Tag: Gurudwara

  • दिल्ली के बंगला साहिब गुरुद्वारे में प्रवेश को लेकर विवाद, AAP नेताओं ने ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की

    दिल्ली के बंगला साहिब गुरुद्वारे में प्रवेश को लेकर विवाद, AAP नेताओं ने ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की

    अमृतसर/नई दिल्ली.

    आम आदमी पार्टी ने दिल्ली स्थित गुरुद्वारा बंगला साहिब में जूते पहने और डंडा लिए पुलिस के दाखिल होने पर भाजपा पर तीखा हमला बोला है। ‘‘आप’’ ने कहा कि भाजपा का सिख-विरोधी चेहरा एक बार फिर बेनकाब हो गया है।

    वोट चोरी के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे बच्चों को गिरफ्तार करने के लिए अमित शाह की दिल्ली पुलिस जूते पहने और हाथों में लाठियां लिए गुरुद्वारा बंगला साहिब में घुस गई, जिससे गुरु घर की पवित्रता का उल्लंघन हुआ। गुरुद्वारा साहिब सभी के लिए एक सुरक्षित जगह है। बच्चों ने वहां शरण ली थी और उसकी मर्यादा का सम्मान किया था। फिर भी, भाजपा ने एक बार फिर सिखी, गुरुओं और गुरु घर के प्रति अपनी नफ़रत ज़ाहिर कर दी है। उधर, आम आदमी पार्टी के पंजाब प्रभारी मनीष सिसोदिया ने गुरुद्वारे में भाजपा की दिल्ली पुलिस के जूते पहन कर घुसने पर आश्चर्य जताते हुए कहा कि कहा कि ये क्या है? दिल्ली पुलिस बंगला साहब जी गुरुद्वारा के अंदर?

    सौरभ भारद्वाज ने वीडियो साझा कर अमित शाह की पुलिस को घेरा
    ‘‘आप’’ के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने जूते पहन कर गुरुद्वारे के अंदर जा रही दिल्ली पुलिस का एक वीडियो एक्स पर साझा कर कहा कि क्या पुलिस गुरुद्वारा बंगला साहिब में दाखिल हुई? क्या भाजपा सरकार का दिमाग़ ठिकाने नहीं है?पुलिस ने जूते पहने हुए हैं और सिर भी नहीं ढके हैं।
    सौरभ भारद्वाज ने एक सिख युवक को घसीटते हुए ले जा रही पुलिस का वीडियो एक्स पर पोस्ट कर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से कहा कि मुझे यह वीडियो किसी से मिला है। अगर यह सच है, तो यह बेशर्मी की हद है। दिल्ली पुलिस सिख प्रदर्शनकारियों के कपड़े इस तरह नहीं उतार सकती। हमने पहले बताया गया है कि दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों की पैंट उतारने की कोशिश की थी। यह बहुत घिनौना है। कृपया जवाब दें।

    गुरु के सिद्धांतों के खिलाफ झुक रहे प्रबंधक: जरनैल सिंह
    वहीं, तिलक नगर के विधायक जरनैल सिंह ने कहा कि श्री गुरु नानक देव जी ने बाबर को जाबर कहा था और सभी सिखों को यह संदेश दिया था कि हमें तानाशाही और समय की हुकूमत के आगे कभी नहीं झुकना है। श्री गुरु गोबिंद सिंह जी मुगलों के आगे नहीं झुके और अपना सब कुछ कुर्बान कर दिया। उनका भी यही संदेश था कि हमें जुल्म और तानाशाही के आगे सिर नहीं झुकाना है। लेकिन आज हमारे गुरुधामों में जिस तरह के प्रबंधक बैठे हैं, वे सत्ता के आगे नतमस्तक हो रहे हैं, जो कि सिख सिद्धांतों के बिल्कुल खिलाफ है।

