Tag: Mohali

  • 40-45 मेयर और प्रतिनिधि चंडीगढ़ में होंगे एकजुट, प्रशासक कटारिया होंगे मुख्य अतिथि

    40-45 मेयर और प्रतिनिधि चंडीगढ़ में होंगे एकजुट, प्रशासक कटारिया होंगे मुख्य अतिथि

    चंडीगढ़
    देशभर के मेयरों का चंडीगढ़ में जमावड़ा होने जा रहा है। 4 से 6 अक्टूबर तक सेक्टर-10 स्थित होटल माउंटव्यू में ऑल इंडिया काउंसिल ऑफ मेयर का 118वां महापौर सम्मेलन आयोजित होगा। इसमें देशभर से महापौर और प्रतिनिधि शामिल होंगे।

    ऑल इंडिया काउंसिल ऑफ मेयर की कार्यकारिणी के करीब 40-45 सदस्यों के सम्मेलन में पहुंचने की उम्मीद है। इनमें से 28 सदस्यों की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 17 सदस्यों ने शामिल होने से मना कर दिया है। बाकी सदस्यों से बातचीत चल रही है। चंडीगढ़ इस बार सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है।

    मेयरों के लिए क्या किए गए इंतजाम, जानिए…
        गृह सचिव ने अधिकारियों के साथ की बैठक:
    सम्मेलन की तैयारियों को लेकर गृह सचिव एवं स्थानीय निकाय विभाग के सचिव मनदीप सिंह बराड़ ने अधिकारियों के साथ बैठक की। इसमें महापौर सौरभ जोशी, उपायुक्त निशांत कुमार यादव, नगर निगम आयुक्त अमित कुमार, पुलिस महानिरीक्षक पुष्पेंद्र कुमार, एसएसपी कंवरदीप कौर समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

        परिवहन और अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा: बैठक में बाहर से आने वाले महापौरों और प्रतिनिधियों के ठहरने, सुरक्षा, परिवहन और अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। गृह सचिव ने संबंधित विभागों को अपनी जिम्मेदारियां समय पर पूरी करने और आपसी समन्वय बनाए रखने के निर्देश दिए।

        5 को उद्घाटन और शहर भ्रमण: सम्मेलन की शुरुआत 4 अक्टूबर को अतिथियों के आगमन से होगी। 5 अक्टूबर को उद्घाटन सत्र आयोजित होगा। इसी दिन परिषद की बैठक के साथ चंडीगढ़ नगर निगम की श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों से महापौरों और प्रतिनिधियों को परिचित कराने के लिए शहर का भ्रमण कराया जाएगा। 6 अक्टूबर को समापन सत्र होगा।

        होटल माउंटव्यू में कमरों की बुकिंग: सम्मेलन में शामिल होने वाले सदस्यों के लिए होटल माउंटव्यू में कमरों की बुकिंग की जा रही है। शहर भ्रमण के लिए सीटीयू की दो बसों का इंतजाम किया गया है। दोनों बसें दो दिन तक सदस्यों के साथ रहेंगी। सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी पुलिस को और ठहरने व अन्य व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी सिटको को दी गई है।

        25 लाख का बजट मंजूर: मेयर सम्मेलन के लिए नगर निगम आयुक्त की ओर से 25 लाख रुपए का बजट मंजूर किया जा चुका है। हालांकि नगर निगम के कई पार्षदों का कहना है कि उन्हें सम्मेलन के आयोजन की जानकारी तक नहीं है। पार्षदों का कहना है कि निगम का पैसा खर्च होना है, लेकिन इसके लिए निगम हाउस या किसी कमेटी से बजट मंजूर नहीं कराया गया।

        सदस्यों की पूरी सूची भी अभी निगम के पास नहीं: वहीं, सम्मेलन में शामिल होने वाले कार्यकारिणी सदस्यों की पूरी सूची भी अभी निगम के पास नहीं है। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस अधिकारियों ने सूची मांगी थी। बताया गया है कि शनिवार को सूची कंफर्म होने के बाद इसे एसएसपी और एमडी सिटको को सौंपा जाएगा।

    इनका आना कंफर्म कार्यकारिणी की चेयरमैन रेनू बोला गुप्ता (मेयर, करनाल), नेशनल जनरल सेक्रेटरी आशुतोष वरशने (पूर्व मेयर, अलीगढ़), सीनियर वाइस चेयरमैन डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव (मेयर, गोरखपुर), वाइस चेयरमैन मरिगेन सारानिया (मेयर, गुवाहाटी), वाइस चेयरमैन पुष्यामित्रा भार्गव (मेयर, इंदौर), वाइस चेयरमैन मायाबेन धर्मेंद्राबाई मवानी (मेयर, सूरत) और सेक्रेटरी इंदरजीत कौर (मेयर, लुधियाना) का आना कंफर्म बताया गया है।

