहर 1:11 बजे लुधियाना मेयर पर हमले की धमकी दी गई है। इसके साथ ही रात 9:11 बजे दिलजीत दोसांझ के लुधियाना स्थित घर पर धमाके की चेतावनी दी है। हमलावरों ने स्पष्ट शब्दों में लिखा है कि “कोई भी मदद दिलजीत दोसांझ करेगा, मारा जाएगा।”

    1984 के दंगों का जिक्र, 6 जून तक का अल्टीमेटम
    ईमेल में 1984 के सिख दंगों का हवाला देते हुए "खून का बदला खून" की बात लिखी गई है। धमकी देने वालों ने लिखा है कि 6 जून तक बम धमाकों के जरिए निशाना बनाया जाएगा। किसने भेजी है यह धमकी? ईमेल के अंत में इसे 'खालिस्तान नेशनल आर्मी' (KHALISTAN National ARMY) की तरफ से भेजा गया बताया गया है। इसमें भेजने वालों के रूप में दो नाम लिखे गए हैं: 1. इंजीनियर गुरनख सिंह (रुकन शाहवाला) 2. डॉ. गुरनिरवैर सिंह (खान राजादा)

    पुलिस महकमा और साइबर सेल पूरी तरह अलर्ट
    धमकी के बाद पुलिस महकमा और साइबर सेल पूरी तरह अलर्ट पर है। ईमेल के आईपी एड्रेस और सेंडर को ट्रेस करने की त्वरित जांच शुरू कर दी गई है। मेयर कार्यालय और महत्वपूर्ण स्थानों की सुरक्षा कड़ी किए जाने की संभावना है।

    जांच में जुटी पुलिस और खुफिया एजेंसियां
    लुधियाना पुलिस और खुफिया एजेंसियां इस धमकी की गंभीरता को परखने और ईमेल भेजने वाले के आईपी एड्रेस को ट्रैक करने में जुट गई हैं. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभी तक जांच के दौरान किसी भी जगह से कोई भी संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री बरामद नहीं हुई है। 

    इसके बावजूद, प्रशासन इस पूरे मामले को बेहद गंभीरता से ले रहा है और पूरी सतर्कता के साथ चप्पे-चप्पे पर सर्च ऑपरेशन और चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। 

     

  • जयपुर बनेगा कूटनीति का केंद्र, मार्को रुबियो का दौरा भारत-अमेरिका रिश्तों को देगा नया रंग

    जयपुर बनेगा कूटनीति का केंद्र, मार्को रुबियो का दौरा भारत-अमेरिका रिश्तों को देगा नया रंग

    जयपुर

    अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो के जयपुर दौरे की तैयारियां जोरों पर हैं. रुबियो सोमवार (25 मई) को परिवार के साथ जयपुर आ रहे हैं. इस हाई-प्रोफाइल दौरे को लेकर गुलाबी नगरी में प्रशासनिक और कूटनीतिक हलचल तेज हो गई है. यह दौरा सिर्फ एक औपचारिक यात्रा नहीं है, बल्कि भारत और अमेरिका के मजबूत होते रिश्तों के लिहाज से भी बेहद अहम है. यही वजह है कि राजस्थान की राजधानी में व्यवस्था चाक-चौबंद है. रूबियो के दौरे का शेड्यूल और उससे जुड़ी हर जरूरी बात इस खास रिपोर्ट में पढ़िए.

    हाथी गांव में चल रही विशेष तैयारियां
    मार्को रूबियो के हाथी गांव में दौरे को लेकर भी तैयारियां चल रही हैं. हालांकि, इससे जुड़ा कोई आधिकारिक कार्यक्रम जारी नहीं किया गया है. हाथी गांव विकास समिति के अध्यक्ष के मुताबिक, अमेरिकी विदेश मंत्री के आगमन को लेकर यहां विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं. उनका बेहद खास अंदाज में पारंपरिक स्वागत किया जाएगा. इसके साथ ही मरुधरा की इस धरती पर हाथियों को किस तरह रखा जाता है और उनका रखरखाव कैसे होता है, इसकी भी जानकारी दी जाएगी. इससे पहले जब फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों जयपुर आए थे, तब भी हाथियों के विशेष स्वागत ने दुनियाभर में सुर्खियां बटोरी थीं.

