Category: राजनीतिक

  • राघव चड्डा पर AAP का एक्शन, राज्यसभा उपनेता के पद से हटाए जाने का फैसला

    राघव चड्डा पर AAP का एक्शन, राज्यसभा उपनेता के पद से हटाए जाने का फैसला

    नई दिल्ली

    राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा को बड़ा झटका मिला है. आम आदमी पार्टी (AAP) ने राघव चड्ढा को राज्यसभा में उप नेता के पद से हटा दिया है. इतना ही नहीं, राज्यसभा में उनके बोलने पर भी कैंची चली है. जी हां, आम आदमी पार्टी ने राघव चड्ढा की जगह अब नया उपनेता चुना लिया है. अब आम आदमी पार्टी के सांसद अशोक मित्तल राज्यसभा में उपनेता होंगे. आम आदमी पार्टी ने इस बाबत राज्यसभा सचिवालय को पत्र सौंपा है। 

    सूत्रों के मुताबिक, आम आदमी पार्टी ने राज्यसभा सचिवालय को यह भी सूचित किया है कि सांसद राघव चड्ढा को संसद में बोलने के लिए समय आवंटित न किया जाए. दरअसल, राघव चड्ढा पर यह एक्शन ऐसे वक्त में हुआ है, जब वह लगातार राज्यसभा में जनहित के मुद्दों पर वोकल थे. लगातार जनहित के मुद्दों को उठा रहे थे. चाहे वो एयरपोर्ट पर 10 रुपए की चाय हो या डिलीवरी बॉयज के मुद्दे हों। 

        सूत्र बताते हैं कि पार्टी हाई कमान ने उन्हें चेतावनी दी थी कि वे बिना चर्चा के कुछ मुद्दों पर बोल रहे हैं. वह राज्यसभा में किस मुद्दे को उठाएंगे, इसकी जानकारी भी पार्टी को नहीं देते थे। 

    राघव चड्ढा केजरीवाल के बरी होने पर भी चुप थे
    हालांकि, आम आमदी पार्टी ने इस फैसले के पीछे का कारण नहीं बताया है. हालांकि, सूत्रों का कहना है कि यह फैसला अनुशासनहीनता और पार्टी लाइन का पालन न करने के आरोप में लिया गया हो सकता है. राघव चड्ढा पर आरोप लगते रहे हैं कि वह आम आदमी पार्टी की लाइन से अलग बात करते हैं. अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को जब राउज एवेन्यू कोर्ट बरी किया था, तब भी राघव चड्ढा का बयान सामने नहीं आया था। 

    राघव चड्ढा पर यह एक्शन क्यों?
    पहली वजह: जब दिल्ली में शराब कांड मामले में अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया समेत कईयों को जमानत मिली तब उस पर भी वह चुप थे। 

    दूसरी वजह: राघव राज्यसभा में पार्टी के कोटे से तय किए हुए समय में बोल रहे थे. इस वजह से पार्टी के अन्य सांसदों को मौका या तो नहीं मिल पाता था या कम मिलता था। 

    तीसरी वजह: पार्टी का स्टैंड सही से नहीं रख पा रहे थे या पार्टी के मुद्दों पर बोलने से बचते थे। 
    चौथी वजह:

    आप का अंदरूनी कलह 

    बहरहाल, राघव चड्डा ने इस पर अभी कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी है. इस घटना से आम आदमी पार्टी का अंदरूनी कलह सामने आ गया है. राज्यसभा में आम आदमी पार्टी के पास फिलहाल सीमित संख्या में सांसद हैं. संजय सिंह जेल में होने के बाद राघव चड्डा को अनौपचारिक रूप से उपनेता की जिम्मेदारी दी गई थी. वे कई महत्वपूर्ण बहसों में सक्रिय रहे. लेकिन पार्टी का कहना है कि व्यक्तिगत स्टाइल के बजाय सामूहिक फैसला जरूरी है। 

    राघव ने किन-किन मुद्दों को उठाया:

        राइट टू रिकॉल (जनता को नेता वापस बुलाने का अधिकार)
        मिडिल क्लास पर टैक्स बोझ:
        खाद्य पदार्थों में मिलावट का मुद्दा:
        गिग वर्कर्स (10 मिनट डिलीवरी वाले कामगारों) की सुरक्षा
        एयरपोर्ट पर महंगा चाय-पानी और फ्लाइट टिकट की समस्याएं

     

  • हाई कोर्ट में निर्मला सप्रे का जवाब- मैं कांग्रेस में हूं, 9 अप्रैल को स्पीकर के सामने पक्ष रखने के लिए तैयार नेता प्रतिपक्ष सिंघार

    हाई कोर्ट में निर्मला सप्रे का जवाब- मैं कांग्रेस में हूं, 9 अप्रैल को स्पीकर के सामने पक्ष रखने के लिए तैयार नेता प्रतिपक्ष सिंघार

     जबलपुर
     हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश संजीव सचदेवा व न्यायमूर्ति विनय सराफ की युगलपीठ के समक्ष मंगलवार को बीना विधायक निर्मला सप्रे के विरुद्ध नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार की याचिका पर सुनवाई हुई।

    मामले में उस समय नया मोड़ आया जब हाई कोर्ट के पूछने पर निर्मला सप्रे की ओर से दावा किया गया कि वे अभी भी कांग्रेस पार्टी में हैं। अब इस मामले में याचिकाकर्ता उमंग सिंघार को विधानसभा स्पीकर के सामने नौ अप्रैल को अपना पक्ष रखना है।

    सिंघार की याचिका पर विस अध्यक्ष ने निर्णय क्यों नहीं लिया
    इसके मद्देनजर कोर्ट ने मामले पर अगली सुनवाई 20 अप्रैल को नियत की है। सप्रे की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता संजय अग्रवाल ने पक्ष रखा। विगत सुनवाई के दौरान कोर्ट ने पूछा था कि 16 माह बीतने के बावजूद सिंघार की याचिका पर विधानसभा अध्यक्ष ने निर्णय क्यों नहीं लिया।

    विधायक निर्मला सप्रे का निर्वाचन शून्य करने की मांग की है
    उल्लेखनीय है कि विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने यह याचिका दायर की है। सिंघार ने कांग्रेस की बीना से विधायक निर्मला सप्रे का निर्वाचन शून्य करने की मांग की है। याचिकाकर्ता के अनुसार 30 जून 2024 को उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष तोमर के समक्ष इस मामले में याचिका दायर की थी। लेकिन निर्धारित 90 दिन के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित नहीं की गई। लिहाजा, हाई कोर्ट में याचिका दायर की गई।

    विधायक पर पार्टी विरोधी गतिविधि का आरोप लगाया गया है
    कांग्रेस ने अपनी ही पार्टी की विधायक पर पार्टी विरोधी गतिविधि का आरोप लगाया गया है। लोकसभा चुनाव के दौरान पांच मई, 2024 को राहतगढ़ में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के कार्यक्रम में मंच पर पहुंची थीं। याचिकाकर्ता का कहना है कि कांग्रेस विधायक सप्रे भाजपा में शामिल हो चुकी हैं।

     

  • बांग्ला कार्ड खेल रहीं ममता बनर्जी: अंडा-मछली पर बयान के पीछे क्या है चुनावी रणनीति?

    बांग्ला कार्ड खेल रहीं ममता बनर्जी: अंडा-मछली पर बयान के पीछे क्या है चुनावी रणनीति?