    जरनैल सिंह ने बताया कि आज गुरुद्वारा बंगला साहिब में जिस तरह पुलिस वाले बूट पहनकर और डंडे लेकर अंदर घुसे और लोगों को मार-मार कर बाहर निकाला, यह बहुत ही ज्यादा शर्मनाक और निंदनीय है। गुरुद्वारे के प्रबंधकों पर यह सवाल उठता है कि वे भाजपा के तलवे चाटने को इतने मजबूर क्यों हो गए हैं कि सिख सिद्धांतों को ही भूल गए हैं? गुरुद्वारों में निशान साहिब झूलता है, जिसका मतलब ही यह है कि अगर किसी को आश्रय चाहिए, लंगर चाहिए या कोई दुख-तकलीफ है, तो वह बेझिझक यहां आए क्योंकि यह गुरु का घर है और यहां सभी एक समान हैं। लेकिन डीएसजीएमसी के पदाधिकारियों ने भाजपा के तलवे चाटने के चक्कर में सिख सिद्धांतों का जो निरादर किया है, संगत उनसे इसका जवाब जरूर मांगेगी।

  • Gurudwara Bangla Sahib Controversy: पुलिस की एंट्री पर गरमाई सियासत, CM मान ने की निंदा

    Gurudwara Bangla Sahib Controversy: पुलिस की एंट्री पर गरमाई सियासत, CM मान ने की निंदा

    चंडीगढ़.

    दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के बाद गुरुद्वारा श्री बंगला साहिब में पुलिस के प्रवेश को लेकर पंजाब की सियासत गर्मा गई है। आम आदमी पार्टी (आप) ने दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए भाजपा को घेरा है।

    मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इंटरनेट मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा की। वहीं, आप के मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू ने श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार से मामले में हस्तक्षेप करने और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से जवाब मांगने की अपील की है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि इतिहास गवाह है कि गुरु का घर हमेशा जरूरतमंदों को शरण देता आया है। यदि प्रदर्शन करने वाले युवा गुरुद्वारा साहिब में पहुंचे थे, तो गुरुघर की परंपरा के अनुसार सेवादार उन्हें शरण देते। उन्होंने दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि पुलिस ने नंगे सिर और जूते पहनकर गुरुद्वारा साहिब में प्रवेश किया, जिससे गुरुघर की मर्यादा को ठेस पहुंची है। मान ने कहा कि सिख कौम इस कथित अपमानजनक कार्रवाई को कभी माफ नहीं करेगी।

    बलतेज पन्नू ने उठाए कार्रवाई पर सवाल
    आप के मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि गुरुद्वारा साहिब में किसी के भी आने और ठहरने पर सवाल नहीं होना चाहिए। यदि कुछ लोग वहां ठहरे हुए थे, तो कौन से अपराधी या आतंकवादी थे, जिन्हें बाहर निकालने के लिए पुलिस को इस तरह अंदर जाना पड़ा। उन्होंने कहा कि पुलिस की कार्रवाई के कारणों को सार्वजनिक किया जाना चाहिए। पन्नू ने सवाल उठाया कि कार्रवाई के दौरान कितने लोगों को गिरफ्तार किया गया या हिरासत में लिया गया। उन्होंने कहा कि गुरुद्वारा साहिब की मर्यादा का ध्यान रखना जरूरी है और पुलिस को किसी भी कार्रवाई के दौरान इसका सम्मान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि घटना से संबंधित अलग-अलग वीडियो सामने आ रहे हैं, इसलिए केंद्र सरकार को पूरे मामले पर स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।

    अमित शाह से जवाब मांगने की अपील
    बलतेज पन्नू ने श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार से विनम्र अपील की कि वे मामले में तत्काल हस्तक्षेप करें और केंद्र सरकार के साथ केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से बात करें। उन्होंने कहा कि सिख कौम की सर्वोच्च संस्था के जत्थेदार को यह जवाब मांगना चाहिए कि गुरुद्वारा बंगला साहिब में पुलिस को प्रवेश करने की जरूरत क्यों पड़ी और जूते पहनकर अंदर जाने की क्या वजह थी।

    अकाली दल की चुप्पी पर भी उठाए सवाल
    आप ने इस मामले में शिरोमणि अकाली दल की चुप्पी पर भी सवाल उठाए हैं। पार्टी का आरोप है कि भाजपा के साथ गठबंधन के कारण अकाली दल इस मुद्दे पर खुलकर नहीं बोल रहा है। आप ने मांग की कि गुरुद्वारा साहिब में पुलिस की कार्रवाई को लेकर केंद्र सरकार जवाब दे और यह स्पष्ट करे कि प्रदर्शनकारियों को हटाने के लिए ऐसी कार्रवाई क्यों करनी पड़ी।