    राजस्थानी इतिहास को करीब से जानेंगे रुबियो
    सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह से अलर्ट मोड पर हैं. एयरपोर्ट से लेकर आमेर तक सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं. सूत्रों के मुताबिक, अमेरिकी विदेश मंत्री का विशेष विमान दोपहर करीब 2 बजे जयपुर एयरपोर्ट पर लैंड होगा. एयरपोर्ट पर राजस्थानी परंपरा के अनुसार उनका भव्य स्वागत किया जाएगा. इसके बाद उनका काफिला सीधे जयपुर के प्रतिष्ठित हेरिटेज होटल 'रामबाग पैलेस' के लिए रवाना होगा. रामबाग पैलेस में रुकने के बाद मार्को रूबियो राजस्थान के इतिहास के को करीब से देखने के लिए आमेर फोर्ट पहुंचेंगे.

    कल्चरल डिप्लोमेसी के लिहाज से भी अहम है दौरा
    जयपुर की विरासत, यहां की समृद्ध संस्कृति और राजस्थानी मेहमाननवाजी को इस पूरे दौरे का सबसे अहम हिस्सा माना जा रहा है. यही वजह है कि जानकार इस यात्रा को केवल राजनीतिक चश्मे से नहीं, बल्कि 'सांस्कृतिक कूटनीति' यानी कल्चरल डिप्लोमेसी के एक नए अध्याय के तौर पर देख रहे हैं.

  • 12 साल का जश्न: हरियाणा में भाजपा करेगी जनसंपर्क और विकास कार्यक्रमों की श्रृंखला

    12 साल का जश्न: हरियाणा में भाजपा करेगी जनसंपर्क और विकास कार्यक्रमों की श्रृंखला

    चंडीगढ़

     प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर हरियाणा भाजपा ने प्रदेशभर में विशेष कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारी शुरू कर दी है। इसी कड़ी में भाजपा हरियाणा प्रदेशाध्यक्ष मोहन लाल बडोली ने “बारह साल विश्वास के, विकास के, जनकल्याण के” कार्यक्रम को लेकर प्रदेश समिति का गठन किया है।

    प्रदेश कार्यालय ‘पंचकमल’ से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, यह समिति प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार की 12 वर्षों की उपलब्धियों, जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों को जनता तक पहुंचाने के लिए विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन करेगी। कार्यक्रमों के माध्यम से केंद्र सरकार की उपलब्धियों को जन-जन तक ले जाने की रणनीति पर काम किया जाएगा।

    गठित समिति में प्रदेश सचिव राहुल राणा को संयोजक बनाया गया है, जबकि पूर्व प्रदेश सचिव मनीष यादव को सह-संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा प्रदेश कोषाध्यक्ष अजय बंसल, राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य ओबीसी मोर्चा अवनीत कौर तथा युवा मोर्चा कार्यकारिणी सदस्य विकास दहिया को सदस्य बनाया गया है।

    भाजपा संगठन से जुड़े सूत्रों के अनुसार, यह समिति प्रदेशभर में विभिन्न जनसंपर्क, संवाद और उपलब्धि आधारित कार्यक्रम आयोजित कर सकती है, ताकि प्रधानमंत्री मोदी सरकार के 12 वर्षों के कार्यकाल को जनकल्याण और विकास के दृष्टिकोण से जनता के बीच प्रस्तुत किया जा सके।

  • दिल्ली सरकार का डिजिटल प्लान: सब-रजिस्ट्रार ऑफिस होंगे हाईटेक, खत्म होगा भ्रष्टाचार

    दिल्ली सरकार का डिजिटल प्लान: सब-रजिस्ट्रार ऑफिस होंगे हाईटेक, खत्म होगा भ्रष्टाचार