    कोलकाता
    पश्चिम बंगाल में चुनाव में ममता बनर्जी ने बांग्ला कार्ड चलना शुरू कर दिया है। बीते विधानसभा चुनाव यानी 2021 में भी उन्होंने भाजपा के आक्रामक अभियान के जवाब में यही कार्ड चला था। वही टीएमसी और यहां तक कि राज्य की सबसे बड़ी नेता हैं। पीएम नरेंद्र मोदी, अमित शाह समेत भाजपा के तमाम दिग्गज नेता बंगाल चुनाव के प्रचार में उतरते रहे हैं, लेकिन बांग्ला कार्ड ममता बनर्जी की सबसे बड़ी ताकत है। वह अपनी सभी सभाओं में बांग्ला बोलती हैं और स्थानीय मुद्दे ही उठाती हैं। आम लोगों से उनका कनेक्ट जोरदार है और बांग्ला संस्कृति, भाषा जैसे संवेदनशील मुद्दे उठाकर वह बढ़त बनाती रही हैं।

    ऐसा ही वह इस बार करती दिखने लगी हैं। उन्होंने एक रैली में सवाल उठा दिया कि यदि भाजपा सत्ता में आई तो फिर आप लोग मछली और अंडा नहीं खा पाएंगे। भाजपा मांसाहार के खिलाफ है और वह आपके खानपान पर ही पाबंदियां लगाने लगेगी। उन्होंने पश्चिम उत्तर प्रदेश और एनसीआर के कुछ इलाकों में हुए वाकयों के नाम पर ऐसा बयान दिया है। बंगाल में मछली खाना परंपरा का हिस्सा है और मांसाहार को लेकर वहां ऐसी कोई मान्यता नहीं है, जैसी उत्तर भारत के यूपी, राजस्थान, दिल्ली, हरियाणा जैसे राज्यों में दिखती हैं। ऐसे में बंगाल में उन्होंने भाजपा का नाम लेते हुए पाबंदियों की बात की तो साफ है कि वह बांग्ला कार्ड चलने की शुरुआत कर चुकी हैं।

    ममता बनर्जी ने कहा, 'भाजपा शासित राज्यों में मछली नहीं खाई जाती। भाजपा यदि सत्ता में आई तो आप मीट, अंडा और मछली नहीं खा सकेंगे। भाजपा एकतरफा है और वह किसी धर्म में यकीन नहीं करती। ये लोग दंगा भड़काते हैं। दंगों के जरिए ही ये सत्ता में आते हैं। ये लोगों को मरवाकर सत्ता में आते हैं।' भाजपा की ओर से इस मसले पर काउंटर भी किया गया है, लेकिन ममता बनर्जी के बयान के गहरे मायने हैं और आने वाली कुछ और रैलियों में वह इसकी चर्चा कर सकती हैं। दरअसल बांग्लादेशी घुसपैठियों के नाम पर अलग-अलग राज्यों में चलने वाले अभियानों को भी वह बांग्ला भाषियों के साथ उत्पीड़न को जोड़कर देखती रही हैं।

    इसे उन्होंने अकसर बांग्ला सम्मान से जोड़ा है और चुनाव में इसे मुद्दा बनाने की तैयारी में हैं। 2021 में भी वह बांग्ला प्राइड के नाम पर बढ़त लेती दिखी थीं। ऐसे में देखना होगा कि शुभेंदु अधिकारी, समिक भट्टाचार्य समेत कई बांग्ला भाषी नेताओं के चेहरे आगे कर लड़ने वाली भाजपा क्या काट निकालती है। भाजपा की टॉप लीडरशिप में शामिल नेताओं में पीएम मोदी, अमित शाह और नितिन नवीन जैसे नेता हैं। ये सभी गैर-बांग्ला भाषी हैं। ऐसे में ममता बनर्जी का उनकी ही शैली और भाषा में काउंटर करना मुश्किल हो जाता है।

    बंगाल में क्यों फूड कल्चर बन सकता है राजनीतिक मुद्दा
    बता दें कि भारत की विविधता खानपान में भी दिखती है। यदि सावन में मांसाहार करना उत्तर भारत में सही नहीं मानते तो पूर्वी भारत में ऐसी कोई परंपरा नहीं है। यहां तक कि मछली को तो बांग्ला संस्कृति में शुभ अवसरों पर परोसा ही जाता है। ऐसे में उत्तर भारतीय खानपान शैली उससे एकदम अलग है और दोनों को जोड़कर देखा नहीं जा सकता। भाजपा मोटे तौर पर उत्तर भारत में ज्यादा मजबूत रही है। ऐसे में उत्तर भारतीय राज्यों का हवाला देकर ममता बनर्जी आम बंगालियों में भगवा दल के प्रति एक दूरी बनाने का प्रयास कर रही हैं।

     

  • सरकार दबाव में? तेल खरीद पर पीएम ने किया समझौता: राहुल गांधी

    सरकार दबाव में? तेल खरीद पर पीएम ने किया समझौता: राहुल गांधी

    नई दिल्ली
    लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सोमवार को तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी एक कंप्रोमाइज्ड प्रधानमंत्री हैं। केरल में जनसभा को संबोधित करते हुए राहुल ने आरोप लगाया, 'अमेरिका-भारत समझौते के डिटेल देखने पर साफ हो जाएगा कि कोई भी भारतीय प्रधानमंत्री इसे तब तक नहीं साइन कर सकता जब तक वह कंप्रोमाइज्ड न हो।' राहुल गांधी ने कहा कि मोदी सरकार ने कृषि क्षेत्र को अमेरिकी किसानों के लिए खोल दिया है, साथ ही देश की ऊर्जा सुरक्षा को अमेरिकियों के हवाले कर दिया है। आज भारत अपनी मर्जी से तेल नहीं खरीद सकता, बल्कि उसे इजाजत लेनी पड़ती है।

    राहुल गांधी ने कहा कि नरेंद्र मोदी केरल में यूडीएफ सरकार नहीं चाहते हैं। उन्होंने कहा कि मोदी जानते हैं कि भ्रष्टाचार के कारण वे एलडीएफ सरकार को नियंत्रित कर सकते हैं और एलडीएफ कभी भी दिल्ली में उनको चुनौती नहीं दे सकता। इसलिए वे समझते हैं कि केवल कांग्रेस ही उन्हें दिल्ली और पूरे देश में हरा सकती है, इसी वजह से मोदी केरल में LDF को मजबूत करना चाहते हैं।

    सबरीमाला मुद्दे पर चुप रहने का आरोप
    राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि पीएम मोदी केरल दौरे के दौरान सबरीमाला मुद्दे पर चुप रहे, जो साफ संकेत है कि भाजपा और वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (LDF) साथ काम कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि 9 अप्रैल के लिए निर्धारित विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी को मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) और भाजपा के गठजोड़ से मुकाबला करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा, 'हम एलडीएफ के खिलाफ चुनाव लड़ रहे हैं, जिसे भाजपा का पूरा समर्थन प्राप्त है। एक तरफ संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (UDF) है और दूसरी तरफ माकपा-भाजपा का गठजोड़ है।

    'नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि केरल में भाजपा LDF को फायदा पहुंचाने के लिए गुपचुप तरीके से काम कर रही है। राहुल गांधी ने कहा, 'भाजपा यहां यूडीएफ को नहीं चाहती, क्योंकि वह जानती है कि राष्ट्रीय स्तर पर उसे चुनौती देने वाली एकमात्र ताकत कांग्रेस है। भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के साथ हमारी वैचारिक लड़ाई है।' उन्होंने दावा किया कि जहां विपक्षी नेताओं के खिलाफ केंद्रीय एजेंसियां कार्रवाई कर रही हैं, वहीं केरल में एलडीएफ नेतृत्व पर ऐसा कोई दबाव नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया, 'मेरे खिलाफ 36 मामले दर्ज किए गए हैं और मुझसे लगातार 55 घंटे तक पूछताछ की गई है। लेकिन केरल के मुख्यमंत्री या एलडीएफ नेताओं के खिलाफ ऐसी कोई कार्रवाई नहीं हुई है।'

     

  • CM हिमंत बोले: 99% हिंदू कांग्रेस छोड़ना चाहते हैं, हम ‘मियां’ समुदाय को कमजोर कर देंगे

    CM हिमंत बोले: 99% हिंदू कांग्रेस छोड़ना चाहते हैं, हम ‘मियां’ समुदाय को कमजोर कर देंगे

    गुवाहाटी

    असम में 9 अप्रैल को होने वाले विधानसभा चुनाव से ठीक पहले राजनीतिक बयानबाजी और दल-बदल का दौर तेज हो गया है। असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए दावा किया है कि कांग्रेस पार्टी के 99 प्रतिशत हिंदू सदस्य पार्टी छोड़ना चाहते हैं।

    कांग्रेस बन जाएगी 'एक समुदाय की पार्टी'
    समाचार एजेंसी पीटीआई को दिए एक इंटरव्यू में सीएम शर्मा ने अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाने के साथ-साथ कांग्रेस के भविष्य पर कई बड़े दावे किए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में कांग्रेस के विघटन की प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी है। उन्होंने दावा किया कि लगभग 99 प्रतिशत हिंदू कांग्रेस छोड़ना चाहते हैं। चुनाव नतीजों के बाद कांग्रेस केवल एक ही समुदाय की पार्टी बनकर रह जाएगी।

    कांग्रेस में मची है भगदड़
    सीएम का यह बयान ऐसे समय में आया है जब चुनाव से ठीक पहले असम में कांग्रेस को लगातार बड़े झटके लग रहे हैं। पार्टी के कई दिग्गज नेता हाल ही में भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हुए हैं। इनमें कांग्रेस सांसद प्रद्युत बोरदोलोई और प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा जैसे बड़े नाम शामिल हैं। इसके अलावा, कांग्रेस के टिकट पर पिछला चुनाव जीतने वाले विधायक- कमलाख्या डे पुरकायस्थ, शशिकांत दास, बसंत दास, सुशांत बोरगोहेन और रूपज्योति कुर्मी भी पार्टी छोड़ चुके हैं।

    विकास और 1.65 लाख नौकरियों का दावा
    अपनी सरकार के काम की तारीफ करते हुए सीएम सरमा ने कहा कि असम में बड़े राज्यों की तर्ज पर व्यापक विकास हुआ है। उन्होंने इस साल रिकॉर्ड तोड़ जीत के साथ भाजपा की सत्ता में वापसी का विश्वास जताया। उन्होंने कहा- हमने पिछले 5 सालों में 1.65 लाख लोगों को सरकारी नौकरियां दी हैं। यही कारण है कि राज्य में चुनाव एक 'उत्सवी माहौल' में संपन्न हो रहे हैं।

    घुसपैठ और 'पाकिस्तान-बांग्लादेश' वाला बयान
    शुक्रवार को मुख्यमंत्री ने इस बात को स्वीकार किया कि असम में घुसपैठ अभी भी एक बड़ा मुद्दा है। हालांकि, उन्होंने कहा- हम 9 अप्रैल के चुनाव के लिए पूरी तरह तैयार हैं। जनता भाजपा को सत्ता में वापस लाने के लिए उत्साहित है। मैं चुनाव जीतूंगा और जो काम हमें करने हैं, वो हमारे घोषणापत्र में शामिल होंगे।

    भाजपा सत्ता में लौटी तो असम में बांग्लादेशी ‘मियां’ समुदाय की कमर तोड़ देगी : हिमंत

    असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने  कहा कि अगर अगले महीने होने वाले विधानसभा चुनाव में भाजपा के नेतृत्व वाला गठबंधन सत्ता में वापस आता है, तो उनकी सरकार राज्य में बांग्लादेशी 'मियां' समुदाय की 'कमर तोड़ देगी।' उन्होंने कहा कि सरकार एक 'मजबूत असमिया समाज' के निर्माण के लिए काम करेगी और अवैध प्रवासी मूल निवासियों को चुनौती नहीं दे सकेंगे। लखीमपुर जिले के ढाकुआखाना में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए शर्मा ने कहा, 'हमने राज्य के मूल निवासियों के लिए बहुत मेहनत की है। जो लोग बांग्लादेश से आकर असम की जमीन और घरों पर अतिक्रमण कर रहे थे, हमने राजनीतिक रूप से उनके हाथ-पैर तोड़ दिए।' उन्होंने कहा, 'इस बार हम बांग्लादेशी मियाओं की कमर तोड़ देंगे, ताकि वे असमिया लोगों के लिए चुनौती बनने की हिम्मत न कर सकें।' 'मियां' मूल रूप से असम में बांग्ला भाषी मुसलमानों के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला एक अपमानजनक शब्द है, और गैर-बांग्ला भाषी लोग आम तौर पर उन्हें बांग्लादेशी अप्रवासी मानते हैं।

    इससे पहले समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए उन्होंने कहा था कि 'बांग्लादेशी' लोग कांग्रेस को वोट देंगे। उन्होंने तंज कसते हुए कहा- कांग्रेस में कौन जाना चाहता है? कांग्रेस भारत में अपनी सरकार नहीं बना सकती; वह पाकिस्तान या बांग्लादेश में सरकार बना सकती है। ऐसे में मैं कांग्रेस में कैसे जा सकता हूं? जब उनसे असम कांग्रेस अध्यक्ष गौरव गोगोई को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने टिप्पणी करने से साफ इनकार कर दिया और कहा- मैं उन्हें मुफ्त की पब्लिसिटी (मुफ्त प्रचार) नहीं देना चाहता।

    कांग्रेस का पलटवार: डीके शिवकुमार ने दिया जवाब
    असम के मुख्यमंत्री की इन टिप्पणियों पर कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता डीके शिवकुमार ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। शिवकुमार ने हिमंत बिस्वा सरमा पर लोगों का 'ध्रुवीकरण' करने का आरोप लगाया। असम कांग्रेस अध्यक्ष गौरव गोगोई का बचाव करते हुए शिवकुमार ने कहा- वह (सरमा) मेरे पीसीसी (PCC) अध्यक्ष के बारे में बोल रहे हैं। गौरव गोगोई के पिता (तरुण गोगोई) मुख्यमंत्री रहे हैं और वह खुद मौजूदा सांसद हैं। हिमंत उनसे डरे हुए हैं, इसीलिए उनके नाम का इस्तेमाल कर रहे हैं। राज्य में कोई बांग्लादेशी नहीं है।

  • तमिलनाडु चुनाव: DMK लड़ेगी 164 सीटों पर, स्टालिन उतरेंगे इस सीट से चुनावी मैदान में

    तमिलनाडु चुनाव: DMK लड़ेगी 164 सीटों पर, स्टालिन उतरेंगे इस सीट से चुनावी मैदान में

    चेन्नई

    तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए डीएमके ने सीटों का बंटवारा तय कर लिया है। सत्ता में बैठी डीएमके 234 में से 164 सीटों पर लड़ेगी, जबकि सहयोगियों के लिए 70 सीटें छोड़ी। मुख्यमंत्री एमके स्टालिन कोलाथुर से चुनाव लड़ेंगे।