    इसके अलावा पूजा विडानी (बिलासपुर), शेरिंग पैडेन भूटिया (गंगटोक), मीनल चौबे (रायपुर), नीता राजेंद्रा ठाकरे (नागपुर), लिखा नारी तदार (इटानगर), जी उदयाकुमार (अवाडी), नेहल शुक्ला (राजकोट), राजीव जैन (सोनीपत), रूपरानी संग्राम सिंह निकल (कोल्हापुर), नंदलाल देवगन (बीरगांव), लक्ष्मी नारायण गुप्ता (छपरा), प्रवीण बतरा जोशी (फरीदाबाद), विनोद अग्रवाल (मुरादाबाद), कुरागायला उमा रानी (निजामाबाद), शंभु पासवान (ऋषिकेश), अनीता अग्रवाल (रूड़की), योगेश कुमार (सतना), विवेक नारायण (पूर्व मेयर, ग्वालियर), नवीन जैन (पूर्व मेयर, आगरा) और जगदीश राय पटेल (पूर्व मेयर, सूरत) के नाम भी शामिल हैं।

  • मोहाली के मास्टर प्लान में संशोधन, इंडस्ट्रियल हब बनेगा मनौली; जनता से मांगे गए सुझाव और एतराज

    मोहाली के मास्टर प्लान में संशोधन, इंडस्ट्रियल हब बनेगा मनौली; जनता से मांगे गए सुझाव और एतराज

    मोहाली 

    पंजाब सरकार मोहाली के मास्टर प्लान में बड़ा बदलाव करने जा रही है। इसके तहत मनौली गांव की 54 एकड़ जमीन को ‘इंस्टीट्यूशनल एरिया’ से बदलकर ‘इंडस्ट्रियल और वेयरहाउस एरिया’ के अंतर्गत लाने का प्रस्ताव है। इस संबंध में प्रारंभिक प्रस्ताव तैयार कर लिया गया।

    अंतिम निर्णय से पहले विभाग ने लोगों की राय जानने का फैसला लिया है। इसके लिए अगले 30 दिनों तक नागरिक अपने सुझाव दे सकेंगे। इसके बाद सरकार आगे की प्रक्रिया शुरू करेगी। माना जा रहा है कि इस बदलाव से इलाके के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा हो सकते हैं।

    लोगों की लंबे समय से थी मांग
    मनौली गांव के लोगों ने सरकार के समक्ष यह मुद्दा उठाया था कि गांव में शिक्षा और संस्थागत गतिविधियों के लिए निर्धारित क्षेत्र चारों ओर से फैक्ट्रियों और गोदामों से घिरा हुआ है। इस वजह से वहां कोई बड़ा संस्थान या कॉलेज सही तरीके से विकसित नहीं हो पा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि इस क्षेत्र को भी औद्योगिक और वेयरहाउस ज़ोन में शामिल कर दिया जाए, तो स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे और पूरे इलाके के विकास को गति मिलेगी।

    54 एकड़ जमीन को लेकर ही विवाद था
    इस मांग के बाद जब टाउन प्लानिंग विभाग (DTP) ने जांच की, तो पाया गया कि मनौली गांव का अधिकांश हिस्सा पहले से ही औद्योगिक और वेयरहाउस गतिविधियों के लिए उपयोग में लाया जा रहा है। केवल 54 एकड़ जमीन ही इंस्टीट्यूशनल एरिया के रूप में बची हुई है।

    पास के सेक्टर-81 और सेक्टर-83 में पहले से ही IISER और ISB जैसे बड़े संस्थान मौजूद हैं। इसके अलावा आईटी सिटी (सेक्टर-82 अल्फा) और मोहाली के अन्य सेक्टरों में भी विश्वविद्यालयों और अस्पतालों के लिए पर्याप्त भूमि आवंटित की जा चुकी है। इसी को देखते हुए सरकार ने ग्रामीणों की मांग पर इस 54 एकड़ भूमि को भी औद्योगिक और वेयरहाउस क्षेत्र में बदलने का प्रस्ताव तैयार किया है।

    यहां डिस्प्ले होंगे नक्शे
    सरकार ने इस संबंध में तैयार किया गया नक्शा PUDA की आधिकारिक वेबसाइट www.puda.gov.in पर अपलोड कर दिया है। इसके अलावा इसे छह प्रमुख कार्यालयों में भी प्रदर्शित किया जाएगा। इनमें मुख्य प्रशासक, GMADA, डिप्टी कमिश्नर (DC) कार्यालय, मुख्य टाउन प्लानर, PUDA भवन सेक्टर-62, वरिष्ठ टाउन प्लानर (STP), PUDA भवन तथा जिला टाउन प्लानर (DTP) का कार्यालय शामिल है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस पर सुझाव या आपत्तियां केवल लिखित रूप में ही स्वीकार की जाएंगी।