    नई दिल्ली

     मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली में संपत्ति की रजिस्ट्री की प्रक्रिया को लेकर बड़े बदलाव की तैयारी शुरू कर दी है। AI आधारित इस नई व्यवस्था से संपत्ति को लेकर बढ़ता विवाद खत्म होगा, भ्रष्टाचार की संभावना कम हो जाएगी, विवादित संपत्तियों के खरीद-फरोख्त पर रोक लगने के साथ साथ संपत्ति रजिस्ट्री की पूरी व्यवस्था पेपरलेस होगी। सीएम इन बदलावों को लेकर निजी कंपनियों के साथ बैठक भी कर चुकी हैं।

    मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि हम सब-रजिस्ट्रार कार्यालयों को आधुनिक पासपोर्ट सेंटर की तरह विकसित करना चाहते हैं। सब-रजिस्ट्रार कार्यालयों के वर्क कल्चर को बदलना चाहते हैं, जिससे भ्रष्टाचार, अनावश्यक देरी, लंबा इंतजार कम हो और पूरी व्यवस्था तकनीक पर आधारित हो। इससे पारदर्शिता बढ़ने के साथ जवाबदेही भी तय होगी

    AI से होगी मालिकाना हक की जांच
    सीएम ने बताया कि वह जिस प्रीमियम मॉडल का सब-रजिस्ट्रार ऑफिस चाहती हैं, वह डिजिटल और AI आधारित होगा। यानी आवेदन करने से लेकर प्रॉपर्टी के मालिकाना हक तक की जांच एआई आधारित व्यवस्था से होगी। आवेदकों को सब-रजिस्ट्रार ऑफिस में सिर्फ बायोमीट्रिक व फोटो खिंचवाने के लिए आना होगा। अभी संपत्ति की रजिस्ट्री कराने के लिए दोनों पार्टी आपस में एग्रीमेंट करते हैं। इसके बाद नोटरी से दस्तावेज तैयार करवाए जाते हैं, फिर सब-रजिस्ट्रार ऑफिस में समय लेकर आगे काम होता है।

    वेबसाइट पर भरी जाएगी फॉर्म की जानकारी
    नई व्यवस्था में दोनों पार्टियों के बीच होने वाले एग्रीमेंट की जानकारी वेबसाइट पर मौजूद फॉर्म में भरी जाएगी। अगर कोई विवादित संपत्ति है, या बुक्ड प्रॉपर्टी है तो AI उसके रिकॉर्ड से खुद मैच कर लेगी और उसपर रेड फ्लैग लगाएगी। इससे विवादित संपत्तियों के खरीद-फरोख्त पर रोक लगेगी। अगर संपत्ति में कोई समस्या नहीं है तो दोनों पक्ष सब-रजिस्ट्रार में जाएंगे। इसके बाद संपत्ति की रजिस्ट्री पर डिजिटल साइन होकर वह सीधे आवेदक के डिजी लॉकर में भी चला जाएगा।

    नए कॉन्सेप्ट के सब-रजिस्ट्रार ऑफिस में एसी वेटिंग रूम, डिजिटल हेल्प डेस्क, प्रशिक्षित स्टाफ, स्मार्ट टोकन सिस्टम और रीयल टाइम ऐप्लीकेशन ट्रैकिंग जैसी सुविधाएं होंगी।

    ये होगा फायदा
        विवादित प्रॉपर्टी की खरीद-फरोख्त नहीं हो पाएगी।
        मालिकाना हक की जांच ऑनलाइन की जाएगी।
        रजिस्ट्री के बाद सब-रजिस्ट्रार दस्तावेज को नहीं रोक सकेंगे।
        रजिस्ट्री में होने वाले भ्रष्टाचार पर रोक लगेगी।

  • गोल्डन टेंपल को बम से उड़ाने की धमकी! पुलिस ने सौरव बिस्वास को दबोचा

    गोल्डन टेंपल को बम से उड़ाने की धमकी! पुलिस ने सौरव बिस्वास को दबोचा

    अमृतसर.