    तमिलनाडु विधानसभा की 234 सीटों के लिए डीएमके के नेतृत्व वाले गठबंधन में दूसरे नंबर पर कांग्रेस पार्टी है। कांग्रेस को इस चुनाव में 28 सीटें मिली है। तीसरे नंबर पर डीएमडीके है, जो कि 10 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। चौथे नंबर पर वीसीके है, जो 8 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेगी। इसके अलावा सीपीएम और सीपीआई भी पांच-पांच सीटों को हासिल करने में कामयाब रहीं। गठबंधन में शामिल बाकी अन्य पार्टियां भी अपने प्रभुत्व अनुसार चुनाव लड़ेंगी।

    मीडिया से बात करते हुए मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने डीएमके के खाते में आई 164 सीटों पर उम्मीदवारों का भी ऐलान किया। मुख्यमंत्री स्टालिन अपनी पारंपरिक सीट कोलाथुर से चुनाव में हिस्सा लेंगे, वहीं उनके बेटे और उपमुख्यमंत्री उदयानिधि स्टालिन चेपॉक तिरुवल्लिकेनी से ही चुनावी मैदान में होंगे।

    इसके अलावा राज्य की कई हाई प्रोफाइल सीटों पर भी उम्मीवारों की घोषणा की गई। इसमें कोयंबटूर दक्षिण से राज्य सरकार में मंत्री सेंथिल बालाजी चुनाव लड़ेंगे। पिछली विधानसभा में वह करूर से चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे थे।

    आपको बता दें, तमिलनाडु विधानसभा चुनाव का मुकाबला इस बार दिलचस्प हो गया है। आम तौर पर यहां डीएमके और एआईडीएमके के बीच में ही मुकाबला होता है। इनमें डीएमके के साथ कांग्रेस खड़ी नजर आती है, तो वहीं एआईडीएमके के साथ भाजपा मैदान में होती है। लेकिन इस बार फिल्म अभिनेता से नेता बने विजय भी मैदान में हैं। इससे दोनों ही गठबंधनों की चिंता बढ़ गई है।

    सत्तारुढ़ गठबंधन का नेतृत्व कर रहे स्टालिन एक बार फिर से कांग्रेस और वाम दलों के साथ मिलकर चुनाव जीतने का प्रयास कर रहे हैं। दूसरी तरफ, भाजपा के साथ लोकसभा चुनाव की खट्टी-मीठी यादों को भुलाकर एआईडीएमके राज्य में अपनी खोई हुई सत्ता को दोबारा हासिल करने की कोशिश में है।

  • मंत्री का किन्नर के साथ अश्लील वीडियो वायरल, बवाल के बाद विपक्ष ने इस्तीफा मांगा

    मंत्री का किन्नर के साथ अश्लील वीडियो वायरल, बवाल के बाद विपक्ष ने इस्तीफा मांगा

    मुंबई 

    महाराष्ट्र के खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) मंत्री और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के नेता नरहरी झिरवल एक बड़े विवाद में घिर गए हैं। सोशल मीडिया पर उनका ट्रांसपर्सन (किन्नर) के साथ एक कथित वीडियो सामने आया है, जिसके बाद उनके इस्तीफे या बर्खास्तगी की मांग तेज हो गई है। कांग्रेस ने उनके इस कृत्य को अश्लील और अनैतिक बताते हुए मुख्यमंत्री से कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

    वीडियो और मंत्री का बचाव
    कांग्रेस नेताओं के अनुसार, यह वीडियो मंत्री के आधिकारिक आवास का है, जिसमें वह किन्नर के साथ आपत्तिजनक स्थिति में नजर आ रहे हैं। हालांकि, गुरुवार को एक मराठी समाचार चैनल से बात करते हुए झिरवल ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। झिरवल ने दावा किया कि यह एक 'डॉक्टर्ड' (छेड़छाड़ किया हुआ) और असेंबल किया गया वीडियो है, जिसे केवल उन्हें ब्लैकमेल करने की नीयत से लीक किया गया है। मंत्री ने यह माना कि वह वीडियो में दिख रहे किन्नर को पिछले पांच सालों से जानते हैं, लेकिन उनका कहना है कि इस ब्लैकमेलिंग के पीछे किसी ऐसे व्यक्ति का हाथ है जो उस ट्रांसपर्सन को जानता है। वीडियो में शराब की बोतलें दिखने के सवाल पर झिरवल ने स्पष्ट किया कि वह शराब नहीं पीते हैं। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि अभी तक किसी ने उनसे इस्तीफा नहीं मांगा है।

    विपक्ष का तीखा हमला और बर्खास्तगी की मांग

    इस घटना को लेकर विपक्षी दलों ने सरकार पर जमकर निशाना साधा है।

    कांग्रेस (विजय वडेट्टीवार): कांग्रेस नेता विजय वडेट्टीवार ने इसे बीजेपी के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार के भीतर चल रहा गैंग वॉर करार दिया। उन्होंने कहा कि सत्ताधारी दल एक-दूसरे को खत्म करने की कोशिश कर रहे हैं। वडेट्टीवार ने दावा किया कि ट्रांसपर्सन के भाई ने ही ब्लैकमेल करने के लिए यह वीडियो वायरल किया है।

    प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष (हर्षवर्धन सपकाल): उन्होंने इसे महाराष्ट्र की राजनीति में नैतिक पतन का ज्वलंत उदाहरण बताया। सोशल मीडिया पर उन्होंने लिखा कि जनता के भरोसे और टैक्सपेयर्स के पैसे पर बैठे एक जनप्रतिनिधि का ऐसा व्यवहार बेहद निंदनीय है। उन्होंने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से झिरवल को तुरंत कैबिनेट से हटाने की मांग की।

    आम आदमी पार्टी (प्रीति शर्मा मेनन): आप की मुंबई अध्यक्ष ने सीएम फडणवीस द्वारा अब तक कार्रवाई न किए जाने पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह वास्तव में 'कलयुग' है, जहां यौन अपराधी हमारे शासक हैं।

    सामाजिक कार्यकर्ताओं की प्रतिक्रिया
    सामाजिक कार्यकर्ता अंजलि दमानिया ने इस घटना पर टिप्पणी करते हुए कहा कि झिरवल जैसे वरिष्ठ मंत्री को अपनी मर्यादाओं और पद की गरिमा का ध्यान रखना चाहिए था। उन्होंने माना कि यह वीडियो ब्लैकमेल करने के इरादे से बनाया और वायरल किया गया है, और मामले की गहन जांच की मांग की।

    भ्रष्टाचार के पुराने विवादों से भी जुड़ा है नाम
    नासिक जिले के डिंडोरी विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले आदिवासी नेता नरहरि झिरवल पिछले महीने भी सुर्खियों में थे, जब उनके ही विभाग में भ्रष्टाचार का मामला सामने आया था। 12 फरवरी को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने FDA विभाग के क्लर्क राजेंद्र ढेरंगे को राज्य सचिवालय (मंत्रालय) के भीतर 35,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा था। रिश्वतखोरी से जुड़े एक स्टिंग ऑपरेशन के बाद झिरवल के निजी सचिव, डॉ. रामदास गाडे को भी उनके पद से हटाकर उनके मूल विभाग में वापस भेज दिया गया था।

