Tag: Ladli Behna Yojana

  • लाड़ली बहना योजना की 41वीं किस्त पर बड़ा अपडेट, इस दिन मिल सकते हैं महिलाओं को ₹1500

    लाड़ली बहना योजना की 41वीं किस्त पर बड़ा अपडेट, इस दिन मिल सकते हैं महिलाओं को ₹1500

    भोपाल 
    मध्य प्रदेश की महिलाओं के लिए चल रही लाड़ली बहना योजना एक बार फिर चर्चा में है, क्योंकि इस बार योजना की 41वीं किस्त जारी होनी है। इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने आर्थिक सहायता दी जाती है।

    इस बार लाभार्थियों को योजना की 41वीं किस्त का इंतजार है। ऐसे में सवाल उठना लाजमी है कि इस बार महिलाओं के बैंक खाते में 1500 रुपये की अगली राशि आखिर कब तक आएगी? तो चलिए बिना देर किए इस बारे में जानने की कोशिश करते हैं। 

    कब आएगी लाडली बहना योजना की 41 किस्त?
    अगर आप भी लाडली बहना योजना की 41वीं किस्त का इंतजार कर रहे हैं, तो अभी सरकार की तरफ से इसकी आधिकारिक तारीख का ऐलान नहीं हुआ है। हालांकि माना जा रहा है कि लाडली बहनों को उनकी अगली किस्त के 1500 रुपये 10 से 15 अक्टूबर के बीच मिल जाएंगे। हालांकि किस्त के जारी होने से पहले लाभार्थी बहनों को कुछ चीजें चेक कर लेनी चाहिए। सरकारी पोर्टल के मुताबिक, महिला के नाम पर अपना बैंक खाता होना जरूरी है। इसके अलावा ई-केवाईसी भी पूरी होनी चाहिए, वरना पैसे बैंक में नहीं आएंगे।

    1500 रुपये पाने के लिए कौन से 3 काम करवाना जरूरी है?

    पहला काम

        लाड़ली बहना योजना के तहत दी जाने वाली किस्त के 1500 रुपये सरकार द्वारा महिलाओं के बैंक खाते में डीबीटी के जरिए भेजे जाते हैं
        इसलिए बैंक खाते से जुड़ी जानकारी सही होना जरूरी है
        अगर बैंक खाते की जानकारी गलती है, तो आपकी किस्त अटक सकती है

    दूसरा काम

        लाभार्थी यह जरूर चेक कर लें कि उनका बैंक खाता आधार कार्ड से लिंक है या नहीं
        साथ ही बैंक खाते में डीबीटी सुविधा भी एक्टिव होनी चाहिए
        अगर ऐसा है, तो बेहतर है वरना किस्त प्राप्त करने में आपको दिक्कत हो सकती है

    तीसरा काम

        लाड़ली बहना योजना के तहत मिलने वाली किस्त का लाभ लेने के लिए आपको ई-केवाईसी भी करवानी होती है
        अगर आप ई-केवाईसी नहीं करवाते हैं तो आपकी किस्त अटक सकती है
        इसलिए ये जरूर चेक करें कि आपकी केवाईसी हो रखी है या नहीं

    लाड़ली बहना योजना की 41वीं किस्त कब आ सकती है?

        लाड़ली बहना योजना के तहत सरकार सामान्य तौर पर हर महीने की 10 से 15 तारीख के बीच किस्त जारी कर देती है
        इसी आधार पर 41वीं किस्त के भी इसी समय के बीच आने की उम्मीद है यानी 10 से 15 तारीख के बीच
        हालांकि, अभी सरकार की तरफ से तारीख की आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है

    बैंक अकाउंट में किस्त नहीं आने पर कहां करें शिकायत?

    अगर सरकार द्वारा किस्त की घोषणा के बाद भी आपके अकाउंट में पैसा नहीं आता है, तो आप राज्य सरकार के हेल्पलाइन नंबर 0755-2700800 या 181 पर कॉल करके शिकायत दर्ज करा सकती हैं. इसके अलावा अपनी ग्राम पंचायत, वार्ड कार्यालय या महिला एवं बाल विकास विभाग (WCD) के स्थानीय ऑफिस में संपर्क करके भी समस्या का तुरंत समाधान पा सकती हैं। 

     

     

     

  • लाड़ली बहना की 40वीं किस्त कब आएगी? ₹1500 के लिए जानें संभावित तारीख और पेमेंट से जुड़ा बड़ा अपडेट

    लाड़ली बहना की 40वीं किस्त कब आएगी? ₹1500 के लिए जानें संभावित तारीख और पेमेंट से जुड़ा बड़ा अपडेट