    पश्चिम बंगाल के सौरव बिस्वास की गिरफ्तारी की सूचना अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस अंतरराष्ट्रीय आपराधिक पुलिस संगठन (इंटरपोल) को देने जा रही है। पता चला है कि आरोपित ने पाकिस्तान और बंगलादेश में क्रिप्टो करंसी के जरिए कुछ लोगों को भुगतान किया है।

    यह भुगतान किस डील के बदले में किया गया इसकी जांच करवाई जा रही है। आशंका जताई जा रही है कि ई-मेल के जरिए धमकियां देने वाला आरोपित सौरव बिस्वास के खिलाफ उक्त दो देशों के साथ-साथ अन्य देशों को भी वांछित हो सकता है। फिलहाल जांच मुकम्मल होने के बाद उसे फताहपुर जेल भेज दिया गया है। साइबर सेल के अधिकारी ने बताया कि केस में नए पहलू सामने आने पर आरोपित को दोबारा कोर्ट के जरिए प्रोडक्शन वारंट पर जेल से गिरफ्तार किया जा सकता है।
    बता दें सौरव बिस्वास ने छह महीने पहले से अब तक श्री हरिमंदिर साहिब को बम से उड़ने की 40 के करीब धमकियां ई-मेल भेज कर की थी। इसके अलावा आरोपित ने श्री गुरु रामदास जी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट, स्कूल, बस अड्डा, श्री दुर्ग्याणा मंदिर, रेलवे स्टेशन सहित देश के कई हिस्सों में ई-मेल भेजकर महत्वपूर्ण स्थलों को बम से उड़ाने की धमकियां दी थीं।

    पुलिस ने लंबी जांच पड़ताल के बाद सौरव बिस्वास को गिरफ्तार कर लिया। इसके कब्जे से तीन सौ से ज्यादा ई मेल आइडी और उनके पासवर्ड बरामद किए हैं। यह सभी उसने पैसे देकर विभिन्न लोगों से खरीदे थे और इसके जरिए फिर धमकियों का सिलसिला शुरु हुआ था। आरोपित के कब्जे से मिले तीन सीपीयू, पांच हार्ड डिस्क, तीन मोबाइल, एक इंटरनेट राउटर, 15 हाट मेल अकाउंट बरामद किए थे।

  • यूपी में बिजली संकट गहराया, रात में कटौती से लोग परेशान, सरकार ने बुलाई बैठक

    यूपी में बिजली संकट गहराया, रात में कटौती से लोग परेशान, सरकार ने बुलाई बैठक

    लखनऊ

    भीषण गर्मी से बिजली की खपत के सभी पुराने रिकॉर्ड टूट गए हैं। शुक्रवार (24 घंटे में) को प्रदेश में पहली बार 669 मिलियन (66.90 करोड़) यूनिट बिजली की खपत रही। बिजली की अधिकतम मांग भी शनिवार को 31 हजार मेगावाट के पार पहुंच गई है।

    दिन में तो मांग के मुताबिक बिजली की उपलब्धता है लेकिन शहर से लेकर गांव के ज्यादातर उपभोक्ताओं को तय शेड्यूल के अनुसार बिजली नहीं मिल पा रही है क्योंकि विद्युत वितरण सिस्टम में कहीं भी फाल्ट होने पर उसे जल्द ठीक करने के लिए पर्याप्त मैनपावर ही नहीं हैं।

    रात में मांग के मुताबिक पावर कारपोरेशन को कहीं से बिजली उपलब्ध न होने के कारण कई क्षेत्रों में घंटों कटौती हो रही है। बिजली कटौती से प्रदेशवासियों को हो रही दिक्कतों को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को ऊर्जा विभाग के अधिकारियों की बैठक बुलाई है।

    पारा चढ़ने से राज्य में इनदिनों 31 हजार मेगावाट से भी अधिक बिजली की मांग है। सुबह से ही पारा चढ़ने से स्थिति यह है कि सात बजे के आसपास भी बिजली की मांग 24-25 हजार मेगावाट से नीचे नहीं जा रही है।

    बिजली की बढ़ती मांग का ही नतीजा है कि पिछले वर्ष 12 जून को जहां 655.9 मिलियन यूनिट बिजली की खपत का रिकॉर्ड बना था वहीं अबकी 22 मई को ही 669 मिलियन यूनिट खपत का नया रिकॉर्ड बन गया है। पावर कारपोरेशन प्रबंधन का अनुमान है कि जून में बिजली की अधिकतम मांग 34 हजार मेगावाट तक पहुंच सकती है।