  • इस बार लोग खेती-घर की बिजली मुफ्त, महिलाओं को एक हजार, 10 लाख का स्वास्थ्य बीमा और अच्छे स्कूल के लिए वोट करेंगे- केजरीवाल

    इस बार लोग खेती-घर की बिजली मुफ्त, महिलाओं को एक हजार, 10 लाख का स्वास्थ्य बीमा और अच्छे स्कूल के लिए वोट करेंगे- केजरीवाल

    भाजपा के दमन के खिलाफ ‘‘आप’’ के साथ पूरा गुजरात, करने जा रहा बदलाव- केजरीवाल

    – आम आदमी पार्टी का जन समर्थन देख डरी भाजपा रोज हमारे कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार करा रही- केजरीवाल

    – इस बार लोग खेती-घर की बिजली मुफ्त, महिलाओं को एक हजार, 10 लाख का स्वास्थ्य बीमा और अच्छे स्कूल के लिए वोट करेंगे- केजरीवाल

    – हर साल आदिवासी समाज के लिए अरबों रुपए आते हैं, लेकिन कांग्रेस-भाजपा वाले मिलकर खा जाते हैं- केजरीवाल

    – 30 साल में भाजपा सरकार अच्छे स्कूल-अस्पताल और खेती के लिए पानी तक नहीं दे पाई, इनकी नीयत ही खराब है- केजरीवाल

    – गुजरात की जनता अपने बारे में सोचे और पंजाब की तरह भाजपा-कांग्रेस पर झाड़ू चलाकर अपनी सरकार बनाए- केजरीवाल

    – कांग्रेस-भाजपा एक ही हैं, कांग्रेस को वोट देते हैं तो वह भी चुनाव बाद भाजपा में चला जाता है- भगवंत सिंह मान

    – ‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पंजाब के सीएम भगवंत मान ने दाहोद में ‘विजय विश्वास सभा’ कर भाजपा-कांग्रेस के गठजोड़ पर बोला हमला

    नई दिल्ली/गुजरात

    गुजरात दौरे पर आए आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पंजाब के सीएम भगवंत सिंह मान ने दाहोद में ‘विजय विश्वास सभा’ कर भाजपा और कांग्रेस के गुप्त गठजोड़ पर करारा हमला बोला। सभा में उमड़े जन समूह को संबोधित करते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि गुजरात की जनता भाजपा के दमन के खिलाफ खड़ी हो चुकी है और आम आदमी पार्टी के साथ मिलकर बदलाव करने जा रही है। आम आदमी पार्टी का बढ़ता जन समर्थन देख भाजपा डर गई है और रोज हमारे कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार करा रही है। उन्होंने कहा कि 30 साल में भाजपा सरकार अच्छे स्कूल-अस्पताल और खेती के लिए पानी तक नहीं दे पाई, क्योंकि इनकी नीयत ही खराब है। इस बार जनता खेती-घर की बिजली मुफ्त, महिलाओं को एक हजार, 10 लाख का स्वास्थ्य बीमा और अच्छे स्कूल के लिए वोट करेगी।

    भाजपा सरकार ने सबसे ज्यादा आदिवासी समाज को लूटा और उन पर अत्याचार किया- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पिछले 30 साल में भाजपा ने कांग्रेस के साथ मिलकर गुजरात को लूट लिया। इन्होंने सबसे ज्यादा आदिवासियों को लूटा है और उनके उपर अत्याचार किया है। गुजरात में सबसे पिछड़ा और शोषित आदिवासी समाज है। बच्चों के शिक्षा, रोजगार का इंतजाम नहीं है। मजबूरी में बच्चे किसानी करते हैं लेकिन भाजपा सरकार ने किसानों का भी बुरा हाल कर दिया है। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार हर साल अरबों-खरबों आदिवासी समाज के कल्याण के लिए भेजती है। पिछले 30 साल में आदिवासी समाज के कल्याण के जितना पैसा आया, अगर ये पैसा एक-एक व्यक्ति को सीधे दे देते तो हर व्यक्ति करोड़पति बन जाता। लेकिन आदिवासी समाज के नाम पर आने वाला पैसा भाजपा और कांग्रेस वालों की जेब में चला जाता है। 

    भाजपा वाले नरेगा का पैसा भी खा गए, हमारे विधायक ने आवाज उठाई तो उसे जेल भेज दिया- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि नरेगा में सबसे गरीब व्यक्ति भीषण गर्मी में पसीना बहाकर मजदूरी करता है। सिर्फ 100 रोजगार के पैसे मिलते हैं। ये लोग मजदूरों के नाम की इंट्री कर मनरेगा का भी पैसा खा गए। मजदूरों का इसकी जानकारी ही नहीं होती है कि उनके नाम का अंगूठा लग गया है। ‘‘आप’’ विधायक ने मनरेगा के पैसे की लूट के खिलाफ आवाज उठाई। उन्होंने रजिस्टर दिखाने को कहा तो भाजपा सरकार ने उन्हें पकड़ कर जेल में डाल दिया। नरेगा का पैसा चोरी करने वाले भाजपा सरकार के मंत्री को जेल में नहीं डाला गया, क्योंकि वह उपर तक पैसा पहुंचाता है। गरीबों का हक दिलाने के लिए चैतर वसावा तीन महीने जेल में रहे। इसी तरह, नल से जल योजना में अरबों-खरबों रुपए आता है, लेकिन किसी के घर में नल से पानी नहीं आया। भाजपा वाले इसका भी सारा पैसा खा गए।

    हमारे वोट से ये लोग विधायक-मंत्री बन जाते हैं, लेकिन हमारे बच्चों के लिए एक स्कूल तक नहीं बनवाते- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि आम लोगों के वोट से भाजपा-कांग्रेस वाले विधायक और मंत्री बन जाते हैं, इनके बच्चे विदेशों में पढ़ते हैं और आम लोगों के बच्चों के लिए ढंग के सरकारी स्कूल भी नहीं है। ये बीमार होने पर विदेशों में इलाज कराने जाते हैं और इन्हीं के बच्चों को विधायकी का टिकट भी मिलता है, लेकिन एक आम आदमी के बच्चों का कोई भविष्य नहीं है। आम आदमी वोट अपने लिए देता है, ना कि इनके लिए देता है। भाजपा सरकार ने सबसे ज्यादा अत्याचार आदिवासी समाज के साथ किया। इन्होंने आदिवासी समाज का जल, जंगल और जमीन छीन लिया। पुलिस और वन विभाग वाले भी परेशान करते हैं। आज सबसे ज्यादा एफआईआर आदिवासी समाज के लोगों पर दर्ज है।

    पंजाब की गुजरात के पास भी झाड़ू चलाकर कांग्रेस-भाजपा का सफाया करने का अच्छा मौका है- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि 2022 से पहले पंजाब में भी गुजरात जैसा ही हाल था। पंजाब में कांग्रेस, भाजपा और अकाली गठबंधन की दो ही पार्टियां थी। दोनों पार्टियां 5-5 साल बारी-बारी से सरकार बनाते थे और दोनों मिलकर लूटते थे। गुजरात की तरह पंजाब में भी कांग्रेस-भाजपा के संयुक्त धंधे थे। पंजाब के लोग तंग आ गए। इसी दौरान पंजाब में आम आदमी पार्टी एक उम्मीद लेकर आई। पंजाब के लोगों ने तय कि पुरानी पार्टियों पर झाड़ू चलाकर उन्हें उखाड़ फेंकना है। 2022 के विधानसभा चुनाव में पंजाब की जनता ने 117 में 92 सीटें आम आदमी पार्टी को देकर कांग्रेस, भाजपा और अकाली दल को पूरी तरह से साफ कर दिया। अब गुजरात के पास भी झाड़ू चलाकर कांग्रेस और भाजपा को साफ करने का अच्छा मौका है।