    भोपाल 

    मध्यप्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी लाड़ली बहना योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने आर्थिक सहायता दी जाती है। योजना के अंतर्गत पात्र महिलाओं के आधार लिंक और DBT-enabled बैंक खातों में 1500 रुपये प्रतिमाह ट्रांसफर किए जाते हैं।अब महिलाओं को योजना की 40वीं किस्त का इंतजार है। सामान्य तौर पर सरकार हर महीने 10 से 15 तारीख के बीच किस्त जारी करती है। ऐसे में इस बार भी 15 सितंबर से पहले राशि खाते में पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।

    19 अगस्त को जारी हुई थी 39वीं किस्त
    इससे पहले सरकार ने रक्षाबंधन से पहले 19 अगस्त को लाड़ली बहना योजना की 39वीं किस्त जारी की थी। उस दौरान पात्र महिलाओं के बैंक खातों में नियमित 1500 रुपये की किस्त के साथ 250 रुपये अतिरिक्त गिफ्ट के तौर पर भी ट्रांसफर किए गए थे।अब अगली किस्त को लेकर महिलाओं की नजर सरकार की आधिकारिक घोषणा पर बनी हुई है।

    किन महिलाओं को मिलता है लाड़ली बहना योजना का लाभ?
    लाड़ली बहना योजना का लाभ मध्यप्रदेश की स्थानीय निवासी विवाहित महिलाओं को दिया जाता है। योजना में विधवा, तलाकशुदा और परित्यक्ता महिलाएं भी शामिल हैं।पात्रता के अनुसार आवेदन के कैलेंडर वर्ष में 1 जनवरी की स्थिति में महिला की उम्र कम से कम 21 वर्ष पूरी होनी चाहिए और वह 60 वर्ष से कम आयु की होनी चाहिए।

    इन महिलाओं को नहीं मिलेगा लाभ
    योजना के तहत कुछ श्रेणियों को अपात्र रखा गया है। यदि महिला या उसके परिवार की स्वघोषित वार्षिक आय 2.5 लाख रुपये से अधिक है, तो वह योजना का लाभ नहीं ले सकती।इसके अलावा परिवार में कोई आयकरदाता होने पर भी पात्रता नहीं होगी। सरकारी विभाग, उपक्रम, मंडल या स्थानीय निकाय में नियमित, स्थायी कर्मचारी या संविदाकर्मी के रूप में काम करने वाले सदस्य वाले परिवार भी योजना से बाहर हैं।सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन प्राप्त करने वाले परिवारों को भी योजना का लाभ नहीं दिया जाता।

    दूसरी सरकारी योजना का लाभ लेने वाली महिलाओं की पात्रता
    यदि कोई महिला किसी अन्य सरकारी योजना के माध्यम से हर महीने 1250 रुपये या उससे अधिक की राशि प्राप्त कर रही है, तो वह लाड़ली बहना योजना के लिए पात्र नहीं होगी।

    जमीन और वाहन को लेकर भी नियम
    योजना की पात्रता में परिवार की कृषि भूमि और वाहन की स्थिति को भी शामिल किया गया है। 5 एकड़ से अधिक कृषि भूमि वाले परिवार योजना का लाभ नहीं ले सकते।इसी तरह ट्रैक्टर को छोड़कर चार पहिया वाहन रखने वाले परिवार भी योजना के दायरे से बाहर हैं।

    महिलाओं को आधिकारिक घोषणा का इंतजार
    फिलहाल 40वीं किस्त को लेकर 15 सितंबर से पहले भुगतान की संभावना बताई जा रही है। हालांकि, राशि ट्रांसफर की अंतिम तारीख सरकार की आधिकारिक घोषणा से ही स्पष्ट होगी। 

    किन महिलाओं को मिलेगा योजना का लाभ?
    लाड़ली बहना योजना का लाभ मध्य प्रदेश की स्थानीय निवासी विवाहित महिलाओं को मिलता है। इसमें विधवा, तलाकशुदा और परित्यक्ता महिलाएं भी शामिल हैं। आवेदन के कैलेंडर वर्ष में 1 जनवरी की स्थिति में महिला की उम्र 21 वर्ष पूरी होनी चाहिए और वह 60 वर्ष से कम आयु की होनी चाहिए।

    किन महिलाओं को नहीं मिलेगा लाभ?