    प्रबंधन ने मांग के अनुमान के मुताबिक बिजली की उपलब्धता बनाए रखने के लिए कई अनुबंध तो पहले से किए ही हैं, बढ़ती मांग को देखते हुए पावर एक्सचेंज तथा विभिन्न राज्यों से बैंकिंग के जरिए भी बिजली का इंतजाम करने की कोशिश में है।

    हालांकि, देशभर में बिजली की मांग बढ़ने से एक्सचेंज से प्रबंधन को 10 रुपये यूनिट में भी पर्याप्त बिजली नहीं मिल पा रही है। ऐसे में सौर ऊर्जा के सहारे दिन में तो शहर से लेकर गांव तक को बिजली की आपूर्ति हो जा रही है लेकिन रात में आपूर्ति के लिए 33 हजार मेगावाट तक बिजली ही उपलब्धता ही नही है। ऐसे में खासतौर से गांवों में रात में बिजली की कटौती की जा रही है।

    हालांकि, रात में कटौती के एवज में दिन में अतिरिक्त बिजली देने के निर्देश दिए गए हैं लेकिन लोकल फाल्ट के चलते प्रदेशवासियों को घंटों बिजली कटौती से जूझना पड़ रहा है

    प्रबंधन का दावा जरूर है कि उद्योगों से लेकर महानगर, मंडल व जिला मुख्यालयों को 24 घंटे जबकि तय शेड्यूल से नगर पंचायतों को 22, तहसील को 21.52 घंटे, बुंदेलखंड को 21 घंटे बिजली दी जा रही है। कारपोरेशन की रिपोर्ट के अनुसार शुक्रवार को गांवों को 18 घंटे 37 मिनट बिजली दी गई है।

     

  • नौतपा शुरू होते ही राजस्थान में हीटवेव का खतरा, 19 जिलों में येलो अलर्ट जारी

    नौतपा शुरू होते ही राजस्थान में हीटवेव का खतरा, 19 जिलों में येलो अलर्ट जारी

    जयपुर

    राजस्‍थान में शनिवार को मौसम ने करवट ली. कई जगहों पर हल्की बूंदाबांदी और तेज हवाओं ने तापमान थोड़ा कम किया. जयपुर, हनुमानगढ़, अलवर, टोंक जिलों के आस पास तेज हवाएं चलने से रात में गर्मी का असर कम रहा. हालांकि, शेखावाटी क्षेत्र के आस पास पश्चिमी विक्षोभ बनने से आज भी हल्की बरसात हो सकती है, लेकिन आज से भीषण गर्मी का दौर शुरू होने वाला है.

    2 जून तक रहेगा नौतपा   
    कल यानी 25 मई से प्रदेश में नौतपा शुरू हो रहा है. 25 मई से 2 जून तक प्रदेश में नौतपा रहेगा. इस दौरान भीषण गर्मी का अलर्ट है. मौसम विभाग के मुताबिक, प्रदेश के कई इलाकों में तापमान 3 डिग्री तक बढ़ने का अनुमान है. पश्चिमी और पूर्वी भागों में हीटवेव का अलर्ट है.   

    जैसलमेर में तापमान 45 के पार
    पिछले 24 घंटे में जैसलमेर में सर्वाधिक अधिकतम तापमान 45.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. इसके अलावा बाड़मेर 45.1, फलोदी 45, बीकानेर में 44.9 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ प्रदेश के कई शहरों में 40 से अधिक तापमान दर्ज हुआ.  राजधानी जयपुर का तापमान 42.6 डिग्री तक पहुंच गया है.  
     
    19 शहरों में येलो अलर्ट
    मौसम विभाग ने आज 19 शहरों के लिए हीटवेव का येलो अलर्ट और 3 शहरों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. प्रदेश के अलवर, बारां, भरतपुर, चित्तौड़गढ़, डीग, धौलपुर, झालावाड़, झुंझनू, खैरथल तिजारा, कोटपुतली बहरोड़, कोटा, प्रतापगढ़, सीकर, बालोतरा, बाड़मेर, चूरू, हनुमानगढ़, जोधपुर, श्रीगंगानर में हीटवेव का येलो अलर्ट और बीकानेर, जैसलमेर और फलोदी में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है.  