    पंजाब में खेती की बिजली मुफ्त है, जबकि गुजरात में किसानों को भारी-भरकम बिल देने पड़ते हैं- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पिछले चार साल से पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार है। हमारी पार्टी बड़े-बड़े वादे नहीं करती है, बल्कि गारंटी देती है। बाकी पार्टियां झूठे वादे करती हैं। हम बड़े-बड़े दावे नहीं करेंगे, बल्कि पंजाब में जो करके दिखाया है, वही काम गुजरात में भी करेंगे। पंजाब में किसानों की सरकार है और किसान का बेटा मुख्यमंत्री है। भगवंत मान को किसानों का दर्द पता है। भगवंत मान ने पहला काम किसानों को सुख-समृद्धि देने के लिए उनकी खेती की बिजली मुफ्त कर दी। अब ट्यूबवेल से खेत की सिंचाई करने के लिए किसानों को दिन में बिजली मुफ्त मिलती है, बिल नही ंदेने पड़ते हैं। लेकिन गुजरात में किसानों को खेत की सिंचाई के लिए बिजली के बिल देने पड़ते हैं। खेती की बिजली मुफ्त करने के लिए भाजपा को हटाओ और झाड़ू की सरकार बनाओ।

    गुजरात के सरकारी अस्पताल टूटे पड़े हैं, न दवा मिलती और ना टेस्ट होता है- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पंजाब में किसानों को अपनी फसल के पैसे 24 घंटे के अंदर मिल जाते हैं। लेकिन गुजरात में कई महीने पैसे नहीं मिलते हैं। पंजाब सरकार मंडी में आने वाली किसानों की सारी फसल खरीदती है। पहले पंजाब में 20 फीसद खेतों में ही नहरी पानी से सिंचाई होती थी और आज 78 फीसद हो रही है। गुजरात में 30 साल बाद भी भाजपा सिंचाई के लिए पानी नहीं दे पाई। अगले 20 साल भी ये लोग पानी नहीं दे पाएंगे, क्योंकि इनकी नीयत ही खराब है। किसान खुश हैं तो गुजरात भी खुश है। ‘‘आप’’ सरकार ने दूसरा काम हर परिवार को 10 लाख रुपए तक स्वास्थ्य बीमा दिया। अब पंजाब में आम लोग भी उन बड़े अस्पतालों में मुफ्त इलाज होगा, जहां मुख्यमंत्री अपना इलाज कराते हैं। आज गुजरात में सरकारी अस्पताल टूटे पड़े हैं। अस्पताल में दवा नहीं मिलती, टेस्ट नहीं होता है। निजी अस्पतालों में लाखों रुपए लगते हैं। गुजरात में भी 10 लाख का स्वास्थ्य बीमा मिलना चाहिए। लेकिन इसके लिए भाजपा को भगाकर झाड़ू को लाना होगा।

    मुख्यमंत्री, मंत्री, विधायक और एमपी की तरह आम लोगों की भी बिजली मुफ्त होनी चाहिए- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि भाजपा और कांग्रेस वाले 10 लाख रुपए इंश्योरेंस का विरोध कर रहे हैं। इनका कहना है कि गरीबों के लिए सरकारी अस्पताल तो है। इन्हे बुरी आदत पड़ जाएगी। सीएम, मंत्री, विधायक का जब फ्री इलाज होता है तो किसानों का फ्री होना चाहिए। इसके अलावा, ‘‘आप’’ सरकार ने खेती के साथ घर की बिजली भी मुफ्त कर दी है। पहले छोटे से घर का भी हजारों रुपए बिल आता था, लेकिन अब जीरो बिल आता है। आज पूरे देश में सबसे महंगी बिजली गुजरात में है। मुफ्त बिजली देने का भी कांग्रेस-भाजपा वालों ने विरोध किया। ये कह रहे कि भगवंत मान सरकार गरीबों पर पैसे लुटा रही है, मुफ्तखोरी की आदत डाल रहे हैं। अगर इनके मुख्यमंत्री, मंत्री, विधायक, एमपी की बिजली मुफ्त है तो आम घरों की भी बिजली फ्री होनी चाहिए। 

    जनता से अपील, गुजरात में ‘‘आप’’ की सरकार बनाओ, आपके बच्चों का भविष्य बना देंगे- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि ‘‘आप’’ सरकार ने किसानों और घर की बिजली फ्री की, 10 लाख रुपए का स्वास्थ्य बीमा किया और फिर महिलाओं को 1 हजार रुपए महीना दिया। गुजरात के लोगों को भी ये सब मिल सकता है। लेकिन इसके लिए भाजपा को भगाना पड़ेगा। उन्होंने आदिवासी समाज के बच्चों को बर्बाद कर दिया। उनके पढ़ने के लिए कोई भी ढंग का सरकारी स्कूल नहीं है। सरकारी स्कूलों का बहुत बुरा हाल है। वहीं, हमने पंजाब में सरकारी स्कूलों को शानदार बना दिया है। अब लोग अपने बच्चों को प्राइवेट स्कूलों से निकाल कर सरकारी स्कूलों में दाखिला करा रहे हैं। अब पंजाब के सरकारी स्कूलों के बच्चे इंजीनियर, डॉक्टर बन रहे हैं। सरकारी स्कूलों के टीचरर्स को विदेश भेज कर उनकी ट्रेनिंग कराते हैं। गुजरात में ‘‘आप’’ की सरकार बनाओ, आपके बच्चों का भविष्य बना देंगे। आपके बच्चों को पढ़ाने और उसका भविष्य बनाने की बात केजरीवाल के अलावा कोई और नेता नहीं कह सकता। 

    कांग्रेस-भाजपा वाले हमारे बच्चों को रैलियों में ले जाते हैं और अपने बच्चों को विदेशों में पढ़ाते हैं- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि बहुत सारे लोग कहते हैं कि हम तो कई पीढ़ियों से कांग्रेस या भाजपा को वोट दे रहे हैं। इन्हें सोचना चाहिए कि इतने सालों में भाजपा और कांग्रेस ने क्या दिया? सिर्फ गरीबों को अपनी रैली में ले जाते हैं, गुंडागर्दी करते हैं। फिर जेल में भेज देते हैं। भुगतना तो आम आदमी को पड़ता है। इसलिए जनता को अपने बारे में सोचना चाहिए, क्योंकि भाजपा या कांग्रेस के विधायक का बेटा कभी जेल नहीं जाता है, बल्कि वह विदेशों मेें जाकर पढ़ता है। इसके बाद भी हर बार इन्हें वोट दे देते हैं। इस बार गुजरात की जनता भाजपा-कांग्रेस को वोट नहीं देगी, इस बार अपने और अपने बच्चों के बारे में सोचेगी। आपकों और आपके बच्चों को सिर्फ आम आदमी पार्टी अच्छा भविष्य दे सकती है। सिर्फ ‘‘आप’’ आपके बच्चों को अच्छी शिक्षा और नौकरी दे सकती है। पिछले 4 साल में पंजाब में ‘‘आप’’ की सरकार ने बिना सिफारिश के अब तक 65 हजार बच्चों को सरकारी नौकरी दी है। पिछले 4 साल में पंजाब में एक भी पेपर लीक नहीं हुआ, क्योंकि ईमानदार सरकार है। 