    जिस महिला या उसके परिवार की स्वघोषित वार्षिक आय 2.5 लाख रुपये से अधिक है, वह पात्र नहीं होगी। परिवार में कोई आयकरदाता होने पर भी लाभ नहीं मिलेगा। इसी तरह सरकारी विभाग, उपक्रम, मंडल या स्थानीय निकाय में नियमित, स्थाईकर्मी या संविदाकर्मी के रूप में कार्यरत सदस्य वाले परिवार भी अपात्र होंगे। सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन पाने वाले परिवार भी योजना के दायरे से बाहर हैं।

    इसके अलावा, जो महिला किसी अन्य सरकारी योजना से प्रतिमाह 1250 रुपये या उससे अधिक प्राप्त कर रही है, वह पात्र नहीं होगी। वर्तमान या भूतपूर्व सांसद/विधायक के परिवार, चयनित या मनोनीत बोर्ड, निगम, मंडल या उपक्रम के अध्यक्ष, संचालक अथवा सदस्य के परिवार भी अपात्र हैं।

    स्थानीय निकायों के निर्वाचित जनप्रतिनिधियों (पंच और उपसरपंच को छोड़कर) के परिवार, 5 एकड़ से अधिक कृषि भूमि वाले परिवार और ट्रैक्टर को छोड़कर चार पहिया वाहन रखने वाले परिवार भी योजना का लाभ नहीं ले सकते।

     

  • लाड़ली बहनों की 25 हजार की किस्त अटकी, 27 महीनों में 6 लाख महिलाएं योजना से बाहर, जानें कारण

    लाड़ली बहनों की 25 हजार की किस्त अटकी, 27 महीनों में 6 लाख महिलाएं योजना से बाहर, जानें कारण

    भोपाल 

     मध्य प्रदेश की चर्चित लाड़ली बहना योजना में लाभार्थियों की संख्या लगातार घट रही है। सितंबर 2023 में प्रदेश में 1.31 करोड़ से ज्यादा महिलाएं इस योजना से जुड़ी थीं, जो जनवरी 2026 तक घटकर करीब 1.24 करोड़ रह गई हैं। यानी बीते 27 महीनों में 6.28 लाख से अधिक महिलाएं योजना से बाहर हो चुकी हैं।

    सरकार के मुताबिक योजना से बाहर हुई अधिकतर महिलाएं 60 वर्ष की आयु पूरी कर चुकी हैं, जिसके बाद उन्हें इस योजना का लाभ मिलना बंद हो जाता है। इसी बीच एक और बड़ी वजह सामने आई है। प्रदेश में 25 हजार से ज्यादा लाड़ली बहनों का भुगतान इसलिए रोक दिया गया है क्योंकि उनकी समग्र आईडी डिलीट हो चुकी है। अधिकारियों का कहना है कि जैसे ही समग्र आईडी रिकवर होगी, इन महिलाओं की रुकी हुई किस्त फिर से जारी कर दी जाएगी।

    विधानसभा में इस मुद्दे पर सियासी बहस भी देखने को मिली। कांग्रेस विधायक प्रताप ग्रेवाल ने देवास और शाजापुर जिलों में जून से अगस्त 2024 के बीच लाभार्थियों की संख्या बढ़ने का दावा करते हुए सवाल उठाया कि जब नए रजिस्ट्रेशन बंद थे, तो आंकड़ों में बढ़ोतरी कैसे हुई? इस पर मंत्री ने लिखित जवाब देने से इनकार कर दिया। 

    27 महीने कम गईं 6 लाख से अधिक महिलाएं

    जब लाड़ली बहना योजना की शुरूआत हुई तो 1.31 करोड़ से अधिक महिलाएं रजिस्टर्ड थीं। जिनकी संख्या पिछले 27 महीने में घटकर केवल 1.25 से अधिक रह गई हैं। यानी करीब 6 लाख से अधिक महिलाएं योजना से बाहर हो गईं। सरकार के द्वारा जानकारी दी गई कि इसमें अधिकतम वह महिलाएं हैं। जिनकी आयु 60 वर्ष से अधिक है।
    25 हजार से अधिक महिलाएं का भुगतान बंद

    प्रदेश में 25 हजार से अधिक लाड़ली बहनों का भुगतान इसलिए रोक दिया है क्योंकि इनकी समग्र आईडी डिलीट हो गई है। जैसे ही दोबारा समग्र आईडी रिकवर हो जाएंगी। भुगतान शुरू कर दिया जाएगा।
    कांग्रेस विधायक ने उठाए सवाल

    कांग्रेस विधायक प्रताप ग्रेवाल ने देवास और शाजापुर जिलों में जून से अगस्त 2024 के बीच लाभार्थियों की संख्या बढ़ने का दावा करते हुए सवाल पेश किया कि जब नए रजिस्ट्रेशन नहीं हुए तो संख्या में बढ़ोत्तरी कैसे हो गई। इसका मंत्री ने लिखित में देने से मना कर दिया।

    क्या तकनीकी गड़बड़ी और उम्र सीमा की वजह से हजारों जरूरतमंद महिलाएं योजना से बाहर हो रही हैं? और क्या सरकार इस डेटा गड़बड़ी पर ठोस कदम उठाएगी?