    अभी तक 43 लोग लू की चपेट में आ चुके
    भीषण गर्मी से अभी तक 43 लोग लू की चपेट में आ चुके हैं. हालांकि, अच्छी बात रही सभी लोग इलाज के बाद स्वस्थ है. विभाग की अपील है कि हीटवेव के इन दिनों में लोग सावधानी से रहे. दिन के समय कम से कम घर से बाहर निकले. अगर कोई जरूरी काम से बाहर निकालना पड़े तो चेहरे और सर को सूती कपड़े से ढक कर निकले. अपने साथ पानी या अन्य पेय पदार्थ रखें. उसका सेवन करते रहे.

  • मानसा में चुनावी तैयारियां तेज, निर्वाचन आयोग ने मतदाताओं से मांगा सहयोग

    मानसा में चुनावी तैयारियां तेज, निर्वाचन आयोग ने मतदाताओं से मांगा सहयोग

    मानसा.

    भारतीय चुनाव आयोग नई दिल्ली द्वारा पंजाब राज्य में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) प्रोग्राम की घोषणा के साथ ही जिला चुनाव अधिकारी कार्यालय द्वारा तैयारियां की जा रही हैं। जिला चुनाव अधिकारी नवजोत कौर के निर्देश तहत चुनाव तहसीलदार भूषण कुमार ने कहा कि 25 जून से 24 जुलाई 2026 तक बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) द्वारा गिनती के फार्म भरे जाएंगे और जरूरी जानकारी इकट्ठा की जाएगी।

    चुनाव तहसीलदार ने कहा कि सभी योग्य वोटर्स अपने बीएलओ को जरूरी जानकारी और डाक्यूमेंट्स दें। उन्होंने कहा कि भरे गिनती के फार्म की दो कापी होंगी। एक कापी सेल्फ-अटेस्टेड करके बीएलओ को भेजनी होगी। जिन वोटर्स के नाम 2003 की वोटर लिस्ट में नहीं हैं, उन्हें भारत के चुनाव आयोग द्वारा आथराइज्ड 11 डाक्यूमेंट्स में से कोई एक जमा करना होगा। उन्होंने कहा कि इन डाक्यूमेंट्स में किसी भी सेंट्रल,स्टेट गवर्नमेंट,पीएसयू के रेगुलर कर्मचारी पेंशनर को जारी कोई भी आइडेंटिटी कार्ड,पेंशन पेमेंट आर्डर, 01 जुलाई 1987 से पहले भारत में गवर्नमेंट,लोकल अथारिटी,बैंक, पोस्ट आफिस, एलआईसी, पीएसयू द्वारा जारी कोई भी आइडेंटिटी कार्ड,सर्टिफिकेट,डाक्यूमेंट, काबिल अथारिटी द्वारा जारी पासपोर्ट, बर्थ सर्टिफिकेट, मान्यता प्राप्त बोर्ड,यूनिवर्सिटी द्वारा जारी मैट्रिकुलेशन,एजुकेशन सर्टिफिकेट, काबिल स्टेट अथारिटी द्वारा जारी परमानेंट रेजिडेंट सर्टिफिकेट, फारेस्ट राइट्स सर्टिफिकेट, काबिल स्टेट अथारिटी द्वारा जारी ओबीसी, एससी, एसटी या कोई भी कास्ट सर्टिफिकेट, नेशनल रजिस्टर आफ सिटिजन्स (जहां भी हो), स्टेट,लोकल अथारिटी द्वारा तैयार किया गया फैमिली रजिस्टर और गवर्नमेंट द्वारा कोई भी लैंड,हाउस अलाटमेंट सर्टिफिकेट शामिल हैं। चुनाव तहसीलदार ने जिले के सभी वोटरों से अपील की कि वे बीएलओ के साथ सहयोग करें और एसआईआर प्रोसेस को समय पर पूरा करने में प्रशासन की मदद करें।