    ‘‘आप’’ कट्टर ईमानदार पार्टी है, अगर हमारा सगा भी भ्रष्टाचार करेगा तो जेल जाएगा- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पहले पंजाब का बजट घाटे का होता था। सारी पार्टियां कहती थी कि सरकार के पास पैसा नहीं है, सरकार कंगाल हो गई है, लेकिन हमने सारा भ्रष्टाचार और रिश्वतखोरी खत्म कर दी। इससे सरकार के पास बहुत पैसा आ गया और उसी पैसे से सड़कें बन रहीं, बिजली आ रही है, लोगों को सारी सहूलियतें मिल रही हैं। अब पंजाब में पैसे की कोई कमी नहीं है। सीएम भगवंत मान ने भ्रष्टाचार का आरोप लगा तो अपनी ही पार्टी के विधायक को जेल में डाल दिया। दूसरी पार्टियों में ऐसा नहीं होता है। बल्कि मुख्यमंत्री को पता चल जाता है तो वह विधायक से अपना हिस्सा मांगता है। अगर हमारा कोई सगा भी भ्रष्टाचार या जनता से दगा करेगा तो सीधे जेल में जाएगा। पूरे देश में इकलौती आम आदमी पार्टी कट्टर ईमानदार पार्टी है। 

    इन्होंने हम पर झूठे आरोप लगाए, लेकिन कोर्ट ने कहा कि भाजपा झूठ बोल रही, केजरीवाल कट्टर ईमानदार- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि इन लोगों ने मेरे उपर शराब घोटाले का आरोप लगाया। केजरीवाल और मनीष सिसोदिया 100 करोड़ रुपए खा गए। हमारे उपर ईडी-सीबीआई ने कई केस कर दिए। हमारे घर और कार्यालय पर रेड की, लेकिन इन्हें एक पैसा नहीं मिला। अगर 100 करोड़ खा गए तो कहीं तो रखे होंगे। अभी कुछ दिन पहले कोर्ट का आदेश आया है। कोर्ट ने कहा है कि अरविंद केजरीवाल के खिलाफ पूरा मुकदमा ही झूठा है। कोर्ट ने कहा है कि केजरीवाल जैसा कट्टर ईमानदार आदमी कोई नहीं है। आम आदमी पार्टी जैसी कट्टर ईमानदार पार्टी कोई नहीं है। कोर्ट ने कहा है कि भाजपा झूठ बोल रही है। झूठे आरोप लगाकर केजरीवाल को फंसाया गया। इन्होंने झूठे आरोप लगाकर दिल्ली के मुख्यमंत्री को छह महीने तक जेल में रखा। इन्होंने दिल्ली को तहस-नहस कर दिया। 

    जिला परिषद चुनाव में आम आदमी पार्टी सिर्फ आम घरों के बच्चों को टिकट देगी- केजरीवाल

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि गुजरात में जिला परिषद के चुनाव होने वाले हैं। इस चुनाव में भाजपा और कांग्रेस वाले अपने-अपने बच्चों को टिकट दंेगे। लेकिन आम आदमी पार्टी सिर्फ आम घरों के बच्चों को टिकट देगी। किसी नेता के बेटे को टिकट नहीं देगी। हम जनता की सरकार बनाएंगे और जनता ही सरकार संभालेगी। जनता की सरकार होगी तो जनता के लिए काम करेगी। जनता जिला परिषद, ब्लॉक समिति, नगर पालिका और महानगर पालिका की जिम्मेदारी संभाले। हमें साफ-सुथरी सरकार बनानी है। जिला परिषद, ब्लॉक समिति नगर पालिका और महानगर पालिका से भ्रष्टाचार खत्म करेंगे। एक-एक पैसा जनता के लिए इस्तेमाल होगा। इन लोगों की गुंडागर्दी खत्म करनी है। 

    अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पिछले कुछ दिनों से भाजपा की सरकार आम आदमी पार्टी के लोगों को रोज गिरफ्तार कर रही है। इसका मतलब है कि भाजपा आम आदमी पार्टी से डर गई है। भाजपा वाले कांग्रेस वालों को नहीं गिरफ्तार करते हैं। क्योंकि कांग्रेस तो भाजपा से मिली हुई है। बुधवार को ‘‘आप’’ के पांच प्रत्याशियों को गिरफ्तार कर लिया गया। उससे एक दिन पहले 4 कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया। इससे पहले 10 कार्यकर्ताओं को गिफ्तार किया गया। ये लोग हमारे जितने कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार करना है, कर लें, अब गुजरात की जनता ‘‘आप’’ के साथ खड़ी हो गई है। अब पूरा गुजरात बदलाव मांग रहा है। 

    गुजरात में ‘‘आप’’ की सरकार बनेगी तो पंजाब की तरह सारे वादे पूरे करके दिखाएंगे- भगवंत सिंह मान

    इस दौरान पंजाब के सीएम भगवंत मान ने कहा कि पंजाब में हमारी सरकार बने हुए चार साल हो गए हैं। हमने जो वादा किया था, वह सरकार के चौथे साल में पूरा कर दिया है। गुजरात में भी ‘‘आप’’ की सरकार बनेगी तो अपने सारे वादे पूरे करेगी। उन्होंने कहा कि पहले पंजाब के किसानों का भी वही हाल था जो आज गुजरात के किसानों का है। वहां भी आधी रात को बिजली आती थी। पूरी रात किसान सो भी नहीं सकता था और खेत की सिंचाई भी नहीं हो पाती थी। लेकिन आज पंजाब में दिन में 8 घंटे किसानों को बिजली मिलती है। अब किसान भी अफसरों की तरह सुबह आराम से खाना खाकर अपनी ड्यूटी पर खेत जाता है और शाम को अपना ट्यूबवेल बंद करके घर वापस आ जाता है। पंजाब में किसान मंडी में अपनी फसल लेकर आता है और उसी दिन उसकी फसल तुल कर बिक जाती है। जब तक किसान अपना ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर घर पहुंचता है, तब तक उसके मोबाइल पर मैसेज आ जाता है कि उसकी आज की फसल के पैसे उसके खाते में आ चुके हैं। 

    भगवंत मान ने बताया कि पंजाब में हमने हर परिवार का 10 लाख रुपए का जीवन बीमा करवा दिया गया है। लोग किसी भी बड़े अस्पताल में जाकर अपना कार्ड दिखाएं और 5 या 7 लाख रुपए जितना भी बिल होगा, वह पंजाब सरकार देगी। अब पंजाब में कोई भी व्यक्ति पैसे की कमी के कारण अपने इलाज से वंचित नहीं रह सकता। उन्होंने कहा कि भाजपा के लोग गुजरात की जनता को 30 साल से लूट रहे हैं। भाजपा वाले कह रहे हैं कि आम आदमी पार्टी जितनी मर्जी रैलियां कर ले, उनके पास पैसे हैं और वे लोगों को पैसे देकर वोट ले लेंगे। भगवंत मान ने जनता से अपील की कि अगर वे पैसे देने आएं तो मना मत करना और रख लेना क्योंकि वह जनता का ही लूटा हुआ पैसा है। लेकिन वोटिंग के दिन अंदर जाकर झाड़ू वाला बटन ही दबाना।

    भगवंत मान ने कहा कि भाजपा और कांग्रेस वाले आपस में मिले हुए हैं। अगर लोग कांग्रेस को वोट देते हैं तो समझ लें कि वह वोट भाजपा के पास ही चली गई है क्योंकि उनका विधायक बाद में उधर ही शामिल हो जाता है। इन दोनों को एक ही पार्टी समझें और आम आदमी पार्टी को अपनी पार्टी समझें। ये लोग लड़ाई की बात करते हैं, हम बच्चों की पढ़ाई की बात करते हैं। ये लोग जातिवाद की बात करते हैं, जबकि आम आदमी पार्टी अच्छे स्कूल, अस्पताल, फसलों के उचित भाव और किसान की मेहनत के मूल्य की बात करती है। हमने महिलाओं के लिए 1000 रुपए जनरल कैटेगरी और 1500 रुपए एससी कैटेगरी की महिलाओं के बैंक खाते में हर महीने भेजने का प्रावधान किया है। आज पंजाब में घरों की बिजली बिल्कुल मुफ्त है। पंजाब में 90 फीसदी घरों का बिजली का बिल जीरो आता है, जबकि गुजरात में लोगों को बिल तो भारी भरकम आता है लेकिन बिजली नहीं आती।

  • गैस संकट पर सियासत तेज: ईरान मुद्दे पर डिंपल यादव ने सरकार को घेरा

    गैस संकट पर सियासत तेज: ईरान मुद्दे पर डिंपल यादव ने सरकार को घेरा

    नई दिल्ली
    समाजवादी पार्टी की सांसद डिंपल यादव का कहना है कि सरकार ने ईरान के साथ जिस तरह का व्यवहार किया, वह गलत था। इसी के चलते देश को एलपीजी का संकट झेलना पड़ रहा है और लोगों को महीने भर की बुकिंग के बाद भी सिलेंडर नहीं मिल पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ईरान हमारा दशकों से मित्र रहा है और उसके साथ अच्छे संबंध रहे हैं। फिर भी सरकार ने कोई स्टैंड नहीं लिया और इसी के कारण देश में एलपीजी की सप्लाई में कमी देखी जा रही है। उन्होंने संसद भवन के बाहर मीडिया से बातचीत के दौरान यह टिप्पणी की।

    डिंपल यादव ने कहा, ‘ईरान हमारा हमेशा से और दशकों से मित्र रहा है। ईरान के साथ जो व्यवहार रहा है, उसी के कारण हमें एलपीजी की समस्या से जूझना पड़ रहा है। महीने भर की बुकिंग के बाद भी लोगों को सिलेंडर नहीं मिल रहा है। अब सर्वदलीय बैठक में हम देखेंगे कि सरकार अपना क्या पक्ष रखती है।’ इस दौरान उनसे महिला आरक्षण को लेकर भी सवाल किया गया। इस पर डिंपल यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी समेत सभी विपक्षी दलों की सरकार से मांग है कि हमें बताया जाए कि आखिर आपका एजेंडा क्या है। यदि हमें जानकारी ही नहीं होगी तो हम क्या राय देंगे। अब मीटिंग में देखते हैं कि सरकार बताती है और उसके बाद ही कोई प्रतिक्रिया दी जाएगी।

    डिंपल यादव ने कहा कि हमने सरकार से कहा है कि वह पूरी भूमिका स्पष्ट करे। पॉइंटवाइज हमें जानकारी दी जाए। यह भी बताए कि महिला आरक्षण में एससी-एसटी, पिछड़ा और अल्पसंख्यक महिलाओं के लिए भी कोटा है या नहीं। हम इसकी मांग करते हैं कि इस पर सरकार स्पष्टता से अपनी बात विपक्ष के सामने रखे। बता दें कि सरकार ने ईरान के मसले पर सर्वदलीय बैठक आज बुलाई है। इस मीटिंग में सरकार ईरान में पैदा हुए हालातों पर बात करेगी और एलपीजी एवं पेट्रोल-डीजल की सप्लाई को लेकर भी जानकारी देगी। इस बीच विपक्ष की मांग है कि इस बैठक में पीएम नरेंद्र मोदी भी खुद मौजूद रहें।

    इनऐक्टिव कनेक्शन हो रहे खत्म, जमाखोरी वाला रैकेट भी पकड़ा गया
    इस बीच देश भर में एजेंसियों ने गैस सप्लाई नियमित बनाए रखने के प्रयास तेज कर दिए हैं। इसके तहत ऐसे लोगों पर भी ऐक्शन लिया जा रहा है, जिन्होंने जमाखोरी की है। इसी के तहत दिल्ली में एक रैकेट पकड़ा गया है और एजेंट के पास 183 सिलेंडर मिले हैं। वहीं केवाईसी सत्यापन की प्रक्रिया को सख्ती से लागू किया जा रहा है, जिसके चलते लखनऊ में 1.10 लाख से अधिक और पूरे यूपी में करीब 20 लाख एलपीजी कनेक्शन अस्थायी रूप से निष्क्रिय कर दिए गए हैं। प्रदेश में कुल लगभग 4.87 करोड़ घरेलू एलपीजी उपभोक्ता हैं। गैस कंपनियों के अधिकारी ऐसे उपभोक्ताओं की पहचान कर रहे हैं, जिन्होंने नौ महीने या उससे अधिक समय से सिलेंडर बुक नहीं कराया।

     

  • सरकार के खिलाफ धरना देने पर BJP विधायक की तलब, CM और प्रदेश अध्यक्ष ने भोपाल में किया बुलावा

    सरकार के खिलाफ धरना देने पर BJP विधायक की तलब, CM और प्रदेश अध्यक्ष ने भोपाल में किया बुलावा

    भोपाल

    भिंड जिले की लहार विधानसभा सीट से भाजपा विधायक अंबरीश शर्मा 'गुड्डू' ने पूर्व नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह और प्रशासन के खिलाफ सीधा मोर्चा खोलते हुए भोपाल में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल से मुलाकात की है। बीजेपी विधायक अमरीश शर्मा को पार्टी के वरिष्ठ नेतृत्व ने बुलाया और सीएम मोहन यादव और प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने मुलाकात की।

    एक फूंक मारेंगे तो पाकिस्तान जाकर गिरोगे
    बताया जा रहा है बीजेपी विधायक के प्रदर्शन से पार्टी के ऊपर कई सवाल खड़े हो रहे थे। प्रदर्शन के दौरान विधायक सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते नजर आए। वहीं बीजेपी विधायक ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा था कि एक फूंक मारेंगे तो पाकिस्तान जाकर गिरोगे। बीजेपी विधायक का वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ।

    550 दिनों से धरने पर बैठे लोग, क्या वजह
    विधायक शर्मा का आरोप है कि कांग्रेस नेता गोविंद सिंह की कोठी की वजह से दलित बस्ती का रास्ता पूरी तरह बंद हो गया है और प्रशासन विपक्षी दबाव में कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है।गौरतलब है कि इस रास्ते को खुलवाने के लिए स्थानीय लोग पिछले 550 दिनों से धरने पर बैठे हैं, जिनके समर्थन में रविवार को खुद विधायक भी धरने पर बैठ गए थे।

    बिजली कटौती, रेत खनन की समस्या भी उठाई
    मुख्यमंत्री ने इस मामले में दखल देते हुए न केवल जांच के आदेश दिए हैं, बल्कि क्षेत्र में रेत खनन शुरू करने और बिजली कटौती की समस्या को तुरंत खत्म करने के निर्देश भी जारी किए हैं। विधायक अंबरीश शर्मा ने साफ कर दिया है कि जब तक दलितों को उनका हक और रास्ता नहीं मिल जाता, उनकी यह कानूनी और राजनीतिक लड़ाई जारी रहेगी। अब देखने की बात होगी कि आगे क्या कार्यवाही होती है।